# मेघालय में ट्रकों से अवैध वसूली का आरोप, केएसयू ने की ईस्ट खासी हिल्स के डीसी और एसपी को हटाने की मांग

> ईस्ट खासी हिल्स में ट्रकों से कथित अवैध वसूली का वीडियो सामने आने के बाद छात्र संगठन ने आला अधिकारियों को हटाने की मांग की है, जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

**Type:** article · **Category:** मेघालय · **Published:** 2026-10-01 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/meghalaya/meghalaya-men-trakon-se-avaidha-vasuli-ka-aropa-ksu-ne-ki-east-khasi-hills-ke-dc-aura-sp-ko-hatane-ki-manga-41414 · **Language:** Hindi
**Tags:** मेघालय, ईस्ट खासी हिल्स, शिलांग, केएसयू, ट्रक वसूली, मेघालय पुलिस, विवेक सिएम

मेघालय के ईस्ट खासी हिल्स जिले में ट्रकों से अवैध उगाही के मामले ने तूल पकड़ लिया है। खासी स्टूडेंट्स यूनियन (केएसयू) ने गुरुवार को प्रशासन और पुलिस के शीर्ष नेतृत्व पर सवाल उठाते हुए ईस्ट खासी हिल्स के डिप्टी कमिश्नर (डीसी) और पुलिस अधीक्षक (एसपी) को पद से हटाने की मांग की है। यह पूरा विवाद एक वीडियो सामने आने के बाद शुरू हुआ, जिसमें पुलिसकर्मियों द्वारा मावखानु और थांगशलाई इलाकों में ट्रकों से अवैध रूप से पैसे लेने का आरोप लगाया गया है।

## स्टिंग ऑपरेशन और अवैध वसूली के आरोप
पत्रकारों से बातचीत करते हुए केएसयू के महासचिव रूबेन नाज़ियार ने आरोप लगाया कि इन दोनों प्रमुख स्थानों पर पुलिसकर्मी मालवाहक ट्रकों से जबरन वसूली कर रहे थे। उन्होंने यूनियन के शिक्षा सचिव एल्ड्रिक हरजाना के नेतृत्व में किए गए एक स्टिंग ऑपरेशन का हवाला दिया। संगठन का दावा है कि इस दौरान पुलिसकर्मी शिलांग की तरफ जा रहे ट्रकों से 200 रुपये और 500 रुपये की अवैध वसूली करते हुए पाए गए।

नाज़ियार ने चिंता जताते हुए कहा कि इन वाहनों में रोजमर्रा की जरूरी वस्तुएं लदी होती हैं। जब ऐसी गाड़ियों से रास्ते में अवैध वसूली की जाती है, तो इसका सीधा असर बाजार में जरूरी सामानों की कीमतों पर पड़ता है और महंगाई बढ़ती है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस पूरे प्रकरण में केवल निचले स्तर के सिपाहियों को ही कसूरवार ठहराकर छोड़ नहीं दिया जाना चाहिए।

## वरिष्ठ अधिकारियों की भूमिका पर सवाल और जांच की मांग
छात्र संगठन के महासचिव ने इस बात पर भी हैरानी जताई कि क्या वरिष्ठ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को इस तरह की गतिविधियों की पहले से जानकारी थी या नहीं। उन्होंने इस संबंध में पहले आई मीडिया खबरों का भी उल्लेख किया। केएसयू ने पूरे मामले की गहन जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की मांग रखी है। छात्र नेताओं का कहना है कि यदि इन आरोपों की पुष्टि होती है, तो जिले के डीसी और एसपी को तुरंत पद से हटाया जाना चाहिए।

## पुलिस विभाग की त्वरित कार्रवाई और शेड गिराए गए
आरोपों के बाद ईस्ट खासी हिल्स पुलिस ने मामले की आंतरिक जांच के आदेश दे दिए हैं। एसपी विवेक सिएम ने बताया कि सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो का संज्ञान लेते हुए यह कदम उठाया गया है। उन्होंने जानकारी दी कि वीडियो में दिख रहे संबंधित पुलिसकर्मियों की पहचान कर ली गई है और जांच पूरी होने तक उन्हें निलंबित किया जाएगा।

एसपी विवेक सिएम के मुताबिक, इन सिपाहियों को इलाके में गश्त करने और ट्रकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए तैनात किया गया था। हालांकि, वीडियो में वाहनों की जिस तरह से जांच की जा रही थी, वह तरीका पूरी तरह से अनुचित था और उससे अवैध वसूली का संदेह पैदा होता है।

इसके अलावा, गुरुवार शाम को स्पेशल ऑपरेशंस टीम (एसओटी) ने मावखानु और थांगशलाई में पुलिसकर्मियों द्वारा इस्तेमाल किए जा रहे शेड को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। यह कार्रवाई क्षेत्र में ट्रक चालकों से अवैध वसूली के आरोप सामने आने के ठीक एक दिन बाद की गई है।

