उपचुनाव रुझान 2026: नंदीग्राम और रेजिनगर में बीजेपी को भारी बढ़त, तमिलनाडु में विजय की टीवीके का दबदबा पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और असम समेत कई राज्यों में विधानसभा व लोकसभा उपचुनावों की मतगणना जारी है, जहां बंगाल और असम में बीजेपी आगे है जबकि तमिलनाडु में टीवीके ने अपनी मजबूत बढ़त बनाई हुई है। चार राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में हुए उपचुनावों की मतगणना शुक्रवार, 9 अक्टूबर को शुरू होने के साथ ही चुनावी मुकाबले के बेहद दिलचस्प रुझान सामने आ रहे हैं। शुरुआती चरण से लेकर कई राउंड की गिनती पूरी होने तक पश्चिम बंगाल की हाई प्रोफाइल विधानसभा सीटों नंदीग्राम और रेजिनगर के अलावा असम की नगांव लोकसभा सीट पर बीजेपी ने भारी मतों से बढ़त हासिल कर रखी है। वहीं दक्षिण भारत के तमिलनाडु में अभिनेता से राजनेता बने मुख्यमंत्री विजय की पार्टी टीवीके (तमिलगा वेत्री कझगम) मदुरंतकम और धरपुरम सीटों पर विरोधी दलों को कड़ी टक्कर देते हुए आगे निकल चुकी है। इसके साथ ही केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी की थट्टनचावड़ी सीट पर पहला अंतिम परिणाम सामने आ चुका है, जहां ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस ने अपनी चुनावी जीत दर्ज कर ली है। पश्चिम बंगाल: नंदीग्राम में बीजेपी की हसीरानी रथ एक लाख से अधिक वोटों से आगे पश्चिम बंगाल की राजनीति में विशेष पहचान रखने वाली नंदीग्राम विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में वोटों की गिनती जैसे-जैसे आगे बढ़ी, बीजेपी उम्मीदवार हसीरानी रथ की बढ़त का फासला लगातार बढ़ता गया। भारत निर्वाचन आयोग के आधिकारिक रुझानों के अनुसार, कई राउंड के बाद हसीरानी रथ की कुल बढ़त 1,02,712 वोटों तक पहुंच गई। इस मुकाबले में कांग्रेस उम्मीदवार मिलिंद प्रधान को 21,905 वोट मिले, जबकि सीपीआई उम्मीदवार शांति गोपाल गिरि 3,951 वोटों के साथ तीसरे पायदान पर फिसल गए। इससे पहले मतगणना के आठवें दौर में बीजेपी उम्मीदवार 69,498 वोटों से आगे चल रही थीं, जबकि चौथे राउंड के समाप्त होने पर यह अंतर 31,506 वोटों का था और पहले दौर की गिनती पूरी होने पर हसीरानी रथ 9,600 वोटों से आगे निकली थीं। इस सीट पर कांग्रेस दूसरे, सीपीआई तीसरे, आईएसएफ चौथे और डेमोक्रेटिक तृणमूल पांचवें स्थान पर दर्ज की गई। नंदीग्राम विधानसभा क्षेत्र में मुस्लिम मतदाताओं की आबादी लगभग 30 फीसदी बताई जाती है। इतनी बड़ी बढ़त हासिल करने के बाद हसीरानी रथ ने अपनी प्रतिक्रिया में भारतीय जनता पार्टी के संगठन, शीर्ष नेतृत्व और जमीन पर काम करने वाले कार्यकर्ताओं के प्रति आभार जताया। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं ने इस चुनाव के लिए दिन-रात पसीना बहाया है और उनकी यह शानदार बढ़त नंदीग्राम की जनता और मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के प्रयासों को समर्पित है। मतगणना के दौरान बीजेपी कार्यकर्ताओं ने नंदीग्राम और अन्य इलाकों में जश्न मनाना शुरू कर दिया। रेजिनगर सीट: बीजेपी के शेखर सरकार ने बनाई मजबूत पकड़ पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले