# मेघालय में मंत्रिमंडल फेरबदल की अटकलें खारिज, कॉनराड संगमा बोले- एनपीपी के सभी 33 विधायक एकजुट

> मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड के संगमा ने राज्य में कैबिनेट फेरबदल की सभी चर्चाओं को पूरी तरह निराधार बताते हुए स्पष्ट किया है कि नेशनल पीपुल्स पार्टी के पास 33 विधायकों के साथ पूर्ण बहुमत बरकरार है।

**Type:** article · **Category:** मेघालय · **Published:** 2026-10-06 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/meghalaya/meghalaya-men-mntrimndala-pherabadala-ki-atakalen-kharija-conrad-sangma-bole-npp-ke-sabhi-33-vidhayaka-ekajuta-44056 · **Language:** Hindi
**Tags:** मेघालय राजनीति, कॉनराड संगमा, एनपीपी, मेघालय कैबिनेट, यूडीपी, शिलांग, एमडीए गठबंधन

मेघालय में सरकार के भीतर किसी भी प्रकार के फेरबदल की संभावनाओं पर मुख्यमंत्री कॉनराड के संगमा ने पूरी तरह विराम लगा दिया है। मंगलवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने साफ तौर पर कहा कि मंत्रिमंडल में बदलाव को लेकर किसी भी स्तर पर कोई चर्चा नहीं हुई है। उन्होंने इस पूरे मामले को केवल कुछ हलकों की कल्पना और अफवाह करार दिया।

## फेरबदल की चर्चाओं को बताया पूरी तरह बेबुनियाद

राज्य के प्रशासनिक गलियारों में नए मंत्रियों के शामिल होने को लेकर चल रही बातचीत पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि मंत्रिमंडल में किसी भी नए चेहरे को शामिल करने अथवा विभागों के बदलाव पर कोई विमर्श नहीं हुआ है। संगमा के अनुसार, यह पूरी तरह से लोगों द्वारा गढ़ी गई अटकलें हैं, जिनका हकीकत से कोई वास्ता नहीं है। उन्होंने कहा, 
> There has been no induction, no discussion at all.
 इस बयान के जरिए उन्होंने साफ कर दिया कि सरकार अपनी मौजूदा प्रशासनिक व्यवस्था में किसी बदलाव पर विचार नहीं कर रही है।

## यूडीपी विधायकों के भाजपा में जाने के बाद शुरू हुआ सियासी घटनाक्रम

मंत्रिमंडल विस्तार की सुगबुगाहट तब शुरू हुई थी जब 23 सितंबर को यूनाइटेड डेमोक्रेटिक पार्टी के 8 विधायक भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए थे। 60 सदस्यीय मेघालय विधानसभा में इस बड़े राजनीतिक बदलाव के बाद भाजपा के सदस्यों की संख्या 2 से बढ़कर सीधे 10 पर पहुंच गई। इस अप्रत्याशित फेरबदल के साथ ही भाजपा विधानसभा में नेशनल पीपुल्स पार्टी के बाद दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी। इसके बाद राजनीतिक गलियारों में यह दावा किया जाने लगा था कि भाजपा में शामिल होने वाले इन नए विधायकों को सरकार में महत्वपूर्ण कैबिनेट पद दिए जा सकते हैं, हालांकि इस बात की कभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई थी।

## एनपीपी के पास पूर्ण बहुमत, 33 विधायक पूरी तरह एकजुट

मुख्यमंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि एनपीपी की राजनीतिक स्थिति पर इन घटनाक्रमों का रत्ती भर भी असर नहीं पड़ा है। 60 सदस्यों वाले सदन में एनपीपी के अपने दम पर 33 विधायक हैं और वे सभी पूरी तरह एकजुट हैं। संगमा ने उन असत्यापित दावों को सिरे से खारिज कर दिया जिनमें कहा जा रहा था कि भाजपा सरकार बनाने के लिए एनपीपी को तोड़ने की कोशिश कर रही है। उन्होंने याद दिलाया कि 33 विधायकों के साथ उनकी पार्टी सदन में स्पष्ट और पूर्ण बहुमत रखती है। यदि पार्टी चाहती, तो पिछले कैबिनेट फेरबदल के दौरान ही अपने सभी गठबंधन सहयोगियों को बाहर कर सकती थी, लेकिन सरकार ने साझा तालमेल का रास्ता चुना।

## एमडीए 2.0 की ताकत बरकरार, गठबंधन में आपसी सहयोग

कॉनराड संगमा ने बताया कि एनपीपी के सभी प्रमुख नेताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक मंगलवार को ही आयोजित की गई है। मेघालय डेमोक्रेटिक अलायंस 2.0 के ढांचे पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि भले ही सहयोगी दलों के बीच आंतरिक संख्या बदल गई हो, लेकिन गठबंधन की कुल ताकत जस की तस बनी हुई है। गठबंधन के दो दलों के बीच किसी भी संभावित मतभेद को उनका आंतरिक मामला बताते हुए उन्होंने उस पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया। उनका कहना था कि यदि विधायक गठबंधन से बाहर या विपक्ष में जाते, तो अविश्वास का कारण बनता, परंतु जब यह बदलाव गठबंधन के ही दो घटक दलों के बीच हुआ है, तो किसी तरह की चिंता या अविश्वास का सवाल ही नहीं उठता।

