सोने और चांदी के भाव में रिकॉर्ड तोड़ उछाल, 20 दिनों के भीतर एमसीएक्स पर चांदी 32 हजार रुपये तो सोना 20 हजार रुपये महंगा अगस्त के पहले 20 दिनों में मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोने और चांदी की कीमतों में भारी उछाल दर्ज किया गया है। अमेरिकी ट्रेजरी की नीतियों और कमजोर डॉलर के कारण वैश्विक बाजार में हाजिर सोना 4,600.91 डॉलर प्रति औंस के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गया है। भारतीय सर्राफा बाजार और मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर अगस्त महीने के दौरान सोने और चांदी की कीमतों ने नए रिकॉर्ड कायम किए हैं। महज 20 दिनों की अवधि में वायदा बाजार में चांदी का भाव करीब ₹32 हजार प्रति किलोग्राम तक चढ़ गया, वहीं सोने में प्रति 10 ग्राम लगभग ₹20 हजार का जबरदस्त इजाफा देखने को मिला है। इस तेज बढ़ोतरी ने जहां निवेशकों को आकर्षित किया है, वहीं आम खरीदारों के बजट पर सीधा असर डाला है। एमसीएक्स पर सोने की कीमत ₹1.62 लाख के पार एमसीएक्स पर 21 अगस्त को सोने का वायदा भाव ₹1.62 लाख प्रति 10 ग्राम के आंकड़े को पार कर गया। इससे पहले 3 अगस्त को सोने का कारोबार लगभग ₹1.42 लाख प्रति 10 ग्राम के स्तर पर हो रहा था। इस तरह देखें तो केवल 20 दिनों के भीतर सोने की कीमत में ₹20 हजार का बड़ा उछाल दर्ज किया गया। इस अप्रत्याशित तेजी ने घरेलू बाजार में सोने के खरीदारों के लिए चुनौतियां बढ़ा दी हैं और बाजार में हलचल तेज कर दी है। चांदी की दरों में भी दर्ज हुई तूफानी बढ़त सोने के साथ-साथ चांदी की चाल भी काफी आक्रामक रही। 21 अगस्त को एमसीएक्स पर चांदी का वायदा भाव ₹2.46 लाख प्रति किलोग्राम के पार पहुंच गया। वहीं 3 अगस्त को इसका भाव करीब ₹2.14 लाख प्रति किलोग्राम दर्ज किया गया था। इस प्रकार 20 दिनों में चांदी ₹32 हजार प्रति किलोग्राम से अधिक महंगी हो चुकी है, जिससे यह हाल के समय में सबसे तेजी से चढ़ने वाले कमोडिटी एसेट्स में शामिल हो गई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार और अमेरिकी नीतियों का असर ग्लोबल मार्केट में हाजिर सोने का भाव 4,600.91 डॉलर प्रति औंस के अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर कारोबार कर रहा है। इस भारी उछाल का प्रमुख कारण अमेरिकी सरकार की वित्तीय नीतियां हैं। अमेरिकी ट्रेजरी द्वारा लंबी अवधि की सिक्योरिटीज की पुनर्खरीद यानी बायबैक बढ़ाने के कदम से बॉन्ड यील्ड में गिरावट आई है, जिसके चलते अमेरिकी डॉलर कमजोर पड़ा है और कीमती धातुओं को मजबूत सहारा मिला है। अमेरिकी ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट के अनुसार सरकारी प्रतिभूतियों की बायबैक प्रक्रिया को और भी बढ़ाया जा सकता है। विश्लेषकों का मानना है कि इस नीतिगत फैसले के चलते आने वाले दिनों में भी सोने और चांदी की सुरक्षित निवेश संपत्तियों के रूप में मांग लगातार मजबूत बनी रह सकती है। इसका आप पर असर आम जनता और खरीदारों पर प्रभाव: • खरीदारों के लिए: आगामी त्योहारों और शादी-विवाह के सीजन में सोने और चांदी के आभूषण खरीदना काफी महंगा साबित होगा। • निवेशकों के लिए: कमोडिटी मार्केट में बने रहने वाले निवेशकों को रिकॉर्ड कीमतों के कारण शानदार पोर्टफोलियो रिटर्न मिल रहा है। सवाल-जवाब 1. 21 अगस्त को एमसीएक्स पर सोने का भाव क्या रहा? 21 अगस्त को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोने का वायदा भाव ₹1.62 लाख प्रति 10 ग्राम के पार पहुंच गया। 2. 20 दिनों में चांदी की कीमत में कितना अंतर आया? 3 अगस्त को ₹2.14 लाख प्रति किलो से बढ़कर 21 अगस्त तक चांदी ₹2.46 लाख प्रति किलो के पार चली गई, यानी लगभग ₹32 हजार प्रति किलो की बढ़ोतरी हुई। 3. ग्लोबल मार्केट में हाजिर सोने की कीमत किस स्तर पर पहुंची? अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोना 4,600.91 डॉलर प्रति औंस के रिकॉर्ड स्तर पर कारोबार कर रहा है। 4. सोने और चांदी की कीमतों में इस तेज बढ़ोतरी का मुख्य कारण क्या है? अमेरिकी ट्रेजरी द्वारा बॉन्ड बायबैक बढ़ाए जाने के कारण बॉन्ड यील्ड घटी है और डॉलर कमजोर हुआ है, जिससे बुलियन मार्केट को मजबूती मिली है। 5. अमेरिकी ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने क्या संकेत दिए हैं? स्कॉट बेसेंट ने संकेत दिया है कि सरकारी प्रतिभूतियों की रीपरचेज यानी बायबैक को आगे और बढ़ाया जा सकता है। https://trendkia.com/market/sone-aura-chandi-ke-bhava-men-rikorda-tora-uchhala-20-dinon-ke-bhitara-mcx-para-chandi-32-hajara-rupaye-to-sona-20-hajara-rupaye-m-20165 TrendKia — Har trend, sabse pehle.