चंडीगढ़ में झमाझम बारिश से जलसैलाब, सड़कें बनीं तालाब और IMD का अलर्ट जारी चंडीगढ़ और पंचकूला में मंगलवार को दो घंटे की भारी बारिश से कई इलाकों में जलभराव हो गया, जिससे जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा और भारत मौसम विज्ञान विभाग ने क्षेत्र में और बारिश की चेतावनी दी है। मंगलवार को लगभग दो घंटे तक हुई मूसलाधार बारिश ने चंडीगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया। तेज बौछारों के चलते शहर के कई हिस्सों में भारी जलभराव हो गया। मुख्य सड़कों पर पानी भरने से यातायात थम सा गया और कई वाहन बीच रास्ते में ही बंद हो गए, जिससे लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। बारिश का असर केवल सड़कों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कई बाजारों और दुकानों के अंदर भी पानी घुस गया। शाम के वक्त जब लोग दफ्तरों से अपने घरों की ओर लौट रहे थे, तब प्रमुख मार्गों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। निचले इलाकों में हालात सबसे ज्यादा खराब रहे, जहां दुकानदारों को अपनी दुकानों में रखा सामान बचाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। कई नागरिकों ने इस जलभराव के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर साझा कीं। पंचकूला और घग्गर नदी के हालात चंडीगढ़ के साथ लगते पंचकूला क्षेत्र में भी लगातार बारिश के कारण स्थिति गंभीर बनी हुई है। बारिश के चलते घग्गर नदी का जलस्तर बढ़ गया है, जिससे तटीय इलाकों के रहवासियों में चिंता बढ़ गई है। इसके अलावा नाडा साहिब गुरुद्वारा के पास स्थित पुलिस ट्रेनिंग कैंप से जुड़ा एक पुल बह जाने की भी सूचना मिली है। इन हालातों को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और पुलिस बल लगातार मुस्तैद हैं और नागरिकों से पूरी सतर्कता बरतने की अपील की जा रही है। चंडीगढ़ पुलिस की तरफ से एक आधिकारिक एडवाइजरी भी जारी की गई है। इसमें वाहन चालकों और आम जनता से आग्रह किया गया है कि वे जलभराव वाले रास्तों और ट्रैफिक जाम से प्रभावित इलाकों में बेहद सावधानी से चलें। प्रशासन ने लोगों को यह भी सलाह दी है कि यदि बहुत जरूरी न हो तो वे अपनी यात्रा टाल दें और मौसम के मिजाज को ध्यान में रखते हुए वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करें। पंजाब और हरियाणा के लिए मौसम का पूर्वानुमान भारत मौसम विज्ञान विभाग ने 18 अगस्त को देश के विभिन्न हिस्सों में तेज हवाओं, गरज-चमक के साथ भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की चेतावनी दी थी। चंडीगढ़ के अतिरिक्त लुधियाना, अमृतसर, पटियाला और मोहाली जैसे शहरों में भी रातभर भारी बारिश का अलर्ट प्रभावी रहा। लुधियाना के औद्योगिक क्षेत्रों में जलभराव की आशंका जताई गई है, जबकि अमृतसर में तेज हवाओं के साथ होने वाली बारिश से पुराने मकानों और तंग गलियों वाले मोहल्लों में मुश्किलें पैदा हो सकती हैं। पटियाला और मोहाली के निचले इलाकों में भी पानी भरने का खतरा बना हुआ है। मौसम विभाग के नवीनतम आंकड़ों के अनुसार पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ सहित उत्तर-पश्चिम भारत के तमाम हिस्सों में मानसूनी गतिविधियां अभी कुछ समय तक और सक्रिय रहने की संभावना है। अचानक हुई इस बारिश ने एक बार फिर स्थानीय स्तर पर ड्रेनेज सिस्टम और ट्रैफिक कंट्रोल की तैयारियों पर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं। आने वाले घंटों में मौसम के तेवरों को भांपते हुए लोगों को हिदायत दी गई है कि वे घरों से बाहर निकलते वक्त पूरी एहतियात बरतें और स्थानीय प्रशासन के दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें। इसका आप पर असर भारत में: उत्तर-पश्चिम भारत में भारी बारिश के कारण स्थानीय यात्रा बाधित हो सकती है और मौसम विभाग की चेतावनियों को ध्यान में रखकर आवाजाही करनी चाहिए। चंडीगढ़ में: जलभराव और ट्रैफिक जाम से जूझ रहे इलाकों में रहने वाले लोगों को घर से निकलते समय वैकल्पिक रास्तों का चुनाव करना चाहिए। सवाल-जवाब 1. चंडीगढ़ में भारी बारिश कब हुई? चंडीगढ़ में मंगलवार को करीब दो घंटे तक मूसलाधार बारिश हुई। 2. पंचकूला में किस नदी का जलस्तर बढ़ा है? लगातार बारिश के कारण पंचकूला में घग्गर नदी का जलस्तर बढ़ गया है। 3. कौन सी संस्था ने भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है? भारत मौसम विज्ञान विभाग ने पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। 4. चंडीगढ़ में यातायात प्रभावित होने का क्या कारण था? सड़कों पर भारी जलभराव और वाहनों के पानी में बंद होने के कारण ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई। https://trendkia.com/national/chandigarh-men-jhamajhama-barisha-se-jalasailaba-saraken-banin-talaba-aura-imd-ka-alarta-jari-18119 TrendKia — Har trend, sabse pehle.