# कर्नाटक में 24 अक्टूबर तक झमाझम बारिश के आसार, बेंगलुरु और मैसूरु समेत कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी

> पूर्वोत्तर मानसून के प्रभाव से कर्नाटक में भारी बारिश का दौर शुरू हो गया है, जहां मौसम विभाग ने दक्षिणी आंतरिक जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। तटीय और उत्तरी आंतरिक इलाकों में भी तेज हवाओं और आकाशीय बिजली चमकने की चेतावनी दी गई है।

**Type:** article · **Category:** भारत · **Published:** 2026-10-18 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/national/karnataka-men-24-aktubara-taka-jhamajhama-barisha-ke-asara-bengaluru-aura-mysuru-sameta-kai-jilon-men-renja-alarta-jari-49119 · **Language:** Hindi
**Tags:** कर्नाटक मौसम, बेंगलुरु बारिश, मौसम विभाग, ऑरेंज अलर्ट, मैसूरु, पूर्वोत्तर मानसून, भारी बारिश

पूर्वोत्तर मानसून के सक्रिय होने के साथ ही कर्नाटक में मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है और राज्य एक और गीले सप्ताह की ओर बढ़ रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने 18 अक्टूबर को राज्य भर में व्यापक वर्षा की चेतावनी दी है। विशेष रूप से दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक के जिलों में अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई गई है, जिसके चलते प्रशासन और आम लोगों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार राज्य के तीनों प्रमुख मौसम उप-मंडलों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली गिरने और तेज तूफानी हवाओं की चेतावनी जारी की गई है। इस दौरान बादलों की तेज गर्जना के साथ तेज झोंके वाली हवाएं चलने की पूरी संभावना है।

18 अक्टूबर के दैनिक पूर्वानुमान में यह स्पष्ट किया गया है कि पूरे राज्य में गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ छिटपुट से लेकर मध्यम दर्जे की वर्षा दर्ज की जाएगी। वहीं दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक के कुछ अलग-अलग स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा हो सकती है। वातावरण में मौजूद उच्च नमी और मौसमी हलचल के कारण राजधानी बेंगलुरु, मैसूरु, कोडागु और चामराजनगर जिलों को ऑरेंज अलर्ट के दायरे में रखा गया है। यह इस पूरे सप्ताह के राज्य स्तरीय पूर्वानुमान में जारी की गई सबसे गंभीर चेतावनी है। इसके विपरीत कल्याण कर्नाटक क्षेत्र में मानसूनी गतिविधियों का असर अपेक्षाकृत कम रहने का अनुमान है, जहां कई स्थानों पर धूप खिलने और बादलों के छाने का सिलसिला बारी-बारी से चलता रहेगा।

## दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 24 अक्टूबर तक जारी रहेगा दबाव
दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक के जिलों को आने वाले कई दिनों तक मौसम की इस मार का सामना करना पड़ेगा। मौसम विभाग के ताजा अनुमान के मुताबिक 19 अक्टूबर से 21 अक्टूबर के दौरान तेज हवाओं, आकाशीय बिजली चमकने और तूफानी झोंकों के साथ भारी बारिश का सिलसिला बना रहेगा। राहत के कोई तत्काल संकेत नहीं दिख रहे हैं, क्योंकि 22 अक्टूबर से 24 अक्टूबर तक भी इस क्षेत्र में लगातार भारी बारिश होने का पूर्वानुमान व्यक्त किया गया है। लंबे समय तक चलने वाले इस बारिश के दौर के कारण निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों और जलभराव की समस्या से जूझने वाले मुख्य रास्तों से गुजरने वाले दैनिक यात्रियों को पूरे सप्ताह मौसम को ध्यान में रखकर ही अपनी यात्रा की योजना बनानी होगी।

## तटीय और उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के लिए अलग पूर्वानुमान
तटीय कर्नाटक में मौसमी गतिविधियों का स्वरूप थोड़ा भिन्न दिखाई दे रहा है। इस उप-मंडल में 18 और 19 अक्टूबर को तेज गर्जना और आकाशीय बिजली चमकने की गतिविधियां देखने को मिलेंगी। इसके ठीक बाद 20 और 21 अक्टूबर को बादलों की जोरदार गड़गड़ाहट, आकाशीय बिजली और तूफानी हवाओं के साथ भारी वर्षा का अलर्ट जारी किया गया है। तटीय क्षेत्रों में भारी बारिश का यह असर 22 अक्टूबर को भी जारी रहेगा। हालांकि इसके बाद राहत मिलने की उम्मीद है, क्योंकि विभाग ने 23 और 24 अक्टूबर के लिए तटीय जिलों में कोई चेतावनी जारी नहीं की है।

उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के मौसम की बात करें तो यहां 18 अक्टूबर से लेकर 21 अक्टूबर तक गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली चमकने की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। इसके बाद 22 अक्टूबर से 24 अक्टूबर के बीच इस क्षेत्र के लिए कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है। बारिश और तेज हवाओं के साथ-साथ राज्य के कई हिस्सों में सुबह के शुरुआती घंटों के दौरान हल्का कोहरा और धुंध छाए रहने के भी आसार हैं। सुबह के समय दृश्यता कम होने से दफ्तर और स्कूल जाने वाले यात्रियों तथा सड़क मार्ग पर चलने वाले वाहनों की रफ्तार धीमी हो सकती है।

## इसका आप पर असर
कर्नाटक के दक्षिणी आंतरिक जिलों में मूसलाधार बारिश और तेज हवाओं के कारण दैनिक जीवन और यातायात व्यवस्था पर सीधा असर पड़ने की संभावना है।

- **बेंगलुरु और मैसूरु में:** जलभराव और भारी बारिश के कारण प्रमुख सड़कों पर यातायात बेहद धीमा हो सकता है। निचले इलाकों में रहने वाले निवासियों को जलजमाव की आशंका को देखते हुए अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।
- **दैनिक यात्रियों पर:** सुबह के समय कोहरा और धुंध छाए रहने से दृश्यता काफी घट सकती है। वाहन चालकों को दुर्घटनाओं से बचने के लिए गति नियंत्रित रखनी होगी और अतिरिक्त समय लेकर निकलना होगा।
- **तटीय जिलों में:** 20 से 22 अक्टूबर के दौरान भारी बारिश और तूफानी हवाओं के चलते तटीय जनजीवन प्रभावित हो सकता है। स्थानीय लोगों को तेज हवाओं और आकाशीय बिजली के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी जाती है।
- **कल्याण कर्नाटक क्षेत्र में:** यहां मौसमी हलचल अपेक्षाकृत कम रहने से सामान्य कामकाज पर बड़ा व्यवधान नहीं पड़ेगा। बारी-बारी से धूप और बादल रहने के कारण स्थानीय तापमान में हल्का उतार-चढ़ाव देखा जा सकता है।

## ऐसा क्यों हुआ
कर्नाटक में बारिश का यह नया दौर मुख्य रूप से मौसमी बदलावों और मानसूनी प्रणालियों की सक्रियता के कारण देखने को मिल रहा है।

- **पूर्वोत्तर मानसून की सक्रियता:** दक्षिणी प्रायद्वीपीय भारत में पूर्वोत्तर मानसून के प्रभावी होने से कर्नाटक में नमी का प्रवाह तेजी से बढ़ गया है। इसी मौसमी प्रणाली के चलते राज्य भर में गरज-चमक के साथ वर्षा की स्थितियां अनुकूल बनी हैं।
- **वायुमंडलीय अस्थिरता:** राज्य के तीनों उप-मंडलों में गर्म और नम हवाओं के परस्पर टकराव के कारण तेज गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज तूफानी झोंके पैदा हो रहे हैं। यह अस्थिरता विशेष रूप से दक्षिणी आंतरिक जिलों में केंद्रित है।
- **आगामी दिनों का रुख:** मौसम विभाग के अनुसार दक्षिणी आंतरिक क्षेत्र में यह दबाव 24 अक्टूबर तक बना रहेगा, जबकि तटीय और उत्तरी आंतरिक जिलों में 22 अक्टूबर के बाद मौसमी गतिविधियां धीरे-धीरे शांत हो जाएंगी।

## सवाल-जवाब

### 1. कर्नाटक के किन जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है?
दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक के बेंगलुरु, मैसूरु, कोडागु और चामराजनगर जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

### 2. दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में भारी बारिश का सिलसिला कब तक जारी रहने का अनुमान है?
मौसम विभाग के अनुसार इस क्षेत्र में भारी बारिश का दौर 18 अक्टूबर से शुरू होकर 24 अक्टूबर तक जारी रहने की संभावना है।

### 3. तटीय कर्नाटक में मौसम की स्थिति कब सामान्य होने की उम्मीद है?
तटीय कर्नाटक में 22 अक्टूबर तक भारी बारिश और गरज-चमक का अनुमान है, जिसके बाद 23 और 24 अक्टूबर के लिए कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।

### 4. उत्तरी आंतरिक कर्नाटक के लिए क्या पूर्वानुमान है?
उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में 18 से 21 अक्टूबर तक गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है, जबकि 22 से 24 अक्टूबर के दौरान कोई चेतावनी नहीं है।

### 5. क्या राज्य में सुबह के समय यात्रा करने में कोई परेशानी आ सकती है?
हां, सुबह के शुरुआती घंटों में राज्य के कई हिस्सों में कोहरा और धुंध छाए रहने के कारण दृश्यता कम हो सकती है।

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