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  "type": "article",
  "title": "इंफाल में जबरन वसूली के आरोप में मणिपुर राइफल्स के हवलदार समेत तीन लोग गिरफ्तार",
  "summary": "मणिपुर पुलिस और सुरक्षा बलों ने एक संयुक्त अभियान में रंगदारी के आरोप में एक सेवारत हवलदार और दो अन्य लोगों को गिरफ्तार कर उनके पास से सर्विस रिवॉल्वर और कारतूस बरामद किए हैं।",
  "content": "मणिपुर में सुरक्षा बलों ने सिंगजामेई वांग्मा इलाके में सक्रिय एक अवैध रंगदारी गिरोह के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 17 सितंबर 2026 को चलाए गए इस अभियान के तहत एक सेवारत सुरक्षाकर्मी समेत तीन लोगों को उनके संबंधित आवासों से गिरफ्तार किया गया है।\n\n \n\nखुफिया इनपुट पर हुई छापेमारी\n\nयह कार्रवाई मणिपुर पुलिस की एंटी-एक्सटॉर्शन यूनिट और इंफाल वेस्ट जिला कमांडो यूनिट (CDO) द्वारा संयुक्त रूप से की गई। इलाके में जबरन वसूली और रंगदारी की गतिविधियों के बारे में पुख्ता खुफिया जानकारी मिलने के बाद सुरक्षा बलों ने संदिग्धों के घरों पर लक्षित छापेमारी की। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान हथियार, गोला-बारूद और अन्य संदिग्ध सामान बरामद किए हैं।\n\n \n \n\nगिरफ्तार आरोपियों की पहचान\n\nपकड़े गए आरोपियों में 44 वर्षीय वाइखोम अमरजीत सिंह शामिल है, जो 1st मणिपुर राइफल्स में हवलदार के पद पर तैनात है। तलाशी के दौरान उसके पास से विभाग द्वारा जारी की गई एक 9 mm सर्विस पिस्टल, एक मैगजीन और चार जिंदा कारतूस बरामद किए गए।\n\nअन्य दो गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 40 वर्षीय ओकराम प्रियोकुमार सिंह (प्रियो) और 34 वर्षीय थोंगराम सुनसोन सिंह के रूप में हुई है। ये दोनों आरोपी इंफाल वेस्ट जिले के सिंगजामेई वाइखोम लैकाई के रहने वाले हैं।\n\n \n\nमामला दर्ज कर जांच शुरू\n\nपुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, तीनों आरोपियों को जब्त किए गए हथियारों के साथ स्थानीय पुलिस थाने के हवाले कर दिया गया है। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। मणिपुर पुलिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस कार्रवाई की पुष्टि की है।\n\n \n\nदूसरे अभियान में हथियारों का जखीरा बरामद\n\nइसके अलावा, एक अन्य सुरक्षा अभियान में भी सुरक्षा बलों को सफलता हाथ लगी है। 16 सितंबर को हेइरोक थाना पुलिस और बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स (BSF) की 10वीं बटालियन के जवानों ने थौबल जिले के हेइरोक पार्ट-3 उयोक चिंग ममांग इलाके से हथियारों और गोला-बारूद का एक बड़ा जखीरा बरामद किया।\n\nसुरक्षा बलों को इस तलाशी अभियान के दौरान एक डबल-बैरल ब्रीच-लोडिंग (DBBL) बंदूक, एक स्थानीय स्तर पर बनी राइफल (मैगजीन के साथ) और 5.56 mm के 20 जिंदा कारतूस मिले हैं।\n\nइसका आप पर असर\nजबरन वसूली करने वाले तत्वों के खिलाफ इस कड़ी कार्रवाई से, विशेषकर जिसमें सुरक्षाकर्मी भी शामिल हैं, पूर्वोत्तर भारत के निवासियों के लिए सार्वजनिक सुरक्षा और कानून का शासन मजबूत होगा।\n\n• सुरक्षा में सुधार: हथियारबंद रंगदारी वसूलने वालों की गिरफ्तारी से इंफाल में स्थानीय व्यवसायों पर होने वाले अवैध दबाव में कमी आने की उम्मीद है। इससे दुकानदारों और आम निवासियों के लिए अधिक सुरक्षित व्यावसायिक माहौल तैयार होगा।