CWG 2026: जूडो में अस्मिता डे ने जीता ऐतिहासिक गोल्ड, योगी आदित्यनाथ ने दी बधाई राष्ट्रमंडल खेल 2026 में महिलाओं की 48 किग्रा जूडो स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतने पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यूपी पुलिस की उपनिरीक्षक अस्मिता डे को बधाई दी है। राष्ट्रमंडल खेल 2026 (CWG 2026) में भारतीय जूडो खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया है। महिलाओं की 48 किलोग्राम भारवर्ग स्पर्धा में उत्तर प्रदेश पुलिस की उपनिरीक्षक अस्मिता डे ने स्वर्ण पदक अपने नाम किया। कनाडाई खिलाड़ी को फाइनल में हराकर भारत को ऐतिहासिक सफलता दिलाने वाली अस्मिता डे की इस स्वर्णिम उपलब्धि पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उन्हें बधाई दी और उनकी सराहना की। अस्मिता डे का ऐतिहासिक स्वर्णिम प्रदर्शन महिलाओं के 48 किलोग्राम भारवर्ग में अस्मिता डे ने शुरुआत से ही आक्रामक और रणनीतिक खेल दिखाया। फाइनल मुकाबले में उन्होंने कनाडा की खिलाड़ी को मात देकर स्वर्ण पदक जीता। राष्ट्रमंडल खेलों के जूडो मुकाबले में स्वर्ण पदक हासिल करने वाली वे पहली भारतीय महिला खिलाड़ी बन गई हैं। इस ऐतिहासिक जीत के साथ ही उन्होंने वैश्विक मंच पर देश का मान बढ़ाया है। अस्मिता डे उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में उपनिरीक्षक (सब इंस्पेक्टर) के पद पर कार्यरत हैं। खेल के प्रति उनके समर्पण और ड्यूटी के साथ-साथ कठिन अभ्यास के बल पर उन्होंने यह मुकाम हासिल किया है। उनकी इस उपलब्धि से न केवल पुलिस महकमे में बल्कि पूरे देश में खुशी की लहर दौड़ गई है। योगी आदित्यनाथ का बधाई संदेश उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर पोस्ट शेयर करते हुए अस्मिता डे को बधाई दी। उन्होंने लिखा कि महिलाओं के 48 किलोग्राम भारवर्ग की जूडो प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतकर मां भारती को गौरवभूषित करने वाली यूपी पुलिस की उपनिरीक्षक अस्मिता डे को हार्दिक बधाई। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि अस्मिता डे देश की बेटियों के अदम्य साहस, अनुशासन, संकल्प और परिश्रम का प्रेरक प्रतीक हैं। उन्होंने खिलाड़ी के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उनके प्रदर्शन को हर भारतीय के लिए गर्व का क्षण बताया। जूडो में भारत का शानदार प्रदर्शन और पदक तालिका राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारतीय जूडो दल का प्रदर्शन ऐतिहासिक रहा। अस्मिता डे के स्वर्ण पदक के अलावा पुरुषों और महिलाओं की अन्य श्रेणियों में भी भारत ने शानदार खेल का प्रदर्शन किया। अस्मिता के बाद हर्ष सिंह ने भी जूडो स्पर्धा में भारत को दूसरा स्वर्ण पदक दिलाया। हर्ष ने फाइनल मुकाबले में ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी को शिकस्त देकर पोडियम में शीर्ष स्थान हासिल किया। वहीं महिलाओं के 57 किलोग्राम भारवर्ग में यामिनी मौर्य ने फाइनल तक का सफर तय किया और रजत पदक अपने नाम किया। यद्यपि भारतीय टीम जूडो में 'गोल्डन हैट्रिक' पूरा करने से चूक गई, लेकिन एक ही संस्करण में दो स्वर्ण और एक रजत पदक जीतकर खिलाड़ियों ने भारतीय जूडो के इतिहास में नया अध्याय जोड़ दिया है। मुक्केबाजी और जूडो दोनों खेलों में भारतीय एथलीटों ने अपने कौशल का लोहा मनवाया है। जनता की प्रतिक्रिया सोशल मीडिया पर खेल प्रेमियों और आम नागरिकों ने अस्मिता डे की इस जीत का जोरदार स्वागत किया है। लोगों ने उत्तर प्रदेश पुलिस और भारतीय एथलीटों के प्रदर्शन की जमकर तारीफ की, जबकि कुछ यूजर्स ने अन्य जनसमस्याओं और भर्ती परीक्षाओं की ओर भी ध्यान आकर्षित किया। इसका आप पर असर • भारत में: अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर भारतीय जूडो खिलाड़ियों की यह सफलता देश में मार्शल आर्ट्स और खेलों के प्रति युवाओं के रुझान को बढ़ावा देगी। • उत्तर प्रदेश में: राज्य पुलिस सेवा में कार्यरत महिला एथलीट की यह उपलब्धि अन्य महिला कर्मचारियों और खिलाड़ियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए प्रेरित करेगी। सवाल-जवाब 1. अस्मिता डे ने सीडब्ल्यूजी 2026 में कौन सा पदक जीता है? अस्मिता डे ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 में महिलाओं के 48 किलोग्राम भारवर्ग जूडो मुकाबले में स्वर्ण पदक जीता। 2. अस्मिता डे किस विभाग में कार्यरत हैं? वे उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में उपनिरीक्षक (सब-इंस्पेक्टर) के पद पर तैनात हैं। 3. अस्मिता डे ने किस देश की खिलाड़ी को हराकर स्वर्ण पदक जीता? उन्होंने फाइनल मुकाबले में कनाडाई खिलाड़ी को हराकर ऐतिहासिक स्वर्ण पदक हासिल किया। 4. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अस्मिता डे के बारे में क्या कहा? योगी आदित्यनाथ ने उन्हें बधाई देते हुए देश की बेटियों के साहस, अनुशासन और परिश्रम का प्रेरक प्रतीक बताया। 5. सीडब्ल्यूजी 2026 में जूडो में भारत के अन्य पदक विजेता कौन हैं? हर्ष सिंह ने पुरुष जूडो स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता, जबकि यामिनी मौर्य ने 57 किग्रा भारवर्ग में रजत पदक हासिल किया। नेता परिचय: योगी आदित्यनाथ • पद: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री • जन्म: 5 जून 1972, पंचूर, उत्तराखंड • पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) • शिक्षा: गणित में बीएससी 2017 से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और गोरखनाथ मठ के महंत। मूल नाम अजय मोहन सिंह बिष्ट; गोरखपुर से पाँच बार सांसद रहे। राजनीतिक सफ़र और उपलब्धियां • सांसद, गोरखपुर (1998–2017, पाँच बार) • गोरखनाथ मठ के महंत (2014 से) • उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री (2017 से) • लगातार दो कार्यकाल जीतने वाले पहले यूपी मुख्यमंत्री • हिंदू युवा वाहिनी संगठन की स्थापना की रोचक तथ्य • 1998 में 26 वर्ष की आयु में देश के सबसे युवा सांसदों में से एक बने। • राज्य की कमान संभालने से पहले संन्यास लेकर महंत बने। https://trendkia.com/neta-ji/cwg-2026-judo-men-asmita-de-ne-jita-aitihasika-golda-yogi-adityanatha-ne-di-badhai-12551 TrendKia — Har trend, sabse pehle.