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  "type": "article",
  "title": "जापानी येन पर बना दबाव, अमेरिकी डॉलर 158.50 के स्तर के पास मजबूत स्थिति में",
  "summary": "कैरी ट्रेड और बॉन्ड यील्ड के सहारे अमेरिकी डॉलर जापानी येन के मुकाबले 158.50 पर स्थिर बना हुआ है, जबकि निवेशक जापान के मुद्रास्फीति आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं।",
  "content": "अंतरराष्ट्रीय मुद्रा बाजार में जापानी येन लगातार कमजोरी का सामना कर रहा है और यह जी10 देशों की मुद्राओं में सबसे कमजोर प्रदर्शन करने वाली मुद्रा बनी हुई है। जापानी मुद्रा के मुकाबले अमेरिकी डॉलर 158.50 के आसपास मजबूत बना हुआ है। बाजार में बड़े पैमाने पर जारी कैरी ट्रेड की वजह से येन की रिकवरी रुक गई है। कारोबारी अब किसी बड़े दांव से पहले जापान के राष्ट्रीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक से जुड़े मुद्रास्फीति आंकड़ों की प्रतीक्षा कर रहे हैं, जो शुक्रवार को जारी होने वाले हैं। इसके साथ ही अमेरिकी बॉन्ड प्रतिफल में आई मजबूती भी अमेरिकी डॉलर को समर्थन दे रही है।\n\nडॉलर और येन के बीच 24 घंटे का तकनीकी दायरा\nअमेरिकी डॉलर और जापानी येन के बीच पिछले कुछ सत्रों में तेज उतार-चढ़ाव देखा गया है। पिछले शुक्रवार को डॉलर 157.67 और 158.33 के दायरे में कारोबार करता रहा और अंत में 157.99 के स्तर पर बंद हुआ, जिसमें केवल 0.01 प्रतिशत की मामूली बढ़त दर्ज की गई। शुरुआत में जब यह 157.90 के आसपास था, तब तकनीकी संकेतों से ऐसा लग रहा था कि गिरावट का दबाव बनेगा और डॉलर गिरकर 157.50 के स्तर को छू सकता है। हालांकि बाजार की चाल इसके विपरीत रही। डॉलर 157.68 तक फिसलने के बाद तेजी से उछला और 158.54 के उच्च स्तर पर पहुंच गया।\n\nवर्तमान कारोबारी सत्र में डॉलर के लिए ऊपर की ओर गति बनती दिख रही है। दिन के कारोबार में डॉलर बढ़कर 158.80 के स्तर तक पहुंच सकता है। हालांकि विश्लेषकों का मानना है कि 159.05 का अहम तकनीकी प्रतिरोध स्तर फिलहाल पहुंच से बाहर रहने की संभावना है। ऊपर की इस तेजी को बनाए रखने के लिए डॉलर को 158.15 से ऊपर टिके रहना होगा, जबकि निकट अवधि में 158.30 पर मामूली समर्थन मौजूद है।\n\nएक से तीन हफ्तों का बाजार परिदृश्य\nआने वाले एक से तीन हफ्तों के नजरिए से देखा जाए तो डॉलर और येन की जोड़ी एक तय दायरे में कारोबार करती दिख रही है। 14 अक्टूबर बुधवार को जब स्पॉट भाव 158.35 पर था, तब यह संभावना जताई गई थी कि यह मुद्रा जोड़ी 157.50 से 159.05 के बीच सीमित दायरे में रहेगी। तब से अब तक डॉलर इसी सीमित दायरे के भीतर बना हुआ है और इस दृष्टिकोण में कोई बड़ा बदलाव नहीं आया है। यद्यपि लंबी अवधि में येन के लिए गिरावट के कुछ जोखिम बने हुए हैं, लेकिन मौजूदा स्थिति सीमित दायरे वाले कारोबार के पक्ष में है।