# घर की हवा साफ रखेंगे ये तीन पौधे, दिल्ली में जहरीली धुंध के बीच नर्सरी संचालक ने बताए नाम

> दिल्ली में वायु गुणवत्ता सूचकांक 200 के करीब पहुंचने और सर्दियों की आहट के बीच घरों को प्रदूषण मुक्त रखने के लिए तीन खास पौधे सबसे कारगर साबित हो रहे हैं।

**Type:** article · **Category:** जीवनशैली · **Published:** 2026-10-25 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/lifestyle/ghara-ki-hava-sapha-rakhenge-ye-tina-paudhe-delhi-men-jaharili-dhundha-ke-bicha-narsari-snchalaka-ne-batae-nama-51600 · **Language:** Hindi
**Tags:** इनडोर प्लांट्स, वायु प्रदूषण, दिल्ली वायु गुणवत्ता, अरालिया स्नो व्हाइट, स्नेक प्लांट, एरिका पाम, घर की देखभाल

सर्दियों के करीब आते ही राजधानी और आसपास के इलाकों में धुंध की चादर गहरी होने लगी है। सुबह और शाम के समय वायुमंडल में जमा होने वाला धुआं और धूल कण सांसों को भारी कर रहे हैं, जिससे लोग एक बार फिर सुरक्षा के लिए मास्क निकालने पर मजबूर हो गए हैं। इस समय दिल्ली का एयर क्वालिटी इंडेक्स लगभग 200 के स्तर पर पहुंच गया है, जो हर साल कड़ाके की ठंड पड़ने पर 300 से 400 तक के बेहद खतरनाक स्तर को छू जाता है। सड़कों पर निकलते वक्त तो मास्क चेहरे को कुछ हद तक बचा लेता है, लेकिन घर की चारदीवारी के भीतर दाखिल होने वाली जहरीली हवा से निपटने के लिए गमलों में लगे पौधे सबसे आसान और प्राकृतिक सहारा बन रहे हैं।

## हर पौधा नहीं करता हवा की सफाई
कमरे या बालकनी में रखे जाने वाले सभी पौधे एक जैसे नहीं होते और न ही हर पौधा विषैले तत्वों को छानने की क्षमता रखता है। छतरपुर स्थित दिल्ली की सबसे पुरानी नर्सरी के संचालक गया प्रसाद के अनुसार, लोग अक्सर बिना सोचे-समझे सजावटी पौधे खरीद लाते हैं, जबकि अधिकांश पौधे केवल देखने में अच्छे होते हैं। हवा से सूक्ष्म प्रदूषकों को हटाने में मुख्य रूप से तीन विशेष पौधे ही सबसे ज्यादा असरदार साबित होते हैं। जब भी शहर में प्रदूषण का स्तर बिगड़ता है, तब इन खास पौधों की मांग नर्सरियों में तेजी से बढ़ने लगती है।

## प्रदूषण से मुकाबले में अरालिया स्नो व्हाइट सबसे आगे
वायु शुद्धिकरण की सूची में सबसे पहला और सबसे मजबूत नाम अरालिया स्नो व्हाइट का है। यह पौधा आकार में काफी छोटा होता है, जिससे इसे किसी भी टेबल, खिड़की या कमरे के कोने में आसानी से सजाया जा सकता है। इसकी पत्तियां किनारों से सफेद रंग की होती हैं, जो न केवल देखने में बेहद आकर्षक लगती हैं बल्कि हवा में तैरने वाले बारीक प्रदूषक तत्वों और धूल के कणों को सोखने की विशेष क्षमता रखती हैं। घर की सुंदरता बढ़ाने के साथ-साथ यह पौधा हवा को साफ करने का दोहरा फायदा देता है। सर्दियों की शुरुआत के साथ ही इस पौधे की खरीदारी बढ़ जाती है और नर्सरी में इसकी शुरुआती कीमत 400 रुपए से तय होती है।

## सर्दियों में बढ़ जाती है स्नेक प्लांट और एरिका पाम की मांग
अरालिया के अलावा दो अन्य पौधे भी प्रदूषण से बचाव में दशकों से भरोसेमंद माने जाते रहे हैं, जिनमें स्नेक प्लांट और एरिका पाम शामिल हैं। सर्दियों के महीनों में घरों के अंदर शुद्ध हवा का प्रवाह बनाए रखने के लिए इन दोनों की बिक्री सबसे तेज गति से होती है। इस मौसम में भी नर्सरियों में लोग इनकी तलाश में पहुंच रहे हैं। इन पौधों की कीमत उनके आकार पर निर्भर करती है। छोटे आकार के गमले लगभग 250 रुपए में उपलब्ध हो जाते हैं, जबकि पूरी तरह विकसित और बड़े आकार के पौधे 800 रुपए तक की कीमत में बिकते हैं। इन्हें लिविंग रूम या बेडरूम में रखकर कमरे के वातावरण को काफी हद तक ताजा रखा जा सकता है।

## इनडोर पौधों की देखभाल में होने वाली गलतियां
अक्सर लोग नर्सरी से पौधा लाने के बाद कुछ ही दिनों में उसके सूखने या गलने की शिकायत करते हैं। गया प्रसाद बताते हैं कि पौधे खराब होने का मुख्य कारण सही देखभाल का अभाव है। कमरे के भीतर रखे जाने वाले पौधे पूरी तरह धूप से दूर रहते हैं, फिर भी कई लोग इनमें रोजाना पानी भर देते हैं। मिट्टी हर वक्त गीली रहने के कारण पौधों की जड़ें सड़ने लगती हैं और पत्तियां पीली पड़कर गिर जाती हैं। पौधों को लंबे समय तक हरा-भरा और जीवित रखने के लिए पानी देने के नियम का सख्ती से पालन करना चाहिए।

