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  "type": "article",
  "title": "दुबई में बोले मोहन यादव, देश का प्रमुख ग्रोथ हब बना मध्य प्रदेश, AI से लेकर डिफेंस तक हर सेक्टर में अपार संभावनाएं",
  "summary": "मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दुबई यात्रा के दौरान उद्योगपतियों को संबोधित करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश देश के प्रमुख निवेश और ग्रोथ हब के रूप में उभर रहा है। राज्य में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा सेंटर, ड्रोन और डिफेंस जैसे क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर निवेश आकर्षित करने के लिए अनुकूल नीतियां और बुनियादी सुविधाएं तैयार की गई हैं।",
  "content": "भोपाल: मध्य प्रदेश अब देश के औद्योगिक मानचित्र पर एक उभरते हुए और सशक्त ग्रोथ हब के रूप में अपनी मजबूत पहचान स्थापित कर रहा है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दुबई यात्रा के पहले दिन मीडिया प्रतिनिधियों से बातचीत करते हुए कहा कि प्रदेश में निवेश और रोजगार के मामले में हर क्षेत्र में अपार संभावनाएं मौजूद हैं। राज्य सरकार का मुख्य उद्देश्य स्थानीय स्तर की क्षमताओं को पहचान कर उन्हें बड़े उद्योगों, निवेश और रोजगार के नए अवसरों में बदलना है। इस दिशा में फूड प्रोसेसिंग यूनिट, टेक्सटाइल, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI, डेटा सेक्टर, ड्रोन, डिफेंस और साइंस सिटी जैसे उभरते हुए क्षेत्रों को विशेष रूप से प्रोत्साहित किया जा रहा है, जिससे निवेशकों को हरसंभव अनुकूल वातावरण मिल सके।\n\n \n\nअधोसंरचना और नई नीतियों से मजबूत हुआ व्यापारिक माहौल\n प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के देश में व्यापार को सुगम बनाने के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाते हुए राज्य सरकार ने कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। सरकार ने पुराने और अनुपयोगी कानूनों को समाप्त कर दिया है और 25 से अधिक नई नीतियां लागू की हैं। इन सुधारों के कारण निवेशकों के लिए कारोबारी माहौल काफी अनुकूल हुआ है और बड़े उद्योगों की स्थापना में तेजी आई है। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार केवल नीतियां बनाने तक सीमित नहीं रही है, बल्कि निवेशकों को उनका जमीनी लाभ भी प्रभावी रूप से मिल रहा है।\n\n \n\nMSME सेक्टर से मिल रहा करोड़ों लोगों को रोजगार\n राज्य की अर्थव्यवस्था में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम यानी MSME सेक्टर की भूमिका बेहद अहम है। वर्तमान में इस क्षेत्र के जरिए प्रदेश के 1 करोड़ 10 लाख से अधिक लोग रोजगार से जुड़े हुए हैं। इसके साथ ही सरकार ने सरकारी सेवाओं में भी नई भर्तियां शुरू की हैं। बड़े पैमाने पर हो रहे उत्पादन के बल पर राज्य का निर्यात लगातार मजबूत हो रहा है। वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान मध्य प्रदेश से कुल 76 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निर्यात दर्ज किया गया है। सरकार की व्यापार हितैषी नीतियों का लाभ बड़े निवेशकों के साथ-साथ स्थानीय स्तर के छोटे उद्यमों को भी मिल रहा है।\n\n \n\nAI, डेटा और डिफेंस सेक्टर पर विशेष फोकस\n भविष्य की अर्थव्यवस्था की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए मध्य प्रदेश सरकार ने आधुनिक तकनीकों और क्षेत्रों पर खास ध्यान दिया है। रीवा, इंदौर और उज्जैन में तीन नए IT पार्क विकसित किए जा रहे हैं, जो तकनीकी उद्योगों, नए स्टार्टअप्स और युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खोलेंगे। इसके अलावा विज्ञान और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए साइंस सिटी का निर्माण भी किया जा रहा है, जो नई पीढ़ी के कौशल विकास में मददगार साबित होगी।\n\n \n\nपर्याप्त संसाधन और दुनिया की सबसे सस्ती बिजली\n उद्योगों की स्थापना के लिए जिन बुनियादी संसाधनों की सबसे ज्यादा जरूरत होती है, उनके मामले में मध्य प्रदेश की स्थिति बेहद मजबूत है। राज्य के पास पर्याप्त भूमि और लैंड बैंक उपलब्ध है। इसके अलावा प्रचुर मात्रा में जल संसाधन और सरप्लस बिजली का उत्पादन हो रहा है। ग्रीन एनर्जी के मामले में भी राज्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि इस समय मध्य प्रदेश में दुनिया की सबसे सस्ती बिजली का उत्पादन हो रहा है। सस्ती ऊर्जा, पर्याप्त पानी, बेहतरीन सड़क, रेल और हवाई कनेक्टिविटी का संयोजन प्रदेश को दूसरे राज्यों के मुकाबले अधिक प्रतिस्पर्धी बनाता है।