अमेरिकी डॉलर में मजबूती के बीच ब्रिटिश पाउंड में आई बड़ी गिरावट, जोखिम से दूरी बना रहे निवेशक बाजार में जोखिम से बचने की प्रवृत्ति और वैश्विक घटनाक्रमों के कारण ब्रिटिश पाउंड में कमजोरी देखने को मिल रही है। निवेशक अमेरिकी फेडरल रिजर्व के आगामी फैसलों और अन्य आर्थिक संकेतों पर करीब से नजर बनाए हुए हैं। वैश्विक वित्तीय बाजारों में जोखिम से दूरी बनाने की बढ़ती प्रवृत्ति और अमेरिकी डॉलर की मजबूती के बीच ब्रिटिश पाउंड यानी GBP/USD में जोरदार मंदी दर्ज की गई है। शुरुआती कारोबार के दौरान यह जोड़ी 1.3363 के स्तर से नीचे फिसल गई और 1.3304 के आसपास कारोबार करती नजर आई। बाजार के जानकारों का मानना है कि मौजूदा स्तरों पर पाउंड पर थोड़ा दबाव बना हुआ है, क्योंकि तकनीकी संकेतक भी इसमें सुस्त तेजी का संकेत दे रहे हैं। मिडिल ईस्ट में तनाव घटने और तेल कीमतों का असर मध्य पूर्व के संघर्ष में नरमी आने की खबरों से दुनिया के प्रमुख केंद्रीय बैंकों को बड़ी राहत मिली है। सप्ताहांत में अमेरिका द्वारा ईरान पर सैन्य अभियानों को अस्थायी रूप से रोकने के बाद कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई है। हालांकि, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि वॉशिंगटन और तेहरान के बीच चल रही बातचीत विफल होती है, तो भविष्य में और भी कड़े सैन्य कदम उठाए जा सकते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे हमले बेहद शक्तिशाली होंगे। कच्चे तेल के दामों में आई इस नरमी और हाल ही में आए ब्रिटेन के कमजोर महंगाई आंकड़ों के चलते बैंक ऑफ इंग्लैंड द्वारा ब्याज दरों में किसी भी तरह की सख्ती से फिलहाल बचने की उम्मीद जताई जा रही है। राजनीतिक अनिश्चितता और तकनीकी संकेतकों का हाल प्रधानमंत्री एंडी बर्नहम के नेतृत्व वाली नई सरकार के रुख का आकलन करने में निवेशक अभी भी जुटे हुए हैं, जिससे स्टर्लिंग पर अतिरिक्त दबाव बना हुआ है। इसके अलावा चिपमेकिंग क्षेत्र से जुड़े घटनाक्रमों ने भी पाउंड की चाल को प्रभावित किया है। तकनीकी चार्ट पर गौर करें तो दैनिक चार्ट के आधार पर यह जोड़ी 1.3304 के स्तर पर ट्रेड कर रही है, जो एक हल्के मंदी के रुझान को दर्शाता है। हाजिर भाव साधारण मूविंग एवरेज क्लस्टर से नीचे बना हुआ है जो अब 1.3367 के पास है। इसके अलावा, यह जोड़ी 1.3465 के ब्रेक क्षेत्र से आ रही व्यापक मंदी की प्रतिरोधक ट्रेंड लाइन के नीचे ही टिकी हुई है। वहीं, 14-दिवसीय रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स यानी RSI लगभग 43 के स्तर पर है, जो बाजार में बिकवाली के भारी दबाव की बजाय सीमित ऊपर की गति को ही बयां करता है। अहम तकनीकी स्तर और प्रतिरोध व समर्थन रेखाएं ऊपरी स्तरों पर शुरुआती रुकावट साधारण मूविंग एवरेज जोन यानी 1.3367 के आसपास नजर आ रही है। यदि इस बाधा को पार किया जाता है, तो 1.3465 के दायरे से जुड़ी मंदी की दीवार का सामना करना पड़ सकता है। दूसरी ओर, यदि गिरावट का दौर आगे भी जारी रहता है, तो खरीदारों के लिए अगला मजबूत तकनीकी सहारा 1.3159 के करीब बढ़ती हुई समर्थन ट्रेंड लाइन पर मिल सकता है, जहां से बाजार में लिवाली का दौर फिर से लौटने की उम्मीद की जा सकती है। इसका आप पर असर भारत में: वैश्विक मुद्रा बाजारों में उतार-चढ़ाव और डॉलर की मजबूती का असर भारत में आयातित वस्तुओं और कच्चे तेल की लागत पर पड़ सकता है। व्यापारियों और निवेशकों के लिए: विदेशी मुद्रा बाजारों में ट्रेड करने वाले निवेशकों को जोखिम से जुड़ी स्थितियों और केंद्रीय बैंक के फैसलों के दौरान अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। सवाल-जवाब 1. ब्रिटिश पाउंड में मौजूदा गिरावट का मुख्य कारण क्या है? बाजार में जोखिम से दूरी की प्रवृत्ति, अमेरिकी डॉलर की मजबूती और कच्चे तेल की कीमतों में नरमी मुख्य वजहें हैं। 2. चार्ट पर GBP/USD किस स्तर पर कारोबार कर रहा है? दैनिक चार्ट के अनुसार यह जोड़ी 1.3304 के आसपास कारोबार कर रही है। 3. बैंक ऑफ इंग्लैंड की ब्याज दरों को लेकर क्या अनुमान है? हालिया महंगाई के आंकड़ों और तेल कीमतों में गिरावट के बाद बैंक ऑफ इंग्लैंड द्वारा दरों को स्थिर रखने की उम्मीद है। 4. ब्रिटिश सरकार में प्रधानमंत्री कौन हैं? एंडी बर्नहम नई सरकार के प्रधानमंत्री हैं। 5. इस जोड़ी के लिए शुरुआती प्रतिरोध स्तर क्या है? शुरुआती प्रतिरोध साधारण मूविंग एवरेज जोन यानी 1.3367 के आसपास है। https://trendkia.com/market/british-pound-tumbles-as-risk-off-mood-boosts-us-dollar-and-markets-await-central-bank-cues-11085 TrendKia — Har trend, sabse pehle.