# पश्चिम बंगाल में स्कूली छात्रा के खाते में अचानक दिखने लगी 759 करोड़ रुपये की रकम

> कूचबिहार के हल्दीबाड़ी में सातवीं क्लास की सुपर्णा रॉय सिर्फ 900 रुपये निकालने गई थी, लेकिन स्क्रीन पर 759 करोड़ 69 लाख 51 हजार 951 रुपये का बैलेंस दिखने लगा और पुलिस व बैंक अधिकारियों ने जांच शुरू कर दी है।

**Type:** article · **Category:** भारत · **Published:** 2026-07-12 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/national/west-bengal-men-skuli-chhatra-ke-khate-men-achanaka-dikhane-lagi-759-karora-rupaye-ki-rakama-7062 · **Language:** Hindi
**Tags:** सुपर्णा रॉय, हल्दीबाड़ी, कूचबिहार, पश्चिम बंगाल, बैंक बैलेंस गड़बड़ी, स्कॉलरशिप, बैंकिंग एरर

पश्चिम बंगाल के कूचबिहार जिले के हल्दीबाड़ी में एक सातवीं क्लास की छात्रा उस वक्त हैरान रह गई जब वह अपने बैंक खाते से महज 900 रुपये निकालने गई और स्क्रीन पर 759 करोड़ 69 लाख 51 हजार 951 रुपये का बैलेंस दिखने लगा। यह रकम देखकर छात्रा और उसका पूरा परिवार सन्न रह गया, और कुछ ही घंटों में यह किस्सा पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गया, लोग हैरान होकर एक दूसरे से यही पूछते रहे कि आखिर हुआ क्या।

## जूतों के लिए जोड़े थे स्कॉलरशिप के पैसे
हल्दीबाड़ी हाई स्कूल में सातवीं कक्षा में पढ़ने वाली सुपर्णा रॉय के खाते में सरकार की तरफ से स्कॉलरशिप के तौर पर 800 रुपये जमा होने का मैसेज आया था। सुपर्णा के पिता केरल में मजदूरी करके घर चलाते हैं और परिवार की आर्थिक हालत बेहद कमजोर है। बेटी के पुराने जूते पूरी तरह टूट चुके थे और स्कूल जाने लायक नहीं बचे थे, इसलिए परिवार ने पहले ही तय कर लिया था कि स्कॉलरशिप के इन्हीं पैसों से उसके लिए नए जूते खरीदे जाएंगे।

## पैसे निकालने गई तो स्क्रीन पर दिखी करोड़ों की रकम
शनिवार को सुपर्णा अपने बड़े भाई के साथ पास के ग्राहक सेवा केंद्र पहुंची और खाते से 900 रुपये निकाले। लेनदेन पूरा होने के बाद जब ऑपरेटर ने बचा हुआ बैलेंस चेक किया तो स्क्रीन पर 759,69,51,951 रुपये, यानी 759 करोड़ रुपये से भी ज्यादा की रकम दिखाई देने लगी। यह देखकर वहां मौजूद सभी लोग स्तब्ध रह गए। शुरुआत में परिवार को लगा कि शायद मशीन में कोई तकनीकी खराबी है, लेकिन बार बार बैलेंस चेक करने पर भी वही आंकड़ा स्क्रीन पर दिखता रहा।

## देखते ही देखते पूरे हल्दीबाड़ी में फैली खबर
कुछ ही देर में यह बात पूरे हल्दीबाड़ी में फैल गई कि एक गरीब परिवार की बेटी के खाते में करोड़ों रुपये दिख रहे हैं। यह सुनकर आसपास के लोग भी यह अजीब नजारा देखने के लिए ग्राहक सेवा केंद्र पर जमा होने लगे। सभी के मन में एक ही सवाल था कि आखिर छात्रवृत्ति लेने आई एक साधारण छात्रा के खाते में इतनी बड़ी रकम आई तो आई कैसे।

## परिवार बोला, हमें तो सिर्फ स्कॉलरशिप के पैसे चाहिए थे
सुपर्णा के परिवार ने साफ कर दिया कि उनका इस भारी भरकम रकम से कोई वास्ता नहीं है और उन्हें खुद समझ नहीं आ रहा कि यह पैसा खाते में कैसे दिखने लगा। परिवार का कहना है कि उन्हें तो बस बेटी की छात्रवृत्ति के पैसे चाहिए थे ताकि उसके लिए नए जूते खरीदे जा सकें, लेकिन करोड़ों रुपये का यह आंकड़ा देखकर वे राहत की जगह खुद घबरा गए।

## पुलिस और बैंक अधिकारियों ने शुरू की जांच
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस और बैंक अधिकारियों ने इसकी जांच शुरू कर दी है। शुरुआती अनुमान है कि यह गड़बड़ी बैंकिंग सिस्टम की किसी तकनीकी खराबी, सॉफ्टवेयर में आई एरर या सर्वरों के बीच डेटा सिंक्रोनाइजेशन की समस्या की वजह से हुई हो सकती है। हालांकि, इस अजीबोगरीब गड़बड़ी की असली वजह जांच पूरी होने के बाद ही साफ हो पाएगी।

## इसका आप पर असर
- **भारत में:** इस तरह की बैंकिंग गड़बड़ियां दिखाती हैं कि खाताधारकों को अपना बैलेंस बार-बार चेक करना चाहिए और किसी भी असामान्य रकम दिखने पर तुरंत बैंक और पुलिस को सूचित करना चाहिए।
- **पश्चिम बंगाल में:** कूचबिहार के हल्दीबाड़ी इलाके में अब पुलिस और बैंक अधिकारी इस तकनीकी खराबी की जांच कर रहे हैं, जिससे स्थानीय लोगों को असली वजह पता चलने का इंतजार है।

## सवाल-जवाब

### 1. यह घटना कहां हुई?
पश्चिम बंगाल के कूचबिहार जिले के हल्दीबाड़ी में यह घटना हुई।

### 2. यह छात्रा कौन है?
हल्दीबाड़ी हाई स्कूल में सातवीं कक्षा में पढ़ने वाली सुपर्णा रॉय।

### 3. खाते में कितनी रकम दिखाई दी?
खाते में 759 करोड़ 69 लाख 51 हजार 951 रुपये यानी 759,69,51,951 रुपये दिखाई दिए।

### 4. यह गड़बड़ी कब सामने आई?
शनिवार को, जब सुपर्णा ग्राहक सेवा केंद्र से सिर्फ 900 रुपये निकालने गई थी।

### 5. परिवार को स्कॉलरशिप के पैसे किसलिए चाहिए थे?
बेटी के टूट चुके पुराने जूतों की जगह नए जूते खरीदने के लिए।

### 6. परिवार ने इस रकम पर क्या कहा?
परिवार ने कहा कि उनका इस रकम से कोई लेना-देना नहीं है और वे खुद घबरा गए।

### 7. अब आगे क्या हो रहा है?
पुलिस और बैंक अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

### 8. यह गड़बड़ी किस वजह से हो सकती है?
शुरुआती अनुमान है कि यह बैंकिंग सिस्टम की तकनीकी खराबी, सॉफ्टवेयर एरर या डेटा सिंक्रोनाइजेशन की समस्या हो सकती है।

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