{
  "type": "article",
  "title": "मुंबई और बेंगलुरु समेत कई शहरों में सीएनजी 1 रुपये महंगी, पीएनजी के दाम स्थिर",
  "summary": "नवंबर की पहली तारीख से महानगर गैस लिमिटेड ने सीएनजी कीमतों में 1 रुपये प्रति किलोग्राम की बढ़ोतरी कर दी है, जिससे मुंबई में नया भाव 90 रुपये प्रति किलोग्राम पहुंच गया है। घरेलू रसोई में पाइप के जरिए आने वाली पीएनजी दरों में कोई बदलाव नहीं हुआ है।",
  "content": "वाहन चालकों की जेब पर ईंधन का बोझ एक बार फिर बढ़ गया है क्योंकि महानगर गैस लिमिटेड ने 1 नवंबर 2026 से मुंबई और आसपास के उपनगरीय इलाकों में संपीडित प्राकृतिक गैस यानी सीएनजी की खुदरा बिक्री दरों में 1 रुपये प्रति किलोग्राम का इजाफा लागू कर दिया है। पश्चिम एशिया में चल रहे सैन्य संघर्ष के बीते सात महीनों के दौरान सीएनजी कीमतों में किया गया यह छठा संशोधन है। इस नए फेरबदल के बाद देश की आर्थिक राजधानी में वाहनों को मिलने वाली सीएनजी अब 89 रुपये प्रति किलोग्राम से बढ़कर सीधे 90 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गई है।\n\nलगातार बढ़ती लागत की भरपाई के लिए उठाया गया कदम\nईंधन आपूर्तिकर्ता कंपनी महानगर गैस लिमिटेड का कहना है कि इनपुट गैस की लागत में जो तेज उछाल आया है, उसका कुछ हिस्सा संतुलित करने और अंतिम उपभोक्ताओं तक गैस की निर्बाध आपूर्ति बनाए रखने के उद्देश्य से यह दर वृद्धि आवश्यक हो गई थी। मूल्य वृद्धि का यह सिलसिला लगातार जारी है, क्योंकि पिछले महीने ही कंपनी ने कीमतों में 1 रुपये प्रति किलोग्राम की वृद्धि की थी। इससे पहले सितंबर के महीने में भी दरों में 2 रुपये की बढ़ोतरी देखने को मिली थी। वहीं मई के दौरान कंपनी ने सीएनजी के साथ-साथ पाइप वाली प्राकृतिक गैस यानी पीएनजी की दरों की भी समीक्षा की थी।\n\nऑटो और टैक्सी चालकों पर सबसे ज्यादा मार\nईंधन की इस नई वृद्धि ने सार्वजनिक परिवहन चलाने वाले चालकों के सामने गंभीर आर्थिक चुनौती खड़ी कर दी है, क्योंकि वे पूरी तरह इसी स्वच्छ ईंधन पर आश्रित हैं। मुंबई रिक्शामेन्स यूनियन के नेता थंपी कुरियन ने कहा कि लगातार हो रही दरों की बढ़ोतरी से चालकों पर भारी आर्थिक बोझ पड़ रहा है। उन्होंने रेखांकित किया कि पिछले सात महीनों में बार-बार कीमतें बढ़ने से हाल ही में तय किए गए बढ़े हुए किराए से मिलने वाला पूरा लाभ खत्म हो जाएगा। आंकड़ों के अनुसार मुंबई की सड़कों पर लगभग 4.7 लाख ऑटोरिक्शा चालक, 1.6 लाख टैक्सी चालक और करीब 5 लाख निजी कार मालिक अपनी दैनिक आवाजाही के लिए सीएनजी पर निर्भर हैं।\n\nदेश के अन्य शहरों में दरों का मिला-जुला रुख\nकीमतों में बदलाव केवल मुंबई तक सीमित नहीं रहा, बल्कि दक्षिण और उत्तर भारत के कई अन्य केंद्रों में भी ईंधन महंगा हुआ है। बेंगलुरु, भरतपुर और देवास में भी सीएनजी की दरों में 1 रुपये प्रति किलोग्राम की बढ़ोतरी की गई है, जिससे इन तीनों स्थानों पर नया खुदरा भाव 99 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया है। इसी प्रकार मेरठ में 1 रुपये की वृद्धि के बाद दाम 96.50 रुपये प्रति किलोग्राम और