\n\nऑस्ट्रेलियाई डॉलर में सुधार और वैश्विक धारणा\nएशियाई बाजार में मंगलवार को ऑस्ट्रेलियाई डॉलर भी मजबूती दिखाता हुआ 0.7000 के स्तर की ओर बढ़ता नजर आया। बाजार की धारणा में सुधार और अमेरिकी डॉलर की तेजी थमने से ऑस्ट्रेलियाई डॉलर को सहारा मिला है। हालांकि निवेशकों के मन में भू-राजनीतिक तनाव और कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी एआई से जुड़ी बड़ी टेक कंपनियों की आगामी वित्तीय नतीजों की रिपोर्ट को लेकर सतर्कता बनी हुई है, जिससे इस मुद्रा जोड़ी की तेजी पर कुछ सीमाएं लग सकती हैं।\n\nसोने की कीमतों पर दबाव और बॉन्ड यील्ड का असर\nयूरोपीय कारोबारी सत्र के दौरान सोने की कीमतों में कमजोरी दर्ज की गई और यह गिरकर लगभग 4,120 डॉलर प्रति औंस के करीब पहुंच गया। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में सुधार और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के कारण बहुमूल्य धातुओं पर बिकवाली का दबाव देखा जा रहा है। अमेरिका की बड़ी हाइपरस्केलर टेक कंपनियां जल्द ही अपनी तीसरी तिमाही के नतीजे जारी करने जा रही हैं, जिससे बॉन्ड प्रतिफल में उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। अमेरिका के 10 वर्षीय ट्रेजरी बॉन्ड का प्रतिफल 0.35 प्रतिशत घटकर करीब 5.13 प्रतिशत के आसपास रहा, लेकिन इससे पहले सोमवार को इसमें 1.2 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई थी। अमेरिकी बॉन्ड यील्ड का ऊंचा स्तर गैर-उपज वाली संपत्तियों जैसे सोने की मांग को प्रभावित कर रहा है।\n\nक्रिप्टो बाजार में नियर प्रोटोकॉल का हाल\nक्रिप्टोकरेंसी बाजार में नियर प्रोटोकॉल की कीमत में मंगलवार को लगभग 2 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। यह गिरावट सोमवार को हुई 2 प्रतिशत की कमी के जैसी ही रही। हालांकि कीमतों में इस मंदी के बावजूद संस्थागत निवेशकों की मांग मजबूत बनी हुई है। बिटवाइज़ के नियर आधारित एक्सचेंज ट्रेडेड फंड यानी ईटीएफ में सोमवार को 50 लाख डॉलर से अधिक का निवेश दर्ज किया गया। यह इस बात का संकेत है कि डिजिटल संपत्तियों में तकनीकी उतार-चढ़ाव के बावजूद बड़े फंड लगातार रुचि ले रहे हैं।\n\nआगामी आर्थिक आंकड़ों पर टिकी नजरें\nमुद्रा बाजार के सहभागियों का मुख्य ध्यान अब जापान के आगामी महंगाई आंकड़ों और अमेरिकी तकनीकी कंपनियों की वित्तीय आय पर टिका हुआ है। यदि जापान का मुद्रास्फीति आंकड़ा उम्मीद से अधिक रहता है, तो बैंक ऑफ जापान पर ब्याज दरें बढ़ाने का दबाव बढ़ सकता है, जिससे येन को कुछ राहत मिल सकती है। इसके विपरीत, यदि अमेरिकी अर्थव्यवस्था में मजबूती के संकेत जारी रहते हैं, तो डॉलर अपनी मजबूत स्थिति बरकरार रख सकता है। तब तक मुद्रा बाजारों में व्यापक दायरे के भीतर ही उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।\n\nइसका आप पर असर\nवैश्विक मुद्रा बाजारों और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में जारी हलचल का सीधा असर अंतरराष्ट्रीय यात्रा खर्च, सोने के भाव और निवेश पोर्टफोलियो पर पड़ता है।\n\n• भारतीय निवेशकों पर प्रभाव: अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में तेजी और डॉलर की मजबूती से उभरते बाजारों में विदेशी निवेश की रफ्तार प्रभावित हो सकती है। निवेशकों को अपने डेट और इक्विटी आवंटन पर कड़ी नजर रखनी चाहिए।