फेड के फैसले और टेक कंपनियों के नतीजों से पहले अमेरिकी शेयर बाजार में हलचल, नैस्डैक में बड़ी गिरावट के बाद सतर्क रुख 27 से 31 जुलाई के कारोबारी हफ्ते में अमेरिकी शेयर बाजार में मंदी और उतार-चढ़ाव रहने का अनुमान है। फेडरल रिजर्व की बैठक, पश्चिम एशिया के तनाव और अमेज़न, एप्पल, मेटा व माइक्रोसॉफ्ट के तिमाही नतीजों पर बाजार की पैनी नजर बनी हुई है। अमेरिकी शेयर बाजार 27 जुलाई से 31 जुलाई के कारोबारी सप्ताह के दौरान मध्यम रूप से मंदी के रुख और उच्च उतार-चढ़ाव के मुहाने पर खड़ा दिख रहा है। पिछले हफ्ते अमेरिकी बेंचमार्क सूचकांकों में आई भारी गिरावट के बाद निवेशक अब अत्यंत सतर्कता बरत रहे हैं। इस पूरे हफ्ते वॉल स्ट्रीट की दिशा तय करने में अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति समिति यानी एफओएमसी की दो दिवसीय बैठक सबसे महत्वपूर्ण कारक साबित होने वाली है। 28 जुलाई से शुरू होकर 29 जुलाई तक चलने वाली इस बैठक के नतीजों का इंतजार पूरा बाजार बेसब्री से कर रहा है। वित्तीय बाजारों का व्यापक तौर पर यह मानना है कि फेडरल रिजर्व इस बार ब्याज दरों को यथावत रखेगा, जबकि सितंबर की मौद्रिक नीति समीक्षा में ब्याज दर बढ़ाए जाने की संभावना 80 प्रतिशत जताई जा रही है। कच्चे तेल की कीमतें और पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव शेयर बाजार में छाए मंदी के बादलों के पीछे कच्चे तेल की ऊंची कीमतें, ऊर्जा लागत में उछाल और अमेरिकी बॉन्ड की यील्ड में बढ़ोतरी मुख्य वजहें हैं। ये परिस्थितियां अमेरिका और ईरान के बीच नए सिरे से शुरू हुए सैन्य तनाव के कारण पैदा हुई हैं। लाल सागर और स्ट्रैट ऑफ हॉर्मुज के व्यापारिक जलमार्गों में आपूर्ति श्रृंखला का जोखिम लगातार बना हुआ है। यमन में ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों द्वारा सऊदी अरब पर हमलों का दावा किए जाने से पश्चिम एशिया का संघर्ष और ज्यादा गहरा गया है। चार्लस श्वाब में डेरिवेटिव्स रिसर्च एंड स्ट्रेटजी के निदेशक नेथन पीटरसन के अनुसार, अमेरिकी बाजार के लिए मंदी के पूर्वानुमान के साथ-साथ उच्च उतार-चढ़ाव की पूरी संभावना है। उन्होंने कहा कि यदि अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम की घोषणा होती है या तनाव कम होता है, तो इससे कच्चे तेल की कीमतों और बॉन्ड यील्ड में गिरावट आएगी, जिससे शेयर बाजार को बड़ी राहत मिल सकती है। दूसरी तरफ, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को बातचीत की मेज पर लाने के लिए बड़े हमले पर विचार करने की बात कही है। यदि ऐसा कोई सैन्य कदम उठाया जाता है, तो कच्चे तेल के दाम दोबारा उछल सकते हैं, जिससे बॉन्ड यील्ड बढ़ेगी और शेयर