ऑस्ट्रेलियन डॉलर में 0.7000 के ऊपर नया दांव, क्या आरबीए की नीतियां और चीन के आंकड़े देंगे सहारा ऑस्ट्रेलियन डॉलर 200-दिनों के सिंपल मूविंग एवरेज के ऊपर मजबूत स्थिति बनाए हुए है, जहां 0.7000 के स्तर पर टिकाऊ बढ़त एक बड़े शॉर्ट स्क्वीज को जन्म दे सकती है। अंतरराष्ट्रीय विदेशी मुद्रा बाजार में ऑस्ट्रेलियन डॉलर और अमेरिकी डॉलर की जोड़ी यानी AUD/USD में मध्यम अवधि का रुझान सकारात्मक बना हुआ है। तकनीकी चार्ट पर यह करेंसी पेयर अपने 200-दिनों के सिंपल मूविंग एवरेज (SMA) के ऊपर कारोबार कर रहा है। बाजार विशेषज्ञों और तकनीकी विश्लेषकों का मानना है कि जब तक यह जोड़ी इस प्रमुख मूविंग एवरेज के ऊपर बनी रहती है, तब तक खरीदारों का दबदबा कायम रहेगा। हालांकि, 0.7000 का मनोवैज्ञानिक स्तर एक मजबूत प्रतिरोध बना हुआ है। यदि ऑस्ट्रेलियन डॉलर इस स्तर को निर्णायक रूप से पार कर लेता है, तो तेजी का अगला दौर शुरू हो सकता है, लेकिन इस आंकड़े पर बार-बार मिलने वाली रुकावट से गिरावट का जोखिम भी बना हुआ है। तकनीकी परिदृश्य और प्रमुख मूविंग एवरेज का विश्लेषण चार्ट विश्लेषण के अनुसार, daily chart पर AUD/USD का भाव 0.7053 पर दर्ज किया गया है, जो 0.7052 के 100-दिवसीय मूविंग एवरेज और 0.7016 के 55-दिवसीय मूविंग एवरेज के ठीक ऊपर मजबूती से टिका हुआ है। इसके साथ ही, 0.6918 के स्तर पर स्थित 200-दिवसीय मूविंग एवरेज इस करेंसी पेयर को एक मजबूत सुरक्षा कवच प्रदान कर रहा है। लाइव मार्केट आंकड़ों के मुताबिक, AUD/USD 0.7056 के स्तर पर कारोबार कर रहा है, जो पिछले 0.6998 के बंद भाव से 0.83 प्रतिशत की बढ़त दर्शाता है। इसका 52 हफ्तों का निचला स्तर 0.6415 और उच्चतम स्तर 0.7277 रहा है। तकनीकी संकेतकों की बात करें तो 14-दिवसीय रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) 60 के स्तर पर है, जो मजबूत लेकिन ओवरबॉट रहित तेजी का संकेत देता है। दूसरी ओर, 14-दिवसीय एवरेज डायरेक्शनल इंडेक्स (ADX) 13 के आसपास बना हुआ है, जिससे स्पष्ट होता है कि समग्र रुझान अभी भी अपेक्षाकृत कमजोर है और बाजार किसी एक दिशा में बड़ी चाल चलने के बजाय कंसॉलिडेशन चरण में रह सकता है। बॉलिंगर बैंड 0.6917 से 0.7053 के दायरे में बने हुए हैं और मौजूदा भाव ऊपरी बैंड के ऊपर स्थित है। एमएसीडी (MACD) संकेतक में भी सकारात्मक सिग्नल देखा जा रहा है। कारोबारी रणनीतियां और प्रतिरोध के महत्वपूर्ण स्तर विदेशी मुद्रा बाजार के रणनीतिकारों के अनुसार, 0.7000 के प्रतिरोध स्तर से ठीक नीचे तुरंत खरीदारी करने के बजाय धैर्य रखना बेहतर जोखिम-प्रतिफल अनुपात प्रदान कर सकता है। एक आदर्श ट्रेडिंग सेटअप तब बनेगा जब भाव 0.7000 के ऊपर मजबूती से बंद हो या फिर किसी संभावित गिरावट के दौरान भाव 200-दिवसीय मूविंग एवरेज के आसपास समर्थन लेकर वापस संभले। यदि तेजी का रुझान बनता है, तो 0.7000 के ऊपर की सफलता के बाद पहला छोटा लक्ष्य 15 जून के साप्ताहिक उच्चतम स्तर 0.7088 पर होगा। इसके बाद 29 मई के प्रमुख मध्यम अवधि के लक्ष्य 0.7200 और फिर 2026 के उच्चतम स्तर 0.7280 तक के दरवाजे खुल सकते हैं। यदि तेजी की रफ्तार अत्यधिक तेज रहती है, तो 0.7661 का ऊपरी स्तर भी देखा जा सकता है। इसके विपरीत, यदि 0.7000 के स्तर पर फिर से रुकावट आती है, तो 0.6900 के नीचे स्थित 200-दिवसीय मूविंग एवरेज पहला मुख्य परीक्षण स्तर होगा। 