भोपाल डबल मर्डर: बुजुर्ग दंपति की हत्या के पीछे की बड़ी साजिश, पुलिस खंगाल रही 2 लाख के कैश का रहस्य भोपाल के सुदामा नगर में बुजुर्ग दंपति की गोली मारकर हत्या के मामले में पुलिस को सीसीटीवी फुटेज से अहम सुराग मिले हैं। जांच अब इस दिशा में केंद्रित है कि मृतिका द्वारा बैंक से निकाले गए 2 लाख रुपये का क्या हुआ। भोपाल के ऐशबाग थाना इलाके के सुदामा नगर में सामने आए सनसनीखेज डबल मर्डर केस में जांच एजेंसियों के सामने अब कैश लेनदेन का नया एंगल निकलकर आया है। यह पूरी घटना 24 जून को उस समय प्रकाश में आई जब सुदामा नगर में रहने वाले हेमंत बारीक और उनकी पत्नी शकुंतला बारीक के घर से तेज दुर्गंध आने पर पड़ोसियों ने जांच की। अंदर जाने पर उन्हें बुजुर्ग दंपति के शव मिले, जिसके बाद पुलिस को फौरन सूचित किया गया। घटनास्थल से बरामद खाली कारतूसों ने इस वारदात को एक गंभीर हत्याकांड के रूप में तब्दील कर दिया, लेकिन घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस अभी तक असली दोषियों तक पहुंचने में संघर्ष कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से हुआ खुलासा जांच के दौरान जब पुलिस ने गहन पड़ताल की और पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई, तो हत्या की भयावहता का पता चला। रिपोर्ट के अनुसार, हेमंत और शकुंतला की गोली मारकर हत्या की गई थी। दंपति के सिर में गोलियां मारी गई थीं, जबकि शकुंतला के कमर के हिस्से में एक गोली धंसी हुई पाई गई। हेमंत रेलवे विभाग से सेवानिवृत्त थे और शकुंतला एक नर्स के पद से रिटायर हुई थीं। जिस मकान में वे रह रहे थे, उसकी अनुमानित कीमत बाजार में लगभग दो करोड़ रुपये बताई जा रही है, जो इस मामले में लूटपाट या संपत्ति विवाद के एंगल को और पुख्ता कर रही है। सीसीटीवी फुटेज और एआई की मदद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए मृतक के परिजनों और किरायेदारों से पूछताछ की। जांच के दौरान सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने पर पुलिस को दो संदिग्ध युवक दिखाई दिए, जिन्होंने रेनकोट पहन रखा था और वे घटनास्थल से निकलते हुए देखे गए। इस सुराग के बाद डीसीपी रश्मि अग्रवाल ने 12 सदस्यीय एसआईटी गठित की है। पुलिस ने इन संदिग्धों की पहचान करने के लिए उनकी फुटेज और फोटो जारी की हैं, ताकि उन्हें जल्द पकड़ा जा सके। इसके अलावा, हमलावरों की सटीक पहचान सुनिश्चित करने के लिए अत्याधुनिक एआई तकनीक का भी सहारा लिया जा रहा है। कैश के रहस्य पर टिकी जांच अब पुलिस की मुख्य तफ्तीश का केंद्र उस वित्तीय लेनदेन पर है जो हत्या के कारणों से जुड़ा हो सकता है। जानकारी के अनुसार, मृतिका शकुंतला ने हाल ही में बैंक से दो लाख रुपये की बड़ी रकम निकाली थी। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि यह पैसा आखिर उन्होंने किसे सौंपा था या कहां खर्च किया गया। इस उद्देश्य से पुलिस एटीएम केंद्रों और बैंक परिसर के सीसीटीवी कैमरों की लगातार निगरानी कर रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि पैसे निकालते समय शकुंतला के साथ वहां कौन मौजूद था। पुलिस को संदेह है कि इसी कैश लेनदेन की वजह से ही दंपति को अपनी जान गंवानी पड़ी हो। इसका आप पर असर भारत में: डिजिटल बैंकिंग और नकद लेनदेन करते समय वरिष्ठ नागरिकों को हमेशा किसी भरोसेमंद व्यक्ति के साथ रहना चाहिए। भोपाल में: सुदामा नगर और आसपास के निवासियों को अपने घर के बाहर सीसीटीवी की निगरानी बढ़ानी चाहिए और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देनी चाहिए। सवाल-जवाब 1. भोपाल डबल मर्डर केस में पुलिस को क्या सुराग मिला है? पुलिस को सीसीटीवी फुटेज में दो संदिग्ध युवक रेनकोट पहने हुए घटनास्थल से जाते हुए दिखाई दिए हैं। 2. मृतक दंपति कौन थे? हेमंत बारीक रेलवे से सेवानिवृत्त थे और उनकी पत्नी शकुंतला बारीक एक नर्स के पद से रिटायर हुई थीं। 3. पुलिस किस एंगल से जांच कर रही है? पुलिस मुख्य रूप से कैश लेनदेन के एंगल से जांच कर रही है क्योंकि मृतिका ने हाल ही में बैंक से 2 लाख रुपये निकाले थे। 4. मामले की जांच के लिए क्या कदम उठाए गए हैं? डीजीपी रश्मि अग्रवाल ने 12 सदस्यीय एसआईटी का गठन किया है और संदिग्धों की पहचान के लिए एआई तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। https://trendkia.com/madhya-pradesh/bhopala-dabala-mardara-bujurga-dnpati-ki-hatya-ke-pichhe-ki-bari-sajisha-pulisa-khngala-rahi-2-lakha-ke-kaisha-ka-rahasya-6352 TrendKia — Har trend, sabse pehle.