बाजार पर मंदी का दबाव गहरा जाएगा। बीते हफ्ते टेक शेयरों में मची तबाही और सूचकांकों का हाल बीते कारोबारी हफ्ते में टेक आधारित नैस्डैक कंपोजिट इंडेक्स सबसे ज्यादा नुकसान में रहा। नैस्डैक हफ्ते के अंतिम कारोबारी सत्र में 24,975.82 के स्तर पर बंद हुआ, जो साप्ताहिक आधार पर 745.05 अंक या 2.90 प्रतिशत की भारी गिरावट दर्शाता है। अन्य प्रमुख अमेरिकी सूचकांक भी साप्ताहिक आधार पर घाटे में रहे। डाउ जोंस इंडस्ट्रियल एवरेज 207.32 अंक या 0.40 प्रतिशत फिसल गया। वहीं एसएंडपी 500 सूचकांक में 77.20 अंक या 1.03 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई। विशेष रूप से 24 जुलाई के सत्र में टेक और एआई सेगमेंट से जुड़े शेयरों में जबरदस्त बिकवाली देखी गई। सैनडिस्क के शेयरों में 11 प्रतिशत की भीषण गिरावट आई। इंटेल ने मजबूत तिमाही वित्तीय नतीजे पेश करने के बावजूद 8 प्रतिशत का गोता लगाया। मार्वल टेक्नोलॉजी और माइक्रोन के शेयर 7-7 प्रतिशत तक टूट गए। ब्रॉडकॉम और स्पेसएक्स में 3-3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि एआई दिग्गज एनवीडिया का शेयर 1 प्रतिशत नीचे बंद हुआ। इसके अलावा मेटा प्लेटफॉर्म्स और टेस्ला के शेयरों में लगभग 2-2 प्रतिशत की कमजोरी दर्ज की गई। चार्लस श्वाब की रिपोर्ट के मुताबिक, मजबूत कॉर्पोरेट नतीजों के बावजूद कच्चे तेल की ऊंची दरों और बढ़ी हुई ट्रेजरी यील्ड ने निवेशकों को बाजार से दूर रहने पर मजबूर किया। सोमवार को फ्यूचर्स मार्केट में शुरुआती सुधार साप्ताहिक गिरावट के झटके के बाद, सोमवार 27 जुलाई के शुरुआती कारोबार में अमेरिकी स्टॉक फ्यूचर्स में बढ़त देखने को मिली। सप्ताहांत के दौरान अमेरिका और ईरान द्वारा एक-दूसरे पर कोई नया सीधा हमला न करने से कच्चे तेल के भाव में थोड़ी नरमी आई, जिससे फ्यूचर्स मार्केट को समर्थन मिला। ओवरनाइट ट्रेडिंग में डाउ जोंस फ्यूचर्स 0.5 प्रतिशत चढ़ा, जबकि एसएंडपी 500 फ्यूचर्स में 0.6 प्रतिशत की तेजी आई। नैस्डैक-100 फ्यूचर्स ने अन्य सूचकांकों को पछाड़ते हुए 1.2 प्रतिशत का शानदार उछाल दर्ज किया। फेड और बैंक ऑफ जापान की अहम मौद्रिक बैठकें भू-राजनीतिक घटनाक्रमों से अलग, यह हफ्ता दुनिया के दो बड़े केंद्रीय बैंकों के फैसलों का गवाह बनेगा। अमेरिका में फेडरल ओपन मार्केट कमेटी की दो दिवसीय बैठक मंगलवार को शुरू हो रही है, जिसके फैसलों का ऐलान बुधवार को किया जाएगा। दूसरी ओर, बैंक ऑफ जापान अपनी मौद्रिक नीति बैठक 30 जुलाई से 31 जुलाई तक आयोजित करेगा और दर से जुड़ा फैसला 31 जुलाई को सार्वजनिक किया जाएगा। बैंक ऑफ जापान के फैसले के चलते दुनिया भर में जापानी शेयरों में काफी हलचल रहने के आसार हैं। टेक दिग्गजों के