# मुगलसराय बीएसएनएल कार्यालय में आधार केंद्र पर भारी भीड़, घंटों इंतजार और चार दिन से चक्कर काटने को मजबूर नागरिक

> चंदौली जिले के मुगलसराय स्थित बीएसएनएल दफ्तर में खुले आधार सेवा केंद्र पर अव्यवस्था के चलते लोगों को घंटों लाइन में खड़ा रहना पड़ रहा है और बिना स्पष्ट जानकारी के कई दिनों तक चक्कर लगाने पड़ रहे हैं.

**Type:** article · **Category:** भारत · **Published:** 2026-10-19 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/national/mughalsarai-bsnl-karyalaya-men-adhara-kendra-para-bhari-bhira-ghnton-intajara-aura-chara-dina-se-chakkara-katane-ko-majabura-nagar-49372 · **Language:** Hindi
**Tags:** मुगलसराय, चंदौली, आधार सेवा केंद्र, बीएसएनएल, आधार कार्ड, उत्तर प्रदेश

चंदौली जिले के मुगलसराय इलाके में स्थित बीएसएनएल कार्यालय परिसर में स्थापित आधार सेवा केंद्र पर इन दिनों नागरिकों का भारी जमावड़ा देखा जा रहा है. प्रशासन की ओर से इस केंद्र को शुरू करने के पीछे मुख्य उद्देश्य क्षेत्रवासियों को निःशुल्क और सुलभ आधार सुविधाएं उपलब्ध कराना था, ताकि आम नागरिकों को दूर-दराज के सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें. इसके विपरीत, जमीनी हकीकत यह बन चुकी है कि केंद्र के मुख्य द्वार के बाहर सुबह से ही लोगों की लंबी कतारें लग रही हैं और नागरिक अपनी बारी आने के इंतजार में घंटों परेशान हो रहे हैं. सबसे बड़ी समस्या यह सामने आ रही है कि कतार में खड़े लोगों को यह स्पष्ट रूप से नहीं बताया जा रहा है कि उनका नंबर कब आएगा और उनका काम कब तक पूरा हो सकेगा.

## नियामताबाद ब्लॉक से स्थानांतरित हुआ केंद्र, उमड़ रही भीड़
मुगलसराय के इस बीएसएनएल दफ्तर में आधार सेवा केंद्र का संचालन कुछ ही दिनों पहले नए सिरे से शुरू किया गया है. इससे पूर्व यह सुविधा केंद्र नियामताबाद ब्लॉक परिसर में संचालित किया जा रहा था. दूरदराज के ग्रामीण इलाकों और शहर के लोगों को एक ही स्थान पर आधार पंजीकरण एवं संशोधन से संबंधित कामकाज की सुविधा देने के इरादे से इसे यहां स्थानांतरित किया गया. हालांकि, केंद्र के चालू होते ही स्थानीय लोगों की भारी भीड़ उमड़ने लगी है. कार्यस्थल पर एक समय में लगभग 50 लोग कतार में अपनी बारी का इंतजार करते हुए देखे गए. केंद्र पर उमड़ रही इस भीड़ से सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि आधार कार्ड बनवाने, नाम या पते में सुधार कराने और बायोमेट्रिक अपडेट जैसे कार्यों के लिए क्षेत्र में लोगों की कितनी बड़ी संख्या आश्रित है.

## चार दिनों से लगातार चक्कर काटने की मजबूरी
कतार में अपनी बारी की प्रतीक्षा कर रहे नागरिकों में व्यवस्था के प्रति गहरा असंतोष देखा जा रहा है. आधार संबंधी कार्य के सिलसिले में केंद्र पर पहुंचे सुदामा ने बताया कि वह पिछले चार दिनों से लगातार इस केंद्र के चक्कर काट रहे हैं और भारी परेशानी झेल रहे हैं. सुदामा लगभग 10 किलोमीटर की दूरी तय करके यहां पहुंचते हैं, लेकिन काम पूरा होने को लेकर कोई निश्चित व्यवस्था न होने की वजह से उन्हें बार-बार खाली हाथ वापस लौटना पड़ता है. आम लोगों को यह उम्मीद रहती है कि सरकारी केंद्र पर जाने से उनका काम बिना किसी अड़चन के आसानी से हो जाएगा, परंतु घंटों का लंबा इंतजार उनकी मुश्किलें बढ़ा रहा है.

