निचले स्तरों पर लिवाली से संभले सेंसेक्स और निफ्टी, बैंकिंग व ऑटो शेयरों ने दिया सहारा सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार में रिकवरी लौटी, जहां सेंसेक्स 73,679 और निफ्टी 23,084 के स्तर पर हरे निशान में खुले। घरेलू इक्विटी बाजार में पिछले कारोबारी सत्र की तगड़ी गिरावट के बाद शुक्रवार की सुबह राहत भरी रही। अंतरराष्ट्रीय बाजारों से मिश्रित रुख के बावजूद दलाल स्ट्रीट पर निचले स्तरों पर खरीदारों की सक्रियता देखने को मिली। शुरुआती कारोबार में प्रमुख बेंचमार्क सूचकांक संभलते हुए हरे निशान में कारोबार करने में सफल रहे। ऑटोमोबाइल और बैंकिंग सेक्टर की मजबूत लिवाली ने बाजार को सहारा दिया, हालांकि सूचना प्रौद्योगिकी कंपनियों के शेयरों में जारी बिकवाली के दबाव ने बढ़त को सीमित रखा। शुरुआती घंटी के साथ सूचकांकों की स्थिति सत्र के आगाज के दौरान बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 98.66 अंक अथवा 0.13 प्रतिशत की मजबूती हासिल करते हुए 73,679.20 के स्तर पर पहुंच गया। इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी सूचकांक भी 21.55 अंक यानी 0.09 प्रतिशत की बढ़त दर्ज कर 23,084.65 के स्तर पर ट्रेड करता दिखाई दिया। बाजार की चौड़ाई स्पष्ट तौर पर सकारात्मक बनी रही। शुरुआती दौर में करीब 1,090 शेयरों में तेजी का माहौल था, जबकि 781 शेयर गिरावट के साथ लाल निशान में कारोबार कर रहे थे। इसके अलावा 155 शेयरों के भाव में कोई उतार-चढ़ाव दर्ज नहीं किया गया। तेजी दिखाने वाले प्रमुख शेयर सेंसेक्स और निफ्टी के आंकड़ों पर नजर डालें तो बुनियादी ढांचे और वित्तीय कंपनियों के शेयरों ने बाजार को आगे बढ़ाया। निफ्टी के अंतर्गत अदाणी एंटरप्राइजेज, श्रीराम फाइनेंस और पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन प्रमुख बढ़त दर्ज करने वाले काउंटरों में शुमार रहे। बीएसई सेंसेक्स के घटकों में लार्सन एंड टुब्रो सबसे आगे रहा, जिसमें 0.94 प्रतिशत का उछाल आया। इसके बाद दूसरे स्थान पर एक्सिस बैंक 0.90 प्रतिशत, तीसरे पर महिंद्रा एंड महिंद्रा 0.84 प्रतिशत और चौथे पायदान पर पावर ग्रिड 0.66 प्रतिशत की बढ़त के साथ कारोबार कर रहे थे। बैंकिंग क्षेत्र की मजबूती को बढ़ाते हुए भारतीय स्टेट बैंक में 0.58 प्रतिशत तथा बजाज फाइनेंस में 0.54 प्रतिशत का इजाफा दर्ज हुआ। आईटी सेक्टर पर बना रहा बिकवाली का दबाव बाजार में सामान्य मजबूती के उलट आईटी कंपनियों के काउंटरों पर तगड़ा मुनाफावसूली दबाव दिखा। निफ्टी आईटी इंडेक्स पर इसका सीधा असर देखने को मिला। दिग्गज कंपनी इन्फोसिस 1.45 प्रतिशत के नुकसान के साथ ₹994.50 के स्तर तक फिसल गई। इसी तरह टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज में 1.39 प्रतिशत की गिरावट आई और यह ₹2,048.20 पर आ गया। टेक महिंद्रा के शेयरों में 0.99 प्रतिशत की कमजोरी दर्ज की गई और इसका भाव ₹1,530.75 पर देखा गया। अन्य प्रमुख तकनीकी कंपनियों में विप्रो तथा ऊर्जा क्षेत्र से तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम के शेयरों में भी सुस्ती रही और वे गिरावट के साथ ट्रेड करते रहे। विभिन्न सेक्टोरल सूचकांकों का प्रदर्शन क्षेत्रवार प्रदर्शन में आईटी और वित्तीय शेयरों के बीच का अंतर बिल्कुल साफ रहा। जहां निफ्टी आईटी इंडेक्स 1.41 प्रतिशत की बड़ी गिरावट झेल रहा था, वहीं निफ्टी बैंक 0.26 प्रतिशत चढ़कर बाजार के लिए सुरक्षा कवच साबित हुआ। रियल एस्टेट क्षेत्र की कंपनियों में आई लिवाली से निफ्टी रियल्टी इंडेक्स में 0.35 प्रतिशत का इजाफा हुआ, जिसने समग्र