तिमाही नतीजे तय करेंगे बाजार का मिजाज बाजार की चाल तय करने में कॉर्पोरेट अर्निंग्स की भी बड़ी भूमिका रहेगी। इस हफ्ते मैग्निफिसेंट 7 समूह की चार दिग्गज कंपनियां अपने तिमाही वित्तीय नतीजों का ऐलान करने जा रही हैं। इनमें अमेज़न, एप्पल, मेटा और माइक्रोसॉफ्ट शामिल हैं। विश्लेषकों का मानना है कि अल्फाबेट द्वारा भारी भरकम पूंजीगत खर्च यानी कैपएक्स पर दिए गए मार्गदर्शन के बाद निवेशकों में टेक कंपनियों के भारी खर्च को लेकर आशंकाएं पैदा हुई हैं। यही वजह है कि माइक्रोसॉफ्ट, अमेज़न, एप्पल और मेटा के नतीजों पर निवेशक बहुत संभलकर प्रतिक्रिया दे सकते हैं। कारोबारी हफ्ते का दिन-वार आर्थिक व अर्निंग्स कैलेंडर इस पूरे सप्ताह कंपनियों के तिमाही नतीजों और आर्थिक आंकड़ों की भरमार रहने वाली है, जिसका विस्तृत ब्योरा इस प्रकार है सोमवार (27 जुलाई) आर्थिक आंकड़ों के मोर्चे पर टिकाऊ सामान के ऑर्डर यानी ड्यूरेबल ऑर्डर्स के आंकड़े घोषित किए जाएंगे। इस दिन अर्निंग्स की घोषणा करने वाली कंपनियों में अलायंस रिसोर्स पार्टनर्स, बैंक ऑफ हवाई, ब्राउन एंड ब्राउन, कैडेंस डिजाइन सिस्टम्स, सेलेस्टिका, कोका-कोला फेम्सा, डाइन थेरेप्यूटिक्स, F5 इंक, न्यूकोर कॉर्पोरेशन, प्रिंसिपल फाइनेंशियल ग्रुप और वेलटावर शामिल हैं। मंगलवार (28 जुलाई) आर्थिक संकेतकों में एडवांस इंटरनेशनल ट्रेड इन गुड्स, एडवांस रिटेल इन्वेंटरीज, एडवांस होलसेल इन्वेंटरीज, कंज्यूमर कॉन्फिडेंस इंडेक्स, एफएचएफए हाउसिंग प्राइस इंडेक्स और एसएंडपी केस-शिलर होम प्राइस इंडेक्स जारी किए जाएंगे। नतीजों के मोर्चे पर अमेरिकन टावर, बार्कलेज, ब्लूम एनर्जी, बोइंग, कोका-कोला, कॉर्निंग, इलेक्ट्रॉनिक आर्ट्स, फोर्ड मोटर, जीएसके, इलिनोइस टूल वर्क्स, केएलए कॉर्पोरेशन, एसएंडपी ग्लोबल, सीगेट टेक्नोलॉजी, शेरविन-विलियम्स, टेराडाइन, यूनाइटेड पार्सल सर्विस (यूपीएस) और वीजा इंक अपने आंकड़े पेश करेंगे। बुधवार (29 जुलाई) यह हफ़्ते का सबसे महत्वपूर्ण दिन रहेगा। इस दिन एफओएमसी ब्याज दर का फैसला, ईआईए क्रूड ऑयल इन्वेंटरीज और एमबीए मॉर्गेज एप्लिकेशंस इंडेक्स जारी होंगे। तिमाही नतीजे पेश करने वाली प्रमुख कंपनियों में एम्फेनॉल, एऑन, आर्म होल्डिंग्स, ऑटोमैटिक डेटा प्रोसेसिंग (एडीपी), बोस्टन साइंटिफिक, डॉयचे बैंक, जनरल डायनेमिक्स, जॉनसन कंट्रोल्स, लाम रिसर्च, मेटा प्लेटफॉर्म्स, माइक्रोसॉफ्ट, क्वालकॉम, स्टारबक्स, यूबीएस ग्रुप और वर्टिव होल्डिंग्स शामिल हैं। गुरुवार (30 जुलाई) आर्थिक आंकड़ों के तहत कंटीन्यूइंग क्लेम्स, ईआईए नेचुरल गैस इन्वेंटरीज, दूसरी तिमाही का एडवांस जीडीपी आंकड़ा, इनिशियल जॉब्लेस क्लेम्स, पीसीई प्राइस इंडेक्स, पर्सनल इनकम और पर्सनल