\n• जनता का विश्वास: एक सेवारत हवलदार के खिलाफ की गई कार्रवाई दर्शाती है कि सुरक्षा एजेंसियां अपने भीतर की गड़बड़ियों पर भी सख्त रुख अपना रही हैं। इससे स्थानीय जनता और सुरक्षा बलों के बीच भरोसा मजबूत होगा।\n• सघन चेकिंग अभियान: लगातार हथियारों की बरामदगी से संकेत मिलता है कि क्षेत्र में तलाशी और छापेमारी अभियान जारी रहेंगे। थौबल और इंफाल वेस्ट के निवासियों को पुलिस की अधिक मौजूदगी और चौकियों पर चेकिंग का सामना करना पड़ सकता है।\n• शिकायत दर्ज कराना: रंगदारी या जबरन वसूली की धमकियों का सामना कर रहे स्थानीय व्यापारियों को पुलिस की एंटी-एक्सटॉर्शन यूनिट से संपर्क करने की सलाह दी जाती है। त्वरित रिपोर्ट से इस मामले की तरह ही जल्द कार्रवाई सुनिश्चित की जा सकती है।\n\nऐसा क्यों हुआ\nयह गिरफ्तारियां और हथियारों की बरामदगी मणिपुर में जबरन वसूली नेटवर्क को खत्म करने और अवैध हथियारों को जब्त करने के लिए सुरक्षा बलों द्वारा चलाए जा रहे व्यापक अभियान का हिस्सा हैं।\n\n• खुफिया जानकारी पर कार्रवाई: सिंगजामेई वांग्मा में संयुक्त अभियान को इलाके में जबरन वसूली की धमकियों के बारे में मिली पुख्ता और विश्वसनीय खुफिया जानकारी के बाद शुरू किया गया था। इसने कानून लागू करने वाली एजेंसियों को सीधे संदिग्धों के ठिकानों पर छापेमारी करने में मदद की।\n• सुरक्षाकर्मियों की संलिप्तता: मणिपुर राइफल्स के एक सेवारत हवलदार की संलिप्तता यह दर्शाती है कि कैसे कभी-कभी आंतरिक तत्व अवैध गतिविधियों के लिए सरकारी हथियारों का दुरुपयोग करते हैं। उसकी गिरफ्तारी सुरक्षा बलों के भीतर मौजूद ऐसी कमियों को दूर करने की कोशिश को दर्शाती है।\n• क्षेत्रीय तनाव और हथियारों का प्रसार: मणिपुर में चल रहे तनाव के कारण स्थानीय स्तर पर बने और मानक हथियारों का अवैध प्रसार बढ़ा है। इसी वजह से स्थानीय पुलिस और BSF जैसे केंद्रीय अर्धसैनिक बलों को लगातार संयुक्त तलाशी अभियान चलाने पड़ रहे हैं।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. मणिपुर में गिरफ्तार किया गया सेवारत सुरक्षाकर्मी कौन है?\n1st मणिपुर राइफल्स में तैनात 44 वर्षीय हवलदार वाइखोम अमरजीत सिंह को गिरफ्तार किया गया है।\n\n2. गिरफ्तार हवलदार के पास से क्या-क्या चीजें बरामद की गईं?\nसुरक्षा बलों ने उसके पास से एक 9 mm सर्विस पिस्टल, एक मैगजीन और चार जिंदा कारतूस बरामद किए।\n\n3. रंगदारी से जुड़े मामले में गिरफ्तारियां कहां की गईं?\nये गिरफ्तारियां इंफाल के सिंगजामेई वांग्मा इलाके में संदिग्धों के घरों पर लक्षित छापेमारी के बाद की गईं।\n\n4. 16 सितंबर को चलाए गए अलग अभियान में कौन से हथियार बरामद हुए?\nएक संयुक्त दल ने एक डबल-बैरल ब्रीच-लोडिंग (DBBL) बंदूक, मैगजीन के साथ एक स्थानीय स्तर पर बनी राइफल और 5.56 mm के 20 जिंदा कारतूस बरामद किए।",
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  "category": "मणिपुर",
  "publishedAt": "2026-09-18",
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    "मणिपुर",
    "मणिपुर पुलिस",
    "रंगदारी मामला",
    "इंफाल वेस्ट",
    "बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स",
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