धौलपुर में खरीदारी की योजना बना रहे हैं? कपड़ों से किताबों तक चार बाजार बनते हैं पहली पसंद धौलपुर शहर के संतर रोड बाजार, लाल बाजार, चूड़ी बाजार और किताबों के बाजार में हर बजट का सामान मिलता है, यही वजह है कि शहर के साथ आसपास के गांवों से भी हजारों खरीदार यहां पहुंचते हैं। राजस्थान के धौलपुर शहर की पहचान सिर्फ इसके किलों और महलों से नहीं, बल्कि यहां के पुराने और भरोसेमंद बाजारों से भी बनती है। शहर के लोग तो यहां खरीदारी करते ही हैं, आसपास के गांवों से भी रोज हजारों लोग सामान खरीदने पहुंचते हैं। सबसे खास बात यह है कि जेब चाहे भारी हो या हल्की, हर बजट में सामान मिल जाता है। कपड़ों से लेकर साड़ियां, चूड़ियां और प्रतियोगी परीक्षाओं की किताबें तक, हर जरूरत के लिए धौलपुर में अलग बाजार बना हुआ है, और हर बाजार की अपनी अलग पहचान है। संतर रोड बाजार: रेडीमेड कपड़ों का सबसे बड़ा अड्डा संतर रोड बाजार को धौलपुर का सबसे मुख्य बाजार माना जाता है। यहां रेडीमेड कपड़ों की सबसे ज्यादा दुकानें हैं, जहां 100 रुपये की सस्ती शर्ट से लेकर हजारों रुपये तक के महंगे कपड़े मिल जाते हैं। पुरुषों, महिलाओं और बच्चों, तीनों के लिए यहां हर तरह का रेडीमेड कपड़ा उपलब्ध रहता है। बस स्टैंड बिल्कुल पास होने की वजह से यह बाजार हमेशा ग्राहकों से भरा रहता है। गांव से आने वाले लोग बस से उतरते ही सबसे पहले इसी बाजार का रुख करते हैं, इसलिए यहां भीड़ कभी कम नहीं होती। लाल बाजार: साड़ियों और दुल्हन के जोड़े की पहचान लाल बाजार धौलपुर का एक पुराना और ऐतिहासिक बाजार है, जो खासतौर पर महिलाओं की साड़ियों के लिए मशहूर है। यहां 200 रुपये की सादी साड़ी से लेकर हजारों रुपये तक की भारी साड़ियां मिल जाती हैं। शादी-ब्याह का सीजन आते ही इस बाजार की रौनक कई गुना बढ़ जाती है। दुल्हन के लहंगे, सूट और शादी में पहने जाने वाले बाकी कपड़ों की भी यहां अच्छी दुकानें मौजूद हैं। धौलपुर की सबसे बड़ी साड़ी की दुकान भी इसी बाजार में स्थित है, यही वजह है कि गांव-देहात की महिलाएं भी बड़ी तादाद में यहीं खरीदारी करने आती हैं। चूड़ी बाजार: 40 साल पुरानी परंपरा और श्रृंगार का सामान धौलपुर का चूड़ी बाजार करीब 40 साल पुराना है और शहर की पहचान का हिस्सा बन चुका है। यहां लाख, कांच, मेटल, पीतल और सीप, हर तरह की चूड़ियां मिलती हैं। कीमत की बात करें तो 20 रुपये की सस्ती चूड़ियों से लेकर करीब 2 हजार रुपये तक की चूड़ियां यहां उपलब्ध हैं। करवा चौथ जैसे त्योहारों के मौके पर इस बाजार में महिलाओं की भारी भीड़ उमड़ती है। चूड़ियों के अलावा महिलाओं के श्रृंगार से जुड़ा बाकी सामान भी यहीं मिल जाता है, इसलिए त्योहारी सीजन में यह बाजार पूरी तरह गुलजार रहता है। किताबों का बाजार: विद्यार्थियों की पहली पसंद महाराणा सीनियर सेकेंडरी स्कूल के पास बना किताबों का बाजार विद्यार्थियों के बीच खासा लोकप्रिय है। यहां यूपीएससी, आरएएस, एसएससी, रेलवे, पुलिस और शिक्षक भर्ती से लेकर फोर्थ ग्रेड तक की तमाम प्रतियोगी परीक्षाओं की किताबें आसानी से मिल जाती हैं। इसके अलावा छोटे बच्चों की स्कूली किताबें और स्टेशनरी का सामान भी यहीं उपलब्ध है। यही वजह है कि इस बाजार में छात्रों की भीड़ हर समय बनी रहती है, चाहे परीक्षा का मौसम हो या सामान्य दिन। इसका आप पर असर • भारत में: यह दिखाता है कि छोटे शहरों के पुराने बाजार भी हर बजट में जरूरत का सामान दे सकते हैं, इसलिए बड़े मॉल के बजाय स्थानीय बाजारों में भी सस्ती और अच्छी खरीदारी का विकल्प मौजूद रहता है। • धौलपुर में: शहर और आसपास के गांवों के लोगों को अब कपड़े, साड़ी, चूड़ी या प्रतियोगी परीक्षा की किताबें खरीदने के लिए यह पता रहेगा कि किस जरूरत के लिए कौन सा बाजार जाना बेहतर है। सवाल-जवाब 1. धौलपुर का सबसे मुख्य बाजार कौन सा है? संतर रोड बाजार को धौलपुर का सबसे मुख्य और प्रमुख बाजार माना जाता है, जहां रेडीमेड कपड़ों की सबसे ज्यादा दुकानें हैं। 2. संतर रोड बाजार में कपड़ों की कीमत क्या है? यहां 100 रुपये की सस्ती शर्ट से लेकर हजारों रुपये तक के महंगे रेडीमेड कपड़े मिल जाते हैं। 3. साड़ियों के लिए धौलपुर में कौन सा बाजार मशहूर है? लाल बाजार महिलाओं की साड़ियों के लिए मशहूर है, जहां 200 रुपये से लेकर हजारों रुपये तक की साड़ियां मिलती हैं। 4. धौलपुर का चूड़ी बाजार कितना पुराना है? धौलपुर का चूड़ी बाजार करीब 40 साल पुराना है। 5. चूड़ी बाजार में चूड़ियों की कीमत क्या है? यहां चूड़ियों की कीमत 20 रुपये से शुरू होकर करीब 2 हजार रुपये तक जाती है। 6. करवा चौथ पर कौन सा बाजार सबसे व्यस्त रहता है? करवा चौथ जैसे त्योहारों पर चूड़ी बाजार में महिलाओं की सबसे भारी भीड़ रहती है। 7. प्रतियोगी परीक्षाओं की किताबें कहां मिलती हैं? महाराणा सीनियर सेकेंडरी स्कूल के पास बने किताबों के बाजार में यूपीएससी, आरएएस, एसएससी, रेलवे, पुलिस, शिक्षक भर्ती और फोर्थ ग्रेड तक की किताबें मिलती हैं। 8. शादी के सीजन में सबसे ज्यादा रौनक किस बाजार में रहती है? शादी-ब्याह के सीजन में लाल बाजार में सबसे ज्यादा रौनक देखने को मिलती है, जहां दुल्हन के लहंगे और सूट भी मिलते हैं। https://trendkia.com/lifestyle/dholpur-men-kharidari-ki-yojana-bana-rahe-hain-kaparon-se-kitabon-taka-chara-bajara-banate-hain-pahali-pasnda-9282 TrendKia — Har trend, sabse pehle.