अमेरिकी डॉलर के मुकाबले कमजोर स्थिति में जापानी येन, क्या कहती है बाजार की चाल जापानी येन अमेरिकी डॉलर के सामने एक महीने के निचले दायरे के करीब सुस्त कारोबार कर रहा है। वित्त मंत्रालय की नीतियां, अमेरिका के साथ ब्याज दरों का अंतर और भू-राजनीतिक तनाव इसकी अहम वजहें हैं। कारोबारी सप्ताह की शुरुआत में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले जापानी येन सुस्त रुख के साथ एशियाई सत्र के दौरान 160.00 के मनोवैज्ञानिक स्तर के आसपास कारोबार कर रहा है। शुक्रवार को बने एक महीने के उच्चतम स्तर से थोड़ा नीचे चल रहे इस जोड़े के लिए मौजूदा फंडामेंटल हालात तेजी के रुख की ओर इशारा कर रहे हैं। बाजार के जानकारों का मानना है कि इस मुद्रा जोड़ी के लिए कीमतों में ऊपर की ओर बढ़ने का रास्ता तुलनात्मक रूप से आसान नजर आता है। सार्वजनिक वित्त और ब्याज दरों का अंतर जापान के खराब होते सार्वजनिक वित्त और विस्तारवादी राजकोषीय नीतियों को लेकर निवेशकों में बनी चिंता के कारण जापानी येन का प्रदर्शन अपेक्षाकृत कमजोर बना रह सकता है। इसके अलावा अमेरिकी ट्रेजरी सचिव स्कॉट बेसेंट ने रविवार को स्पष्ट किया कि येन में हालिया उतार-चढ़ाव काफी हद तक नियंत्रित दायरे में हैं। इससे जापान और अमेरिका द्वारा मिलकर किसी मुद्रा हस्तक्षेप किए जाने की उम्मीदों को झटका लगा है। इसके साथ ही जापान में उधारी की लागत अमेरिका समेत अन्य प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं की तुलना में काफी कम बनी हुई है। इस स्थिति के चलते प्रसिद्ध येन कैरी ट्रेड सक्रिय है जो इस जोड़े के लिए एक बड़ा सपोर्ट साबित हो रहा है। तकनीकी स्तर और महत्वपूर्ण बाधाएं ऊपरी स्तरों पर बात करें तो तकनीकी लिहाज से पहली बाधा 160.34 पर 200-पीरियड एसएमए के पास दिखती है। इसके बाद 160.64 पर 61.8 प्रतिशत फिबोनाची रिट्रेसमेंट स्तर और फिर 162.10 पर 78.6 प्रतिशत का स्तर अगला प्रतिरोध है। दूसरी ओर नीचे की तरफ शुरुआती सपोर्ट 159.61 पर 50 प्रतिशत रिट्रेसमेंट स्तर पर है, जिसके बाद 159.12 पर 100-पीरियड एसएमए का पहरा है। यदि गिरावट गहरी होती है तो 158.58 पर 38.2 प्रतिशत रिट्रेसमेंट और 157.31 पर 23.6 प्रतिशत का स्तर निचले संरचनात्मक सहारे के रूप में काम कर सकते हैं। येन के मूल्य को तय करने वाले कारक जापानी येन दुनिया की सबसे अधिक कारोबार की जाने वाली मुद्राओं में शुमार है। इसका मूल्य मुख्य रूप से जापानी अर्थव्यवस्था के प्रदर्शन से तय होता है। इसके अलावा बैंक ऑफ जापान की मौद्रिक नीति, जापानी और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड के बीच का अंतर तथा कारोबारियों के बीच जोखिम की धारणा भी इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। बैंक ऑफ जापान के मुख्य दायित्वों में मुद्रा नियंत्रण शामिल है, इसलिए इसके कदम इस मुद्रा के लिए बेहद