\n• सोने के खरीदारों पर असर: अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने के 4,120 डॉलर के करीब फिसलने से घरेलू बाजार में भी सोने के भाव सीमित दायरे में रह सकते हैं। त्योहारी और शादी के सीजन में खरीदारी करने वालों के लिए यह कीमतों में स्थिरता का समय हो सकता है।\n• विदेशी यात्रियों और छात्रों के लिए: येन के कमजोर बने रहने से जापान की यात्रा करने वाले पर्यटकों और छात्रों के लिए स्थानीय खर्च तुलनात्मक रूप से किफायती बना रहेगा। इसके विपरीत, मजबूत अमेरिकी डॉलर के कारण डॉलर आधारित भुगतान महंगे साबित हो सकते हैं।\n• क्रिप्टो निवेशकों के लिए: संस्थागत फंड का प्रवाह जारी रहने के बावजूद टोकन की कीमतों में नरमी देखने को मिल रही है। खुदरा निवेशकों को अत्यधिक उतार-चढ़ाव वाले बाजार में सोच-समझकर पूंजी लगानी चाहिए।\n\nऐसा क्यों हुआ\nमुद्रा बाजार में डॉलर की मजबूती और येन की कमजोरी कई व्यापक आर्थिक कारकों, ब्याज दरों के भारी अंतर और आगामी महत्वपूर्ण आर्थिक घोषणाओं का परिणाम है।\n\n• कैरी ट्रेड का निरंतर दबाव: अमेरिका और जापान के बीच ब्याज दरों का बड़ा अंतर निवेशकों को कम ब्याज वाली जापानी मुद्रा उधार लेकर डॉलर में निवेश करने के लिए प्रेरित करता है। इस कैरी ट्रेड रणनीति के कारण येन लगातार बिकवाली के दबाव में बना हुआ है।\n• अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में मजबूती: अमेरिकी 10 वर्षीय ट्रेजरी प्रतिफल 5.13 प्रतिशत के ऊंचे स्तर के पास बना हुआ है। सोमवार को इसमें 1.2 प्रतिशत का उछाल आया था, जिसने डॉलर को व्यापक समर्थन प्रदान किया।\n• आगामी महंगाई आंकड़ों की प्रतीक्षा: शुक्रवार को जारी होने वाले जापान के राष्ट्रीय उपभोक्ता मूल्य सूचकांक से पहले व्यापारी आक्रामक सौदे करने से बच रहे हैं। नीतिगत बदलाव के स्पष्ट संकेत न मिलने तक निवेशक सीमित दायरे में ही कारोबार कर रहे हैं।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. अमेरिकी डॉलर के मुकाबले जापानी येन किस स्तर पर कारोबार कर रहा है?\nजापानी येन के मुकाबले अमेरिकी डॉलर 158.50 के स्तर के आसपास स्थिर बना हुआ है।\n\n2. डॉलर के लिए निकट अवधि में मुख्य तकनीकी स्तर क्या हैं?\nडॉलर के लिए 158.80 का स्तर ऊपरी लक्ष्य है जबकि 159.05 एक प्रमुख प्रतिरोध है, वहीं 158.15 और 158.30 महत्वपूर्ण समर्थन स्तर हैं।\n\n3. सोने की कीमत घटकर किस स्तर पर आ गई है?\nयूरोपीय कारोबार में बिकवाली के दबाव के चलते सोने की कीमत गिरकर लगभग 4,120 डॉलर प्रति औंस के करीब पहुंच गई है।\n\n4. अमेरिकी 10 वर्षीय ट्रेजरी यील्ड की वर्तमान स्थिति क्या है?\n10 वर्षीय अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड 0.35 प्रतिशत गिरकर करीब 5.13 प्रतिशत पर रही, जबकि सोमवार को इसमें 1.2 प्रतिशत की बढ़त हुई थी।\n\n5. नियर प्रोटोकॉल ईटीएफ में हाल ही में कितना संस्थागत निवेश हुआ है?\nबिटवाइज़ के नियर केंद्रित ईटीएफ में सोमवार को 50 लाख डॉलर से अधिक का ताजा निवेश दर्ज किया गया।",
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  "category": "बाज़ार",
  "publishedAt": "2026-10-21",
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