बाजार को लाल निशान में फिसलने से मजबूती से रोके रखा। इसके साथ ही सरकारी बैंकों का प्रतिनिधित्व करने वाला निफ्टी पीएसयू बैंक इंडेक्स भी 0.19 प्रतिशत की मजबूती लेकर हरे निशान पर टिका रहा। इसका आप पर असर बाजार में आई शुरुआती स्थिरता से खुदरा निवेशकों और ट्रेडरों के लिए अल्पकालिक जोखिम कुछ कम हुआ है। • खुदरा निवेशकों के लिए: गिरावट के बाद आई यह तेजी संकेत देती है कि 23,080 के स्तर पर निफ्टी को प्राथमिक समर्थन मिल रहा है। लंबी अवधि के निवेशक चरणबद्ध तरीके से मजबूत फंडामेंटल वाले बैंकिंग और ऑटो शेयरों पर नजर रख सकते हैं। • आईटी क्षेत्र के निवेशकों के लिए: इन्फोसिस और टीसीएस जैसे शेयरों में जारी बिकवाली से पोर्टफोलियो पर दबाव बना रह सकता है। नई खरीदारी करने से पहले तकनीकी शेयरों में स्थिरता आने का इंतजार करना समझदारी होगी। • डे ट्रेडर्स के लिए: बाजार में सीमित दायरे का कारोबार देखने को मिल रहा है जिसमें आईटी और बैंकिंग एक-दूसरे के विपरीत चल रहे हैं। दोनों दिशाओं में स्टॉप-लॉस का सख्त पालन करते हुए ही पोजीशन बनाएं। • रियल एस्टेट और पीएसयू बैंक: रियल्टी और सरकारी बैंकों में हरियाली रहने से इन सेक्टरों में मोमेंटम बना हुआ है। शॉर्ट-टर्म ट्रेडर्स इन क्षेत्रों में उपलब्ध अवसरों का लाभ उठा सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ बाजार में यह हल्की रिकवरी पिछले सत्र में हुई तीव्र बिकवाली के बाद निचले स्तरों पर आई चयनित लिवाली के कारण संभव हुई है। • निचले स्तरों पर वैल्यू बाइंग: पिछले दिन आई भारी गिरावट के चलते कई प्रमुख शेयरों के मूल्यांकन आकर्षक स्तरों पर आ गए थे। निवेशकों ने सस्ते भावों का फायदा उठाकर बैंकिंग और बुनियादी ढांचा शेयरों में नए सौदे किए। • वित्तीय व ऑटो शेयरों का समर्थन: एक्सिस बैंक, एसबीआई और महिंद्रा एंड महिंद्रा जैसे दिग्गजों में खरीदारी लौटने से सेंसेक्स को सहारा मिला। इन मजबूत क्षेत्रों ने पूरे बाजार को दोबारा नकारात्मक दायरे में फिसलने से रोक लिया। • आईटी शेयरों की मुनाफावसूली: वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच टेक कंपनियों में बिकवाली जारी रही, जिसने इंडेक्स की उछाल को सीमित रखा। इन्फोसिस और टीसीएस के कमजोर प्रदर्शन ने बढ़त की गति को मंद कर दिया। सवाल-जवाब 1. सत्र की शुरुआत में सेंसेक्स और निफ्टी कितने अंकों पर खुले? सेंसेक्स 98.66 अंकों की तेजी के साथ 73,679.20 पर और निफ्टी 21.55 अंक चढ़कर 23,084.65 के स्तर पर खुला। 2. सेंसेक्स में सबसे ज्यादा बढ़त दर्ज करने वाले शीर्ष शेयर कौन से रहे? लार्सन एंड टुब्रो 0.94 प्रतिशत की बढ़त के साथ टॉप गेनर रहा, जिसके बाद एक्सिस बैंक, महिंद्रा एंड महिंद्रा और पावर ग्रिड रहे। 3. किन शेयरों में सबसे अधिक गिरावट देखने को मिली? इन्फोसिस 1.45 प्रतिशत टूटकर ₹994.50 और टीसीएस 1.39 प्रतिशत गिरकर ₹2,048.20 पर आ गए, जबकि टेक महिंद्रा में भी गिरावट रही। 4. शुरुआती कारोबार में बाजार की चौड़ाई कैसी रही? शुरुआती सत्र में 1,090 शेयरों में बढ़त दर्ज हुई, जबकि 781 शेयर लाल निशान में रहे और 155 शेयरों के दामों में बदलाव नहीं हुआ। 5. सेक्टोरल सूचकांकों में किसका प्रदर्शन सबसे बेहतर और किसका सबसे कमजोर रहा? निफ्टी रियल्टी 0.35 प्रतिशत और निफ्टी बैंक 0.26 प्रतिशत बढ़कर आगे रहे, जबकि निफ्टी आईटी 1.41 प्रतिशत की गिरावट के साथ सबसे कमजोर रहा। https://trendkia.com/market/nichale-staron-para-livali-se-snbhale-sensex-aura-nifty-banking-va-auto-sheyaron-ne-diya-sahara-38259 TrendKia — Har trend, sabse pehle.