इसी कतार में मौजूद अशोक शर्मा ने बताया कि वह सुबह से ही लाइन में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं. उन्होंने जोर देकर कहा कि यदि कतारबद्ध लोगों को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जाए और काम की वास्तविक स्थिति को स्पष्ट रूप से बताया जाए, तो आम जनता को इस अनावश्यक परेशानी से बड़ी राहत मिल सकती है. स्थिति की स्पष्ट जानकारी न होने से लोग असमंजस में खड़े रहने को मजबूर हैं.

## कामकाज से छुट्टी लेकर पहुंचे लोग, प्रक्रिया की जानकारी का अभाव
केंद्र पर आधार बनवाने या उसमें सुधार कराने पहुंचे कई लोग अपने दैनिक कामकाज या नौकरी से अवकाश लेकर कतार में खड़े हैं. केंद्र पर मौजूद बब्लू कनौजिया ने बताया कि वह अपने जरूरी काम से छुट्टी लेकर यहां आधार संबंधी काम कराने आए थे. उन्हें यह भरोसा था कि सरकारी केंद्र पर लगभग आधे घंटे के भीतर उनका काम निपट जाएगा, लेकिन कतार की गति इतनी धीमी है कि यदि समय पर काम नहीं हुआ तो उन्हें बिना काम कराए ही लौटना पड़ सकता है. इस प्रकार लोगों का कीमती समय और काम की छुट्टी दोनों ही बर्बाद हो रहे हैं.

कतार में खड़े अंसारी अहमद ने अपनी समस्या बताते हुए कहा कि लाइन में लगे लोगों को टोकन मिलने, नंबर जारी होने और कार्यालय के अंदर प्रवेश करने की पूरी प्रक्रिया के बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं दी जा रही है. जब तक किसी नागरिक को यह पता नहीं होगा कि उसकी बारी कब आएगी, तब तक उसके लिए अनिश्चित समय तक कतार में खड़े रहना बेहद तनावपूर्ण बना रहता है. कतार में बड़ी संख्या में महिलाएं और पुरुष दोनों ही धूप और गर्मी में अपनी बारी की आस लगाए खड़े देखे जा सकते हैं.

## सुचारू प्रबंधन और टोकन प्रणाली की दरकार
इस आधार सेवा केंद्र की शुरुआत आम नागरिकों को राहत और सहूलियत देने के लिए की गई थी, ताकि बिना किसी शुल्क के वे अपने आवश्यक पहचान पत्र से जुड़े कार्य निपटा सकें. मगर वर्तमान स्थिति को देखते हुए यह आवश्यक हो गया है कि केंद्र प्रबंधन कतार में खड़े लोगों को टोकन जारी करे, प्रतिदिन की निश्चित सीमा तय करे और काम पूरा होने की संभावित समय-सीमा के बारे में स्पष्ट बोर्ड या घोषणा के माध्यम से जानकारी दे. जब तक ऐसी पारदर्शी व्यवस्था नहीं बनेगी, तब तक नागरिकों को अपना कामकाज छोड़कर बार-बार केंद्र के चक्कर काटने और घंटों लाइन में खड़े रहने के लिए विवश होना पड़ेगा.

## इसका आप पर असर
मुगलसराय और आसपास के क्षेत्रों में आधार कार्ड बनवाने या उसमें संशोधन कराने के इच्छुक नागरिकों को केंद्र पर अव्यवस्था के कारण भारी समय और आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है.

