राजधानी के फाइव स्टार होटलों और एलीट क्लबों में सड़े खाने की भरमार, एफएसएसएआई जांच में हुआ चौंकाने वाला पर्दाफाश दिल्ली के नामी फाइव स्टार होटलों से लेकर बेंगलुरु के एलीट क्लबों और मुंबई के मशहूर रेस्टोरेंटों में खाद्य सुरक्षा नियमों की धज्जियां उड़ती पाई गई हैं। एफएसएसएआई और एफडीए की छापेमारी में भारी मात्रा में एक्सपायर्ड खाना और गंदगी पकड़ी गई है। देश के प्रीमियम होटलों, हाई-एंड क्लबों और स्थापित रेस्टोरेंटों में खान-पान की गुणवत्ता को लेकर एक बेहद गंभीर तस्वीर सामने आई है। भारी-भरकम बिल चुकाने के बावजूद उपभोक्ताओं को एक्सपायर्ड, सड़ा-गला और असुरक्षित भोजन परोसा जा रहा है। भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) और राज्य खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) की हालिया जांच में राजधानी दिल्ली, बेंगलुरु और मुंबई के प्रतिष्ठित संस्थानों के किचनों में घोर लापरवाही, गंदगी और कीड़े-मकोड़े पाए गए हैं। इसके अलावा, जीवनरक्षक कैंसर दवाओं में मिलावट और पैकेज्ड फूड में अत्यधिक चीनी व तेल के इस्तेमाल को लेकर भी चिंताजनक तथ्य उजागर हुए हैं। दिल्ली के फाइव स्टार होटलों में 87 किलो एक्सपायर्ड मिठाई और 59 कमियां बरामद दिल्ली के एयरोसिटी स्थित दो प्रमुख लग्जरी होटलों, अंदाज और जेडब्ल्यू मैरियट में एफएसएसएआई के अधिकारियों ने औचक निरीक्षण किया। इस दौरान अंदाज होटल के किचन से 87 किलोग्राम एक्सपायर्ड मिठाइयां, एक्सपायर्ड केक-बेस और खराब ब्रेड जब्त की गईं। जांच दल को किचन परिसर में कॉकरोच, मक्खियां और भारी गंदगी मिली। साथ ही शाकाहारी और मांसाहारी भोजन को अलग-अलग रखने के बुनियादी नियमों में भी गंभीर लापरवाही पाई गई। इसी तरह जेडब्ल्यू मैरियट होटल के निरीक्षण के दौरान कुल 59 तकनीकी और स्वच्छता संबंधी कमियां दर्ज की गईं। यहां फल मक्खियां, कॉकरोच, गंदे बर्तन, खराब रेफ्रिजरेटर, पानी का रिसाव, सड़े हुए फल और गलत लेबलिंग वाली सामग्री मिली। किचन में कार्यरत कई कर्मचारी बिना हेयरनेट और ग्लव्स के भोजन तैयार कर रहे थे, जबकि एक कर्मचारी खुले घाव के बावजूद खाना बनाते हुए पाया गया। एफएसएसएआई ने दोनों फाइव स्टार होटलों को कारण बताओ नोटिस जारी कर कमियां तुरंत दूर करने के निर्देश दिए हैं और खाद्य नमूनों को प्रयोगशाला जांच के लिए भेज दिया है। अगले महीने आयोजित होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के मद्देनजर इन होटलों में विदेशी मेहमानों के ठहराव की संभावना थी, जिससे यह मामला और संवेदनशील हो गया है। बेंगलुरु के एलीट क्लबों में सड़ा मीट और बिना तारीख वाली दाल जब्त बेंगलुरु में चलाए गए व्यापक खाद्य सुरक्षा अभियान के तहत एफएसएसएआई ने शहर के 10 प्रमुख एलीट क्लबों की जांच की। इस दौरान मशहूर चिन्नास्वामी स्टेडियम क्लब की कैंटीन में एक्सपायर्ड मछली पाई गई। इसके अतिरिक्त, कैंटीन के स्टोर रूम में रखी तूर दाल के विशाल स्टॉक पर पैकिंग और एक्सपायरी की कोई तारीख दर्ज नहीं थी। क्लब के किचन में हाइजीन और साफ-सफाई के मानक बेहद खराब पाए गए। बेंगलुरु में चलाए गए इस क्रैकडाउन के तहत कुल 60 होटलों का निरीक्षण किया गया और 77 खाद्य सैंपल एकत्र किए गए। कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने लगभग 640 किलोग्राम खराब मीट और 276 किलोग्राम सड़ी-गली सब्जियां जब्त कर नष्ट कराईं। बाहर से आकर्षक और एलीट दिखने वाले इन संस्थानों के अंदरूनी किचनों में सुरक्षा नियमों का खुला उल्लंघन देखने को मिला। मुंबई के मशहूर अयूब्स रेस्टोरेंट का लाइसेंस सस्पेंड महाराष्ट्र एफडीए ने 22 अगस्त को मुंबई के फोर्ट इलाके में स्थित विख्यात अयूब्स रेस्टोरेंट में औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान