कीमती धातुओं में तेजी का दौर जारी, एमसीएक्स पर सोने का दाम ₹1.60 लाख के पार पहुंचा वैश्विक अनिश्चितताओं और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के बीच सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ने से सोने और चांदी की कीमतों में जोरदार उछाल देखा जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ती अनिश्चितता और भू-राजनीतिक तनाव के बीच कीमती धातुओं की कीमतों में लगातार तेजी दर्ज की जा रही है। घरेलू वायदा बाजार यानी एमसीएक्स पर सोने की कीमतें एक बार फिर 1.60 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर को पार कर गई हैं। वहीं चांदी की कीमतों में भी जोरदार तेजी देखी जा रही है और यह 2.45 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के आंकड़े के बेहद करीब पहुंच चुकी है। वैश्विक बाजारों में मजबूती के कारण दोनों कीमती धातुएं लगातार तीसरे हफ्ते बढ़त दर्ज करने की राह पर हैं। ग्लोबल मार्केट में स्पॉट गोल्ड और सिल्वर का हाल अंतरराष्ट्रीय सर्राफा बाजार में स्पॉट गोल्ड का कारोबार 4,530 डॉलर प्रति औंस के पार बना हुआ है। इसके साथ ही स्पॉट सिल्वर में 1 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई है, जिससे इसका भाव 69 डॉलर प्रति औंस के करीब पहुंच गया है। कच्चे तेल की ऊंची कीमतों के बावजूद निवेशकों द्वारा सुरक्षित निवेश के विकल्पों को प्राथमिकता देने से सोने और चांदी की मांग में लगातार इजाफा हो रहा है। इसके अलावा चीन सहित कई प्रमुख केंद्रीय बैंकों द्वारा सोने की लगातार खरीदारी और मजबूत संस्थागत निवेश ने भी कीमतों को सहारा दिया है। कच्चे तेल और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड का असर ऊर्जा बाजार में शुक्रवार को कच्चे तेल की कीमतों में हल्की नरमी देखी गई, लेकिन इसके बावजूद कीमतें ऊंचे स्तरों के पास टिकी हुई हैं। अमेरिका में डब्ल्यूटीआई क्रूड का भाव 86 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर बना हुआ है, जबकि ब्रेंट क्रूड 94 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार कर रहा है। दूसरी ओर, अमेरिका के ट्रेजरी विभाग द्वारा अपने दीर्घकालिक कर्ज की पुनर्खरीद को कम से कम दोगुना करने की योजना की घोषणा के बाद अमेरिकी डॉलर और बॉन्ड यील्ड में गिरावट आई। हालांकि, बाद में यील्ड में सुधार हुआ क्योंकि बाजार को चिंता है कि सरकार का यह कदम केवल अस्थायी राहत दे सकता है। ईरान पर प्रतिबंध और भू-राजनीतिक तनाव मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और अमेरिका द्वारा ईरान के खिलाफ व्यापक नए आर्थिक प्रतिबंध लगाने की तैयारियों के कारण कच्चे तेल में तेजी का रुख बना हुआ है। भू-राजनीतिक मोर्चे पर अनिश्चितता के कारण निवेशक शेयर बाजार जैसे जोखिम वाले परिसंपत्तियों के बजाय सोने जैसे सुरक्षित साधनों में पूंजी लगा रहे हैं। बॉन्ड यील्ड में उतार-चढ़ाव और महंगाई की चिंताओं के बीच सोने की निवेश मांग बेहद मजबूत बनी हुई है, जिससे आने वाले दिनों में भी सर्राफा बाजार में मजबूती बने रहने के आसार जताए जा रहे हैं। इसका आप पर असर • निवेशकों के लिए: सोने और चांदी की बढ़ती कीमतें पोर्टफोलियो को हेज करने में मदद करेंगी, हालांकि नए खरीदारों के लिए लागत बढ़ जाएगी। • आम उपभोक्ताओं के लिए: आगामी त्योहारी सीजन में सोने और चांदी के आभूषण खरीदना काफी महंगा साबित हो सकता है। • पेट्रोल-डीजल पर असर: कच्चे तेल की कीमतें 94 डॉलर प्रति बैरल के पास रहने से आने वाले दिनों में ईंधन की कीमतों पर दबाव बना रह सकता है। सवाल-जवाब 1. 21 अगस्त 2026 को एमसीएक्स पर सोने का भाव क्या रहा? 21 अगस्त 2026 को एमसीएक्स पर सोना 1.60 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के पार पहुंच गया। 2. अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड और सिल्वर की कीमतें क्या हैं? अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड 4,530 डॉलर प्रति औंस के ऊपर और स्पॉट सिल्वर 69 डॉलर प्रति औंस के करीब कारोबार कर रहा है। 3. कच्चे तेल की कीमतें कितनी चल रही हैं? अमेरिका में डब्ल्यूटीआई क्रूड 86 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर और ब्रेंट क्रूड 94 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बना हुआ है। 4. सोने और चांदी की कीमतों में तेजी की मुख्य वजह क्या है? सुरक्षित निवेश की मांग, केंद्रीय बैंकों (विशेषकर चीन) द्वारा खरीदारी और ईरान पर अमेरिकी प्रतिबंधों की आशंका से कीमतें बढ़ रही हैं। https://trendkia.com/market/kimati-dhatuon-men-teji-ka-daura-jari-mcx-para-sone-ka-dama-1-60-lakha-ke-para-pahuncha-19428 TrendKia — Har trend, sabse pehle.