जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में अनुच्छेद 370 हटने के 7 साल पूरे, राजनाथ सिंह ने बताया शांति का नया दौर जम्मू-कश्मीर और लद्दाख से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के सात वर्ष पूरे होने पर राजनाथ सिंह ने विकास और समान अवसरों का उल्लेख किया। इस निर्णय की सातवीं वर्षगांठ पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं और जनता की राय भी सामने आई हैं। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख से विशेष दर्जा वापस लेने वाले अनुच्छेद 370 और 35A को निरस्त किए जाने के सात वर्ष पूरे हो चुके हैं। 5 अगस्त 2019 को संसद द्वारा लिए गए इस महत्वपूर्ण फैसले की सातवीं वर्षगांठ के अवसर पर राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया के माध्यम से क्षेत्र में आए बदलावों और नई प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। शांति और विकास के नए युग पर जोर राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया मंच X पर लिखा कि अनुच्छेद 370 और 35A के समाप्त होने से जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में शांति, प्रगति और समान अवसरों का एक नया युग प्रारंभ हुआ है। उन्होंने अपने संदेश में कहा कि इस ऐतिहासिक निर्णय ने क्षेत्र के नागरिकों के लिए नए रास्ते खोले हैं। इसके साथ ही उन्होंने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती का उल्लेख करते हुए देश की अखंडता के लिए उनके अटूट समर्पण को नमन किया। सात वर्षों के दौरान हुए मुख्य बदलाव वर्ष 2019 के संवैधानिक संशोधनों के बाद जम्मू-कश्मीर तथा लद्दाख दो अलग केंद्र शासित प्रदेश बने थे। पिछले सात वर्षों में क्षेत्र में अलगाववाद और आतंकवाद से जुड़ी घटनाओं में कमी दर्ज की गई है। जमीनी स्तर पर राजमार्गों, रेल लिंक, स्वास्थ्य सेवाओं और शैक्षणिक संस्थानों के बुनियादी ढांचे में व्यापक निवेश किया गया है। स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के लिए पर्यटन और हस्तशिल्प क्षेत्रों को विशेष प्रोत्साहन दिया गया है। राजनीतिक गतिविधियां और सुरक्षा इंतजाम वर्षगांठ के अवसर पर पूरे क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम देखे गए। एक तरफ भारतीय जनता पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने एक देश, एक विधान, एक प्रधान के सिद्धांत की सफलता को रेखांकित करते हुए कार्यक्रम आयोजित किए। दूसरी तरफ नेशनल कॉन्फ्रेंस और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी जैसे क्षेत्रीय दलों ने इस निर्णय के सामाजिक और राजनीतिक प्रभावों को लेकर अपनी चिंताएं जताईं। प्रशासन ने शांति बनाए रखने के उद्देश्य से प्रमुख शहरों और संवेदनशील क्षेत्रों में चौकसी बढ़ा दी। जनता की प्रतिक्रिया संवैधानिक निर्णय के सात साल पूरे होने पर जनता के बीच विविध प्रतिक्रियाएं सामने आईं। कई नागरिकों ने बेहतर सुरक्षा स्थिति, नए व्यापारिक अवसरों और बुनियादी ढांचे के विकास पर संतोष व्यक्त किया। वहीं कुछ लोगों ने जम्मू-कश्मीर को पुनः पूर्ण राज्य का दर्जा देने, प्रशासनिक निर्णयों में स्थानीय भागीदारी बढ़ाने और युवाओं के लिए रोजगार सुरक्षा सुनिश्चित करने की जरूरत पर बल दिया। इसका आप पर असर • भारत में: सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा स्थिति मजबूत होने और पर्यटन को बढ़ावा मिलने से राष्ट्रीय एकीकरण पर सकारात्मक प्रभाव पड़ा है। • जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में: बुनियादी ढांचे के विकास और केंद्रीय योजनाओं तक पहुंच बढ़ी है, जबकि पूर्ण राज्य के दर्जे और स्थानीय रोजगार सुरक्षा से जुड़ी मांगें चर्चा में बनी हुई हैं। सवाल-जवाब 1. अनुच्छेद 370 कब समाप्त किया गया था? अनुच्छेद 370 और 35A को 5 अगस्त 2019 को भारतीय संसद द्वारा निरस्त किया गया था। 2. राजनाथ सिंह ने अनुच्छेद 370 के 7 साल पूरे होने पर क्या संदेश दिया? उन्होंने कहा कि पिछले सात वर्षों में जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में शांति, प्रगति और समान अवसरों का एक नया दौर शुरू हुआ है। 3. अनुच्छेद 370 हटने के बाद क्षेत्र का पुनर्गठन किस प्रकार हुआ? इस निर्णय के बाद राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख, में विभाजित किया गया। 4. वर्षगांठ के अवसर पर किस प्रमुख व्यक्तित्व को याद किया गया? इस अवसर पर डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती पर राष्ट्र की एकता के लिए उनके योगदान को नमन किया गया। नेता परिचय: राजनाथ सिंह • पद: केंद्रीय रक्षा मंत्री • जन्म: 10 जुलाई 1951, चंदौली, उत्तर प्रदेश • पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) • शिक्षा: भौतिकी में एमएससी 2019 से भारत के रक्षा मंत्री, पूर्व गृह मंत्री और दो बार भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष। वे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री (2000–02) रहे। राजनीतिक सफ़र और उपलब्धियां • उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री (2000–2002) • भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष (2005–09 और 2013–14) • केंद्रीय गृह मंत्री (2014–2019) • केंद्रीय रक्षा मंत्री (2019 से) • लखनऊ से सांसद रोचक तथ्य • राजनीति में आने से पहले भौतिकी के व्याख्याता रहे। • 1975 के आपातकाल में लगभग दो साल जेल में रहे। https://trendkia.com/neta-ji/jammu-kashmir-aura-laddakha-men-anuchchheda-370-hatane-ke-7-sala-pure-rajanatha-sinha-ne-bataya-shanti-ka-naya-daura-13892 TrendKia — Har trend, sabse pehle.