अमेरिकी डॉलर के मुकाबले जापानी येन में तेज गिरावट, दखल की आहट से सहमे विदेशी मुद्रा बाजार फेडरल रिजर्व के सख्त रुख और बैंक ऑफ जापान की दर समीक्षा के बाद जापानी येन पर दबाव बढ़ गया है। 157 के स्तर के आसपास मंडराते विनिमय दर के बीच बाजार में आधिकारिक दखल की आशंकाएं गहरा गई हैं। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा विनिमय बाजार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले जापानी येन में कमजोरी का सिलसिला लगातार गहराता जा रहा है। सप्ताह की शुरुआत में भी मुद्रा कारोबार उसी मंदी के रुझान के साथ खुला जो पिछले हफ्ते देखा गया था। जापान में स्थानीय बैंक अवकाश के कारण कारोबारी गतिविधियां और ट्रेडिंग वॉल्यूम सामान्य दिनों से काफी कम रहे, लेकिन येन पर लगातार बिकवाली का दबाव बना रहा। अमेरिकी डॉलर और जापानी येन की विनिमय दर 157.00 के महत्वपूर्ण आंकड़े के ठीक आसपास बनी हुई है। सितंबर की शुरुआत में दर्ज किए गए निचले स्तरों से यह मुद्रा जोड़ी लगभग 3 प्रतिशत ऊपर आ चुकी है, जिससे टोक्यो के वित्तीय नीति निर्माताओं की ओर से सीधे हस्तक्षेप की अटकलें एक बार फिर तेज हो गई हैं। नीतिगत दरों में बड़ा अंतर और अमेरिकी केंद्रीय बैंक का आक्रामक संदेश विदेशी मुद्रा बाजार में यह उछाल मुख्य रूप से पिछले सप्ताह सामने आए नीतिगत बदलावों से प्रेरित है। अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व ने तीन वर्षों के अंतराल में पहली बार अपनी मानक ब्याज दर में बढ़ोतरी की है। इसके साथ ही चेयरमैन केविन वार्श ने अप्रत्याशित रूप से काफी आक्रामक और सख्त नीतिगत संदेश दिया, जिसने निवेशकों की धारणा को पूरी तरह बदल दिया। इस सख्त बयानबाजी के बाद वित्तीय बाजार में आगामी महीनों के दौरान ब्याज दरों में और अधिक बढ़ोतरी की उम्मीदें बहुत तेजी से बढ़ गई हैं। फेडवॉच टूल के ताजा आंकड़ों के अनुसार, फ्यूचर्स मार्केट अब अक्टूबर में ब्याज दर में चौथाई प्रतिशत यानी 25 आधार अंकों की बढ़ोतरी की 53 प्रतिशत संभावना जता रहा है। इसके अलावा, चालू वर्ष के अंत से पहले कम से कम एक और दर वृद्धि की संभावना 90 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है। केवल एक सप्ताह पहले तक ये संभावनाएं क्रमशः 43 प्रतिशत और 80 प्रतिशत आंकी जा रही थीं। यह तेज बदलाव दिखाता है कि बाजार अब अमेरिकी ब्याज दरों के लंबे समय तक ऊंचे बने रहने की संभावना को गंभीरता से ले रहा है, जिससे अमेरिकी डॉलर को मजबूत समर्थन मिल रहा है। बैंक ऑफ जापान की दर समीक्षा और संभावित हस्तक्षेप की रणनीति जापानी अधिकारियों ने इस तेज गिरावट को थामने के संकेत दिए हैं। आईएनजी के विश्लेषकों ने उल्लेख किया है कि शुक्रवार को बैंक ऑफ जापान की ओर से की गई कथित ब्याज दर समीक्षा ने डॉलर-येन जोड़ी को अस्थायी तौर पर 157.00 के नीचे धकेल दिया था। विशेषज्ञों का तर्क है कि यदि इस कदम की पुष्टि होती है, तो इससे स्पष्ट संकेत मिलता है कि जापानी अधिकारी किसी एक निश्चित स्तर का बचाव करने के बजाय एक तय समयावधि के भीतर मुद्रा विनिमय दर में आने वाले उतार-चढ़ाव की गति और रफ्तार पर अधिक ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। आईएनजी के अनुसार, इस रणनीति का मुख्य उद्देश्य यह है कि बाजार में किसी विशिष्ट सीमा रेखा का अनुमान न लगाया जा सके, जिससे सट्टेबाजों को कोई सीधा लक्ष्य न मिले और कारोबारियों के बीच सतर्कता बनी रहे। इसके बावजूद, विश्लेषकों