# अग्निवीर योजना में दो साल का विस्तार लागू, जानिए छह साल की सेवा के बाद सेना में पक्की नौकरी का पूरा गणित

> केंद्र सरकार ने अग्निवीरों को दो साल के अतिरिक्त सेवाकाल का अवसर दिया है। अब चार साल की सेवा पूरी करने वाले 75 प्रतिशत जवानों को छह साल तक सेवा देने और उसके बाद नियमित सैनिक बनने का मौका मिलेगा।

**Type:** article · **Category:** भारत · **Published:** 2026-11-05 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/national/agniveer-scheme-extended-by-two-years-here-is-how-soldiers-can-secure-regular-military-jobs-after-six-years-56977 · **Language:** Hindi
**Tags:** अग्निवीर, अग्निपथ योजना, भारतीय सेना, रक्षा मंत्रालय, अग्निवीर एक्सटेंशन, अग्निवीर सैलरी

केंद्र सरकार ने अग्निपथ भर्ती योजना में एक बड़ा बदलाव करते हुए अग्निवीरों को दो साल के अतिरिक्त सेवा विस्तार की सुविधा दी है। इस नए प्रावधान के तहत जिन अग्निवीरों को शुरुआती चार वर्षों के सेवाकाल में नियमित कैडर में शामिल होने का अवसर नहीं मिल पाता, वे अब दो और साल तक सेना में अपनी सेवाएं जारी रख सकेंगे। केंद्र सरकार के कैबिनेट फैसले के बाद रक्षा अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि चार साल का कार्यकाल पूरा करने वाले 75 प्रतिशत जवानों को सेना से बाहर जाने की बजाय अगले दो वर्षों तक सेवा देने का विकल्प मिलेगा। छह साल की कुल सेवा पूरी करने के बाद इन जवानों के लिए नियमित सैनिक बनने के अवसर फिर से खुलेंगे, जिसकी प्रक्रिया और मूल्यांकन के पैमाने तय कर दिए गए हैं।

## छह साल की सेवा के बाद नियमितीकरण का पूरा खाका
अग्निपथ योजना के शुरुआती नियमों के तहत भर्ती किए गए जवानों में से 25 प्रतिशत को चार साल की सेवा पूरी होने पर मेरिट और उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर स्थायी कैडर में शामिल किया जाता है। अग्निवीरों के पहले बैच का चार साल का कार्यकाल दिसंबर 2026 में पूरा हो रहा है। पहले से निर्धारित व्यवस्था में शेष 75 प्रतिशत जवानों को चार साल बाद सेवामुक्त होकर घर लौटना पड़ता। हालांकि अब दो साल के अतिरिक्त सेवा विस्तार के जुड़ने से इन 75 प्रतिशत अग्निवीरों को तुरंत बाहर नहीं होना पड़ेगा। रक्षा अधिकारियों के अनुसार, छह साल का विस्तारित कार्यकाल समाप्त होने पर इन जवानों को एक बार फिर नियमित सेना में जाने का अवसर मिलेगा। इसके लिए संबंधित जवान की अपनी सहमति, शारीरिक फिटनेस और अनुशासित सेवा रिकॉर्ड को आधार बनाया जाएगा।

## सीनियोरिटी और वरिष्ठता की सुरक्षा के नियम
दो साल का अतिरिक्त कार्यकाल पूरा करने वाले जवानों के मन में वरिष्ठता को लेकर भी सवाल थे, जिस पर रक्षा अधिकारियों ने स्थिति साफ कर दी है। अधिकारियों ने बताया कि छह साल की सेवा पूरी करने के बाद जो अग्निवीर नियमित सैनिक के रूप में चयनित होंगे, उनकी सीनियरिटी पूरी तरह सुरक्षित रखी जाएगी। जब वे स्थायी कैडर में शामिल होंगे, तो उन्हें अपने मूल बैच के उन साथियों के ठीक बाद स्थान मिलेगा, जो चार साल की सेवा के बाद ही नियमित हो गए थे। इसका सीधा मतलब यह है कि चार साल के बाद भर्ती होने वाले नए बैच के सैनिक उनसे सीनियर नहीं माने जाएंगे और उनकी अपनी बैच वाइज सीनियरिटी बनी रहेगी।

## मूल्यांकन के कड़े मानक और योजना की निरंतरता
अधिकारियों ने इस बात पर जोर दिया है कि अग्निपथ योजना को वापस नहीं लिया गया है, बल्कि इसमें अग्निवीरों के करियर को बेहतर बनाने के लिए दो साल का अतिरिक्त विकल्प जोड़ा गया है। चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल एनएस राजा सुब्रमणि ने स्पष्ट किया कि दो साल का एक्सटेंशन पूरा होने के बाद नियमित भर्ती के लिए जवानों का गहन मूल्यांकन किया जाएगा। इस प्रक्रिया में जवानों की शारीरिक क्षमता, सेवाकाल के दौरान दिखाया गया अनुशासन, उनके कार्य निष्पादन की गुणवत्ता और उनका सतर्कता व विजिलेंस रिकॉर्ड प्रमुख रूप से जांचा जाएगा। केवल इन्हीं कड़े पैमानों पर खरे उतरने वाले जवानों को स्थायी सेवा दी जाएगी।

