जापानी येन में आई तेजी और हस्तक्षेप की आशंका से प्रमुख विदेशी मुद्रा क्रॉस में दर्ज की गई गिरावट जापान के मौद्रिक अधिकारियों द्वारा बाजार में हस्तक्षेप की बढ़ती आशंकाओं के बीच यूरो और जापानी येन के जोड़े में भारी गिरावट देखी गई है, जबकि कच्चे तेल की कीमतों में तेजी जारी है। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा बाजार में जापानी येन में आए अचानक उछाल ने विदेशी मुद्रा व्यापारियों के बीच बड़े पैमाने पर हस्तक्षेप की चिंताओं को बढ़ा दिया है। इस अप्रत्याशित हलचल के कारण यूरो और जापानी येन का विनिमय जोड़ा घटकर दो सप्ताह के निचले स्तर पर पहुंच गया। बाजार सहभागियों द्वारा संभावित सरकारी कदम को लेकर जताई जा रही सतर्कता के बीच यूरो 185.75 के स्तर के पास प्रतिरोध का सामना करने के बाद फिसल गया। इसके अतिरिक्त बेसेन्ट की टिप्पणियों और वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट कच्चे तेल के 90.00 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर बने रहने से निवेशकों ने सतर्क रुख अपनाया हुआ है। दिन के कारोबार के दौरान अमरीकी डॉलर के मुकाबले भी जापानी येन में अचानक मजबूती देखी गई, जिससे मुद्रा बाजार में हलचल तेज हो गई। यूरो और जापानी येन का तकनीकी विश्लेषण और महत्वपूर्ण स्तर दैनिक चार्ट का अध्ययन करने पर यूरो और जापानी येन का विनिमय दर 183.97 के स्तर पर कारोबार करता हुआ दिखाई देता है। यह मुद्रा जोड़ा 184.15 के समानांतर चैनल सीमा प्रतिरोध और 184.81 के आसपास स्थित 50, 100 और 200 की अवधि वाले साधारण मूविंग एवरेज के समेकित प्रतिरोध ढांचे के नीचे बना हुआ है। यह स्थिति निकट अवधि में मंदी के रुझान का संकेत देती है। तकनीकी संकेतक Relative Strength Index अर्थात RSI (14) घटकर लगभग 43 के स्तर पर आ गया है, जो तेजी की गति में कमी को दर्शाता है। ऊपरी स्तरों पर पहला तत्काल प्रतिरोध 184.15 की चैनल लाइन पर है, जिसके बाद 184.81 का प्रमुख क्षेत्र आता है। इसके ऊपर 189.44 के पास स्थित ट्रेंड-लाइन ब्रेक स्तर एक मजबूत ऊपरी सीमा के रूप में कार्य कर रहा है। नीचे की ओर मुख्य संरचनात्मक समर्थन 174.16 के स्तर पर स्थित है, जो बिकवाली का दबाव बढ़ने पर मुख्य मांग क्षेत्र साबित हो सकता है। विदेशी मुद्रा बाजार की व्यापक हलचल और अन्य प्रमुख जोड़े वैश्विक मुद्रा विनिमय तालिका के अनुसार जापानी येन आज न्यू ज़ीलैंड डॉलर के मुकाबले सबसे मजबूत प्रदर्शन करने वाली मुद्रा बनकर उभरा। अन्य प्रमुख करेंसी जोड़ों की बात करें तो ब्रिटिश पाउंड और अमरीकी डॉलर का जोड़ा लगातार गिरावट दर्ज करते हुए 1.3470 के स्तर के पास आ गया, जो चार सप्ताह का निचला स्तर है। पाउंड में आई इस गिरावट का मुख्य कारण अमरीकी डॉलर में बनी मजबूती और वैश्विक स्तर पर जारी भू-राजनीतिक तनाव है। दूसरी ओर यूरो और अमरीकी डॉलर का जोड़ा बुधवार के उत्तरार्ध में बढ़त बनाते हुए 1.1600 के स्तर की ओर बढ़ा। अमरीकी डॉलर में आई यह कमजोरी जापानी येन को समर्थन देने के लिए संभावित हस्तक्षेप और अगस्त महीने में अमरीका के निजी क्षेत्र में रोजगार सृजन के आंकड़े अनुमान से कमजोर रहने के कारण देखी गई। कच्चे तेल में तेजी, डीजल क्रैक स्प्रेड का रिकॉर्ड और सोने का रुख ऊर्जा बाजार में वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट यानी WTI कच्चे तेल का मूल्य लगातार तीसरे दिन बढ़कर 24 जुलाई के बाद के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया। पिछले छह सत्रों में से पांच में