दलाल स्ट्रीट में शुक्रवार को जबरदस्त उछाल, सेंसेक्स 72,472 पर पहुंचा और निफ्टी ने पार किया 22,500 का आंकड़ा सप्ताह के अंतिम कारोबारी सत्र में भारी लिवाली से बाजार में शानदार वापसी हुई, जिसमें सूचना प्रौद्योगिकी और दैनिक उपभोग वस्तुओं के शेयरों ने मुख्य भूमिका निभाई। घरेलू इक्विटी बाजारों में गुरुवार के तेज दबाव के बाद शुक्रवार, 9 अक्टूबर को जोरदार उछाल देखने को मिला। पूरे कारोबारी सत्र के दौरान लिवाली का सिलसिला बना रहा, जिससे सप्ताह के आखिरी दिन निवेशकों का भरोसा दोबारा लौट आया। दिन का कारोबार समाप्त होने तक दोनों प्रमुख बेंचमार्क सूचकांक बड़े मुनाफे के साथ बंद हुए। बंबई स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स लगभग 880 अंकों की छलांग लगाने में सफल रहा, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 22,500 के अहम आंकड़े को पार करने में कामयाब रहा। बाजार की इस व्यापक रिकवरी को मुख्य रूप से सूचना प्रौद्योगिकी, दैनिक उपभोग वस्तुओं और बैंकिंग क्षेत्र के शेयरों में आई आक्रामक खरीदारी से सहारा मिला। प्रमुख सूचकांकों का प्रदर्शन और बाजार की स्थिति सत्र के समापन पर दोनों मानक सूचकांक उल्लेखनीय बढ़त के साथ हरे निशान में टिके रहे। बीएसई सेंसेक्स 879 अंक यानी 1.23 प्रतिशत की मजबूती के साथ 72,472 के स्तर पर बंद हुआ। दूसरी ओर, एनएसई निफ्टी 289 अंक यानी 1.30 प्रतिशत चढ़कर 22,520 के स्तर पर पहुंच गया। बाजार का समग्र रुख स्पष्ट रूप से सकारात्मक बना रहा, जिसमें चढ़ने वाले शेयरों की संख्या गिरने वाले शेयरों से काफी अधिक रही। कारोबार के दौरान कुल 2,344 कंपनियों के शेयरों में तेजी दर्ज की गई, जबकि केवल 1,686 शेयरों में गिरावट देखने को मिली। इसके साथ ही बाजार की अस्थिरता को मापने वाला सूचकांक इंडिया विक्स 6.09 प्रतिशत गिरकर 14.00 के करीब आ गया, जो निवेशकों के बीच जोखिम घटने और स्थिरता लौटने का स्पष्ट संकेत देता है। क्षेत्रीय सूचकांकों में सूचना प्रौद्योगिकी और उपभोक्ता वस्तुओं का दबदबा क्षेत्रीय स्तर पर लगभग सभी प्रमुख सेक्टर हरे निशान में कारोबार समाप्त करने में कामयाब रहे। सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में सर्वाधिक खरीदारी दर्ज की गई, जहां इस इंडेक्स में 3.02 प्रतिशत (3.31 प्रतिशत) की जोरदार तेजी आई। इसके साथ ही निफ्टी एफएमसीजी में 2.25 प्रतिशत, निफ्टी पीएसयू बैंक में 1.62 प्रतिशत और निफ्टी सर्विसेज में 1.79 प्रतिशत का उछाल दर्ज किया गया। व्यापक बाजार में भी सुधार का माहौल दिखा, जहां मिडकैप सूचकांक 1.46 प्रतिशत की बढ़त पर रहा और स्मॉलकैप सूचकांक 0.55 प्रतिशत की मजबूती के साथ बंद हुआ। चढ़ने और गिरने वाले प्रमुख शेयर निफ्टी 50 के अंतर्गत अपोलो हॉस्पिटल्स के शेयर में 4.72 प्रतिशत का सबसे बड़ा उछाल दर्ज किया गया। इसके अतिरिक्त आईटीसी के शेयर 4.31 प्रतिशत, आयशर मोटर्स 4.17 प्रतिशत, टीसीएस 3.85 प्रतिशत, एचसीएल टेक 3.38 प्रतिशत और अडानी पोर्ट्स 3.10 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुए। दूसरी तरफ चौतरफा तेजी के माहौल में चुनिंदा स्टॉक्स पर ही दबाव देखने को मिला। मुनाफावसूली के चलते गिरावट दर्ज करने वाले शेयरों में सिप्ला 0.44 प्रतिशत, जेएसडब्ल्यू स्टील 0.61 प्रतिशत और रिलायंस इंडस्ट्रीज 0.65 प्रतिशत