बरेली में 3 करोड़ रुपये का हाईटेक फूड कोर्ट, इंदौर के सराफा बाजार जैसा होगा अनुभव बरेली के डेलापीर इलाके में नगर निगम और स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत 3 करोड़ रुपये की लागत से एक आधुनिक फूड कोर्ट बनाया जा रहा है। इंदौर के छप्पन भोग और सराफा बाजार से प्रेरित यह जगह खान-पान, शॉपिंग और मनोरंजन का एकमुश्त केंद्र बनेगी। डेलापीर की खाली पड़ी ज़मीन पर उठेगा आधुनिक फूड कोर्ट बरेली नगर निगम ने डेलापीर इलाके में अतिक्रमण हटाकर जो ज़मीन खाली कराई थी, उसका अब बेहद उपयोगी इस्तेमाल होने जा रहा है। स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत इस जगह पर 3 करोड़ रुपये की लागत से एक हाईटेक फूड कोर्ट बनाया जाएगा। बरेली को एक नई पहचान देने की यह कोशिश शहर की विकास यात्रा में एक अहम पड़ाव मानी जा रही है। इंदौर के छप्पन भोग और सराफा बाजार से मिली प्रेरणा इस फूड कोर्ट की पूरी कल्पना इंदौर के दो मशहूर बाजारों, छप्पन भोग और सराफा बाजार, को देखकर की गई है। इंदौर में ये जगहें खाने, खरीदारी और मनोरंजन के अनोखे मेल के लिए पूरे देश में जानी जाती हैं। बरेली में भी ठीक इसी तर्ज पर एक ऐसी जगह तैयार की जाएगी जहां स्थानीय दुकानदार, जाने-माने ब्रांड्स के स्टॉल और स्ट्रीट फूड विक्रेता एक ही स्थान पर व्यवस्थित रूप से मौजूद रहेंगे। परिवारों और युवाओं के लिए रिक्रिएशनल और अम्यूजमेंट जोन नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने TrendKia से बातचीत में बताया कि यह सिर्फ खाने-पीने की कोई साधारण जगह नहीं होगी। उनके मुताबिक इस परियोजना को एक पूरे आधुनिक रिक्रिएशनल और अम्यूजमेंट जोन के तौर पर विकसित किया जा रहा है, जहां परिवार और युवा वर्ग एक बेहतर माहौल में समय बिता सकेंगे। यहां मल्टीपल शॉप्स विकसित की जाएंगी और स्थानीय दुकानदारों तथा स्ट्रीट वेंडर्स को भी इसमें अपनी जगह मिलेगी, जिससे उनके लिए कमाई के नए रास्ते खुलेंगे। दिन हो या रात, हर वक्त बनेगा आकर्षण का केंद्र इस फूड कोर्ट परिसर में पार्किंग की पूरी व्यवस्था होगी। इसके साथ ही म्यूजिक सिस्टम, साउंड सिस्टम, प्रोजेक्टर और आकर्षक लाइटिंग भी लगाई जाएगी। इन सुविधाओं की बदौलत यह जगह दिन में जितनी जीवंत नज़र आएगी, रात में उससे कहीं ज्यादा रोशन और आकर्षक बनेगी, जो लोगों को हर समय यहां खींचती रहेगी। इंदौर मॉडल पर होगी सफाई और कचरा प्रबंधन की व्यवस्था फूड कोर्ट में सफाई और कचरा प्रबंधन का काम इंदौर मॉडल के आधार पर किया जाएगा, ताकि यहां आने वाले लोग स्वच्छ और सुरक्षित माहौल में खाने का पूरा आनंद उठा सकें। डेलापीर बरेली के पॉश और विकसित इलाकों में गिना जाता है, ऐसे में यहां खड़ा होने वाला यह फूड कोर्ट शहर को एक नई पहचान देगा और नागरिकों को एक बेहतर अनुभव प्रदान करेगा। इसका आप पर असर • भारत में: स्मार्ट सिटी योजना के ज़रिए देशभर में स्ट्रीट फूड विक्रेताओं और स्थानीय व्यापारियों को एक संगठित ढांचे में लाने की कोशिश हो रही है और बरेली का यह प्रोजेक्ट उसी दिशा में एक व्यावहारिक कदम है। • बरेली में: डेलापीर और आसपास के इलाकों के निवासियों को खान-पान, शॉपिंग और मनोरंजन के लिए एक ही हाईटेक जगह मिलेगी, जबकि स्थानीय वेंडर्स और दुकानदारों के लिए नए कारोबारी अवसर भी पैदा होंगे। सवाल-जवाब 1. बरेली का फूड कोर्ट कहाँ बनाया जाएगा? यह फूड कोर्ट बरेली के डेलापीर इलाके में नगर निगम द्वारा अतिक्रमण मुक्त कराई गई ज़मीन पर बनाया जाएगा। 2. इस परियोजना पर कितना खर्च आएगा? इस फूड कोर्ट की कुल लागत 3 करोड़ रुपये है। 3. फूड कोर्ट में कौन-कौन सी सुविधाएं होंगी? यहां पार्किंग, म्यूजिक सिस्टम, साउंड सिस्टम, प्रोजेक्टर और आकर्षक लाइटिंग की सुविधाएं होंगी। 4. किस शहर के बाजार से यह फूड कोर्ट प्रेरित है? इंदौर के प्रसिद्ध छप्पन भोग और सराफा बाजार से प्रेरणा लेकर यह फूड कोर्ट विकसित किया जा रहा है। 5. क्या इसमें स्थानीय दुकानदारों और स्ट्रीट वेंडर्स को जगह मिलेगी? हाँ, स्थानीय दुकानदारों और स्ट्रीट वेंडर्स को भी इस फूड कोर्ट में स्थान दिया जाएगा। 6. यह परियोजना किसके तहत और किसकी देखरेख में बन रही है? यह परियोजना नगर निगम और स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत बन रही है और नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने इसकी जानकारी दी है। 7. सफाई और कचरा प्रबंधन की व्यवस्था कैसी होगी? फूड कोर्ट में इंदौर मॉडल पर आधारित सफाई और कचरा प्रबंधन की आधुनिक व्यवस्था की जाएगी। https://trendkia.com/national/bareilly-men-3-karora-rupaye-ka-haiteka-phuda-korta-indore-ke-sarafa-bazar-jaisa-hoga-anubhava-2139 TrendKia — Har trend, sabse pehle.