ग्लोइंग स्किन पाने की चाहत में नुकसान पहुंचा सकती हैं ये चार आम गलतियां त्वचा को चमकदार बनाने के लिए जरूरत से ज्यादा प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल और गलत आदतें फायदे के बजाय नुकसान पहुंचा सकती हैं। जानिए डर्मेटोलॉजिस्ट के अनुसार किन चार आदतों से तुरंत दूरी बना लेनी चाहिए। बेदाग, स्वस्थ और चमकदार त्वचा हासिल करने की होड़ में अक्सर लोग महंगे कॉस्मेटिक्स, सीरम और क्रीमों की लंबी फेहरिस्त तैयार कर लेते हैं। हालांकि, स्किनकेयर का मतलब ढेर सारे प्रोडक्ट्स की परतें चढ़ाना नहीं होता। कई बार चेहरे को बेहतर बनाने के प्रयास में अपनाई गई कुछ गलत आदतें त्वचा के प्राकृतिक संतुलन को बिगाड़ देती हैं, जिससे फायदे के बजाय गंभीर नुकसान होने लगता है। त्वचा विशेषज्ञों का स्पष्ट मानना है कि स्किनकेयर को जितना सरल और जरूरत के मुताबिक रखा जाए, परिणाम उतने ही ज्यादा टिकाऊ और बेहतर मिलते हैं। कई तरह के प्रोडक्ट्स और एक्टिव इंग्रेडिएंट्स का जरूरत से ज्यादा लेयरिंग बाजार में आजकल तरह-तरह के टोनर, एसिड, फेस सीरम और एक्टिव इंग्रेडिएंट्स की भरमार है। विज्ञापनों में हर उत्पाद के अलग-अलग लाभ देखकर उपभोक्ता उन सभी को अपने दैनिक रूटीन में शामिल करने की जल्दबाजी कर बैठते हैं। जब कई तेज असरदार एक्टिव इंग्रेडिएंट्स एक साथ त्वचा पर लगाए जाते हैं, तो इससे स्किन बैरियर कमजोर पड़ सकता है। इसका नतीजा त्वचा में तेज जलन, लालिमा, रूखापन और अत्यधिक इरिटेशन के रूप में सामने आता है। विशेषज्ञों के अनुसार अपने रूटीन को न्यूनतम और प्रभावी रखना ही सबसे समझदारी भरा कदम है। सुबह के समय चेहरा साफ करने के लिए एक सामान्य क्लींजर, नमी बनाए रखने के लिए मॉइश्चराइजर और धूप से बचाव के लिए सनस्क्रीन ही पर्याप्त होते हैं। वहीं रात के समय क्लींजर के बाद अपनी त्वचा की खास जरूरत के मुताबिक कोई एक सीरम या ट्रीटमेंट लगाकर अंत में मॉइश्चराइजर लगाना सही तरीका है। सनस्क्रीन या मेकअप हटाए बिना रात में सीधे सो जाने की लापरवाही दिनभर की भागदौड़, प्रदूषण, पसीने और सीबम के संपर्क में रहने के बाद त्वचा की सतह पर अशुद्धियों की मोटी परत जम जाती है। इसके ऊपर अगर कॉस्मेटिक मेकअप या सनस्क्रीन मौजूद हो, तो स्थिति और गंभीर हो जाती है। बिना चेहरा धोए रातभर सोना त्वचा के स्वास्थ्य पर सीधा हमला करने जैसा है। त्वचा पर जमा मैल, तेल और कॉस्मेटिक्स रोमछिद्रों यानी पोर्स को पूरी तरह बंद कर देते हैं, जिससे मुंहासे, ब्रेकआउट्स और त्वचा संबंधी एलर्जी तेजी से उभरने लगती हैं। इसलिए रात को सोने से पहले चेहरे की गहरी सफाई अनिवार्य होनी चाहिए। अगर मेकअप लगाया गया है, तो सबसे पहले उसे सुरक्षित तरीके से रिमूव करें और उसके बाद ही अपनी स्किन टाइप के अनुरूप