बलिया के बाजारों में छाया खास त्रिकोणीय फल, सेहत के लिए है वरदान उत्तर प्रदेश के बलिया में पानी वाला फल सिंघाड़ा बिकने लगा है। आयुर्वेदाचार्य के अनुसार यह दिल की सेहत, पाचन और वजन नियंत्रण में बेहद फायदेमंद है। उत्तर प्रदेश के बलिया जिले की स्थानीय मंडियों में इन दिनों एक खास और औषधीय गुणों से भरपूर फल बिकने के लिए आ गया है। इस अनोखे त्रिकोणीय फल में तीन कांटे होते हैं और इसके भीतर हृदय के आकार का गूदा निकलता है, जो सेहत के लिहाज से बहुत गुणकारी माना जाता है। इस फल को लोग या तो कच्चा खाते हैं या फिर उबालकर इसका सेवन करते हैं। पानी से भरपूर होने की वजह से यह कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं से राहत दिलाने में मददगार साबित होता है। आयुर्वेदिक डॉक्टर ने बताए फायदे बांसडीह रोड थाना क्षेत्र के मझौली इलाके में स्थित शांति आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल की आयुर्वेदाचार्य डॉ. स्नेहमयी मिश्रा ने इस फल के गुणों की जानकारी दी है। सरकारी सेवा से रिटायर होने के बाद वह बलिया में मरीजों का इलाज कर रही हैं। उनके मुताबिक, पानी में उगने वाले इस फल यानी वाटर चेस्टनट को डाइट में शामिल करने से शरीर को अनगिनत स्वास्थ्य लाभ मिलते हैं। पाचन और ब्लड प्रेशर में राहत इस फल में पानी की मात्रा बहुत अधिक होती है, जो शरीर में पानी की कमी और इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन को ठीक करती है। इसमें सोडियम की मात्रा कम और पोटैशियम प्रचुर मात्रा में होता है, जिससे ब्लड प्रेशर काबू में रहता है और दिल पर अतिरिक्त जोर नहीं पड़ता है। इसके साथ ही इसमें मौजूद फाइबर पाचन तंत्र को मजबूत करता है, कब्ज की शिकायत को दूर करता है और आंतों की सेहत को दुरुस्त रखता है। वजन और त्वचा के लिए फायदेमंद इस फल में लगभग 80 प्रतिशत पानी और बहुत कम कैलोरी पाई जाती है, जिसके सेवन से पेट भरा हुआ महसूस होता है और वजन पर काबू रखना आसान हो जाता है। इसमें विटामिन सी, एंटीऑक्सीडेंट्स और लोरिक एसिड जैसे तत्व मौजूद होते हैं, जो त्वचा की सुस्ती, झुर्रियों और बालों की कमजोरी को दूर करने में बहुत असरदार हैं। ऊर्जा और हड्डियों की मजबूती डॉ. स्नेहमयी मिश्रा का कहना है कि यह फल शरीर को तुरंत ताकत देता है, वीर्य की मात्रा बढ़ाता है और शरीर में हार्मोन्स का संतुलन बनाए रखता है। इसे खाने से ब्लड शुगर लेवल अचानक नहीं बढ़ता है। इसके अलावा इसमें मौजूद कैल्शियम और मैग्नीशियम हड्डियों के साथ-साथ दांतों को भी मजबूत बनाते हैं, जबकि आयोडीन और मैंगनीज थायराइड ग्रंथि को ठीक प्रकार से काम करने में मदद करते हैं। बलिया की बाजारों में आसानी से मिलने वाले इस फल को अपनी रोज की डाइट में जोड़कर लोग स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। इसका आप पर असर इस फल के सेवन से आम पाठकों को अपने खानपान और स्वास्थ्य में कई व्यावहारिक लाभ मिल सकते हैं। • पाचन में सुधार: इसमें मौजूद डाइटरी फाइबर पाचन क्रिया को बेहतर बनाता है और कब्ज से राहत दिलाता है। • रक्तचाप नियंत्रण: कम सोडियम और प्रचुर पोटेशियम होने से यह ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखने में सहायक है। • वजन प्रबंधन: पानी और कम कैलोरी की मात्रा पेट को लंबे समय तक भरा रखती है, जिससे वजन नियंत्रित रहता है। • त्वचा और बाल: इसमें मौजूद विटामिन सी और एंटीऑक्सीडेंट्स त्वचा की चमक और बालों की सेहत सुधारते हैं। • हड्डियों की मजबूती: कैल्शियम और मैग्नीशियम की मौजूदगी हड्डियों और दांतों को मजबूत बनाती है। ऐसा क्यों हुआ यह फल अपने विशेष औषधीय गुणों और प्राकृतिक तत्वों के कारण स्वास्थ्य के लिए लाभकारी माना जाता है। • पोषक तत्वों की प्रचुरता: इसमें पानी की मात्रा 80 प्रतिशत तक होती है और साथ ही पोटेशियम, विटामिन सी, और एंटीऑक्सीडेंट्स पाए जाते हैं। • कम कैलोरी और सोडियम: इसमें सोडियम और कैलोरी की कम मात्रा होने से यह हृदय और रक्तचाप के लिए अनुकूल बनता है। • आयुर्वेदिक गुण: पारंपरिक चिकित्सा पद्धति के अनुसार इसके सेवन से शरीर में ऊर्जा, हार्मोनल संतुलन और आंतरिक कार्यप्रणाली बेहतर होती है। सवाल-जवाब 1. सिंघाड़ा कहां आसानी से मिल रहा है? सिंघाड़ा इन दिनों बलिया के बाजारों में आसानी से दिखाई दे रहा है। 2. इस फल को खाने के क्या तरीके हैं? इस फल को या तो कच्चा खाया जाता है या फिर उबालकर सेवन किया जाता है। 3. डॉ. स्नेहमयी मिश्रा कहां अपनी सेवाएं दे रही हैं? डॉ. स्नेहमयी मिश्रा बलिया के बांसडीह रोड थाना क्षेत्र के मझौली स्थित शांति आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में सेवाएं दे रही हैं। 4. सिंघाड़े में पानी की मात्रा कितनी होती है? इस फल में लगभग 80 प्रतिशत तक पानी होता है और कैलोरी काफी कम पाई जाती है। 5. यह फल किन स्वास्थ्य समस्याओं में लाभ पहुंचाता है? यह हृदय स्वास्थ्य, रक्तचाप नियंत्रण, पाचन में सुधार, कब्ज और वजन को नियंत्रित रखने में बेहद लाभकारी है। https://trendkia.com/health/baliya-ke-bajaron-men-chhaya-khasa-trikoniya-phala-sehata-ke-lie-hai-varadana-52552 TrendKia — Har trend, sabse pehle.