सिरसा में 35 एकड़ जमीन के विवाद में युवा कांग्रेस नेता लवप्रीत सिंह की कुल्हाड़ी मारकर हत्या, पिता घायल हरियाणा के सिरसा में 35 एकड़ कृषि भूमि के बंटवारे को लेकर हुए खूनी संघर्ष में युवा कांग्रेस नेता लवप्रीत सिंह की हत्या कर दी गई, जबकि उनके पिता गंभीर रूप से घायल हो गए। हरियाणा के सिरसा जिले में पारिवारिक जमीन का झगड़ा बेहद हिंसक मोड़ पर पहुंच गया, जहां युवा कांग्रेस के हल्का इंचार्ज लवप्रीत सिंह की कुल्हाड़ी और लाठियों से हमला कर जान ले ली गई। इस हमले में उनके पिता नाजम सिंह भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वारदात के केंद्र में परिवार की 35 एकड़ जमीन का बंटवारा बताया जा रहा है, जिसको लेकर लंबे समय से खींचतान चल रही थी। पुलिस ने घटना का संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज कर लिया है और फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए तलाश तेज कर दी है। 35 एकड़ जमीन और दो परिवारों के बीच गहराता विवाद घटना सिरसा के कालांवाली गांव से जुड़ी है, जहां मंगलवार को यह हिंसक वारदात घटी। तीस वर्षीय लवप्रीत सिंह क्षेत्र में युवा कांग्रेस के हल्का इंचार्ज के तौर पर सक्रिय थे। उनके पिता नाजम सिंह के पास करीब 35 एकड़ कृषि भूमि है। पारिवारिक पृष्ठभूमि के अनुसार नाजम सिंह ने दो शादियां की थीं। उनकी पहली पत्नी और उनके बच्चे मुख्य परिवार से अलग रहते थे। इसी अलगाव और 35 एकड़ भूमि के बंटवारे को लेकर दोनों पक्षों के बीच लगातार टकराव की स्थिति बनी हुई थी। दोनों परिवारों के बीच इस मुद्दे को सुलझाने के लिए पूर्व में कई बार सामाजिक पंचायतें भी बुलाई गई थीं, लेकिन कोई स्थायी समाधान नहीं निकल सका था। मंगलवार सुबह खेतों में खूनी टकराव मंगलवार 3 नवंबर की सुबह नाजम सिंह अपने खेतों में काम कर रहे थे। उसी दौरान लवप्रीत सिंह और उनका सौतेला भाई गुरलाल सिंह भी खेतों में पहुंचे। वहां जमीन के मसले को लेकर तीनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपी पक्ष ने लाठी-डंडों से हमला बोल दिया। इसके बाद सौतेले भाई गुरलाल सिंह पर आरोप है कि उसने कुल्हाड़ी से लवप्रीत पर ताबड़तोड़ वार कर दिए। बीच-बचाव करने आए पिता नाजम सिंह पर भी जानलेवा हमला किया गया, जिससे वे लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़े। हमले में लवप्रीत की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद आरोपी फरार, पुलिस जांच में जुटी घटना को अंजाम देने के तुरंत बाद मुख्य आरोपी गुरलाल सिंह मौके से फरार हो गया। वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू की। घायल नाजम सिंह को तुरंत नजदीकी अस्पताल में दाखिल कराया गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक जांच में हत्या की मुख्य वजह 35 एकड़ पैतृक जमीन का आपसी विवाद ही सामने आई है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। इसका आप पर असर यह घटना ग्रामीण क्षेत्रों में लंबे समय से चलने वाले पारिवारिक भूमि विवादों की गंभीरता और सुरक्षा जोखिमों को रेखांकित करती है। • भारत में: पैतृक संपत्ति के अनसुलझे बंटवारे अक्सर गंभीर आपराधिक मामलों का रूप ले लेते हैं। ग्रामीण और अर्ध-शहरी परिवारों को संपत्ति विवादों के समय पर कानूनी समाधान पर जोर देना चाहिए ताकि ऐसे टकराव रोके जा सकें। • सिरसा और हरियाणा में: कालांवाली और आसपास के कृषि क्षेत्रों में कानून-व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ गई है। स्थानीय प्रशासन जमीन से जुड़ी पारिवारिक शिकायतों की पूर्व समीक्षा को प्राथमिकता दे सकता है। • किसानों और भूस्वामियों के लिए: भूमि विभाजन के मामले केवल मौखिक बातचीत या अनौपचारिक सहमति पर छोड़ने के बजाय औपचारिक राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज कराना आवश्यक है। इससे भविष्य के कानूनी विवादों और व्यक्तिगत रंजिशों से बचा जा सकता है। • स्थानीय नागरिकों के लिए: किसी भी पारिवारिक विवाद के हिंसक रूप लेने की आशंका पर तुरंत पुलिस को सूचना देनी चाहिए। समय पर कानूनी हस्तक्षेप से जानमाल के नुकसान से बचा जा सकता है। ऐसा क्यों हुआ यह हिंसक घटना परिवार में 35 एकड़ जमीन के स्वामित्व और बंटवारे को लेकर दो पक्षों के बीच लंबे समय से चल रही रंजिश का परिणाम थी। • पैतृक जमीन का अनसुलझा बंटवारा: नाजम सिंह के पास करीब 35 एकड़ कृषि भूमि थी, जिसके बंटवारे को लेकर दोनों शादियों से हुए बेटों के बीच सहमति नहीं बन पा रही थी। यह संपत्ति विवाद दोनों पक्षों के बीच लगातार तनाव पैदा कर रहा था। • अलग-अलग परिवारों का टकराव: नाजम सिंह की पहली पत्नी और उनके बच्चे अलग रहते थे, जिससे दोनों पक्षों में विश्वास की कमी और मतभेद गहराते चले गए। पूर्व में हुई पंचायत बैठकों के बावजूद दोनों परिवार किसी अंतिम समझौते पर नहीं पहुंचे थे। • खेतों में अचानक भड़का विवाद: मंगलवार 3 नवंबर की सुबह खेतों में तीनों की मौजूदगी के दौरान जमीन को लेकर बहस शुरू हो गई। यह बहस तेजी से लाठी-डंडों और कुल्हाड़ी से किए गए जानलेवा हमले में तब्दील हो गई। सवाल-जवाब 1. सिरसा में किसकी हत्या हुई है? सिरसा के कालांवाली में युवा कांग्रेस के हल्का इंचार्ज 30 वर्षीय लवप्रीत सिंह की हत्या हुई है। 2. वारदात में घायल व्यक्ति कौन हैं? हमले में लवप्रीत सिंह के पिता नाजम सिंह गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। 3. हत्या का मुख्य कारण क्या बताया जा रहा है? पारिवारिक संपत्ति के तहत 35 एकड़ कृषि भूमि के बंटवारे को लेकर दोनों पक्षों में विवाद चल रहा था। 4. हत्या का आरोप किस पर लगा है? लवप्रीत सिंह की हत्या का आरोप उनके सौतेले भाई गुरलाल सिंह पर लगा है, जो घटना के बाद से फरार है। 5. यह घटना कब और कहां हुई? यह वारदात मंगलवार 3 नवंबर की सुबह सिरसा के कालांवाली गांव में स्थित खेतों में हुई। 6. हमले में किन हथियारों का इस्तेमाल किया गया? आरोपी ने पहले लाठी-डंडों से वार किए और फिर कुल्हाड़ी से हमला कर हत्या कर दी। https://trendkia.com/haryana/sirsa-men-35-ekara-jamina-ke-vivada-men-yuva-congress-neta-lavpreet-singh-ki-kulhari-marakara-hatya-pita-ghayala-55701 TrendKia — Har trend, sabse pehle.