## इसका आप पर असर
मालवाहक वाहनों से अवैध वसूली का सीधा असर आवश्यक वस्तुओं की लागत और क्षेत्रीय परिवहन व्यवस्था पर पड़ता है।

- **भारत में:** राष्ट्रीय राजमार्गों और प्रमुख राज्य मार्गों पर ट्रकों से अनधिकृत वसूली माल ढुलाई की लागत को अनावश्यक रूप से बढ़ा देती है। इससे अंतरराज्यीय व्यापार पर प्रतिकूल असर पड़ता है और लॉजिस्टिक्स क्षेत्र में संचालन जटिल हो जाता है।
- **मेघालय में:** शिलांग जाने वाले ट्रकों से 200 से 500 रुपये की अवैध वसूली सीधे तौर पर खाद्यान्न और जरूरी सामानों की खुदरा कीमतों को बढ़ा सकती है। पुलिस द्वारा जांच और शेड हटाए जाने से स्थानीय वाहन चालकों को अनधिकृत चेकिंग और उत्पीड़न से कुछ राहत मिल सकती है।
- **परिवहन चालकों के लिए:** जांच शुरू होने से मार्ग पर चलने वाले ड्राइवरों के लिए पारदर्शिता बढ़ने की उम्मीद है। चालकों को आधिकारिक चौकियों के अलावा किसी भी अनौपचारिक शेड पर पैसे न देने के प्रति सतर्क रहना होगा।
- **प्रशासनिक जवाबदेही:** पुलिसकर्मियों पर निलंबन की कार्रवाई से निचले स्तर के कर्मचारियों में अनुशासन लागू करने का संदेश गया है। इससे आम नागरिकों और व्यापारिक संगठनों में स्थानीय पुलिसिंग व्यवस्था की विश्वसनीयता पर असर पड़ेगा।

## ऐसा क्यों हुआ
यह घटनाक्रम तब सामने आया जब एक छात्र संगठन ने राजमार्ग पर पुलिसकर्मियों द्वारा वाहनों से अवैध वसूली का स्टिंग वीडियो सार्वजनिक कर दिया।

- **प्रत्यक्ष कारण:** केएसयू के स्टिंग ऑपरेशन का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया, जिसमें पुलिसकर्मी शिलांग जा रहे ट्रकों से 200 और 500 रुपये लेते दिख रहे थे। इस फुटेज के आधार पर छात्र संगठन ने डीसी और एसपी को हटाने की जोरदार मांग उठाई।
- **संदेहास्पद कार्यशैली:** गश्त और ट्रकों की सुरक्षा के लिए तैनात सिपाही नियमों के विरुद्ध अनौपचारिक तरीके से ट्रकों की चेकिंग कर रहे थे। एसपी के अनुसार, उनके काम करने का तरीका अनुचित था और उससे उगाही का गंभीर संदेह पैदा हुआ।
- **कार्रवाई और ढांचागत ध्वस्तीकरण:** सार्वजनिक नाराजगी और वीडियो सबूतों के बाद पुलिस ने आरोपी सिपाहियों को निलंबित करने की प्रक्रिया शुरू की। साथ ही, स्पेशल ऑपरेशंस टीम ने मावखानु और थांगशलाई में बने पुलिस शेड को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया।

## सवाल-जवाब

### 1. केएसयू ने किस जिले के डीसी और एसपी को हटाने की मांग की है?
केएसयू ने मेघालय के ईस्ट खासी हिल्स जिले के डिप्टी कमिश्नर और पुलिस अधीक्षक को हटाने की मांग की है।

### 2. पुलिसकर्मियों पर किन स्थानों पर अवैध वसूली के आरोप लगे हैं?
आरोप है कि मावखानु और थांगशलाई में पुलिसकर्मी ट्रकों से अवैध वसूली कर रहे थे।

### 3. ट्रकों से कितनी राशि की कथित अवैध उगाही की जा रही थी?
स्टिंग ऑपरेशन के अनुसार, शिलांग जा रहे ट्रकों से 200 रुपये और 500 रुपये लिए जा रहे थे।

### 4. ट्रकों से वसूली का आम जनता पर क्या असर पड़ने की बात कही गई है?
ट्रकों में आवश्यक वस्तुएं होने के कारण ऐसी अवैध वसूली से बाजार में सामान की कीमतें बढ़ने की आशंका जताई गई है।

### 5. ईस्ट खासी हिल्स पुलिस ने इस मामले में क्या कार्रवाई की है?
पुलिस ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं और चिह्नित सिपाहियों को जांच के दौरान निलंबित करने की बात कही है।

### 6. स्पेशल ऑपरेशंस टीम ने क्या कदम उठाया?
स्पेशल ऑपरेशंस टीम ने मावखानु और थांगशलाई में पुलिसकर्मियों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले शेड को ध्वस्त कर दिया।

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