200-दिवसीय SMA के नीचे दैनिक क्लोजिंग तेजी के ढांचे को कमजोर करेगी, जिसके बाद 0.6833, 0.6660, 0.6593, 0.6414 और 0.6373 के निचले समर्थन स्तरों की ओर गिरावट आ सकती है। ऑस्ट्रेलियाई अर्थव्यवस्था की स्थिति और श्रम बाजार का योगदान ऑस्ट्रेलिया का घरेलू आर्थिक परिदृश्य अपेक्षाकृत मजबूत बना हुआ है। श्रम बाजार की मजबूती और सकारात्मक विकास दर ने ऑस्ट्रेलियन डॉलर में भारी बिकवाली को रोका है। जून महीने की श्रम बाजार रिपोर्ट के अनुसार, बेरोजगारी दर 4.4 प्रतिशत पर स्थिर रही, जबकि रोजगार में 76,300 की भारी बढ़त दर्ज की गई, जो मई के संशोधित 44,000 के आंकड़े से काफी बेहतर है। हालांकि, आर्थिक आंकड़ों में कुछ चुनौतियां भी देखी गई हैं। मई महीने में ऑस्ट्रेलिया का व्यापार घाटा 3.018 अरब ऑस्ट्रेलियाई डॉलर रहा, जिसने अप्रैल के 1.383 अरब ऑस्ट्रेलियाई डॉलर के अधिशेष को उलट दिया। इसके अलावा, 2026 की पहली तिमाही में आर्थिक विकास दर घटकर 0.3 प्रतिशत तिमाही-दर-तिमाही रह गई, जो पिछली तिमाही में 0.9 प्रतिशत थी, हालांकि वार्षिक विकास दर 2.5 प्रतिशत पर बनी रही। ये मिश्रित आंकड़े बताते हैं कि अर्थव्यवस्था जुझारू तो है, लेकिन अकेले इसके दम पर ऑस्ट्रेलियन डॉलर में तात्कालिक ब्रेकआउट होना कठिन है। मुद्रास्फीति का दबाव और रिज़र्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया का रुख ऑस्ट्रेलिया में दूसरी तिमाही के दौरान हेडलाइन मुद्रास्फीति 4.1 प्रतिशत से घटकर 3.9 प्रतिशत पर आ गई। हालांकि, अंतर्निहित मुद्रास्फीति दबाव अभी भी चिंता का विषय बने हुए हैं। ट्रिम्ड मीन और वेटेड मीडियन दोनों उपाय पिछली तिमाही के 3.5 प्रतिशत से बढ़कर 3.6 प्रतिशत पर पहुंच गए हैं। मेलबर्न इंस्टीट्यूट के अनुसार, जुलाई में उपभोक्ता मुद्रास्फीति की उम्मीदें 5.5 प्रतिशत से घटकर 4.7 प्रतिशत हो गईं, फिर भी मुद्रास्फीति का स्तर इतना अधिक है कि केंद्रीय बैंक निश्चिंत नहीं हो सकता। रिजर्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया (RBA) ने जून की बैठक में अपनी आधिकारिक नकद दर (Official Cash Rate) को 4.35 प्रतिशत पर अपरिवर्तित रखा। आरबीए गवर्नर मिशेल बुलक ने संकेत दिया कि यदि मुद्रास्फीति उम्मीद से अधिक जिद्दी साबित होती है, तो दरों में आगे बढ़ोतरी की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता। बाजार का अनुमान है कि आरबीए अपनी अगस्त की बैठक में दरों को यथावत रखेगा, लेकिन साल के अंत तक दरों में मामूली बढ़ोतरी की संभावना बनी हुई है। यह सतर्क मौद्रिक नीति ऑस्ट्रेलियन डॉलर को नीचे गिरने से बचा रही है। चीन के आर्थिक आंकड़े और व्यापारिक संबंध चीन की आर्थिक गतिविधियां ऑस्ट्रेलियन डॉलर पर सीधा असर डालती हैं। अप्रैल से जून की अवधि में चीनी अर्थव्यवस्था में सालाना आधार पर 4.3 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। जून में औद्योगिक उत्पादन 5.3 प्रतिशत बढ़ा, जबकि खुदरा बिक्री में 1.0 प्रतिशत की मामूली वृद्धि हुई। बिजनेस सर्वे से संकेत मिलता है कि चीन में व्यावसायिक गतिविधियां स्थिर हो रही हैं। आधिकारिक मैन्युफैक्चरिंग और सर्विसेज पीएमआई (PMI) 50 के न्यूट्रल स्तर से थोड़ा ऊपर बने हुए हैं। इसके अतिरिक्त, जून में चीन का व्यापार अधिशेष बढ़कर 125.62 अरब डॉलर हो गया, जो मई में 105.4 अरब डॉलर था। चीन के ये आंकड़े ऑस्ट्रेलियन डॉलर को न तो बहुत बड़ा सहारा दे रहे हैं और ना ही नीचे खींच रहे हैं, जिससे मुद्रा जोड़ी में स्थिरता बनी हुई है। सीएफटीसी रिपोर्ट और स्पेकुलेटिव पोजिशनिंग कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन (CFTC) के 