- **चंदौली और मुगलसराय में:** स्थानीय नागरिकों को आधार केंद्र पर काम कराने के लिए कई घंटे कतार में खड़ा होना पड़ रहा है या कई दिनों तक चक्कर काटने पड़ रहे हैं. यदि आप इस केंद्र पर जा रहे हैं, तो सुबह जल्दी पहुंचें और अपने साथ सभी जरूरी मूल दस्तावेज पहले से तैयार रखें ताकि बार-बार न जाना पड़े.
- **दैनिक वेतनभोगियों और कर्मचारियों के लिए:** कामकाज से छुट्टी लेकर केंद्र पर पहुंचने वाले लोगों का समय और वेतन दोनों प्रभावित हो रहे हैं. यदि आपका काम जरूरी न हो, तो भीड़ कम होने का इंतजार करें या नजदीकी अन्य अधिकृत सेवा केंद्रों का विकल्प तलाशें.
- **दूरी और यात्रा खर्च:** लगभग 10 किलोमीटर दूर ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों को बार-बार आने-जाने में यात्रा खर्च का अतिरिक्त बोझ उठाना पड़ रहा है. केंद्र पर जाने से पहले सुनिश्चित कर लें कि आपकी सभी कागजी औपचारिकताएं पूरी हों ताकि उसी दिन काम होने की संभावना बढ़ सके.
- **प्रशासनिक व्यवस्था पर असर:** केंद्र पर टोकन प्रणाली और समय-सीमा की स्पष्ट जानकारी न होने से भीड़ का जमावड़ा लगातार बढ़ रहा है. इससे वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं को विशेष रूप से लाइन में खड़े रहने में गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है.

## ऐसा क्यों हुआ
मुगलसराय स्थित बीएसएनएल कार्यालय के आधार सेवा केंद्र पर हाल ही में केंद्र स्थानांतरित होने और टोकन प्रबंधन प्रणाली का अभाव होने के कारण यह भारी भीड़ और अव्यवस्था उत्पन्न हुई है.

- **केंद्र का हालिया स्थानांतरण:** आधार सेवा केंद्र पहले नियामताबाद ब्लॉक में संचालित होता था, जिसे हाल ही में मुगलसराय स्थित बीएसएनएल कार्यालय में स्थानांतरित किया गया है. नया स्थान अधिक सुलभ होने के कारण आसपास के शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों से भारी संख्या में लोग एक साथ पहुंचने लगे.
- **टोकन और सूचना प्रणाली का अभाव:** केंद्र पर कतार में लगे नागरिकों को न तो कोई निश्चित टोकन दिया जा रहा है और न ही उनकी बारी का संभावित समय बताया जा रहा है. सूचना के अभाव के कारण लोग दिनभर कतार में खड़े रहते हैं और कई दिनों तक वापस आने को मजबूर होते हैं.
- **सीमित संसाधन और उच्च मांग:** आधार संशोधन, बायोमेट्रिक अपडेट और नए कार्ड जारी करने की मांग क्षेत्र में अत्यधिक है, जबकि केंद्र पर एक समय में काम निपटाने की प्रशासनिक गति धीमी है. इस असंतुलन के कारण लगभग 50 लोग हर समय कतार में खड़े नजर आ रहे हैं.

## सवाल-जवाब

### 1. मुगलसराय में आधार सेवा केंद्र कहां शुरू किया गया है?
यह आधार सेवा केंद्र चंदौली जिले के मुगलसराय स्थित बीएसएनएल कार्यालय में शुरू किया गया है.

### 2. यह केंद्र पहले कहां संचालित हो रहा था?
बीएसएनएल कार्यालय में आने से पहले यह सेवा केंद्र नियामताबाद ब्लॉक में संचालित किया जा रहा था.

### 3. केंद्र पर लोगों को मुख्य रूप से किस परेशानी का सामना करना पड़ रहा है?
लोगों को लंबी कतारों में घंटों खड़ा रहना पड़ रहा है और नंबर आने व काम पूरा होने की स्पष्ट जानकारी न मिलने से कई दिनों तक चक्कर काटने पड़ रहे हैं.

### 4. कतार में खड़े सुदामा ने क्या समस्या बताई?
सुदामा ने बताया कि वह लगभग 10 किलोमीटर दूर से आ रहे हैं और काम पूरा न होने के कारण पिछले 4 दिनों से लगातार केंद्र के चक्कर काट रहे हैं.

### 5. बब्लू कनौजिया और अंसारी अहमद ने क्या शिकायत की?
बब्लू कनौजिया ने काम से छुट्टी लेकर आने और समय बर्बाद होने की बात कही, जबकि अंसारी अहमद ने बताया कि कतार में खड़े लोगों को नंबर मिलने और अंदर जाने की प्रक्रिया की कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी जा रही है.

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