पाया गया कि अंडे जैसे उच्च जोखिम वाले खाद्य पदार्थों को असुरक्षित रूप से सामान्य कमरे के तापमान (रूम टेम्परेचर) पर रखा गया था। किचन में मक्खियों की भरमार, गंदगी और भोजन के रखरखाव में भारी खामियां पाई गईं। स्वास्थ्य जोखिमों को देखते हुए महाराष्ट्र एफडीए ने 23 अगस्त से अयूब्स रेस्टोरेंट का फूड लाइसेंस तुरंत प्रभाव से सस्पेंड कर दिया। लाखों रुपये के कैंसर इंजेक्शनों में पानी भरने वाले नेटवर्क का पर्दाफाश खाद्य पदार्थों में मिलावट के साथ-साथ गंभीर बीमारियों की नकली दवाओं का कारोबार भी सामने आया है। दिल्ली में एक ऐसे आपराधिक नेटवर्क का भंडाफोड़ हुआ है जो कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी के इलाज में इस्तेमाल होने वाली नकली, मिलावटी और गैर-स्वीकृत दवाएं बेच रहा था। मरीज जिन इंजेक्शनों के लिए लाखों रुपये चुका रहे थे, उनमें साधारण पानी भरकर बेचा जा रहा था। गंभीर रूप से बीमार मरीजों की मजबूरी का फायदा उठाकर अवैध मुनाफा कमाने वाले इस गिरोह पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पैकेज्ड फूड में अत्यधिक चीनी और मल्टीनेशनल कंपनियों के दोहरे मानदंड बाजार में बिकने वाले पैकेज्ड फूड, सॉफ्ट ड्रिंक्स और प्रोसेस्ड आहार में अत्यधिक चीनी, नमक और ट्रांस फैट के इस्तेमाल को लेकर स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने चेतावनी जारी की है। भारत में फ्रंट-ऑफ-पैक न्यूट्रिशन लेबलिंग और हेल्थ वार्निंग को लेकर लगातार बहस जारी है। आरोप लगाए जा रहे हैं कि कई विदेशी मल्टीनेशनल कंपनियां विकसित देशों के कड़े मानकों का पालन करती हैं, लेकिन भारतीय बाजार में अपने उत्पादों में घटिया तेल और अत्यधिक चीनी मिलाकर गुणवत्ता गिरा देती हैं। खान-पान से लेकर जीवनरक्षक दवाओं तक में जारी यह घपलेबाजी आम नागरिक की सेहत और सुरक्षा के लिए सीधा खतरा बन गई है। इसका आप पर असर भारत में: डिब्बाबंद खाने और रेस्टोरेंट के भोजन में स्वच्छता मानकों की अनदेखी के प्रति सतर्क रहें और पैकेज्ड फूड खरीदते समय लेबल व न्यूट्रिशन जानकारी जरूर जांचें। दिल्ली, बेंगलुरु और मुंबई में: महंगे होटलों, क्लबों और प्रसिद्ध रेस्टोरेंटों में भोजन करने से पहले वहां के एफएसएसएआई स्वच्छता रेटिंग और हालिया कार्रवाई की जानकारी ध्यान में रखें। सवाल-जवाब 1. दिल्ली के एयरोसिटी में किन फाइव स्टार होटलों पर एफएसएसएआई ने कार्रवाई की? एफएसएसएआई ने अंदाज और जेडब्ल्यू मैरियट होटलों का निरीक्षण कर 87 किलो एक्सपायर्ड मिठाई/ब्रेड, गंदगी और 59 तकनीकी कमियां पाईं। 2. बेंगलुरु में एफएसएसएआई की जांच के दौरान कितना खराब भोजन जब्त किया गया? बेंगलुरु में 640 किलो खराब मीट और 276 किलो सड़ी-गली सब्जियां जब्त की गईं, जिसमें चिन्नास्वामी स्टेडियम क्लब की कैंटीन में एक्सपायर्ड मछली भी शामिल थी। 3. मुंबई के अयूब्स रेस्टोरेंट पर क्या कार्रवाई हुई? अंडों को रूम टेम्परेचर पर रखने और गंदगी मिलने के कारण 22 अगस्त की जांच के बाद महाराष्ट्र एफडीए ने 23 अगस्त से अयूब्स का लाइसेंस सस्पेंड कर दिया। 4. दिल्ली में कैंसर दवाओं के घोटाले में क्या पाया गया? दिल्ली में लाखों रुपये कीमत वाले कैंसर इंजेक्शनों में साधारण पानी भरकर मरीजों को बेचने वाले एक आपराधिक नेटवर्क का खुलासा हुआ है। 5. पैकेज्ड फूड को लेकर विदेशी कंपनियों पर क्या आरोप लगे हैं? आरोप हैं कि मल्टीनेशनल कंपनियां भारत में अपने पैकेज्ड उत्पादों में अत्यधिक चीनी और घटिया तेल का उपयोग कर गुणवत्ता गिरा देती हैं। https://trendkia.com/national/delhi-ke-phaiva-stara-hotalon-aura-elita-klabon-men-sare-khane-ki-bharamara-fssai-jancha-men-hua-chaunkane-vala-pardaphasha-22752 TrendKia — Har trend, sabse pehle.