बढ़त दर्ज करते हुए कच्चा तेल 90.00 डॉलर के स्तर के ऊपर बना हुआ है। इसके साथ ही डीजल बाजार में भी अभूतपूर्व तेजी दर्ज की गई है। अमरीका में अल्ट्रा-लो सल्फर डीजल फ्यूचर्स और WTI के बीच का अंतर यानी क्रैक स्प्रेड इतिहास में पहली बार 100 डॉलर प्रति बैरल के पार निकलकर 102.00 डॉलर के इंट्राडे रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। इस बीच जापानी येन में आई अचानक तेजी से अमरीकी डॉलर पर बने दबाव के चलते सोने की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में जोरदार वापसी देखी गई और इसने अपनी शुरुआती सभी गिरावट की भरपाई कर ली। क्रिप्टोकरेंसी बाजार में सुस्ती और शेयर बाजार का रुझान डिजिटल परिसंपत्तियों के बाजार में बुधवार को व्यापक स्तर पर बिकवाली और सुस्ती का माहौल देखने को मिला। निवेशक किसी भी बड़े फैसले से पहले सतर्क रुख अपना रहे हैं। दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी बिटकॉइन 77,000 डॉलर के अपने अल्पकालिक समर्थन स्तर के आसपास समेकित हो रही है। एथेरियम पर भी दबाव बना हुआ है और यह घटकर 2,400 डॉलर के स्तर की ओर फिसल गया है, जबकि रिपल में भी गिरावट का रुख जारी है। हालांकि मध्य पूर्व में तनाव के बावजूद अमरीकी शेयर बाजार के प्रमुख सूचकांकों में मजबूती का रुख बना रहा और वे बढ़त के साथ कारोबार करते दिखे। इसका आप पर असर विदेशी मुद्रा बाजार में जापानी येन की मजबूती और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय व्यापार, मुद्रास्फीति और निवेशकों के पोर्टफोलियो पर पड़ेगा। • भारत में: कच्चे तेल की कीमतें 90.00 डॉलर प्रति बैरल के पार रहने से भारत के आयात बिल पर दबाव बढ़ेगा, जिससे पेट्रोल-डीजल की कीमतों और परिवहन लागत पर असर पड़ सकता है। • वैश्विक निवेशकों के लिए: मुद्रा बाजारों में जापानी येन के हस्तक्षेप की आहट से अंतरराष्ट्रीय फॉरेक्स ट्रेडर्स और क्रिप्टो निवेशकों को उच्च अस्थिरता का सामना करना पड़ सकता है। • सोने के खरीदारों के लिए: डॉलर सूचकांक में नरमी और येन में उछाल के कारण सोने की वैश्विक कीमतों में सुधार दर्ज किया जा रहा है, जिससे कीमती धातुओं के दाम मजबूत हो सकते हैं। • ईंधन एवं लॉजिस्टिक्स क्षेत्र: डीजल क्रैक स्प्रेड का 100 डॉलर के पार रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचना वैश्विक स्तर पर माल ढुलाई और लॉजिस्टिक्स लागत को बढ़ा सकता है। सवाल-जवाब 1. यूरो और जापानी येन का वर्तमान व्यापारिक स्तर क्या है? चार्ट पर यूरो और जापानी येन का विनिमय दर 183.97 के आसपास कारोबार कर रहा है और इसे 184.15 पर निकटतम प्रतिरोध का सामना करना पड़ रहा है। 2. जापानी येन में अचानक तेजी क्यों आई? जापान के वित्त अधिकारियों द्वारा मुद्रा बाजार में संभावित हस्तक्षेप की आशंकाओं के कारण जापानी येन में अचानक मजबूती आई। 3. अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की क्या स्थिति है? वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) कच्चा तेल लगातार तीसरे दिन बढ़ता हुआ 90.00 डॉलर प्रति बैरल के स्तर से ऊपर बना हुआ है। 4. बिटकॉइन और एथेरियम किस स्तर पर कारोबार कर रहे हैं? बिटकॉइन 77,000 डॉलर के समर्थन स्तर के पास समेकित हो रहा है, जबकि एथेरियम 2,400 डॉलर के स्तर की ओर फिसल गया है। https://trendkia.com/market/japanese-yen-men-ai-teji-aura-hastakshepa-ki-ashnka-se-pramukha-videshi-mudra-krosa-men-darja-ki-gai-giravata-26610 TrendKia — Har trend, sabse pehle.