# केरल स्टेट लॉटरी विभाग ने जारी किया कारुण्या प्लस KN 642 का परिणाम, देखें पूरी पुरस्कार तालिका

> तिरुवनंतपुरम के गोर्की भवन में कारुण्या प्लस KN 642 लॉटरी का ड्रॉ आयोजित किया गया, जिसमें प्रथम विजेता के लिए 1 करोड़ रुपये की राशि तय की गई है।

**Type:** article · **Category:** मनी · **Published:** 2026-09-24 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/money/kerala-state-lottery-department-ne-jari-kiya-karunya-plus-kn-642-ka-parinama-dekhen-puri-puraskara-talika-37780 · **Language:** Hindi
**Tags:** केरल लॉटरी परिणाम, कारुण्या प्लस KN 642, केरल स्टेट लॉटरी विभाग, गोर्की भवन तिरुवनंतपुरम, लॉटरी पुरस्कार सूची

गुरुवार को केरल स्टेट लॉटरी विभाग की ओर से बहुप्रतीक्षित कारुण्या प्लस KN 642 के नतीजे सामने आ चुके हैं। राज्य में तय समय सारिणी के मुताबिक यह आधिकारिक लकी ड्रॉ तिरुवनंतपुरम स्थित गोर्की भवन के मंच पर संपन्न कराया गया। जिन भी लोगों ने इस विशेष ड्रॉ के टिकट खरीदे थे, वे विभाग द्वारा ड्रॉ प्रक्रिया के बाद जारी होने वाली आधिकारिक पीडीएफ फाइलों के माध्यम से अपने टिकट नंबरों की बारीकी से जांच कर सकते हैं।

## कारुण्या प्लस KN 642 की संपूर्ण पुरस्कार सूची
इस सप्ताह के ड्रॉ में विभिन्न स्तरों पर आकर्षक इनामी राशियों का वितरण किया जा रहा है। प्रतिभागियों की सुविधा के लिए सभी स्तरों का विवरण इस प्रकार है

- **पहला पुरस्कार:** 1,00,00,000 रुपये
- **सांत्वना पुरस्कार:** 5,000 रुपये
- **दूसरा पुरस्कार:** 30,00,000 रुपये
- **तीसरा पुरस्कार:** 5,00,000 रुपये
- **चौथा पुरस्कार:** 5,000 रुपये
- **पांचवां पुरस्कार:** 2,000 रुपये
- **छठा पुरस्कार:** 1,000 रुपये
- **सातवां पुरस्कार:** 500 रुपये
- **आठवां पुरस्कार:** 200 रुपये
- **नौवां पुरस्कार:** 100 रुपये

## विजेता राशि का दावा करने की आधिकारिक प्रक्रिया
नतीजों के ऐलान के उपरांत सफल विजेताओं को अपनी पुरस्कार राशि प्राप्त करने के लिए निर्धारित नियमों का पालन करना अनिवार्य है। यदि किसी प्रतिभागी को 5,000 रुपये तक का इनाम मिलता है, तो वह सीधे केरल के किसी भी अधिकृत लॉटरी विक्रेता के पास जाकर अपनी धनराशि ले सकता है। इससे अधिक राशि जीतने वाले भाग्यशाली विजेताओं को अपना मूल विजेता टिकट किसी मान्यता प्राप्त बैंक अथवा सरकारी लॉटरी कार्यालय में सत्यापन हेतु जमा कराना होगा।

इनामी राशि का अंतिम भुगतान जरूरी कटौतियों के बाद ही बैंक खाते में भेजा जाता है। नियमों के तहत पुरस्कार राशि पर 30 प्रतिशत की दर से आयकर काटा जाता है, जबकि 12 प्रतिशत की राशि एजेंट कमीशन के रूप में काटी जाती है। इन दोनों औपचारिक कटौतियों के बाद जो शुद्ध राशि शेष बचती है, वही विजेता को हस्तांतरित की जाती है। प्रतिभागियों की सुरक्षा और फर्जीवाड़े से बचाव के लिए केरल स्टेट लॉटरी विभाग ने बारकोड स्कैनर की सुविधा भी शुरू की है, जिसकी मदद से टिकट की प्रामाणिकता तुरंत जांची जा सकती है।

## साप्ताहिक और सालाना बंपर योजनाओं का व्यापक ढांचा
भारत भर में सरकारी स्तर पर संचालित की जाने वाली लॉटरी प्रणालियों में केरल की लॉटरी व्यवस्था बेहद लोकप्रिय मानी जाती है। इसमें प्रतिदिन अलग-अलग नामों और इनामी संरचनाओं के साथ साप्ताहिक लॉटरी निकाली जाती है। इसके अतिरिक्त राज्य में साल भर प्रमुख अवसरों पर छह बड़े बंपर ड्रॉ भी आयोजित किए जाते हैं।