## पांचवें और छठे साल की सैलरी और आर्थिक लाभ
दो साल के अतिरिक्त कार्यकाल के दौरान अग्निवीरों के वित्तीय लाभों में भी बढ़ोतरी की गई है। सरकार के फैसले के अनुसार, extended सेवाकाल के दौरान जवानों को पहले की तुलना में अधिक मासिक वेतन मिलेगा और उनकी सेवा निधि का दायरा भी बढ़ जाएगा। एक पीआईपी रिपोर्ट के अनुसार, अग्निवीरों को सेवा के पांचवें वर्ष में 43,500 रुपये प्रति माह और छठे वर्ष में 47,500 रुपये प्रति माह का वेतन दिया जा सकता है। हालांकि, रक्षा मंत्रालय की आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति में इन निश्चित सैलरी आंकड़ों की पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन यह साफ किया गया है कि सैलरी और सेवा निधि में नियमानुसार वृद्धि लागू की जाएगी।

## इसका आप पर असर
यह फैसला रक्षा बलों में करियर बनाने वाले युवाओं के लिए रोजगार सुरक्षा और बेहतर वित्तीय अवसर लेकर आया है।

- **भारत भर के उम्मीदवारों के लिए:** 4 साल बाद बाहर होने की चिंता दूर होगी और अब 6 साल की सेवा के बाद नियमित सैनिक बनने का दूसरा अवसर मिलेगा।
- **आर्थिक सुरक्षा पर असर:** सेवा के 5वें वर्ष में 43,500 रुपये और 6ठे वर्ष में 47,500 रुपये संभावित मासिक वेतन मिलेगा, जिससे सेवा निधि कोष में भी बढ़ोतरी होगी।
- **सीनियोरिटी का लाभ:** 6 साल बाद पक्के होने वाले जवानों की सीनियोरिटी उनके मूल बैच के ठीक बाद तय होगी, जिससे नए भर्ती सैनिक उनसे सीनियर नहीं बन पाएंगे।
- **शारीरिक व अनुशासन मानक:** नियमित कैडर में प्रवेश के लिए जवानों को पूरे 6 साल के दौरान उच्च शारीरिक फिटनेस और अनुशासित रिकॉर्ड बनाए रखना होगा।

## ऐसा क्यों हुआ
अग्निवीरों के पहले बैच का चार साल का कार्यकाल दिसंबर 2026 में खत्म हो रहा है, जिससे 75 प्रतिशत जवानों के भविष्य पर अनिश्चितता के बादल मंडरा रहे थे। इसी समस्या का समाधान करने और जवानों को स्थायी नौकरी का दूसरा मौका देने के लिए यह नीतिगत बदलाव किया गया है।

- **दिसंबर 2026 की समयसीमा:** पहला अग्निवीर बैच 2026 के अंत में चार साल पूरे कर रहा था, जिसमें से केवल 25 प्रतिशत को स्थायी किया जाना तय था।
- **75 प्रतिशत जवानों का भविष्य:** शेष 75 प्रतिशत अग्निवीरों को बिना स्थायी नौकरी के बाहर होना पड़ता, जिसे देखते हुए सेवा विस्तार का फैसला लिया गया।
- **अनुभवी जनशक्ति का उपयोग:** दो अतिरिक्त वर्षों की सेवा से सेना को प्रशिक्षित और अनुभवी जवान मिलेंगे तथा जवानों को खुद को साबित करने का अतिरिक्त समय मिलेगा।
- **स्थायी कैडर का दूसरा मौका:** सरकार ने यह सुनिश्चित किया कि योग्य और अनुशासित जवानों को छह साल की कुल सेवा के बाद स्थायी सैनिक बनने का दोबारा मौका मिले।

## सवाल-जवाब

### 1. क्या छह साल की सेवा के बाद सभी अग्निवीर पक्के हो जाएंगे?
नहीं, छह साल की सेवा के बाद भी जवानों का मूल्यांकन शारीरिक फिटनेस, अनुशासन, कार्य प्रदर्शन और विजिलेंस रिकॉर्ड के आधार पर किया जाएगा, जिसके बाद ही नियमित भर्ती होगी।

### 2. चार साल की सेवा के बाद जो 75 प्रतिशत अग्निवीर बचेंगे, उनका क्या होगा?
उन्हें दो साल का अतिरिक्त सेवा विस्तार दिया जाएगा, जिससे वे कुल छह साल तक सेना में अपनी सेवाएं दे सकेंगे।

### 3. क्या 6 साल बाद पक्के होने पर सीनियोरिटी पर फर्क पड़ेगा?
नहीं, सीनियोरिटी सुरक्षित रहेगी और वे अपने ही मूल बैच के 4 साल में पक्के हुए साथियों के ठीक बाद गिने जाएंगे।

### 4. पांचवें और छठे साल में अग्निवीरों को कितना वेतन मिलेगा?
रिपोर्ट्स के मुताबिक पांचवें साल में 43,500 रुपये और छठे साल में 47,500 रुपये प्रति माह मिल सकते हैं, हालांकि रक्षा मंत्रालय ने प्रेस विज्ञप्ति में सटीक आंकड़ों की पुष्टि नहीं की है।

### 5. क्या अग्निपथ योजना को वापस ले लिया गया है?
नहीं, अग्निपथ योजना वापस नहीं ली गई है। इसमें केवल अग्निवीरों को दो साल का अतिरिक्त सेवा विस्तार देने का नया विकल्प जोड़ा गया है।

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