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  "type": "article",
  "title": "लिस्टिंग के दूसरे दिन भी जियो के शेयरों में तेजी, मार्केट कैप 13.10 लाख करोड़ रुपये के पार",
  "summary": "जियो प्लेटफॉर्म्स के शेयर लगातार दूसरे दिन बढ़त के साथ बंद हुए। इस मजबूती के दम पर कंपनी का बाजार मूल्यांकन 13.10 लाख करोड़ रुपये के आंकड़े को पार कर गया।",
  "content": "घरेलू शेयर बाजारों में नए नवेले सूचीबद्ध स्टॉक जियो प्लेटफॉर्म्स के शेयरों में गुरुवार को भी खरीदारी का दौर जारी रहा। लगातार दूसरे ट्रेडिंग सत्र में तेजी दर्ज करते हुए कंपनी का शेयर बीएसई पर 0.40 प्रतिशत चढ़कर 1423.05 रुपये पर बंद हुआ। दिन के कारोबार के दौरान खरीदारी की रफ्तार काफी तेज रही, जिससे यह शेयर 5.12 प्रतिशत की छलांग लगाकर 1490 रुपये के उच्चतम स्तर तक पहुंच गया था। इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी एनएसई पर भी तेजी देखने को मिली, जहां कंपनी का शेयर 0.14 प्रतिशत बढ़कर 1419.50 रुपये प्रति शेयर पर बंद हुआ। एनएसई पर कारोबार के बीच इस शेयर ने 5.09 प्रतिशत चढ़कर 1489.70 रुपये का उच्च स्तर छू लिया था।\n\nगुरुवार को 5249.15 करोड़ रुपये बढ़ा बाजार मूल्यांकन\nशेयरों में आई इस तेजी के चलते बीएसई पर कंपनी के मार्केट कैप में एक ही दिन में 5249.15 करोड़ रुपये की वृद्धि दर्ज की गई। इसके साथ ही जियो प्लेटफॉर्म्स का कुल बाजार मूल्यांकन बढ़कर 13,10,491.13 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। रिलायंस इंडस्ट्रीज की यह डिजिटल सेवा कंपनी शेयर बाजार में कदम रखने के महज दो दिनों के भीतर अपने 1119 रुपये के इश्यू प्राइस से 27 प्रतिशत से अधिक ऊपर बंद होने में सफल रही है। बुधवार को शेयर बाजार में धमाकेदार शुरुआत करते हुए इस शेयर ने पहले कारोबारी दिन इश्यू प्राइस से लगभग 27 प्रतिशत ऊपर समाप्ति की थी। इस शानदार प्रदर्शन के साथ ही कंपनी मूल्यांकन के मामले में भारतीय बाजार की दूसरी सबसे बड़ी कंपनी बन गई।\n\nरिलायंस इंडस्ट्रीज के बाद देश की दूसरी सबसे बड़ी कंपनी बनी\nबुधवार के कारोबारी सत्र की समाप्ति पर जियो प्लेटफॉर्म्स का कुल बाजार पूंजीकरण 13 लाख करोड़ रुपये दर्ज किया गया था। वर्तमान में 15.92 लाख करोड़ रुपये के मूल्यांकन के साथ रिलायंस इंडस्ट्रीज देश की सबसे मूल्यवान कंपनी के पायदान पर काबिज है। शीर्ष पांच मूल्यवान कंपनियों की सूची पर नजर डालें तो जियो प्लेटफॉर्म्स ने भारती एयरटेल, एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक को पीछे छोड़ते हुए दूसरा स्थान हासिल कर लिया है।\n\nआईपीओ को मिला था 22.19 गुना भारी सब्सक्रिप्शन\nकंपनी के 30,213 करोड़ रुपये के विशाल आईपीओ को प्राथमिक बाजार में निवेशकों की जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली थी और यह कुल पेशकश की तुलना में 22.19 गुना सब्सक्राइब हुआ था। पब्लिक इश्यू तथा एंकर निवेशकों के आवंटन को मिलाकर कुल मांग का आंकड़ा 7.4 लाख करोड़ रुपये से अधिक पहुंच गया था, जबकि इस दौरान निवेशकों से कुल 1.39 करोड़ आवेदन प्राप्त हुए थे। यह पूरा सार्वजनिक निर्गम 27 करोड़ नए शेयरों का फ्रेश इश्यू था, जिसके लिए 1065 रुपये से 1119 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया गया था।\n\nइसका आप पर असर\nजियो प्लेटफॉर्म्स के शेयरों में जारी तेजी का सीधा असर शेयर बाजार और खुदरा निवेशकों के पोर्टफोलियो पर दिखाई दे रहा है।\n\n• खुदरा निवेशकों पर: जिन निवेशकों को आईपीओ आवंटन मिला है, वे इश्यू प्राइस 1119 रुपये के मुकाबले 27 प्रतिशत से अधिक के मुनाफे पर बैठे हैं। वे अपने व्यक्तिगत लक्ष्यों के अनुसार आंशिक मुनाफावसूली या लंबी अवधि के लिए बने रहने का फैसला ले सकते हैं।