\n\n \n\nजिला स्तर तक पहुंचाई जा रही हैं औद्योगिक गतिविधियां\n राज्य के अलग-अलग हिस्सों में आयोजित हो रही रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव को देश भर में सराहना मिली है। इस पहल के जरिए अब औद्योगिक विकास को केवल बड़े शहरों तक सीमित न रखकर जिला स्तर और स्थानीय क्षेत्रों तक विस्तारित किया जा रहा है। हर जिले के संसाधनों का आकलन कर वहां निवेश की नई संभावनाएं तलाशी जा रही हैं। इसके अलावा युवाओं को रोजगार के योग्य बनाने के लिए शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्रों को भी रोजगारोन्मुखी बनाया जा रहा है ताकि इस सेक्टर में भी निवेश के नए रास्ते खुल सकें।\n\n \n\nबेहतर एयर कनेक्टिविटी और चार नए एयरपोर्ट की योजना\n पर्यटन और उद्योग दोनों के विकास के लिए बेहतर परिवहन व्यवस्था जरूरी है। वर्तमान में भोपाल और इंदौर से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन सुचारू रूप से हो रहा है। इसके अलावा प्रदेश में चार नए एयरपोर्ट विकसित करने की भी पूरी तैयारी चल रही है। ग्वालियर और जबलपुर जैसे शहर भी एयर कनेक्टिविटी के मोर्चे पर पूरी तरह तैयार हैं और भविष्य में वहां से भी अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के शुरू होने की पूरी संभावना है। सड़क और रेलमार्ग के साथ हवाई सेवाओं के विस्तार से व्यापार को सीधा लाभ मिल रहा है।\n\n \n\nमहाकाल लोक के निर्माण से पर्यटन में रिकॉर्ड उछाल\n औद्योगिक क्षेत्र के साथ-साथ मध्य प्रदेश ने पर्यटन के मामले में भी देश में एक नया रिकॉर्ड कायम किया है। उज्जैन में महाकाल लोक के निर्माण के बाद से धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन में अभूतपूर्व वृद्धि दर्ज की गई है। इस साल राज्य में करीब 14 करोड़ बाहरी पर्यटक पहुंचे हैं। पर्यटन के इस भारी विस्तार से होटल, परिवहन, स्थानीय हस्तशिल्प, खान-पान और सेवा क्षेत्र में रोजगार के अनगिनत नए अवसर पैदा हुए हैं। अंत में मुख्यमंत्री ने दोहराया कि राज्य सरकार का लक्ष्य प्रदेश की हर क्षमता को निवेश में, निवेश को उत्पादन में और उत्पादन को रोजगार में तब्दील करना है।\n\nइसका आप पर असर\nमध्य प्रदेश में औद्योगिक विस्तार और निवेश के नए अवसरों से राज्य के युवाओं और स्थानीय कारोबारियों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।\n\n• भारत में: देश के अन्य राज्यों के निवेशकों और उद्योगों के लिए मध्य प्रदेश एक मजबूत और किफायती विकल्प के रूप में उभर रहा है, जिससे राष्ट्रीय स्तर पर औद्योगिक प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।\n\n• मध्य प्रदेश में: रीवा, इंदौर, उज्जैन और भोपाल जैसे शहरों में नए IT पार्क, एयरपोर्ट और औद्योगिक इकाइयों के विस्तार से स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए द्वार खुलेंगे और बुनियादी ढांचे में सुधार होगा।\n\n• एमएसएमई सेक्टर: छोटे और मध्यम उद्योगों के लिए नई नीतियों के लागू होने से कारोबार चलाना आसान होगा और निर्यात तथा उत्पादन को बढ़ावा मिलेगा।\n\n• पर्यटन क्षेत्र: महाकाल लोक और अन्य धार्मिक स्थलों पर पर्यटकों की बढ़ती संख्या से होटल, परिवहन और स्थानीय हस्तशिल्प कारोबार को बड़ा वित्तीय लाभ मिलेगा।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. मध्य प्रदेश में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने निवेश को बढ़ावा देने के लिए किन नए क्षेत्रों पर जोर दिया है?\nमुख्यमंत्री ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा सेक्टर, ड्रोन, डिफेंस, फूड प्रोसेसिंग और टेक्सटाइल जैसे क्षेत्रों पर विशेष जोर दिया है।\n\n2. मध्य प्रदेश से किस वित्त वर्ष में 76 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निर्यात हुआ है?\nवित्त वर्ष 2026-27 के दौरान मध्य प्रदेश से 76 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निर्यात दर्ज किया गया है।\n\n3. राज्य में नए IT पार्क किन शहरों में विकसित किए जा रहे हैं?\nरीवा, इंदौर और उज्जैन में तीन नए IT पार्क विकसित किए जा रहे हैं।\n\n4. वर्तमान में मध्य प्रदेश के किन शहरों से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन हो रहा है?\nफिलहाल भोपाल और इंदौर से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का संचालन हो रहा है।\n\n5. MSME सेक्टर के जरिए मध्य प्रदेश में कितने लोग कार्यरत हैं?\nप्रदेश में 1 करोड़ 10 लाख से अधिक लोग MSME क्षेत्र में कार्यरत हैं।\n\n6. उज्जैन में किस प्रमुख परियोजना के बाद पर्यटकों की संख्या में भारी वृद्धि हुई है?\nमहाकाल लोक के निर्माण के बाद उज्जैन में पर्यटकों की संख्या में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है।\n\n7. इस वर्ष मध्य प्रदेश में लगभग कितने बाहरी पर्यटक आए हैं?\nइस वर्ष मध्य प्रदेश में करीब 14 करोड़ बाहरी पर्यटकों का आगमन हुआ है।",
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  "publishedAt": "2026-09-07",
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