ने यह भी रेखांकित किया कि फेडरल रिजर्व की भाषा इस महीने बैंक ऑफ जापान की तुलना में काफी अधिक सख्त रही है। इस नीतिगत अंतर के कारण डॉलर-येन के लिए आगे भी बढ़त के अवसर खुले हुए हैं। बैंक ऑफ जापान ने मौद्रिक नीति को सामान्य बनाने की दिशा में आगे बढ़ते हुए 7-2 के बहुमत से अपने अल्पकालिक ब्याज दर लक्ष्य को 1.00 प्रतिशत से बढ़ाकर 1.25 प्रतिशत कर दिया था, जो बाजार की उम्मीदों के पूरी तरह अनुकूल था, लेकिन यह कदम भी येन की फिसलन को रोकने में नाकाफी साबित हुआ है। एशियाई सत्र में अन्य प्रमुख मुद्राओं और वैश्विक संपत्तियों की स्थिति सोमवार को एशियाई व्यापार सत्र के दौरान करेंसी और कमोडिटी बाजारों में मिला-जुला रुख देखने को मिला। ऑस्ट्रेलियाई डॉलर और अमेरिकी डॉलर की जोड़ी 0.7100 के स्तर से ऊपर स्थिर बनी रही। पीपुल्स बैंक ऑफ चाइना द्वारा लोन प्राइम रेट्स पर यथास्थिति बनाए रखने से ऑस्ट्रेलियाई डॉलर पर कुछ दबाव देखा गया, लेकिन रिज़र्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया की ओर से एक और संभावित दर वृद्धि की उम्मीदों ने इसे सहारा दिया। व्यापारी इस समय प्रस्तावित ट्रंप-शी शिखर सम्मेलन से पहले सतर्क रुख अपना रहे हैं। वहीं दूसरी ओर, सुरक्षित निवेश मानी जाने वाली संपत्तियों में भी अनिश्चितता का माहौल है। रूस और यूक्रेन के बीच बढ़ते तनाव तथा पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक संकट के कारण व्यापारी लगातार सतर्कता बरत रहे हैं। इस तनाव के बावजूद अमेरिकी डॉलर की सामान्य नरमी रुक गई, जिसने डॉलर-येन जोड़ी की गिरावट को सीमित कर दिया। सोने की कीमतों में सुस्ती और आवास क्षेत्र के आंकड़ों पर नजर कमोडिटी बाजार में सोने ने नए कारोबारी सप्ताह की शुरुआत कमजोर रुख के साथ की। शुक्रवार को यह बहुमूल्य धातु 4,400 डॉलर के स्तर के करीब टिकने में असफल रही थी, जिसके बाद इसमें बिकवाली देखी गई। वर्तमान में सोना 4,350 डॉलर के स्तर के पास कारोबार कर रहा है। बाजार के प्रतिभागी अब पश्चिम एशिया संकट के अगले घटनाक्रमों और मुद्रास्फीति पर उनके संभावित प्रभावों की प्रतीक्षा कर रहे हैं। महंगाई का यह रुख आने वाले समय में ब्याज दरों की दिशा तय करेगा, जिसका सीधा प्रभाव बिना ब्याज वाली धातु यानी सोने पर पड़ेगा। इस सप्ताह अमेरिका में घरेलू आर्थिक आंकड़ों की संख्या सीमित है। निवेशकों का मुख्य ध्यान गुरुवार को जारी होने वाली नई आवासीय बिक्री रिपोर्ट पर टिका रहेगा। जुलाई में आई भारी गिरावट के बाद अगस्त के आंकड़ों में आंशिक सुधार की उम्मीद की जा रही है, जहां बिक्री 2.6 प्रतिशत बढ़कर 6,23,000 की वार्षिक दर पर पहुंचने का अनुमान है। ऊंची बंधक दरों के कारण मकानों की खरीद क्षमता और मांग प्रभावित हो रही है, हालांकि बिल्डरों की ओर से दी जा रही छूट और रियायतों ने स्थिति को बहुत अधिक गंभीर होने से बचाया है। क्रिप्टो बाजार में डॉजकॉइन का सुधार डिजिटल परिसंपत्तियों के बाजार में डॉजकॉइन ने अपनी रिकवरी को आगे बढ़ाया है। पिछले हफ्ते लगभग 6 प्रतिशत का लाभ दर्ज करने के बाद यह मीम सिक्का अब 0.088 डॉलर के पार कारोबार कर रहा है। इस तेजी को मुख्य रूप से स्पॉट एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स के माध्यम से संस्थागत मांग की वापसी से मजबूती मिली है। इसके अतिरिक्त, तकनीकी संकेतकों में सुधार और बड़े निवेशकों यानी व्हेल्स द्वारा लगातार की जा रही जमाखोरी इस कुत्ते की थीम वाले