\n• बाजार की दिशा पर: 13.10 लाख करोड़ रुपये से अधिक मूल्यांकन के साथ कंपनी सूचकांकों के मूवमेंट को प्रभावित करने वाली प्रमुख ताकत बन गई है। इसके शेयरों में उतार-चढ़ाव का असर घरेलू बेंचमार्क सूचकांकों की चाल पर भी देखा जा सकता है।\n• दूरसंचार क्षेत्र पर: इस मजबूत मूल्यांकन से पूरे टेलीकॉम और डिजिटल सेवा क्षेत्र के प्रति संस्थागत निवेशकों का भरोसा बढ़ा है। इस क्षेत्र की अन्य सूचीबद्ध कंपनियों के वैल्यूएशन पैमानों की भी नए सिरे से समीक्षा हो सकती है।\n• नए निवेशकों के लिए: लिस्टिंग के बाद खरीदारी करने वाले ट्रेडर्स को 1490 रुपये के उच्चतम स्तर के बाद आई हल्की सुस्ती पर ध्यान देना चाहिए। मौजूदा स्तरों पर नया निवेश करने से पहले जोखिम और स्टॉपलॉस का आकलन जरूरी है।\n\nऐसा क्यों हुआ\nजियो प्लेटफॉर्म्स के शेयरों में तेजी कंपनी के मजबूत बुनियादी आधार और प्राथमिक बाजार में मिले रिकॉर्ड तोड़ समर्थन के कारण बनी हुई है। इश्यू प्राइस के मुकाबले बाजार में भारी मांग ने कीमतों को सहारा दिया है।\n\n• प्राइमरी मार्केट की भारी मांग: 30,213 करोड़ रुपये के आईपीओ को 22.19 गुना बोलियां मिली थीं और 7.4 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की कुल मांग दर्ज हुई थी। जिन संस्थागत और खुदरा निवेशकों को मनमुताबिक आवंटन नहीं मिला, वे लिस्टिंग के बाद सेकेंडरी मार्केट में खरीदारी कर रहे हैं।\n• मजबूत कॉरपोरेट स्थिति: रिलायंस इंडस्ट्रीज की प्रमुख डिजिटल इकाई होने के नाते कंपनी ने टेलीकॉम और डिजिटल सेवाओं में ठोस बाजार हिस्सेदारी बनाई है। इस मजबूत स्थिति के कारण यह भारती एयरटेल, एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक को पीछे छोड़कर देश की दूसरी सबसे मूल्यवान कंपनी बन चुकी है।\n• इश्यू प्राइस से बढ़त की गति: 1119 रुपये के अपर प्राइस बैंड पर सूचीबद्ध होने के बाद पहले दिन करीब 27 प्रतिशत की बढ़त ने निवेशकों में खरीदारी की धारणा को बनाए रखा है। यही गति गुरुवार के कारोबारी सत्र में भी शेयर को 1490 रुपये के स्तर तक खींच ले गई।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. गुरुवार को बीएसई और एनएसई पर जियो प्लेटफॉर्म्स का शेयर किस भाव पर बंद हुआ?\nगुरुवार को बीएसई पर जियो का शेयर 0.40 प्रतिशत चढ़कर 1423.05 रुपये पर बंद हुआ, जबकि एनएसई पर यह 0.14 प्रतिशत बढ़कर 1419.50 रुपये पर बंद हुआ।\n\n2. गुरुवार को कारोबार के दौरान शेयर ने क्या उच्चतम स्तर छुआ?\nदिन के कारोबार के दौरान बीएसई पर शेयर 5.12 प्रतिशत की तेजी के साथ 1490 रुपये और एनएसई पर 5.09 प्रतिशत चढ़कर 1489.70 रुपये के उच्चतम स्तर तक पहुंचा था।\n\n3. इस तेजी के बाद जियो प्लेटफॉर्म्स का मार्केट कैप कितना हो गया है?\nगुरुवार को 5249.15 करोड़ रुपये की वृद्धि के साथ कंपनी का मार्केट कैप बीएसई पर 13,10,491.13 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।\n\n4. मार्केट कैप के लिहाज से देश की शीर्ष कंपनियां कौन सी हैं?\nरिलायंस इंडस्ट्रीज 15.92 लाख करोड़ रुपये के मूल्यांकन के साथ पहले स्थान पर है, जबकि जियो प्लेटफॉर्म्स दूसरे स्थान पर है और यह भारती एयरटेल, एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक से आगे है।\n\n5. कंपनी के आईपीओ का साइज और प्राइस बैंड क्या था?\nकंपनी का आईपीओ 30,213 करोड़ रुपये का था, जिसमें 27 करोड़ नए शेयर जारी किए गए थे और इसका प्राइस बैंड 1065 रुपये से 1119 रुपये तय था।\n\n6. आईपीओ को कुल कितना सब्सक्रिप्शन और कितने आवेदन मिले थे?\nआईपीओ को कुल पेशकश के मुकाबले 22.19 गुना सब्सक्रिप्शन मिला था, जिसमें 1.39 करोड़ आवेदन आए और कुल मांग 7.4 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा रही थी।",
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  "publishedAt": "2026-10-29",
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