## पानी और खाद का सही संतुलन जरूरी
छाया में रहने वाले इनडोर पौधों को हफ्ते में केवल दो से तीन बार ही पानी की जरूरत होती है। पानी डालने से पहले गमले की मिट्टी को छूकर देखना चाहिए, ताकि यह पक्का हो सके कि मिट्टी वास्तव में सूखी है या नहीं। यदि मिट्टी पहले से गीली हो, तो बिल्कुल भी पानी न डालें। पौधों की मजबूती और पोषण के लिए रासायनिक तत्वों के बजाय प्राकृतिक खाद का इस्तेमाल करना सबसे सुरक्षित उपाय है। गमलों में नियमित अंतराल पर वर्मी कम्पोस्ट और अच्छी तरह सड़ी हुई गोबर की खाद डालने से पौधों को जरूरी पोषक तत्व मिलते हैं और वे पूरे साल स्वस्थ बने रहते हैं।

## इसका आप पर असर
बढ़ते प्रदूषण के बीच घर के भीतर शुद्ध हवा बनाए रखने के लिए सही पौधों का चयन स्वास्थ्य और जेब दोनों पर सीधा असर डालता है।

- **दिल्ली-एनसीआर में:** एक्यूआई 200 के पार जा चुका है और आने वाले दिनों में यह 300 से 400 तक पहुंच सकता है। बाहर निकलते समय एन95 मास्क पहनें और घर की खिड़कियां बंद रखकर शुद्ध हवा वाले पौधे लगाएं।
- **लागत और बजट:** प्रदूषण सोखने वाले पौधे 250 से 800 रुपए के सामान्य बजट में मिल जाते हैं। महंगे एयर प्यूरीफायर पर हजारों खर्च करने से पहले ये पौधे कम खर्च में प्राथमिक सुरक्षा देते हैं।
- **पौधों की देखभाल:** इनडोर पौधों में रोज पानी डालने से बचें और हफ्ते में सिर्फ 2 से 3 बार ही पानी दें। गमलों में गाय के गोबर की खाद या वर्मी कम्पोस्ट डालकर पौधों को सूखने से बचाया जा सकता है।
- **स्वास्थ्य पर असर:** अरालिया स्नो व्हाइट, स्नेक प्लांट और एरिका पाम कमरे की हवा से हानिकारक कणों को सोख लेते हैं। इससे घर के बुजुर्गों और बच्चों को सांस लेने में आसानी होती है।

## ऐसा क्यों हुआ
सर्दियों के मौसम में तापमान गिरने और हवा की गति धीमी होने से प्रदूषण के कण वातावरण के निचले स्तर में फंस जाते हैं, जिससे जहरीला स्मॉग बनने लगता है। घरों के भीतर भी बाहरी हवा के साथ धूल और सूक्ष्म कण जमा हो जाते हैं, जिन्हें छानने के लिए लोग प्राकृतिक उपायों की तरफ रुख कर रहे हैं।

- **सर्दियों का मौसमी असर:** ठंड के कारण हवा भारी हो जाती है और धूल तथा धुआं ऊपर नहीं उठ पाता। नतीजतन दिल्ली-एनसीआर में एक्यूआई 200 से बढ़कर 300 और 400 के खतरनाक स्तर तक पहुंच जाता है।
- **विशेष पौधों की बनावट:** सभी पौधों में विषैले कण सोखने की क्षमता नहीं होती, केवल चुनिंदा प्रजातियां ही इसे सोख पाती हैं। अरालिया स्नो व्हाइट की सफेद पत्तियां हवा से बारीक धूल को अलग करने में विशेष रूप से सक्षम हैं।
- **पानी की अधिकता से नुकसान:** बंद कमरों में धूप न मिलने से गमलों की मिट्टी देर से सूखती है। दैनिक रूप से पानी डालने के कारण पौधों की जड़ें गल जाती हैं, जिससे पौधे जल्दी नष्ट हो जाते हैं।

## सवाल-जवाब

### 1. प्रदूषण कम करने के लिए सबसे अच्छा इनडोर पौधा कौन सा है?
अरालिया स्नो व्हाइट को सबसे अच्छा माना जाता है, क्योंकि इसकी पत्तियां हवा से प्रदूषण के कणों को सोखने में बेहद असरदार होती हैं।

### 2. अरालिया स्नो व्हाइट की शुरुआती कीमत कितनी है?
नर्सरी में अरालिया स्नो व्हाइट की कीमत 400 रुपए से शुरू होती है।

### 3. स्नेक प्लांट और एरिका पाम की कीमतें क्या हैं?
इन पौधों के छोटे आकार की कीमत करीब 250 रुपए है, जबकि बड़े आकार के पौधे 800 रुपए तक मिलते हैं।

### 4. इनडोर पौधों को हफ्ते में कितनी बार पानी देना चाहिए?
इनडोर पौधों को हफ्ते में सिर्फ दो से तीन बार पानी देना चाहिए, वह भी मिट्टी की नमी जांचने के बाद।

### 5. पौधों को स्वस्थ रखने के लिए कौन सी खाद बेहतर है?
इन पौधों के लिए वर्मी कम्पोस्ट और अच्छी तरह सड़ी हुई गोबर की खाद सबसे सुरक्षित और असरदार मानी जाती है।

---
_TrendKia — Har trend, sabse pehle.. Machine-readable view; canonical HTML at the URL above._