की रेजिनगर विधानसभा सीट पर भी मतगणना के दौरान भारतीय जनता पार्टी का दबदबा साफ नजर आया। यहां 6 अक्टूबर को मतदान संपन्न हुआ था और मतगणना शुरू होने के बाद चौथे राउंड में शेखर सरकार 31,724 वोटों से आगे निकल गए थे। ताजा आंकड़ों के मुताबिक शेखर सरकार को 48,101 वोट प्राप्त हुए। इस सीट पर आम आदमी उन्नयन पार्टी (एजेयूपी) के प्रत्याशी गोलाम नबी आजाद 13,600 वोटों के साथ दूसरे स्थान पर रहे। वहीं तृणमूल कांग्रेस के प्रत्याशी रबीउल आलम चौधरी को 2,516 वोट मिले, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार अब्दुल्लाहिल काफ़ी 2,407 वोट और सीपीआई(एम) के मोहम्मद सईद 1,212 वोट ही हासिल कर सके। रेजिनगर सीट पर चुनावी परिदृश्य बिल्कुल अलग दिखा, जहां वामपंथी दल पांचवें स्थान पर सिमट गए और सीपीआई(एम) तृणमूल कांग्रेस से भी पीछे रह गई। मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी का बयान और विपक्ष के धांधली के आरोप नंदीग्राम और रेजिनगर दोनों विधानसभा क्षेत्रों में पार्टी उम्मीदवारों की विशाल बढ़त के बीच पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा, 'हम दोस्त बन गए।' उन्होंने दावा किया कि बंगाली भाषी अल्पसंख्यक मतदाताओं ने भी इस उपचुनाव में बीजेपी के पक्ष में खुलकर मतदान किया है। मुख्यमंत्री अधिकारी का कहना था कि अल्पसंख्यक वोटरों को इस बात का अहसास हुआ कि पिछली सरकार ने उन्हें गुमराह किया था, और बीजेपी के रूप में एक सच्चा साथी मिलने के बाद उन्होंने पार्टी को समर्थन देने का फैसला किया। दूसरी ओर, मतगणना के इन रुझानों के सामने आते ही विपक्षी दलों ने चुनाव प्रक्रिया पर सवाल खड़े करने शुरू कर दिए हैं। पश्चिम बंगाल कांग्रेस अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने बीजेपी पर चुनाव में धांधली करने तथा मतदाताओं को डरा-धमकाकर वोट डालने से रोकने का गंभीर आरोप लगाया। शुभंकर सरकार ने दोनों सीटों पर फिर से मतदान कराने की मांग उठाते हुए आरोप लगाया कि बहुत से असली मतदाता मतदान केंद्रों तक पहुंच ही नहीं सके। उन्होंने यह भी दावा किया कि निर्वाचन आयोग और केंद्र सरकार के बीच कथित मिलीभगत के चलते वोटर लिस्ट से वास्तविक मतदाताओं के नाम काट दिए गए थे। तमिलनाडु उपचुनाव: मदुरंतकम और धरपुरम में मुख्यमंत्री विजय की टीवीके का परचम तमिलनाडु की दो विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव में मुख्यमंत्री विजय की पार्टी टीवीके ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सत्तारूढ़ और विपक्षी गठबंधनों को पीछे छोड़ दिया। मदुरंतकम विधानसभा सीट पर चौथे चरण की मतगणना समाप्त होने पर टीवीके उम्मीदवार के. मरगथम कुमारवेल को 15,509 वोट मिले थे, जबकि डीएमके उम्मीदवार आई. परंथमन 11,187 वोटों के साथ दूसरे और एआईएडीएमके के एस. कनिथा संपत 9,691 वोटों के साथ तीसरे स्थान पर रहे। जैसे-जैसे राउंड आगे बढ़े, निर्वाचन आयोग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक मदुरंतकम में टीवीके उम्मीदवार के. मरगथम कुमारवेल की बढ़त 14,312 वोटों तक पहुंच गई और डीएमके के आई. परंथमन अंतर पाटने में नाकाम रहे। धरपुरम विधानसभा