अहम माने जाते हैं। बैंक ऑफ जापान ने अतीत में सीधे तौर पर मुद्रा बाजारों में हस्तक्षेप किया है, हालांकि मुख्य व्यापारिक साझेदारों की राजनीतिक चिंताओं के कारण वह ऐसा बहुत कम करता है। मौद्रिक नीति का प्रभाव और सुरक्षित निवेश का रुतबा पिछले एक दशक के दौरान बैंक ऑफ जापान द्वारा अपनी अत्यधिक ढीली मौद्रिक नीति पर टिके रहने के कारण अन्य केंद्रीय बैंकों, विशेष रूप से अमेरिकी फेडरल रिजर्व के साथ नीतिगत अंतर काफी बढ़ गया था। इससे 10-वर्षीय अमेरिकी और जापानी बॉन्ड के बीच का अंतर चौड़ा हुआ, जिसने अमेरिकी डॉलर को जापानी येन के मुकाबले मजबूत किया। हालांकि साल 2024 में बैंक ऑफ जापान द्वारा इस ढीली नीति को धीरे-धीरे छोड़ने के निर्णय और अन्य प्रमुख केंद्रीय बैंकों द्वारा ब्याज दरों में कटौती से यह अंतर अब सिमट रहा है। इसके बावजूद जापानी येन को अक्सर एक सुरक्षित निवेश के रूप में देखा जाता है। इसका मतलब यह है कि बाजार में तनाव के समय निवेशक इसकी कथित विश्वसनीयता और स्थिरता के कारण अपना पैसा इस जापानी मुद्रा में लगाना अधिक पसंद करते हैं। इसका आप पर असर मुद्रा बाजार में येन और डॉलर के इस उतार-चढ़ाव का असर वैश्विक आयात-निर्यात और विदेशी यात्राओं पर पड़ता है। • भारत में: विदेशी मुद्रा बाजारों में डॉलर की मजबूती और येन की कमजोरी से अंतरराष्ट्रीय मुद्रा विनिमय दरों पर असर पड़ता है, जिससे वैश्विक व्यापार और आयातित वस्तुओं की लागत प्रभावित हो सकती है। • बाजार के मोर्चे पर: मुद्रा जोड़े में उतार-चढ़ाव निवेशकों और फॉरेक्स कारोबारियों के लिए जोखिम और अवसर दोनों लेकर आते हैं। • रणनीति के स्तर पर: ट्रेजरी सचिव के बयानों और केंद्रीय बैंक की नीतियों पर नजर रखने वाले निवेशकों को अपनी पोजीशन संभालते समय तकनीकी सपोर्ट और रेजिस्टेंस स्तरों का ध्यान रखना चाहिए। • जोखिम प्रबंधन: सुरक्षित निवेश के रुझानों में बदलाव से कमोडिटी और अन्य परिसंपत्तियों की कीमतों में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। सवाल-जवाब 1. जापानी येन वर्तमान में किस स्तर के आसपास कारोबार कर रहा है? जापानी येन एशियाई सत्र के दौरान 160.00 के मनोवैज्ञानिक स्तर के आसपास कारोबार कर रहा है। 2. येन की कमजोरी के पीछे मुख्य कारण क्या है? जापान के सार्वजनिक वित्त की स्थिति और अमेरिका-जापान के बीच ब्याज दरों का बड़ा अंतर इसके मुख्य कारण हैं। 3. स्कॉट बेसेंट ने हाल ही में क्या बयान दिया है? उन्होंने कहा है कि येन में हालिया उतार-चढ़ाव काफी हद तक नियंत्रित दायरे में हैं। 4. तकनीकी रूप से येन के लिए पहली ऊपरी बाधा कहां है? 160.34 पर 200-पीरियड एसएमए के पास पहली तकनीकी बाधा दिखाई देती है। https://trendkia.com/market/japanese-yen-remains-vulnerable-near-one-month-low-versus-usd-amid-interest-rate-gap-24811 TrendKia — Har trend, sabse pehle.