अरुणोदय सिंह ने जंतर-मंतर विरोध प्रदर्शन पर पुलिस के रवैए की कड़ी निंदा की अरुणोदय सिंह ने जंतर-मंतर के प्रदर्शनों के बाद एक तीखा वीडियो साझा किया है, जिसमें उन्होंने सुरक्षा बलों के आचरण पर गंभीर सवाल उठाए हैं। बॉलीवुड अभिनेता अरुणोदय सिंह ने हाल ही में जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद पुलिस और सुरक्षा बलों के कामकाज के तरीकों पर तीखा प्रहार किया है। उनका यह पांच मिनट से अधिक का वीडियो सोशल मीडिया पर काफी चर्चा का विषय बना हुआ है। उन्होंने अपने इस संदेश के माध्यम से देश के मौजूदा सामाजिक और राजनीतिक हालात को लेकर गहरी असंतुष्टि और नाराजगी प्रकट की है। अपने इस वीडियो के जरिए अभिनेता ने उन तमाम सुरक्षा कर्मियों से सीधे संवाद किया है जो लाठी और हथियारों के बल पर नागरिकों, छात्रों और महिला प्रदर्शनकारियों की आवाज को दबाने का काम कर रहे हैं। उन्होंने इस बात पर हैरानी जताई है कि आखिर कैसे कोई इंसान सिर्फ किसी ताकतवर व्यक्ति के मौखिक या लिखित आदेश पर गलत काम करने को तैयार हो जाता है, जिसे वह अंतरात्मा की आवाज से गलत मानता है। सुरक्षा बलों के रवैए पर गंभीर सवाल वीडियो की शुरुआत करते हुए अभिनेता ने पुलिस के आचरण को लेकर कड़े सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने पूछा कि कोई भी व्यक्ति केवल इसलिए हिंसक रुख कैसे अपना सकता है क्योंकि सत्ता के गलियारों में बैठा कोई ताकतवर शख्स उसे ऐसा करने का निर्देश देता है। उन्होंने कहा कि क्या सिर्फ किसी वरिष्ठ या रसूखदार अधिकारी का आदेश मिल जाना ही किसी इंसान की बुनियादी इंसानियत को भुला देने के लिए काफी है। रक्षकों के बदलते स्वरूप पर चिंता अरुणोदय ने इस बात पर जोर दिया कि जो लोग समाज की रक्षा के लिए बने हैं, वे किस तरह से गुंडों जैसी हरकतें करने लगे हैं। उन्होंने कहा कि असली ताकतवर लोग कभी अपने हाथ मैला नहीं करते और न ही उनकी जूतों पर कीचड़ लगती है, बल्कि यह सारा गंदा काम सुरक्षा बलों से कराया जाता है। इस प्रकार से सत्ताधारी लोग लगातार रक्षकों को हिंसक तत्वों में तब्दील कर रहे हैं, और वर्दीधारी बिना सोचे-समझे इस खतरनाक खेल का हिस्सा बन रहे हैं। प्रदर्शनकारियों के साहस की सराहना वीडियो में अभिनेता ने उन तमाम प्रदर्शनकारियों के जज्बे को सलाम किया है जो अपनी जिंदगी की परवाह किए बगैर पुलिस की लाठियों और हथियारों के सामने डटकर खड़े हैं। वे लोग एक बेहतर और स्वतंत्र दुनिया की मांग कर रहे हैं, जो हर संवेदनशील इंसान को हैरान और निशब्द कर देती है। समाज के उदासीन वर्ग पर भी बात सिर्फ पुलिस ही नहीं, बल्कि अभिनेता ने समाज के उस हिस्से पर भी सवाल उठाया जो डर के साये में चुप रहना बेहतर समझता है। कुछ लोग व्यवस्था के खिलाफ इसलिए नहीं बोलते क्योंकि उन्हें अपनी शांतिपूर्ण दिनचर्या में खलल पड़ने का डर रहता है। जब तक संकट किसी दूसरे के घर पर आता है, वे इसे अपना मुद्दा नहीं मानते। पुलिसकर्मियों के परिवारों का हवाला अरुणोदय ने पुलिसर्किमयों को उनके अपने परिवारों और बच्चों की याद दिलाते हुए आत्ममंथन करने को कहा। उन्होंने चेताया कि जिस तरह प्रदर्शनकारियों के परिजनों पर विपदा आ सकती है, वही हालात कल को पुलिसवालों के घर-परिवार के साथ भी हो सकते हैं। किसी की बेटी के साथ बुरा बर्ताव हो सकता है या किसी के बेटे को परेशान किया जा सकता है। आदेश मानने से इनकार करने का अधिकार वीडियो के सबसे महत्वपूर्ण हिस्से में अभिनेता ने जवानों से अपील करते हुए कहा कि वे चाहें तो गलत आदेशों को मानने से इनकार कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस के पास हथियार नागरिकों की हिफाजत के लिए हैं, न कि उन पर जुल्म ढाने के लिए। सवाल-जवाब 1. अरुणोदय सिंह ने किस विरोध प्रदर्शन के बाद वीडियो शेयर किया है? अरुणोदय सिंह ने जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद पांच मिनट से अधिक लंबा यह वीडियो साझा किया है। 2. अरुणोदय सिंह ने अपने वीडियो में मुख्य रूप से किसे संबोधित किया है? उन्होंने अपने वीडियो में मुख्य रूप से पुलिसकर्मियों और सुरक्षा बलों के आचरण को संबोधित किया है। 3. एक्टर ने पुलिसकर्मियों से क्या मुख्य अपील की है? उन्होंने पुलिसकर्मियों से अपील की है कि वे नागरिकों पर हमला करने के गलत आदेशों को मानने से इनकार कर सकते हैं। 4. वीडियो में प्रदर्शनकारियों को लेकर अभिनेता ने क्या कहा है? उन्होंने पुलिस के हथियारों के सामने डटकर खड़े रहने वाले प्रदर्शनकारियों के साहस की सराहना की है। https://trendkia.com/national/arunoday-singh-slams-police-conduct-during-jantar-mantar-protest-47283 TrendKia — Har trend, sabse pehle.