# जबलपुर से भोपाल तक बनेगा 225 किमी लंबा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे, सफर में लगेंगे महज 2 घंटे

> एनएचएआई करीब 15,000 करोड़ रुपये की लागत से जबलपुर-भोपाल ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निर्माण करने जा रहा है, जिससे 6 से 7 घंटे का सफर घटकर मात्र 2 से ढाई घंटे रह जाएगा।

**Type:** article · **Category:** मध्य प्रदेश · **Published:** 2026-10-07 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/madhya-pradesh/jabalpur-se-bhopal-taka-banega-225-kimi-lnba-grinaphilda-eksapresave-saphara-men-lagenge-mahaja-2-ghnte-44234 · **Language:** Hindi
**Tags:** जबलपुर भोपाल एक्सप्रेसवे, ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे, एनएचएआई, नितिन गडकरी, मध्य प्रदेश सड़क परियोजना, सड़क परिवहन

मध्य प्रदेश में सड़क संपर्क को रफ्तार देने के लिए एक बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट पर काम शुरू होने जा रहा है। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने राज्य के दो प्रमुख शहरों जबलपुर और भोपाल के बीच एक नया ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे विकसित करने की योजना तैयार कर ली है। लगभग 15,000 करोड़ रुपये के अनुमानित बजट से तैयार होने वाला यह आधुनिक गलियारा कुल 225 किलोमीटर लंबा होगा। इस मार्ग के तैयार होने के बाद यात्री इस फासले को महज 2 घंटे में आसानी से पूरा कर सकेंगे।

## सड़क परिवहन मंत्रालय से हरी झंडी
केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने मध्य प्रदेश सरकार तथा एनएचएआई के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ हुई अहम बैठक में इस परियोजना को मंजूरी प्रदान कर दी है। दोनों शहरों के बीच तेज रफ्तार कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के मकसद से इस ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे की रूपरेखा तैयार की गई है। इसके अस्तित्व में आने से मध्य प्रदेश के इन दोनों महत्वपूर्ण केंद्रों के बीच आवागमन का समय घटकर केवल 2 से ढाई घंटे ही रह जाएगा।

## मौजूदा रूट के मुकाबले घटेगी 70 किलोमीटर की दूरी
फिलहाल जबलपुर से भोपाल के बीच जो हाईवे चालू है, उसकी कुल लंबाई लगभग 300 किलोमीटर बैठती है। इस मौजूदा मार्ग पर भारी यातायात और विभिन्न रुकावटों के चलते सफर पूरा करने में 6 से 7 घंटे का लंबा वक्त खर्च हो जाता है। नया एक्सप्रेसवे बनने से दोनों शहरों के बीच का फासला सीधे 70 किलोमीटर घट जाएगा। दूरी में इस सीधी कटौती और नियंत्रित रफ्तार के कारण यात्रा का समय आधे से भी ज्यादा घट जाएगा।

## जाम से मुक्ति और कस्बों को सीधा लाभ
पुराने राष्ट्रीय राजमार्ग पर चलने वाले वाहन चालकों को अक्सर जाम और लंबे घुमावदार रास्तों की दिक्कतों से जूझना पड़ता है। नया ग्रीनफील्ड गलियारा न केवल इन जाम के झंझटों से छुटकारा दिलाएगा, बल्कि राज्य के कई छोटे कस्बों को भी सीधे प्रांतीय राजधानी भोपाल के मुख्य नेटवर्क से जोड़ेगा। इससे क्षेत्रीय व्यापारिक गतिविधियों को रफ्तार मिलेगी और स्थानीय स्तर पर सुगम परिवहन व्यवस्था कायम हो सकेगी।

