रसोई के सिंक से उठने लगी है सड़ी गंध, बिना प्लंबर बुलाए घरेलू नुस्खे से नाली करें पूरी तरह साफ़ रसोई के सिंक में जमे खाने के अंश और चिकनाई से उठने वाली दुर्गंध को बेकिंग सोडा, सिरके और खौलते पानी की मदद से मिनटों में दूर किया जा सकता है। सुबह सवेरे रसोई में कदम रखते ही अगर नाबदान या सिंक से अजीब सी सड़ी हुई दुर्गंध आने लगे, तो पूरा माहौल खराब हो जाता है। घरों में यह परेशानी बेहद आम है और ज्यादातर लोग बदबू आते ही घबराकर तुरंत प्लंबर की तलाश करने लगते हैं। किसी पेशेवर कारीगर को बुलाने पर जेब पर भारी खर्च पड़ना तय होता है, जबकि असलियत यह है कि इस समस्या को हल करने के लिए किसी बाहरी व्यक्ति या महंगे रासायनिक उत्पादों पर निर्भर रहने की जरूरत नहीं होती। आपकी अपनी रसोई में मौजूद कुछ साधारण चीजों की मदद से इस दुर्गंध और जमाव से पूरी तरह छुटकारा पाया जा सकता है। सिंक के ड्रेन पाइप में दुर्गंध पैदा होने की मुख्य वजह रसोई की नाली में यह समस्या अचानक पैदा नहीं होती, बल्कि रोजमर्रा के बर्तनों की धुलाई के दौरान धीरे-धीरे तैयार होती है। जब हम जूठे बर्तन साफ करते हैं, तो भोजन के बारीक कण, इस्तेमाल किया हुआ तेल, चिकनाई और चाय की पत्ती जैसे अपशिष्ट पानी के साथ बहकर पाइप में चले जाते हैं। लगातार इस्तेमाल की वजह से यह तैलीय कचरा ड्रेन पाइप की अंदरूनी दीवारों पर मोटी परत बनकर चिपकता चला जाता है। कुछ दिनों बाद जब यह फंसा हुआ कचरा भीतर ही भीतर सड़ने लगता है, तो उससे बहुत तीखी और गंदी महक उठने लगती है। इसके अलावा कई मर्तबा नाली में पानी का सही बहाव न होने या ठहराव रहने के कारण वहां बैक्टीरिया और फंगस पनपने लगते हैं। यही सूक्ष्मजीव कचरे के सड़ने की प्रक्रिया को तेज करके दुर्गंध को कई गुना ज्यादा बढ़ा देते हैं। बेकिंग सोडा और सिरके से नाली साफ करने का आसान तरीका बाजार में मिलने वाले तीखे और महंगे ड्रेन क्लीनर रसायनों के बिना भी पाइप को पूरी तरह चमकाया जा सकता है। इसके लिए आपको सिर्फ दो मिनट की साधारण घरेलू प्रक्रिया अपनानी होगी • बेकिंग सोडा डालना: सबसे पहले सिंक के मुख्य छेद यानी नाली में आधा कप बेकिंग सोडा सीधे डाल दीजिए। • सफेद सिरका मिलाना: बेकिंग सोडा डालने के तुरंत बाद उसके ऊपर एक कप सफेद सिरका उंडेल दें। जैसे ही सिरका सोडे के संपर्क में आएगा, दोनों के बीच तीव्र रासायनिक प्रतिक्रिया होगी और ढेर सारा झाग बनने लगेगा। • मिश्रण को असर करने दें: इस झागदार घोल को ड्रेन पाइप के अंदर कम से कम 10 से 15 मिनट तक बिना छेड़े ऐसे ही रहने दें। यह प्रतिक्रिया पाइप की अंदरूनी सतह पर चिपकी जिद्दी चिकनाई और कचरे को काटकर ढीला कर देती है। • खौलते पानी से बहाव बनाना: तय समय बीत जाने के बाद एक बर्तन में पानी को तेज आंच पर अच्छी तरह उबाल लें। इस खौलते हुए गर्म पानी को धीरे-धीरे सीधे सिंक के नाले में डाल दें। उबलता पानी गिरते ही अंदर घुली हुई गंदगी, चिकनाई और बदबू फैलाने वाले सारे बैक्टीरिया बहकर बाहर निकल जाएंगे। भविष्य में नाली को जाम और बदबूदार होने से रोकने के उपाय सिंक को हमेशा ताजा और साफ रखने के लिए अपनी कुछ दैनिक आदतों में सुधार करना बेहद जरूरी है • चिकनाई को सीधे नाली में न बहाएं: कड़ाही, तवे या बर्तनों में बचा हुआ तेल और घी कभी भी सीधे सिंक में न डालें। जूठे बर्तनों को धोने से पहले उनमें लगी चिकनाई को किसी टिशू पेपर से अच्छी तरह पोंछकर कूड़ेदान में फेंकें। • नियमित अंतराल पर धुलाई: हफ्ते में कम से कम एक बार गर्म पानी के साथ डिशवॉश लिक्विड या थोड़ा सा बेकिंग सोडा डालकर नाले की सफाई करते रहें। ऐसा करने से पाइप के भीतर नया कचरा जमने का मौका ही