सोने की चाल सुस्त, फेडरल रिजर्व की बैठक से पहले 4,100 डॉलर के आसपास ठहराव फेडरल रिजर्व की आगामी मौद्रिक नीति बैठक से पहले निवेशक अमेरिकी डॉलर की बिकवाली को लेकर सतर्क हैं, जिसके चलते सोने की कीमतों में $4,100 के आसपास ठहराव देखा जा रहा है। सोने की कीमतों में पिछले सत्र के निचले स्तरों से रिकवरी के बाद अब $4,100 के आसपास सुस्ती बनी हुई है। यूरोपीय सत्र के दौरान सोने ने अपने शुरुआती लाभ को समेटने का प्रयास किया, जिसकी मुख्य वजह अमेरिकी-ईरान संघर्ष में अस्थायी ठहराव और तेल की कीमतों में आई गिरावट के चलते सुरक्षित निवेश माने जाने वाले अमेरिकी डॉलर पर पड़ा दबाव है। बाजार का माहौल और फेड बैठक का असर अमेरिकी फेडरल रिजर्व की होने वाली मौद्रिक नीति बैठक से ठीक पहले निवेशक बाजार में सतर्क रुख अपनाए हुए हैं और फिलहाल किनारे से स्थिति पर नजर रख रहे हैं। अमेरिकी औद्योगिक गतिविधियों की गति को समझने के लिए ड्यूरेबल गुड्स ऑर्डर्स और डलास फेड मैन्युफैक्चरिंग इंडेक्स के आंकड़े भी आने वाले हैं, जो इस नीतिगत फैसले की दिशा तय करने में मदद करेंगे। तकनीकी विश्लेषण और चार्ट पैटर्न मौजूदा समय में XAU/USD का कारोबार $4,101 के आसपास हो रहा है। धातु का रुझान सकारात्मक बना हुआ है, लेकिन जून के अंत से कीमतें एक सीमित दायरे में सिमटी हुई हैं। 4-घंटे के चार्ट पर मोमेंटम संकेतक तट से सकारात्मक दायरे के बीच हैं, जहां रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स 50 की रेखा के इर्द-गिर्द घूम रहा है और मूविंग एवरेज कन्वर्जेंस डाइवर्जेंस शून्य से थोड़ा ऊपर है, जो किसी बड़े उलटफेर के बजाय समेकन का संकेत देता है। तेजी और मंदी के मुख्य स्तर तेजी के समर्थकों को ट्रेंड में बदलाव की पुष्टि के लिए लगभग $4,160 के descending trend-line और 22 जून के उच्च स्तर यानी $4,200 के क्षेत्र को पार करना होगा, जिससे जून के मध्य के उच्च स्तर जो कि $4,380 के आसपास हैं, पर ध्यान केंद्रित किया जा सके। हालांकि, तकनीकी रूप से यह पैटर्न मंदी की संभावनाओं की ओर भी इशारा करता है, जहां समर्थन स्तर $3,940 से $3,960 के बीच और अक्टूबर 2025 के निचले स्तर $3,885 के पास हैं। ऐतिहासिक महत्व और केंद्रीय बैंकों की भूमिका मानव इतिहास में सोने ने हमेशा मूल्य संचयन और विनिमय के साधन के रूप में अहम भूमिका निभाई है। वर्तमान में इसे आभूषणों के अलावा एक प्रमुख सेफ-हेवन एसेट और मुद्रास्फीति के खिलाफ बचाव का बेहतरीन जरिया माना जाता है। केंद्रीय बैंक अपने विदेशी मुद्रा भंडार में विविधता लाने और अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए बड़े पैमाने पर सोने की खरीदारी करते हैं। वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल के आंकड़ों के अनुसार, केंद्रीय बैंकों ने वर्ष 2022 में रिकॉर्ड 1,136 टन सोना खरीदा था, जिसकी कीमत करीब 70 अरब डॉलर थी। चीन, भारत और तुर्की जैसे उभरते हुए देशों के केंद्रीय बैंक इसमें सबसे आगे हैं। इसका आप पर असर व्यापक प्रभाव: सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव और वैश्विक ब्याज दरों से जुड़े फैसलों का असर भारत जैसे देशों में घरेलू सर्राफा बाजार, आभूषण खरीदारों और निवेशकों के पोर्टफोलियो पर सीधा पड़ता है। सवाल-जवाब 1. सोना इस समय किस स्तर के आसपास कारोबार कर रहा है? सोने की कीमत वर्तमान में $4,100 के आसपास बनी हुई है। 2. फेडरल रिजर्व की बैठक का सोने पर क्या असर हो सकता है? फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति बैठक से पहले निवेशक सतर्क रुख अपनाए हुए हैं, जिससे बाजार में दिशा को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। 3. केंद्रीय बैंक सोने की खरीदारी क्यों करते हैं? केंद्रीय बैंक अपने विदेशी मुद्रा भंडार में विविधता लाने और अपनी अर्थव्यवस्था की स्थिरता को मजबूत करने के लिए सोने को सुरक्षित रिजर्व के रूप में रखते हैं। 4. सोने के लिए प्रमुख समर्थन और प्रतिरोध स्तर कौन से हैं? सोने के लिए तत्काल प्रतिरोध $4,160 से $4,200 के बीच है, जबकि नीचे की ओर समर्थन $3,940 से $3,960 के क्षेत्र में मौजूद है। https://trendkia.com/market/gold-price-forecast-xau-usd-holds-around-4100-ahead-of-fed-meeting-10944 TrendKia — Har trend, sabse pehle.