किसी माइल्ड क्लींजर से चेहरा साफ करके सोएं। मुंहासों और दानों को बार-बार छूना या जबरन फोड़ने की आदत चेहरे पर उभरे किसी भी नए पिंपल को देखते ही उसे दबाने या फोड़ देने की तीव्र इच्छा होना बहुत आम बात है, लेकिन यह आदत त्वचा को स्थायी तौर पर नुकसान पहुंचाती है। जब किसी दाने को हाथ से दबाया जाता है, तो अंदरूनी ऊतकों में सूजन फैल जाती है और आसपास की स्वस्थ कोशिकाओं को भी गंभीर आघात पहुंचता है। इससे त्वचा की सतह पर खुला घाव बन सकता है, जीवाणु संक्रमण का जोखिम कई गुना बढ़ जाता है और ठीक होने के बाद भी गहरे काले दाग-धब्बे छूट जाते हैं। पिंपल को छेड़ने के बजाय उसे अपने स्वाभाविक समय में ठीक होने का मौका देना चाहिए। समस्या गंभीर होने पर किसी त्वचा विशेषज्ञ से परामर्श करके उचित दवाओं या क्रीम का उपयोग करना ही सुरक्षित उपाय है। प्राकृतिक या क्लीन लिखे प्रोडक्ट्स को बिना जांचे पूरी तरह सुरक्षित समझना उपभोक्ताओं के बीच यह आम धारणा बन चुकी है कि जिस कॉस्मेटिक डिब्बे पर ‘नेचुरल’, ‘हर्बल’ या ‘क्लीन’ का लेबल लगा है, वह हर व्यक्ति की त्वचा के लिए पूरी तरह हानिरहित और असरदार होगा। सच यह है कि कोई भी दावा हर स्किन टाइप के लिए अनुकूल होने की पक्की गारंटी नहीं देता। प्राकृतिक जड़ी-बूटियों या पौधों से निकाले गए तत्व भी संवेदनशील त्वचा पर तीखी एलर्जी या रिएक्शन पैदा करने की पूरी क्षमता रखते हैं। केवल पैकेजिंग और आकर्षक मार्केटिंग विज्ञापनों पर भरोसा करके उत्पाद खरीदने से बचना चाहिए। अपनी त्वचा की वास्तविक स्थिति को पहचानें, किसी भी नए उत्पाद को आजमाने से पहले उसके सभी घटकों की सूची ध्यानपूर्वक पढ़ें और अगर त्वचा पर लगातार लालिमा, जलन या दानों की समस्या बनी रहे, तो खुद प्रयोग करने के बजाय योग्य डर्मेटोलॉजिस्ट की सलाह लें। इसका आप पर असर रोजमर्रा के स्किनकेयर में इन चार गलतियों को सुधारने से त्वचा पर होने वाले अनावश्यक खर्च और नुकसान से बचा जा सकता है। • आम उपभोक्ताओं के लिए: कई महंगे सीरम और एक्टिव प्रोडक्ट्स एक साथ खरीदने की जरूरत खत्म होगी, जिससे आपके मासिक बजट की बचत होगी। सुबह केवल क्लींजर, मॉइश्चराइजर और सनस्क्रीन का बुनियादी नियम अपनाने से त्वचा की प्राकृतिक सुरक्षा बनी रहेगी। • मेकअप और सनस्क्रीन उपयोगकर्ताओं के लिए: रात को सोने से पहले चेहरा साफ करने की आदत से बंद पोर्स और अचानक होने वाले पिंपल्स की समस्या से बचाव होगा। दिनभर की धूल और कॉस्मेटिक्स हटाने के लिए सौम्य क्लींजर का उपयोग रात में नियमित रूप से करना जरूरी है। • दाग-धब्बों से परेशान लोगों के लिए: पिंपल्स को फोड़ने की आदत छोड़ने से चेहरे पर पड़ने वाले जिद्दी काले निशानों और घाव के खतरे से तुरंत राहत मिलेगी। किसी भी दाने को बिना छुए प्राकृतिक