की कमजोरी के साथ बंद हुए। इसका आप पर असर शेयर बाजार में आई इस तेज रिकवरी से खुदरा निवेशकों के पोर्टफोलियो पर गुरुवार की गिरावट का असर काफी हद तक कम हो गया है। • पोर्टफोलियो मूल्य: म्यूचुअल फंड और सीधे शेयरों में निवेश करने वालों के पोर्टफोलियो की वैल्यू शुक्रवार को तेजी से सुधरी है। आईटी और एफएमसीजी फंड्स में निवेश रखने वाले निवेशकों को इस सत्र में सर्वाधिक मुनाफा देखने को मिला है। • बाजार में स्थिरता: इंडिया विक्स में 6.09 प्रतिशत की गिरावट दर्ज हुई है। यह गिरावट दर्शाती है कि आगामी कारोबारी सत्रों में तेज उतार-चढ़ाव की आशंका कम हुई है। • ट्रेडिंग रणनीति: 2,344 शेयरों के बढ़ने से छोटे निवेशकों के लिए सेंटिमेंट सकारात्मक हुआ है। इसका मतलब है कि बाजार में चुनिंदा स्टॉक्स पर दांव लगाने वाले ट्रेडर्स को बेहतर लिक्विडिटी मिलेगी। • बेंचमार्क स्तर: निफ्टी का 22,500 से ऊपर टिकना नए तकनीकी समर्थन का काम करेगा। शॉर्ट टर्म ट्रेडर्स अब इन स्तरों को आधार मानकर आगामी हफ्तों के लिए अपनी पोजीशन तय कर सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ गुरुवार की तीव्र गिरावट के बाद बाजार में निचले स्तरों पर मजबूत वैल्यू बाइंग देखी गई। • निचले स्तरों पर लिवाली: एक दिन पहले हुई तेज बिकवाली के बाद कई बड़े शेयरों के भाव आकर्षक स्तरों पर आ गए थे। निवेशकों और संस्थागत खरीदारों ने मौके का फायदा उठाते हुए भारी पूंजी लगाई। • आईटी और एफएमसीजी में मजबूती: आईटी सेक्टर में 3.02 प्रतिशत और एफएमसीजी में 2.25 प्रतिशत की उछाल ने सूचकांकों को मजबूत गति दी। टीसीएस, एचसीएल टेक और आईटीसी जैसे दिग्गजों में एकतरफा खरीदारी देखने को मिली। • सकारात्मक बाजार चौड़ाई: बैंकिंग और सर्विसेज सेक्टर में 1.5 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि से चौतरफा सहारा मिला। कुल 2,344 शेयरों के हरे निशान में आने से सूचकांक लगातार ऊपर चढ़ते रहे। • अस्थिरता में कमी: इंडिया विक्स में 6.09 प्रतिशत की गिरावट ने ट्रेडर्स को अपनी शॉर्ट पोजीशन काटने और नई खरीदारी करने का आत्मविश्वास दिया। इसके चलते सत्र के आखिरी घंटों में भी बिकवाली का दबाव नहीं दिखा। सवाल-जवाब 1. शुक्रवार, 9 अक्टूबर को सेंसेक्स और निफ्टी किस स्तर पर बंद हुए? बीएसई सेंसेक्स 879 अंक चढ़कर 72,472 पर और एनएसई निफ्टी 289 अंक बढ़कर 22,520 के स्तर पर बंद हुआ। 2. सत्र के दौरान किस सेक्टर में सबसे ज्यादा तेजी दर्ज की गई? आईटी सेक्टर में सबसे अधिक 3.02 प्रतिशत (3.31 प्रतिशत) की जोरदार बढ़त दर्ज की गई। 3. निफ्टी 50 में सबसे ज्यादा बढ़त किस शेयर ने दर्ज की? अपोलो हॉस्पिटल्स 4.72 प्रतिशत की बढ़त के साथ निफ्टी का शीर्ष गेनर शेयर रहा। 4. इंडिया विक्स में कितने प्रतिशत का बदलाव देखा गया? बाजार में उतार-चढ़ाव दर्शाने वाला इंडिया विक्स 6.09 प्रतिशत घटकर 14.00 के स्तर पर आ गया। 5. सत्र के दौरान कौन से शेयर गिरावट के साथ बंद हुए? चौतरफा तेजी के बीच रिलायंस इंडस्ट्रीज 0.65 प्रतिशत, जेएसडब्ल्यू स्टील 0.61 प्रतिशत और सिप्ला 0.44 प्रतिशत टूटकर बंद हुए। https://trendkia.com/market/dalal-street-men-shukravara-ko-jabaradasta-uchhala-sensex-72-472-para-pahuncha-aura-nifty-ne-para-kiya-22-500-ka-ankara-45557 TrendKia — Har trend, sabse pehle.