सावन मेले के बीच सरयू नदी उफान पर, अयोध्या में डेंजर लेवल से 23 सेंटीमीटर ऊपर बह रहा पानी अयोध्या और ऊपरी इलाकों में लगातार बारिश से सरयू का जलस्तर 92.960 मीटर दर्ज किया गया है, जो खतरे के निशान से 23 सेंटीमीटर अधिक है। जिला प्रशासन ने निचले इलाकों में निगरानी बढ़ा दी है और सावन में आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं। पवित्र नगरी अयोध्या में लगातार हो रही भारी वर्षा के कारण सरयू नदी उफान पर आ गई है। जलग्रहण क्षेत्रों और स्थानीय इलाकों में रुक-रुक कर हो रही तेज बारिश से नदी के जलस्तर में तेजी से वृद्धि दर्ज की जा रही है। नदी का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर चुका है, जिससे आसपास की बस्तियों और निचले इलाकों पर जलभराव का संकट गहराने लगा है। सावन मास की वजह से इस समय अयोध्या में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे हुए हैं, जिसे देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है और राहत तथा बचाव दल स्थिति पर कड़ी नजर बनाए हुए हैं। सरयू का जलस्तर और केंद्रीय जल आयोग के आंकड़े केंद्रीय जल आयोग के मापन केंद्र पर दर्ज आंकड़ों के अनुसार सरयू नदी का जलस्तर 92.960 मीटर तक पहुंच गया है। यह स्तर तय डेंजर लेवल से ठीक 23 सेंटीमीटर ऊपर है। कैचमेंट एरिया में लगातार बारिश होने के कारण जलस्तर में प्रतिदिन बढ़त देखी जा रही है। हालांकि राहत की बात यह है कि नदी का मौजूदा जलस्तर हाई फ्लड लेवल से अब भी एक मीटर से अधिक नीचे है। लेकिन जलस्तर के डेंजर लेवल को लांघते ही प्रशासनिक तंत्र पूरी तरह सक्रिय हो गया है और संभावित बाढ़ की चुनौती से निपटने की तैयारियां तेज कर दी गई हैं। स्थिति की गंभीरता पर जानकारी देते हुए केंद्रीय जल आयोग के इंजीनियर आकाश प्रताप सिंह ने बताया, "वर्तमान में सरयू का जलस्तर 92.960 मीटर है, जो डेंजर लेवल से 23 सेंटीमीटर ऊपर बह रहा है।" जल आयोग के विशेषज्ञों का कहना है कि यदि ऊपरी इलाकों में बारिश का सिलसिला इसी तरह जारी रहता है तो जलस्तर में और वृद्धि होने की पूरी संभावना है। वहीं अगर आने वाले समय में बारिश थम जाती है, तो नदी का बहाव और जलस्तर स्थिर हो सकता है। निचले रिहायशी इलाकों में अलर्ट और निगरानी सरयू के जलस्तर में इजाफे को देखते हुए जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी कर दिया है। प्रभावित होने वाले निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। आपदा प्रबंधन टीमों और संबंधित विभागों को हर एक घंटे में जलस्तर की रिपोर्ट भेजी जा रही है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कदम उठाया जा सके। इसके अलावा हर तीन घंटे में बाढ़ का विस्तृत पूर्वानुमान जारी किया जा रहा है, जिससे पानी के संभावित फैलाव का सही अंदाजा लगाया जा सके। जोखिम वाले क्षेत्रों से लोगों को आवश्यकता पड़ने पर सुरक्षित आश्रय स्थलों तक पहुंचाने का कार्य शुरू कर दिया गया है। सावन के श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए इंतजाम सावन का पवित्र महीना होने के कारण अयोध्या में देश भर से श्रद्धालुओं का आगमन जारी है। बड़ी संख्या में लोग सरयू नदी में स्नान और पूजा-अर्चना के लिए घाटों पर एकत्र हो रहे हैं। नदी के बढ़ते वेग और गहराई को देखते हुए स्नान घाटों पर विशेष सुरक्षा प्रबंध किए गए हैं। पुलिस प्रशासन ने घाटों पर जल पुलिस और गोताखोरों की तैनाती बढ़ा दी है। इसके साथ ही श्रद्धालुओं से बार-बार अपील की जा रही है कि वे सुरक्षा बैरिकेड्स के पार न जाएं और पुलिस तथा प्रशासन द्वारा दिए जा रहे निर्देशों का सख्ती से पालन करें, ताकि सरयू स्नान के दौरान किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके। इसका आप पर असर • भारत में: सावन के महीने में अयोध्या की यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं को नदी घाटों पर सुरक्षा सतर्कता और जारी दिशानिर्देशों का पालन करना होगा। • अयोध्या में: निचले रिहायशी इलाकों में रहने वाले परिवारों को जलभराव के चलते सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित होना पड़ सकता है। सवाल-जवाब 1. अयोध्या में सरयू नदी का वर्तमान जलस्तर कितना है? केंद्रीय जल आयोग के अनुसार सरयू नदी का जलस्तर 92.960 मीटर दर्ज किया गया है, जो खतरे के निशान से 23 सेंटीमीटर ऊपर है। 2. क्या सरयू नदी का पानी हाई फ्लड लेवल तक पहुंच गया है? नहीं, वर्तमान जलस्तर खतरे के निशान को पार कर चुका है लेकिन यह हाई फ्लड लेवल से अब भी एक मीटर से अधिक नीचे है। 3. प्रशासन जलस्तर की निगरानी किस प्रकार कर रहा है? संबंधित विभागों को हर घंटे जलस्तर की ताजा जानकारी दी जा रही है और हर तीन घंटे में बाढ़ का पूर्वानुमान जारी किया जा रहा है। 4. सावन के श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए क्या इंतजाम किए गए हैं? नदी घाटों और सरयू स्नान क्षेत्र पर विशेष चौकसी बरती जा रही है, तथा प्रशासन ने श्रद्धालुओं से जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करने का अनुरोध किया है। 5. निचले इलाकों के निवासियों के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं? जिला प्रशासन अलर्ट पर है और खतरे वाले निचले इलाकों से लोगों को आवश्यकतानुसार सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है। https://trendkia.com/national/savana-mele-ke-bicha-saryu-nadi-uphana-para-ayodhya-men-denjara-levala-se-23-sentimitara-upara-baha-raha-pani-18373 TrendKia — Har trend, sabse pehle.