रूप से ठीक होने देने से त्वचा पर स्थायी निशान नहीं पड़ते। • प्रोडक्ट्स खरीदारों के लिए: नेचुरल या हर्बल जैसे विज्ञापनों के झांसे में आकर आंख मूंदकर उत्पाद खरीदने की गलती से बचा जा सकता है। नया प्रोडक्ट लेने से पहले अपनी स्किन टाइप को समझकर इंग्रेडिएंट्स पढ़ने से एलर्जी और जलन का खतरा टल जाता है। ऐसा क्यों हुआ त्वचा को तेजी से निखारने की जल्दबाजी और सोशल मीडिया पर दिखने वाले विज्ञापनों के प्रभाव के चलते लोग गलत स्किनकेयर आदतें अपना लेते हैं। कई सक्रिय तत्वों का एक साथ इस्तेमाल और स्वच्छता से जुड़ी लापरवाही त्वचा के प्राकृतिक संतुलन को बिगाड़ देती है। • अति-उत्पाद उपयोग का दबाव: बाजार में कई प्रकार के एसिड और सीरम का प्रचार देखकर लोग बिना जरूरत के एक साथ कई प्रोडक्ट्स चेहरे पर लगाने लगते हैं। विभिन्न रासायनिक एक्टिव्स का एक साथ संपर्क त्वचा की बाहरी सुरक्षात्मक परत को कमजोर कर देता है। • स्वच्छता की अनदेखी: थकान या आलस्य के कारण रात को बिना चेहरा धोए सो जाने से धूल, पसीना और सनस्क्रीन रोमछिद्रों में बंद हो जाते हैं। यह स्थिति बैक्टीरिया के पनपने और त्वचा में सूजन पैदा करने के लिए अनुकूल माहौल तैयार कर देती है। • प्राकृतिक उत्पादों को लेकर गलतफहमी: विज्ञापनों में हर्बल या नेचुरल लेबल को पूरी तरह निरापद बताकर प्रचारित किया जाता है। उपभोक्ता यह मान बैठते हैं कि प्राकृतिक घटकों से कभी कोई साइड इफेक्ट या एलर्जी नहीं हो सकती, जो कि वैज्ञानिक रूप से गलत है। सवाल-जवाब 1. क्या ज्यादा स्किनकेयर प्रोडक्ट्स लगाने से त्वचा जल्दी साफ होती है? नहीं, कई प्रोडक्ट्स और एक्टिव इंग्रेडिएंट्स एक साथ लगाने से त्वचा में रूखापन, लालिमा और जलन बढ़ सकती है। साधारण और जरूरी रूटीन ही सबसे बेहतर होता है। 2. दिन का बुनियादी स्किनकेयर रूटीन कैसा होना चाहिए? सुबह के समय क्लींजर, मॉइश्चराइजर और सनस्क्रीन का इस्तेमाल करना पर्याप्त और सुरक्षित माना जाता है। 3. रात को बिना चेहरा धोए सोने से क्या नुकसान होता है? मेकअप, सनस्क्रीन और धूल-मिट्टी पोर्स को बंद कर देते हैं, जिससे चेहरे पर मुंहासे और इरिटेशन की समस्या बढ़ जाती है। 4. पिंपल को दबाकर फोड़ना क्यों गलत माना जाता है? पिंपल दबाने से सूजन फैलती है, घाव और संक्रमण का खतरा रहता है और ठीक होने के बाद काले निशान छूट सकते हैं। 5. क्या नेचुरल या हर्बल लिखे सभी प्रोडक्ट्स सुरक्षित होते हैं? नहीं, नेचुरल प्रोडक्ट्स भी कुछ लोगों में गंभीर एलर्जी पैदा कर सकते हैं, इसलिए केवल दावों के आधार पर प्रोडक्ट नहीं चुनना चाहिए। https://trendkia.com/health/gloinga-skina-pane-ki-chahata-men-nukasana-pahuncha-sakati-hain-ye-chara-ama-galatiyan-37294 TrendKia — Har trend, sabse pehle.