वार्षिक बंपर कैलेंडर में जनवरी माह में क्रिसमस न्यू ईयर बंपर निकाला जाता है, जबकि मार्च में समर बंपर का आयोजन होता है। इसके बाद मई में विशु बंपर, जुलाई में मानसून बंपर, सितंबर के दौरान तिरुवोनम बंपर और नवंबर में पूजा बंपर की घोषणा की जाती है।

## इसका आप पर असर
यह परिणाम सीधे तौर पर टिकट धारकों के वित्तीय दावों और पुरस्कार वितरण की प्रक्रिया को निर्धारित करता है।

- **केरल में:** विजेता टिकट रखने वाले स्थानीय लोग निर्धारित कार्यालयों और अधिकृत दुकानों से अपनी इनामी राशि का दावा कर सकते हैं। पांच हजार रुपये तक की राशि स्थानीय विक्रेताओं से तुरंत ली जा सकती है, जबकि बड़े दावों के लिए सरकारी कार्यालय जाना होगा।
- **भारत में:** देश भर के इच्छुक प्रतिभागी सरकारी लॉटरी के पारदर्शी ढांचे और नियामक कर नियमों के बारे में स्पष्ट जानकारी प्राप्त करते हैं। इससे विजेताओं को यह समझने में आसानी होती है कि कर और कमीशन कटने के बाद उन्हें वास्तव में कितनी राशि मिलेगी।
- **कर कटौती प्रभाव:** बड़ी इनामी राशि जीतने वालों को 30 प्रतिशत आयकर और 12 प्रतिशत एजेंट कमीशन का भुगतान करना होता है। इसका व्यावहारिक अर्थ यह है कि शुद्ध हाथ में आने वाली राशि कुल घोषित पुरस्कार से कम रहती है।
- **सत्यापन सुरक्षा:** प्रतिभागी विभाग के बारकोड स्कैनर का उपयोग करके जाली टिकटों से अपनी सुरक्षा सुनिश्चित कर सकते हैं। इससे बाजार में अनधिकृत पर्चियों की पहचान करना बहुत आसान हो जाता है।

## ऐसा क्यों हुआ
यह घोषणा केरल राज्य के पूर्व निर्धारित लॉटरी कार्यक्रम के तहत नियमित साप्ताहिक प्रक्रिया के हिस्से के रूप में की गई है।

- **नियमित समय सारिणी:** राज्य लॉटरी विभाग प्रत्येक गुरुवार को कारुण्या प्लस योजना का ड्रा आयोजित करता है। इसी निर्धारित कैलेंडर के अनुसार तिरुवनंतपुरम के गोर्की भवन में ड्रॉ की प्रक्रिया शुरू की गई।
- **पारदर्शिता की नीति:** नतीजों में निष्पक्षता बनाए रखने के लिए सार्वजनिक मंच पर लॉटरी निकाली जाती है और उसके तुरंत बाद पीडीएफ रिकॉर्ड जारी किए जाते हैं। इससे आम जनता और सभी प्रतिभागियों को प्रामाणिक जानकारी प्राप्त होती है।
- **फर्जीवाड़े की रोकथाम:** अनधिकृत बिक्री और नकली पर्चियों के मामलों को रोकने के लिए विभाग ने बारकोड सत्यापन प्रणाली अनिवार्य की है। इसी तकनीकी कदम से टिकटों की सही जांच संभव हो सकी है।

## सवाल-जवाब

### 1. कारुण्या प्लस KN 642 का प्रथम पुरस्कार कितना है?
इस ड्रॉ में प्रथम पुरस्कार विजेता को 1,00,00,000 रुपये की इनामी राशि दी जाएगी।

### 2. लॉटरी ड्रॉ का आयोजन किस स्थान पर किया गया?
यह आधिकारिक ड्रॉ तिरुवनंतपुरम में स्थित गोर्की भवन में संपन्न कराया गया।

### 3. जीतने वाली राशि पर कौन सी कटौतियां लागू होती हैं?
इनामी राशि पर 30 प्रतिशत आयकर और 12 प्रतिशत एजेंट कमीशन काटा जाता है।

### 4. 5,000 रुपये तक के पुरस्कार का दावा कहां किया जा सकता है?
पांच हजार रुपये तक के पुरस्कार केरल के किसी भी अधिकृत लॉटरी विक्रेता से लिए जा सकते हैं।

### 5. टिकट की प्रामाणिकता जांचने के लिए विभाग ने क्या सुविधा दी है?
केरल स्टेट लॉटरी विभाग ने टिकट की वैधता जांचने के लिए बारकोड स्कैनर की सुविधा उपलब्ध कराई है।

---
_TrendKia — Har trend, sabse pehle.. Machine-readable view; canonical HTML at the URL above._