नहीं मिलेगा। • जाली का निरंतर प्रयोग: सिंक के ड्रेन होल पर हमेशा अच्छी गुणवत्ता वाली स्टेनलेस स्टील या टिकाऊ प्लास्टिक की छलनी या जाली लगाकर रखें। यह जाली भोजन के बड़े टुकड़ों को पाइप में जाने से रोक देती है। इन आसान और किफायती कदमों का पालन करके आप बिना किसी अतिरिक्त खर्च के अपनी रसोई को हर समय दुर्गंधमुक्त और स्वच्छ रख सकते हैं। इसका आप पर असर इस आसान उपाय से रसोई की नाली से उठने वाली दुर्गंध मिनटों में दूर होती है और बेवजह प्लंबर बुलाने का खर्च बचता है। • घरेलू खर्च में बचत: प्लंबर की महंगी विज़िट फीस और केमिकल क्लीनर खरीदने का खर्चा पूरी तरह बच जाता है। घर में पहले से मौजूद आधा कप बेकिंग सोडा और एक कप सिरका ही इस समस्या को सुलझा देते हैं। • रसोई की स्वच्छता और स्वास्थ्य: नाली में सड़ रहे खाने के अवशेष और बैक्टीरिया तुरंत साफ हो जाते हैं। इससे रसोई का वातावरण तरोताजा रहता है और फंगस या कीटाणुओं के पनपने का खतरा खत्म होता है। • पाइप की लंबी उम्र: खौलता पानी और सौम्य घरेलू नुस्खे पाइप की दीवारों को नुकसान पहुंचाए बिना चिकनाई काटते हैं। तेज केमिकल एसिड न डालने से ड्रेन पाइप के गलने या लीक होने का जोखिम नहीं रहता। • दैनिक कामकाज में आसानी: बर्तनों की धुलाई के दौरान बदबू और धीमे पानी के बहाव से तुरंत राहत मिल जाती है। सप्ताह में केवल एक बार यह उपाय दोहराने से नाली कभी जाम नहीं होती। ऐसा क्यों हुआ रसोई के सिंक से बदबू आने का मुख्य कारण ड्रेन पाइप में भोजन के कणों का लगातार जमा होना और वहां बैक्टीरिया का पनपना है। समय रहते सफाई न होने पर यह कचरा सड़कर तीखी दुर्गंध पैदा करता है। • चिकनाई और अपशिष्ट का चिपकना: बर्तन धोते समय तेल, घी, खाने के बारीक टुकड़े और चाय की पत्ती नाली के भीतर चिपक जाते हैं। रोजमर्रा के इस्तेमाल से यह परत लगातार मोटी होती जाती है और सड़ने लगती है। • बैक्टीरिया और फंगस का फैलाव: नाली में पानी का बहाव धीमा होने या ठहराव बनने से सूक्ष्मजीव तेजी से पनपते हैं। यही बैक्टीरिया सड़ रहे भोजन के साथ मिलकर सड़ी हुई दुर्गंध को कई गुना तेज कर देते हैं। • रासायनिक प्रतिक्रिया से सफाई: बेकिंग सोडा और सफेद सिरके का संपर्क कार्बन डाइऑक्साइड गैस और झाग बनाता है। यह तीव्र झाग पाइप की दीवारों से चिपकी चिकनाई को ढीला कर देता है, जिसे खौलता पानी आसानी से बहा ले जाता है। सवाल-जवाब 1. सिंक के ड्रेन पाइप से सड़ी हुई बदबू क्यों आती है? बर्तन धोते समय नाली में जमा होने वाला भोजन का कचरा, तेल और चाय की पत्ती सड़ने लगते हैं, जिससे बैक्टीरिया पनपते हैं और दुर्गंध पैदा होती है। 2. नाली साफ करने के लिए कितनी मात्रा में बेकिंग सोडा और सिरका चाहिए? सिंक के ड्रेन में आधा कप बेकिंग सोडा और उसके तुरंत बाद एक कप सफेद सिरका डालना होता है। 3. सिरका और बेकिंग सोडा डालने के बाद कितनी देर इंतजार करना चाहिए? इस मिश्रण को पाइप के अंदर 10 से 15 मिनट के लिए छोड़ देना चाहिए ताकि झाग चिकनाई को काटकर ढीला कर दे। 4. सफाई की प्रक्रिया पूरी करने के लिए किस तरह का पानी डालना चाहिए? मिश्रण के असर करने के बाद एक बर्तन में अच्छी तरह खौलता हुआ उबलता पानी धीरे-धीरे सिंक के नाले में डालना चाहिए। 5. सिंक को भविष्य में जाम होने से कैसे बचाया जा सकता है? बर्तनों की चिकनाई को टिशू से पोंछकर फेंकें, नाली पर स्टेनलेस स्टील की जाली लगाएं और हफ्ते में एक बार गर्म पानी से सफाई करें। https://trendkia.com/lifestyle/rasoi-ke-sinka-se-uthane-lagi-hai-sari-gndha-bina-plumber-bulae-gharelu-nuskhe-se-nali-karen-puri-taraha-safa-34795 TrendKia — Har trend, sabse pehle.