स्पेंडिंग के डेटा जारी होंगे। कॉर्पोरेट जगत में टेक महाबली अमेज़न और एप्पल के साथ-साथ अनहाइजर-बुश इनबेव, ब्रिस्टल-मायर्स स्क्विब, कॉइनबेस ग्लोबल, कॉर्टेवा, लाइव नेशन एंटरटेनमेंट, मोनोलिथिक पावर सिस्टम्स, क्वांटा सर्विसेज, शेल, स्ट्राइकर, त्रेन टेक्नोलॉजीज और वेल एसए के नतीजे सामने आएंगे। शुक्रवार (31 जुलाई) सप्ताह के अंतिम दिन शिकागो पीएमआई, एम्प्लॉयमेंट कॉस्ट इंडेक्स और यूनिवर्सिटी ऑफ मिशिगन कंज्यूमर सेंटिमेंट के आंकड़े आएंगे। अर्निंग्स कैलेंडर में एब्वाइ, शेवरॉन, कोलगेट-पामोलिव, डोमिनियन एनर्जी, ईटन कॉर्पोरेशन, एनब्रिज, लिंडे और नैशनल वेस्टमिंस्टर (नेटवेस्ट) ग्रुप जैसी दिग्गज कंपनियां अपने तिमाही प्रदर्शन की जानकारी देंगी। इसका आप पर असर भारत और वैश्विक निवेशकों के लिए: • वैश्विक बाजार में: अमेरिकी फेडरल रिजर्व के दरों पर फैसले और टेक कंपनियों के नतीजों से भारतीय आईटी सेक्टर और टेक शेयरों पर सीधा असर पड़ सकता है। • कच्चे तेल और महंगाई पर: मध्य पूर्व में तनाव के कारण कच्चे तेल की ऊंची कीमतें बनी रहीं तो भारत में ईंधन की लागत और पेट्रोल-डीजल की दरों पर दबाव बढ़ सकता है। सवाल-जवाब 1. 27 से 31 जुलाई के कारोबारी हफ्ते के लिए अमेरिकी शेयर बाजार का अनुमान क्या है? बाजार के मध्यम रूप से मंदी के रुख (मॉडरेटली बेयरिश) और उच्च उतार-चढ़ाव में रहने का अनुमान है, जिस पर फेड के फैसले और कच्चे तेल की दरों का असर रहेगा। 2. बीते हफ्ते नैस्डैक और अन्य सूचकांकों में कितनी गिरावट दर्ज की गई? नैस्डैक कंपोजिट में 745.05 अंक (2.90%) की गिरावट आई और वह 24,975.82 पर बंद हुआ। डाउ जोंस 207.32 अंक (0.40%) और एसएंडपी 500 में 77.20 अंक (1.03%) की गिरावट दर्ज की गई। 3. इस हफ्ते कौन सी प्रमुख टेक कंपनियां अपने तिमाही नतीजे घोषित करेंगी? मैग्निफिसेंट 7 समूह में शामिल अमेज़न, एप्पल, मेटा और माइक्रोसॉफ्ट इस हफ्ते अपने तिमाही नतीजे जारी करेंगी। 4. फेडरल रिजर्व की बैठक कब है और ब्याज दरों पर क्या उम्मीद है? फेडरल ओपन मार्केट कमेटी (एफओएमसी) की बैठक 28-29 जुलाई को है। बाजार को उम्मीद है कि इस बार दरें स्थिर रहेंगी, जबकि सितंबर में दर वृद्धि की 80% संभावना जताई जा रही है। 5. कच्चे तेल और भू-राजनीतिक तनाव का शेयर बाजार पर क्या प्रभाव पड़ रहा है? अमेरिका-ईरान तनाव और लाल सागर में आपूर्ति बाधाओं के चलते कच्चे तेल के दाम और बॉन्ड यील्ड ऊंचे बने हुए हैं, जिससे शेयर बाजार पर दबाव है। https://trendkia.com/market/fed-ke-phaisale-aura-teka-knpaniyon-ke-natijon-se-pahale-us-sheyara-bajara-men-halachala-nasdaq-men-bari-giravata-ke-bada-satarka--10632 TrendKia — Har trend, sabse pehle.