सोनीपत में 99.90 रुपये प्रति किलोग्राम दर्ज किए गए। फिरोजाबाद में उपभोक्ताओं को 0.40 रुपये प्रति किलोग्राम की अतिरिक्त बढ़ोतरी झेलनी होगी, जहां कीमत 99.90 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई है। इसके विपरीत राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वाहनों के लिए सीएनजी दर बिना किसी फेरबदल के 86.98 रुपये प्रति किलोग्राम पर टिकी हुई है। इसी तरह चेन्नई में 99.50 रुपये और रेवाड़ी में 91.59 रुपये प्रति किलोग्राम के पुराने भाव ही जारी रहेंगे।\n\nरसोई गैस उपभोक्ताओं को राहत, पीएनजी दरें स्थिर\nवाहन ईंधन के उलट देश भर के घरों में पाइपलाइन से आने वाली रसोई गैस यानी पीएनजी के ग्राहकों को नवंबर 2026 में राहत मिली है, क्योंकि लगभग सभी प्रमुख शहरों में इसके दाम पूरी तरह अपरिवर्तित रखे गए हैं। राजधानी दिल्ली में उपभोक्ता 49.60 रुपये प्रति एससीएम की दर से भुगतान कर रहे हैं, जबकि कोलकाता में यह दर 50 रुपये प्रति एससीएम बनी हुई है। मुंबई और चेन्नई दोनों महानगरों में पीएनजी का भाव 52 रुपये प्रति एससीएम पर स्थिर है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के अंतर्गत गुड़गांव में 51.50 रुपये और नोएडा में 49.46 रुपये प्रति एससीएम का रेट चल रहा है।\n\nदक्षिण और पूर्वी भारत के अन्य बाजारों पर नजर डालें तो बेंगलुरु में पीएनजी का दाम 53 रुपये, भुवनेश्वर में 49 रुपये और जयपुर में 51.50 रुपये प्रति एससीएम दर्ज है। देश में सबसे महंगी पाइपलाइन गैस की बात करें तो चंडीगढ़ में इसका मूल्य 57.48 रुपये, लखनऊ में 56.50 रुपये और हैदराबाद में 56 रुपये प्रति एससीएम तक बना हुआ है। इसके अलावा पटना में रहने वाले परिवारों के लिए यह दर 52.50 रुपये और तिरुवनंतपुरम में 51 रुपये प्रति एससीएम पर अपरिवर्तित है।\n\nइसका आप पर असर\nवाहन ईंधन की इस नई वृद्धि से लाखों ऑटो, टैक्सी और कार चालकों के दैनिक यात्रा बजट पर सीधा असर पड़ेगा।\n\n• दैनिक आवाजाही पर असर: मुंबई और बेंगलुरु जैसे शहरों में सीएनजी की कीमतों में 1 रुपये प्रति किलोग्राम की वृद्धि से निजी कार चालकों का ईंधन खर्च बढ़ जाएगा। रोज लंबी दूरी तय करने वाले निजी वाहन स्वामियों को मासिक बजट में अतिरिक्त प्रावधान करना होगा।\n• मुंबई के चालकों की कमाई: मुंबई में 4.7 लाख ऑटोरिक्शा और 1.6 लाख टैक्सी चालकों की शुद्ध आय पर इस बढ़ोतरी से नकारात्मक दबाव पड़ेगा। हालिया किराया बढ़ोतरी से जो थोड़ी राहत मिली थी, ईंधन खर्च बढ़ने से वह लगभग निष्प्रभावी हो जाएगी।\n• अन्य शहरों के यात्री: मेरठ, सोनीपत, भरतपुर, देवास और फिरोजाबाद में भी सीएनजी महंगी होने से स्थानीय परिवहन लागत में मामूली तेजी आ सकती है। इन शहरों में रहने वाले लोग सार्वजनिक और साझा परिवहन के किरायों में बढ़ोतरी का सामना कर सकते हैं।\n• रसोई बजट को राहत: दिल्ली, मुंबई और चेन्नई समेत देश भर में पाइप वाली रसोई गैस यानी पीएनजी की दरें इस महीने पूरी तरह अपरिवर्तित रखी गई हैं। गृहिणियों और घरेलू उपभोक्ताओं को इस महीने रसोई बिल में किसी नए खर्च का सामना नहीं करना पड़ेगा।