क्षेत्र में भी मुकाबला काफी रोचक रहा। सातवें राउंड के बाद टीवीके को 18,690 वोट मिले थे और एआईएडीएमके 17,773 वोटों के साथ 917 वोटों के मामूली अंतर से पीछे थी, जबकि डीएमके 15,988 वोटों पर थी। नौवें राउंड की मतगणना के बाद टीवीके उम्मीदवार सत्यबामा पी. ने 24,047 वोट हासिल किए, जबकि एआईएडीएमके के पास 21,935 वोट थे और दोनों के बीच का अंतर 2,112 वोटों का था। इस राउंड में डीएमके को 19,972 वोट, नाम तमिलर पार्टी को 1,891 वोट और सीपीआई को 442 वोट मिले थे। आधिकारिक रुझानों के आगे बढ़ने पर धरपुरम में टीवीके उम्मीदवार सत्यबामा पी. की बढ़त 9,350 वोटों तक पहुंच गई, जबकि डीएमके उम्मीदवार सुगन्या एस. लगातार पीछे चलती रहीं। चेन्नई के पनय्यूर स्थित टीवीके पार्टी मुख्यालय में कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने जश्न मनाना शुरू कर दिया। असम की नगांव लोकसभा सीट: बीजेपी के देवाशीष शर्मा की विशाल बढ़त असम की नगांव संसदीय सीट पर हुए उपचुनाव की मतगणना में बीजेपी उम्मीदवार देवाशीष शर्मा ने अपने प्रतिद्वंद्वियों पर भारी बढ़त कायम की है। शुरुआती राउंड में ही देवाशीष शर्मा की बढ़त 50,000 वोटों के पार चली गई थी, जिसके बाद मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस के उम्मीदवार शिवामोनी बोरा तीसरे स्थान पर खिसक गए और ऑल इंडिया यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (एआईयूडीएफ) दूसरे नंबर पर आया। मतगणना के अगले चरण में यह अंतर बढ़कर 75,248 वोटों तक पहुंचा और ताजा आधिकारिक रुझानों के अनुसार देवाशीष शर्मा 95,687 वोटों की विशाल बढ़त बना चुके हैं। एआईयूडीएफ प्रत्याशी मोहम्मद बदरुद्दीन अजमल इस अंतर को कम करने के लिए संघर्ष करते दिखे। पुडुचेरी: थट्टनचावड़ी सीट पर एनआर कांग्रेस के अशोक आनंद विजयी घोषित जहां पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और असम में मतगणना के कई दौर बाकी हैं और अंतिम आधिकारिक घोषणा का इंतजार किया जा रहा है, वहीं केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी की थट्टनचावड़ी विधानसभा सीट का चुनावी परिणाम घोषित कर दिया गया है। ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस के उम्मीदवार अशोक आनंद ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जीत दर्ज की। अशोक आनंद को कुल 13,358 वोट हासिल हुए, जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के उम्मीदवार ई. विनायगम को मात मिली। चुनाव अधिकारियों द्वारा घोषित आंकड़े के अनुसार अशोक आनंद ने कांग्रेस प्रत्याशी को 8,482 वोटों (अन्य तालिका में 8,501 वोट अंतर) के फासले से पराजित कर सीट अपने नाम कर ली। इसका आप पर असर इन उपचुनाव परिणामों से संबंधित राज्यों के प्रशासनिक समीकरणों और स्थानीय जनता के राजनीतिक प्रतिनिधित्व पर सीधा असर पड़ेगा। • राष्ट्रीय स्तर पर: असम, बंगाल और तमिलनाडु में मुख्यधारा के दलों के शक्ति संतुलन की नई दिशा तय होगी। इससे राष्ट्रीय स्तर पर राजनीतिक गठबंधनों की रणनीति और आगामी आम चुनावों के समीकरण प्रभावित होंगे। • पश्चिम बंगाल में: नंदीग्राम और रेजिनगर में भारी जीत से राज्य में सत्तारूढ़ दल की पकड़ और संगठनात्मक नीतियों पर प्रभाव पड़ेगा। स्थानीय नागरिकों को आने वाले दिनों में नए प्रशासनिक नेतृत्व और विकास परियोजनाओं के पुनर्गठन का सामना करना पड़ सकता है। • तमिलनाडु में: टीवीके की बढ़त राज्य के पारंपरिक द्रविड़ राजनीति के दोहरे ध्रुवीकरण को चुनौती दे रही है। मतदाताओं को राज्य स्तर पर एक नया राजनीतिक विकल्प मिलेगा जो स्थानीय नीतिगत फैसलों और विधानसभा प्राथमिकताओं को बदलेगा। • पुडुचेरी में: थट्टनचावड़ी सीट पर परिणाम घोषित होने से विधानसभा में एनआर कांग्रेस की विधायी संख्या सुरक्षित हो गई है। स्थानीय मतदाताओं को अपने नए विधायक से क्षेत्र के रुके हुए नागरिक कार्यों और विकास योजनाओं को पूरा करने की सीधी उम्मीद होगी। ऐसा क्यों हुआ यह उपचुनाव संबंधित सीटों के खाली होने के कारण 6 अक्टूबर को कराए गए थे, जिसके बाद 9 अक्टूबर को आधिकारिक मतगणना शुरू हुई। • मतदाताओं का ध्रुवीकरण: पश्चिम बंगाल में अल्पसंख्यक मतदाताओं के बदलते रुख और तृणमूल-वामपंथी मतों के विभाजन ने बीजेपी उम्मीदवारों को विशाल बढ़त दिलाई। स्थानीय समीकरणों में बदलाव आने से पारंपरिक विपक्षी वोट बैंक कई उम्मीदवारों में बंट गया। • तमिलनाडु में नया राजनीतिक उभार: टीवीके के चुनावी मैदान में मजबूती से उतरने से डीएमके और एआईएडीएमके के पारंपरिक वोट बैंक में सेंध लगी। अभिनेता विजय की पार्टी को संगठनात्मक स्तर पर मिले व्यापक जनसमर्थन ने उसे बढ़त दिलाई। • विपक्षी दलों के आरोप: कांग्रेस समेत विपक्षी दलों ने मतदाता सूची में विसंगतियों और धांधली के आरोप लगाकर प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। हालांकि निर्वाचन आयोग की आधिकारिक निगरानी में राउंड दर राउंड मतगणना जारी रखी गई। सवाल-जवाब 1. नंदीग्राम सीट पर बीजेपी उम्मीदवार की बढ़त कितनी हो चुकी है? नंदीग्राम में बीजेपी उम्मीदवार हसीरानी रथ 1,02,712 वोटों की भारी बढ़त बना चुकी हैं, जबकि कांग्रेस के मिलिंद प्रधान दूसरे स्थान पर हैं। 2. रेजिनगर विधानसभा सीट पर कौन आगे चल रहा है? रेजिनगर में बीजेपी उम्मीदवार शेखर सरकार 48,101 वोटों के साथ बढ़त बनाए हुए हैं, जबकि आम आदमी उन्नयन पार्टी दूसरे स्थान पर है। 3. तमिलनाडु में टीवीके पार्टी किन सीटों पर आगे चल रही है? मुख्यमंत्री विजय की पार्टी टीवीके तमिलनाडु की मदुरंतकम और धरपुरम, दोनों विधानसभा सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। 4. पुडुचेरी की थट्टनचावड़ी सीट पर चुनाव परिणाम क्या रहा? ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस के अशोक आनंद ने कांग्रेस उम्मीदवार ई. विनायगम को हराकर थट्टनचावड़ी सीट पर जीत हासिल की है। 5. असम की नगांव लोकसभा सीट पर बीजेपी प्रत्याशी की क्या स्थिति है? नगांव सीट पर बीजेपी के देवाशीष शर्मा 95,687 वोटों से आगे चल रहे हैं और एआईयूडीएफ उम्मीदवार बदरुद्दीन अजमल दूसरे स्थान पर हैं। https://trendkia.com/national/upachunava-rujhana-2026-nandigram-aura-rejinagar-men-bjp-ko-bhari-barhata-tamil-nadu-men-vijay-ki-tvk-ka-dabadaba-45389 TrendKia — Har trend, 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