# शरद पवार ने देवेंद्र फडणवीस को भेजा पत्र, सूखा प्रभावितों के लिए रखीं सत्रह अहम मांगें

> राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के अध्यक्ष शरद पवार ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को खत लिखकर सूखा पीड़ित किसानों और मजदूरों के लिए प्रति हेक्टेयर एक लाख रुपये के मुआवजे समेत सत्रह मांगें उठाई हैं।

**Type:** article · **Category:** महाराष्ट्र · **Published:** 2026-09-27 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/maharashtra/sharad-pawar-writes-to-devendra-fadnavis-outlines-seventeen-demands-for-drought-hit-farmers-39558 · **Language:** Hindi
**Tags:** शरद पवार, देवेंद्र फडणवीस, महाराष्ट्र सूखा, किसान मुआवजा, एनसीपी, कृषि कर्ज माफी

महाराष्ट्र में सूखे के हालात के बीच राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) के प्रमुख शरद पवार ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को एक विस्तृत पत्र सौंपा है। इस पत्र के माध्यम से उन्होंने राज्य के ग्रामीण इलाकों में संकट का सामना कर रहे किसानों, खेतिहर मजदूरों और आम नागरिकों के लिए तत्काल सहायता पैकेज की मांग की है। शरद पवार ने सरकार के सामने कुल सत्रह सूत्रीय मांगें रखी हैं, जिनमें किसानों के कृषि कर्ज पर पूरी तरह रोक लगाने, जमीन का राजस्व माफ करने और कृषि बिजली बिलों से राहत देने जैसे गंभीर मुद्दे शामिल हैं।

 

## मुआवजे और वित्तीय सहायता की प्रमुख मांगें

पत्र में प्रमुख रूप से मांग की गई है कि प्रत्येक प्रभावित परिवार को पच्चीस किलो मुफ्त अनाज उपलब्ध कराया जाए और किसानों को प्रति हेक्टेयर एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाए। इसके साथ ही खेत मजदूरों के लिए पच्चीस हजार रुपये की सहायता राशि तय करने की बात कही गई है। पीने के पानी की किल्लत से निपटने के लिए पशुओं और इंसानों दोनों के वास्ते तुरंत पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करने, रोजगार गारंटी योजना के तहत काम शुरू करने तथा जल संरक्षण कार्यों के लिए विशेष निधि आवंटित करने का आग्रह किया गया है.

 

## छात्रों की फीस माफी और विशेष विधानसभा सत्र

ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों की शिक्षा को सुचारू रखने के लिए उनकी शैक्षणिक फीस, छात्रावास शुल्क और मेस का खर्च माफ करने का अनुरोध किया गया है। इसके अलावा फलदार बागों और अन्य फसलों को हुए नुकसान का उचित आंकलन कर मुआवजा देने की बात भी पत्र में जोर देकर कही गई है। मौजूदा विकट परिस्थितियों पर विस्तार से चर्चा करने के लिए विधानमंडल का तीन दिवसीय विशेष अधिवेशन बुलाए जाने और आगामी त्योहारों यानी दशहरा तथा दिवाली से पहले राहत राशि का वितरण सुनिश्चित करने की मांग भी रखी गई है.

 

## पार्टी नेताओं का वेतन दान और आगामी दौरा

इस बीच, शरद पवार के आवास पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के वरिष्ठ नेताओं और जनप्रतिनिधियों की एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि पार्टी के सभी विधायक और सांसद अपना एक महीने का पूरा वेतन सूखा प्रभावित किसानों की मदद के लिए दान करेंगे। इसके अलावा, पचासी वर्ष की उम्र में शरद पवार स्वयं अट्ठाइस सितंबर से महाराष्ट्र के विभिन्न सूखाग्रस्त जिलों का दौरा करेंगे और किसानों से मिलकर उनकी समस्याओं का जमीनी जायजा लेंगे। इससे पहले राज्य सरकार द्वारा दो सौ पैंसठ तालुकों में सूखा घोषित किया जा चुका है और कुल राज्य का पचहत्तर प्रतिशत हिस्सा इसकी चपेट में है।

## इसका आप पर असर
महाराष्ट्र के सूखा प्रभावित क्षेत्रों में जीवनयापन और आजीविका पर सीधा असर पड़ने की आशंका है।

  - **भारत में:** कृषि संकट और फसल बर्बादी के कारण देश भर में अनाज की आपूर्ति और खुदरा बाजार में कीमतों पर दबाव बढ़ सकता है। ग्रामीण अर्थव्यवस्था की सुस्ती का असर राष्ट्रीय स्तर पर मांग पर भी पड़ेगा।

  - **महाराष्ट्र में:** दो सौ पैंसठ तालुकों के किसानों और ग्रामीणों को तत्काल वित्तीय राहत, बिजली बिल माफी और मुफ्त अनाज मिलने की उम्मीद है। हालांकि प्रशासनिक अमले की देरी से स्थानीय स्तर पर मुश्किलें बनी हुई हैं।

## ऐसा क्यों हुआ
महाराष्ट्र में मानसून के दौरान असमान बारिश और गंभीर जल संकट के चलते बड़े पैमाने पर फसलें बर्बाद हुई हैं।

  - **कमजोर मानसूनी बारिश:** राज्य के कई जिलों में पर्याप्त वर्षा न होने के कारण जल स्तर अत्यधिक नीचे चला गया, जिससे खरीफ की फसलें सूख गईं।

  - **प्रशासनिक सूखा घोषणा:** राज्य सरकार द्वारा पचहत्तर प्रतिशत हिस्से को सूखाग्रस्त घोषित करने के बाद से ही राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर राहत पैकेज की मांग तेज हो गई थी।

  - **ग्रामीण कर्ज का बोझ:** पहले से कर्ज तले दबे किसानों के सामने आजीविका का संकट खड़ा होने के कारण राजनीतिक दलों ने कड़े कदम उठाने का दबाव बनाया है।

## सवाल-जवाब

### 1. शरद पवार ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री को पत्र क्यों लिखा है?
शरद पवार ने सूखा प्रभावित किसानों, खेत मजदूरों और ग्रामीण नागरिकों के लिए तत्काल राहत की मांग को लेकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र लिखा है।

### 2. पत्र में किसानों के लिए कितनी आर्थिक सहायता की मांग की गई है?
पत्र में किसानों के लिए प्रति हेक्टेयर एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की मांग रखी गई है।

### 3. पार्टी नेताओं ने सूखा पीड़ितों की मदद के लिए क्या फैसला लिया है?
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) के सभी विधायकों और सांसदों ने अपना एक महीने का वेतन सूखा प्रभावित किसानों को देने का निर्णय लिया है।

### 4. शरद पवार सूखाग्रस्त इलाकों का दौरा कब शुरू करेंगे?
शरद पवार अट्ठाइस सितंबर से महाराष्ट्र के सूखाग्रस्त इलाकों का दौरा करेंगे और स्थिति का जायजा लेंगे।

### 5. राज्य में कितने तालुकों को सूखा घोषित किया गया है?
महाराष्ट्र सरकार ने दो सौ पैंसठ तालुकों में सूखा घोषित किया है, जिससे राज्य का पचहत्तर प्रतिशत हिस्सा प्रभावित हुआ है।

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