\n\nऐसा क्यों हुआ\nअंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे ईंधन और गैस की इनपुट लागत बढ़ने के कारण आपूर्ति कंपनियों को खुदरा कीमतों में संशोधन करना पड़ा है।\n\n• इनपुट लागत का दबाव: महानगर गैस लिमिटेड के अनुसार इनपुट गैस की खरीद लागत में वृद्धि होने से कीमतों को बढ़ाना जरूरी हो गया था। कंपनी ने स्पष्ट किया कि दरों में यह बढ़ोतरी आपूर्ति की निरंतरता बनाए रखने के लिए की गई है।\n• पश्चिम एशिया युद्ध का प्रभाव: भू-राजनीतिक तनाव और पश्चिम एशिया में जारी सात महीनों के युद्ध के चलते ईंधन आपूर्ति और लागत पर लगातार असर पड़ रहा है। यही कारण है कि पिछले सात महीनों के दौरान सीएनजी की कीमतों में यह छठी बढ़ोतरी दर्ज की गई है।\n• कीमत संशोधन का सिलसिला: इससे पहले सितंबर में 2 रुपये और अक्टूबर में 1 रुपये प्रति किलोग्राम की बढ़ोतरी की गई थी। घरेलू और वाणिज्यिक गैस आपूर्ति का संतुलन साधने के लिए कंपनियां समय-समय पर दरों की समीक्षा करती रहती हैं।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. मुंबई में सीएनजी की नई दर क्या है?\n1 नवंबर 2026 से मुंबई में सीएनजी 1 रुपये प्रति किलोग्राम बढ़कर 90 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई है।\n\n2. किन अन्य शहरों में सीएनजी की कीमतें बढ़ाई गई हैं?\nबेंगलुरु, भरतपुर और देवास में सीएनजी 99 रुपये, मेरठ में 96.50 रुपये, सोनीपत और फिरोजाबाद में 99.90 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई है।\n\n3. क्या दिल्ली और चेन्नई में भी सीएनजी के दाम बढ़े हैं?\nनहीं, दिल्ली में सीएनजी की दर 86.98 रुपये और चेन्नई में 99.50 रुपये प्रति किलोग्राम पर अपरिवर्तित है।\n\n4. क्या नवंबर 2026 में पीएनजी की कीमतों में कोई बदलाव हुआ है?\nनहीं, देश भर में पाइप से मिलने वाली रसोई गैस पीएनजी की दरें मोटे तौर पर स्थिर रखी गई हैं।\n\n5. मुंबई में कितने वाहन चालक सीएनजी पर निर्भर हैं?\nमुंबई में लगभग 4.7 लाख ऑटोरिक्शा चालक, 1.6 लाख टैक्सी चालक और करीब 5 लाख निजी कार मालिक सीएनजी का उपयोग करते हैं।",
  "url": "https://trendkia.com/money/mumbai-aura-bangalore-sameta-kai-shaharon-men-cng-1-rupaye-mahngi-png-ke-dama-sthira-54201",
  "category": "मनी",
  "publishedAt": "2026-11-01",
  "tags": [
    "सीएनजी मूल्य",
    "पीएनजी दरें",
    "महानगर गैस लिमिटेड",
    "मुंबई ईंधन",
    "बेंगलुरु सीएनजी",
    "ईंधन दरें"
  ],
  "language": "hi",
  "site": "TrendKia",
  "whatItMeansForYou": "वाहन ईंधन की इस नई वृद्धि से लाखों ऑटो, टैक्सी और कार चालकों के दैनिक यात्रा बजट पर सीधा असर पड़ेगा।\n\n• दैनिक आवाजाही पर असर: मुंबई और बेंगलुरु जैसे शहरों में सीएनजी की कीमतों में 1 रुपये प्रति किलोग्राम की वृद्धि से निजी कार चालकों का ईंधन खर्च बढ़ जाएगा। रोज लंबी दूरी तय करने वाले निजी वाहन स्वामियों को मासिक बजट में अतिरिक्त प्रावधान करना होगा।