28 जुलाई तक के आंकड़ों के अनुसार, ऑस्ट्रेलियन डॉलर पर सट्टेबाजों की मंदी का रुख बना हुआ है। नेट शॉर्ट पोजिशन बढ़कर लगभग 40,000 कॉन्ट्रैक्ट्स पर पहुंच गई, जो इससे पिछले सप्ताह में 37,700 कॉन्ट्रैक्ट्स थी। हालांकि, मंदी के दांवों की गति अब धीमी पड़ रही है। बाजार में ओपन इंटरेस्ट 225,000 से बढ़कर 229,800 कॉन्ट्रैक्ट्स पर पहुंच गया है, जो निवेशकों की भागीदारी में थोड़ी वृद्धि को दर्शाता है। सट्टेबाजों का मंदी का रुख अब आक्रामक होने के बजाय स्थापित हो चुका है। ऐसे में यदि ऑस्ट्रेलियाई अर्थव्यवस्था से सकारात्मक आंकड़े आते हैं, तो मंदी के दांव लगाने वाले ट्रेडर्स को अपनी पोजिशन काटने पर मजबूर होना पड़ेगा, जिससे बाजार में एक तेज शॉर्ट स्क्वीज आ सकता है और ऑस्ट्रेलियन डॉलर तेजी से ऊपर चढ़ सकता है। केंद्रीय बैंक और मौद्रिक नीति की कार्यप्रणाली रिजर्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया (RBA) ऑस्ट्रेलिया की मौद्रिक नीति का संचालन करता है। आरबीए का प्राथमिक लक्ष्य 2 से 3 प्रतिशत की सीमा में मुद्रास्फीति को नियंत्रित रखना और पूर्ण रोजगार तथा आर्थिक समृद्धि को बढ़ावा देना है। जब मुद्रास्फीति बढ़ती है, तो आरबीए ब्याज दरों में वृद्धि करता है। उच्च ब्याज दरें विदेशी निवेशकों को आकर्षित करती हैं, जिससे स्थानीय मुद्रा की मांग बढ़ती है और ऑस्ट्रेलियन डॉलर मजबूत होता है। इसके विपरीत, जब अर्थव्यवस्था सुस्त होती है, तो केंद्रीय बैंक क्वांटिटेटिव ईजिंग (QE) जैसी नीतियों का सहारा लेता है, जिसमें नोट छापकर वित्तीय संपत्तियां खरीदी जाती हैं। इससे मुद्रा की आपूर्ति बढ़ती है और ऑस्ट्रेलियन डॉलर कमजोर होता है। वहीं, अर्थव्यवस्था के उबरने पर क्वांटिटेटिव टाइटनिंग (QT) अपनाई जाती है, जो मुद्रा के लिए सकारात्मक होती है। आगामी दिनों में ऑस्ट्रेलिया और चीन के व्यापार संतुलन के आंकड़े ऑस्ट्रेलियन डॉलर की आगे की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। इसका आप पर असर ग्लोबल निवेशकों के लिए: ऑस्ट्रेलियन डॉलर में 0.7000 के ऊपर की मजबूती फॉरेक्स बाजार में नए ट्रेडिंग अवसर खोल सकती है। व्यापारियों के लिए: ऑस्ट्रेलिया और चीन के आगामी व्यापार आंकड़ों से मुद्रा दरों में उतार-चढ़ाव बढ़ सकता है। सवाल-जवाब 1. AUD/USD में 0.7000 का स्तर क्यों महत्वपूर्ण है? 0.7000 का स्तर एक प्रमुख मनोवैज्ञानिक और तकनीकी प्रतिरोध है। इसे पार करने पर बिकवाली का दबाव खत्म हो सकता है और शॉर्ट स्क्वीज से तेजी आ सकती है। 2. रिजर्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया (RBA) की ब्याज दर वर्तमान में क्या है? आरबीए ने जून की बैठक में अपनी आधिकारिक नकद दर को 4.35 प्रतिशत पर अपरिवर्तित रखा है। 3. ऑस्ट्रेलियन डॉलर के लिए 200-दिवसीय मूविंग एवरेज का क्या महत्व है? 200-दिवसीय मूविंग एवरेज (0.6918) एक प्रमुख समर्थन स्तर है। जब तक भाव इसके ऊपर है, मध्यम अवधि का रुझान सकारात्मक बना रहेगा। 4. चीन के आर्थिक आंकड़े ऑस्ट्रेलियन डॉलर को कैसे प्रभावित करते हैं? चीन ऑस्ट्रेलिया का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है। चीन में मजबूत औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियां ऑस्ट्रेलियन डॉलर को स्थिरता और मजबूती प्रदान करती हैं। https://trendkia.com/market/australian-dollar-men-0-7000-ke-upara-naya-danva-kya-rba-ki-nitiyan-aura-china-ke-ankare-denge-sahara-14079 TrendKia — Har trend, sabse pehle.