## इसका आप पर असर
मेघालय सरकार में नेतृत्व और गठबंधन की स्थिरता से राज्य में प्रशासनिक काम सुचारु रूप से जारी रहेंगे।

- **भारत में:** पूर्वोत्तर भारत के इस प्रमुख राज्य में राजनीतिक स्थिरता बनी रहने से केंद्र और राज्य के बीच चल रही विकास योजनाएं बिना रुकावट आगे बढ़ेंगी। इससे क्षेत्र में नीतिगत निरंतरता और निवेश का माहौल मजबूत रहेगा।
- **मेघालय में:** सरकार में किसी भी प्रकार की उथल-पुथल न होने से स्थानीय प्रशासनिक नीतियों और जनहित के कार्यों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। नागरिक सेवाओं, विकास योजनाओं और बजट आवंटन का काम सामान्य गति से चलता रहेगा।
- **गठबंधन सहयोगियों के लिए:** सहयोगी दलों के आंतरिक संख्याबल में बदलाव के बावजूद सरकार के अस्तित्व पर कोई संकट नहीं है। इससे घटक दलों के बीच नीतिगत सहयोग और शासन का मौजूदा ढांचा पूर्ववत बना रहेगा।
- **विधानसभा समीकरण पर:** सदन में 33 सदस्यों के साथ एनपीपी का स्पष्ट बहुमत यह सुनिश्चित करता है कि विधायी कार्य आसानी से पारित होते रहेंगे। विपक्ष के लिए सरकार की स्थिरता को चुनौती देना फिलहाल संभव नहीं होगा।

## ऐसा क्यों हुआ
मेघालय में मंत्रिमंडल फेरबदल की अटकलें 23 सितंबर को हुए एक बड़े राजनीतिक दल-बदल के बाद शुरू हुईं, जिस पर मुख्यमंत्री ने अब औपचारिक सफाई दी है।

- **विधायकों का दल-बदल:** यूनाइटेड डेमोक्रेटिक पार्टी के 8 विधायकों ने 23 सितंबर को भाजपा का दामन थाम लिया था। इस कदम से सदन में भाजपा के विधायकों की संख्या 2 से बढ़कर सीधे 10 हो गई।
- **कैबिनेट पदों की दावेदारी की चर्चा:** राजनीतिक हलकों में यह कयास लगाए जाने लगे कि नए शामिल हुए विधायकों को महत्वपूर्ण मंत्रालय दिए जा सकते हैं। इसी अनाम चर्चा के चलते मीडिया में कैबिनेट फेरबदल की बातें फैलने लगीं।
- **एनपीपी का पूर्ण बहुमत:** मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि एनपीपी के पास 60 में से 33 विधायकों का पूर्ण बहुमत है। इसलिए गठबंधन में आंतरिक बदलाव होने के बावजूद सरकार को पुनर्गठन करने की कोई जरूरत नहीं है।

## सवाल-जवाब

### 1. क्या मेघालय में मंत्रिमंडल का फेरबदल होने जा रहा है?
नहीं, मुख्यमंत्री कॉनराड के संगमा ने स्पष्ट किया है कि कैबिनेट फेरबदल को लेकर किसी भी स्तर पर कोई चर्चा नहीं हुई है।

### 2. मेघालय में कैबिनेट फेरबदल की चर्चाएं क्यों शुरू हुई थीं?
ये चर्चाएं 23 सितंबर को यूडीपी के 8 विधायकों के भाजपा में शामिल होने के बाद शुरू हुई थीं।

### 3. 60 सदस्यीय मेघालय विधानसभा में भाजपा की मौजूदा संख्या कितनी है?
यूडीपी विधायकों के शामिल होने के बाद विधानसभा में भाजपा के विधायकों की संख्या 2 से बढ़कर 10 हो गई है।

### 4. विधानसभा में नेशनल पीपुल्स पार्टी के पास कितने विधायक हैं?
एनपीपी के पास 60 सदस्यीय विधानसभा में अपने दम पर 33 विधायक हैं, जो पूर्ण बहुमत का आंकड़ा है।

### 5. क्या यूडीपी और भाजपा के घटनाक्रम से गठबंधन पर असर पड़ा है?
मुख्यमंत्री के अनुसार, एमडीए 2.0 की कुल ताकत स्थिर है क्योंकि यह बदलाव गठबंधन के ही दो दलों के बीच हुआ है।

---
_TrendKia — Har trend, sabse pehle.. Machine-readable view; canonical HTML at the URL above._