\n• मुंबई के चालकों की कमाई: मुंबई में 4.7 लाख ऑटोरिक्शा और 1.6 लाख टैक्सी चालकों की शुद्ध आय पर इस बढ़ोतरी से नकारात्मक दबाव पड़ेगा। हालिया किराया बढ़ोतरी से जो थोड़ी राहत मिली थी, ईंधन खर्च बढ़ने से वह लगभग निष्प्रभावी हो जाएगी।\n• अन्य शहरों के यात्री: मेरठ, सोनीपत, भरतपुर, देवास और फिरोजाबाद में भी सीएनजी महंगी होने से स्थानीय परिवहन लागत में मामूली तेजी आ सकती है। इन शहरों में रहने वाले लोग सार्वजनिक और साझा परिवहन के किरायों में बढ़ोतरी का सामना कर सकते हैं।\n• रसोई बजट को राहत: दिल्ली, मुंबई और चेन्नई समेत देश भर में पाइप वाली रसोई गैस यानी पीएनजी की दरें इस महीने पूरी तरह अपरिवर्तित रखी गई हैं। गृहिणियों और घरेलू उपभोक्ताओं को इस महीने रसोई बिल में किसी नए खर्च का सामना नहीं करना पड़ेगा।",
  "whyItHappened": "अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे ईंधन और गैस की इनपुट लागत बढ़ने के कारण आपूर्ति कंपनियों को खुदरा कीमतों में संशोधन करना पड़ा है।\n\n• इनपुट लागत का दबाव: महानगर गैस लिमिटेड के अनुसार इनपुट गैस की खरीद लागत में वृद्धि होने से कीमतों को बढ़ाना जरूरी हो गया था। कंपनी ने स्पष्ट किया कि दरों में यह बढ़ोतरी आपूर्ति की निरंतरता बनाए रखने के लिए की गई है।\n• पश्चिम एशिया युद्ध का प्रभाव: भू-राजनीतिक तनाव और पश्चिम एशिया में जारी सात महीनों के युद्ध के चलते ईंधन आपूर्ति और लागत पर लगातार असर पड़ रहा है। यही कारण है कि पिछले सात महीनों के दौरान सीएनजी की कीमतों में यह छठी बढ़ोतरी दर्ज की गई है।\n• कीमत संशोधन का सिलसिला: इससे पहले सितंबर में 2 रुपये और अक्टूबर में 1 रुपये प्रति किलोग्राम की बढ़ोतरी की गई थी। घरेलू और वाणिज्यिक गैस आपूर्ति का संतुलन साधने के लिए कंपनियां समय-समय पर दरों की समीक्षा करती रहती हैं।",
  "questionsAndAnswers": [
    {
      "question": "मुंबई में सीएनजी की नई दर क्या है?",
      "answer": "1 नवंबर 2026 से मुंबई में सीएनजी 1 रुपये प्रति किलोग्राम बढ़कर 90 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई है।"
    },
    {
      "question": "किन अन्य शहरों में सीएनजी की कीमतें बढ़ाई गई हैं?",
      "answer": "बेंगलुरु, भरतपुर और देवास में सीएनजी 99 रुपये, मेरठ में 96.50 रुपये, सोनीपत और फिरोजाबाद में 99.90 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई है।"
    },
    {
      "question": "क्या दिल्ली और चेन्नई में भी सीएनजी के दाम बढ़े हैं?",
      "answer": "नहीं, दिल्ली में सीएनजी की दर 86.98 रुपये और चेन्नई में 99.50 रुपये प्रति किलोग्राम पर अपरिवर्तित है।"
    },
    {
      "question": "क्या नवंबर 2026 में पीएनजी की कीमतों में कोई बदलाव हुआ है?",
      "answer": "नहीं, देश भर में पाइप से मिलने वाली रसोई गैस पीएनजी की दरें मोटे तौर पर स्थिर रखी गई हैं।"
    },
    {
      "question": "मुंबई में कितने वाहन चालक सीएनजी पर निर्भर हैं?",
      "answer": "मुंबई में लगभग 4.7 लाख ऑटोरिक्शा चालक, 1.6 लाख टैक्सी चालक और करीब 5 लाख निजी कार मालिक सीएनजी का उपयोग करते हैं।"
    }
  ]
}