## इसका आप पर असर
जबलपुर और भोपाल के बीच यात्रा का समय 6 से 7 घंटे से घटकर मात्र 2 से ढाई घंटे रह जाएगा।

- **भारत में:** राष्ट्रीय स्तर पर लॉजिस्टिक्स नेटवर्क में सुधार होगा और माल ढुलाई की लागत घटेगी। अंतरराज्यीय व्यापारिक आपूर्ति श्रृंखला पहले से अधिक तेज और भरोसेमंद बनेगी।
- **मध्य प्रदेश में:** जबलपुर, भोपाल और आसपास के कस्बों के बीच दैनिक आवागमन बेहद सुगम और तेज हो जाएगा। यात्रियों को जाम के झंझट से मुक्ति मिलेगी और राज्य में व्यापार को गति मिलेगी।
- **वाहन चालकों के लिए:** 70 किलोमीटर की सीधी दूरी घटने से वाहनों के ईंधन खर्च में भारी बचत होगी। बेहतर सड़क ढांचा होने की वजह से गाड़ियों की टूट-फूट और रखरखाव खर्च भी कम होगा।
- **छोटे कस्बों के निवासियों के लिए:** राजधानी भोपाल तक सीधी और तेज पहुंच होने से उच्च शिक्षा और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाना आसान होगा। क्षेत्रीय व्यापारिक गतिविधियों को भी नया बाजार उपलब्ध होगा।

## ऐसा क्यों हुआ
जबलपुर और भोपाल के बीच मौजूदा सड़क संपर्क धीमा और व्यस्त है, जिससे दोनों प्रमुख केंद्रों के बीच आवागमन में भारी समय लगता है।

- **मौजूदा दूरी और ट्रैफिक दबाव:** वर्तमान हाईवे 300 किलोमीटर लंबा है और इस पर यात्रा करने में 6 से 7 घंटे लग जाते हैं। भारी यातायात और रुकावटों के कारण यह सफर बेहद थकाऊ और लंबा साबित हो रहा था।
- **दूरी घटाने की आवश्यकता:** नया ग्रीनफील्ड मार्ग दोनों शहरों के बीच की कुल दूरी को 70 किलोमीटर तक घटाने के लिए तैयार किया गया है। सीधी सड़क बनने से यात्रा का समय घटकर मात्र 2 से ढाई घंटे रह जाएगा।
- **आधिकारिक सहमति और योजना:** एनएचएआई और राज्य सरकार के साथ समीक्षा बैठक के बाद केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने इस परियोजना को मंजूरी दी। इसी उच्च स्तरीय निर्णय के आधार पर 15,000 करोड़ रुपये के बजट का खाका तैयार हुआ।
- **क्षेत्रीय विस्तार का लक्ष्य:** वर्तमान नेटवर्क केवल मुख्य शहरों को जोड़ता है, जबकि नई योजना में रास्ते के छोटे कस्बों को राजधानी से जोड़ने का उद्देश्य भी शामिल है। इससे पूरे क्षेत्र के इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा मिलेगा।

## सवाल-जवाब

### 1. जबलपुर-भोपाल ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे की कुल लंबाई कितनी होगी?
इस नए ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे की कुल लंबाई 225 किलोमीटर होगी।

### 2. इस एक्सप्रेसवे के निर्माण पर कितनी लागत आने का अनुमान है?
नया एक्सप्रेसवे करीब 15,000 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से तैयार किया जाएगा।

### 3. एक्सप्रेसवे बनने के बाद दोनों शहरों के बीच यात्रा में कितना समय लगेगा?
एक्सप्रेसवे चालू होने के बाद जबलपुर से भोपाल का सफर मात्र 2 से ढाई घंटे में पूरा हो जाएगा।

### 4. मौजूदा हाईवे पर जबलपुर से भोपाल जाने में कितना समय लगता है?
मौजूदा हाईवे लगभग 300 किलोमीटर लंबा है, जिस पर सफर तय करने में अभी करीब 6 से 7 घंटे लग जाते हैं।

### 5. नए एक्सप्रेसवे से दोनों शहरों के बीच दूरी में कितनी कमी आएगी?
नए एक्सप्रेसवे के बनने से जबलपुर और भोपाल के बीच की दूरी लगभग 70 किलोमीटर घट जाएगी।

### 6. इस परियोजना को किस केंद्रीय मंत्री ने मंजूरी दी है?
केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने एनएचएआई और राज्य सरकार की बैठक के बाद इस परियोजना को मंजूरी दी है।

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