सिक्के के लिए सकारात्मक दृष्टिकोण पेश कर रही है। इसका आप पर असर अमेरिकी ब्याज दरों में संभावित बढ़ोतरी और डॉलर की मजबूती से वैश्विक मुद्रा बाजारों में उथल-पुथल तेज हो गई है। • मुद्रा विनिमय पर प्रभाव: अमेरिकी डॉलर के मजबूत होने से अन्य विदेशी मुद्राओं पर लगातार दबाव बढ़ रहा है। अंतरराष्ट्रीय व्यापार, विदेशी यात्रा और विदेश में पढ़ाई के खर्च में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। • आयात और महंगाई: मजबूत डॉलर के कारण कच्चे माल और आयातित वस्तुओं की अंतरराष्ट्रीय लागत महंगी हो जाती है। घरेलू बाजारों में आयातित सामान की कीमतों पर इसका सीधा असर पड़ने की संभावना रहती है। • निवेश और कमोडिटी बाजार: ऊंची ब्याज दरों की संभावना से सोने जैसी बिना प्रतिफल वाली परिसंपत्तियों में अस्थिरता बनी हुई है। धातु और विदेशी मुद्रा में निवेश करने वाले ट्रेडर्स को सख्त स्टॉप-लॉस बनाए रखने की आवश्यकता होगी। • क्रिप्टोकरेंसी निवेशक: संस्थागत ईटीएफ निवेश के कारण चुनिंदा डिजिटल संपत्तियों में बढ़त दर्ज हो रही है। टोकन निवेशकों को व्यापक मैक्रोइकॉनॉमिक संकेतों और केंद्रीय बैंकों के बयानों पर नजर रखनी चाहिए। ऐसा क्यों हुआ अमेरिकी फेडरल रिजर्व के आक्रामक रुख और बैंक ऑफ जापान के साथ ब्याज दरों के बढ़ते अंतर ने डॉलर को मजबूती दी और येन को नीचे धकेला। • फेडरल रिजर्व की नीति: फेडरल रिजर्व ने तीन साल में पहली बार मानक ब्याज दर में वृद्धि की और भविष्य में और बढ़ोतरी के सख्त संकेत दिए। इसके चलते निवेशकों ने अमेरिकी डॉलर में पूंजी लगाना तेज कर दिया। • मौद्रिक नीतियों का असंतुलन: बैंक ऑफ जापान द्वारा दरें बढ़ाकर 1.25 प्रतिशत करने के बावजूद अमेरिका और जापान के ब्याज दर अंतर में भारी फासला बना हुआ है। इसी अंतर के कारण वैश्विक पूंजी लगातार डॉलर की ओर आकर्षित हो रही है। • बाजार में हस्तक्षेप की आशंका: शुक्रवार को बैंक ऑफ जापान की दर समीक्षा के बाद अधिकारियों के संभावित दखल की चर्चाएं गर्म हो गईं। नीति निर्माता मुद्रा में गिरावट की रफ्तार को थामने के लिए रणनीतिक दबाव बना रहे हैं। सवाल-जवाब 1. अमेरिकी डॉलर और जापानी येन की विनिमय दर किस स्तर पर पहुंच गई है? डॉलर और येन की विनिमय दर 157.00 के स्तर के आसपास बनी हुई है, जो सितंबर के शुरुआती निचले स्तर से लगभग 3 प्रतिशत ऊपर है। 2. फेडरल रिजर्व ने ब्याज दरों को लेकर क्या कदम उठाया है? फेडरल रिजर्व ने तीन वर्षों में पहली बार अपनी मानक ब्याज दर बढ़ाई है और भविष्य में और दर वृद्धि के सख्त संकेत दिए हैं। 3. बैंक ऑफ जापान ने अपनी मौद्रिक नीति में क्या बदलाव किया था? बैंक ऑफ जापान ने 7-2 के बहुमत से अपने अल्पकालिक ब्याज दर लक्ष्य को 1.00 प्रतिशत से बढ़ाकर 1.25 प्रतिशत कर दिया था। 4. अक्टूबर में अमेरिकी दर वृद्धि की कितनी संभावना आंकी जा रही है? फेडवॉच टूल के अनुसार फ्यूचर्स मार्केट अक्टूबर में दर वृद्धि की 53 प्रतिशत और साल के अंत तक कम से कम एक बढ़ोतरी की 90 प्रतिशत संभावना देख रहा है। 5. आईएनजी के विश्लेषकों का जापानी हस्तक्षेप पर क्या विचार है? विश्लेषकों का मानना है कि अधिकारी किसी निश्चित स्तर के बजाय एक समयावधि के भीतर मुद्रा की चाल की गति पर अधिक ध्यान दे रहे हैं। https://trendkia.com/market/us-dollar-ke-mukabale-japanese-yen-men-teja-giravata-dakhala-ki-ahata-se-sahame-videshi-mudra-bajara-35670 TrendKia — Har trend, sabse pehle.