प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2025 बैच के आईएफएस ट्रेनी अधिकारियों से की खास मुलाकात, दिए ये मंत्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2025 बैच के भारतीय विदेश सेवा (IFS) के अधिकारी प्रशिक्षुओं से मुलाकात कर उन्हें पारंपरिक दायरे से बाहर निकलकर काम करने और देश की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने की सलाह दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में भारतीय विदेश सेवा यानी IFS के 2025 बैच के अधिकारी प्रशिक्षुओं के साथ एक अहम संवाद किया। इस दौरान उन्होंने देश के भावी युवा राजनयिकों को आधुनिक कूटनीति के बदलते स्वरूप और वैश्विक मंच पर भारत की स्थिति को मजबूत करने के बारे में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन दिया। प्रधानमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि आज के दौर में कूटनीति का दायरा केवल सरकारी बैठकों या पारंपरिक प्रोटोकॉल तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि इसे और अधिक व्यापक बनाने की जरूरत है। पारंपरिक दायरों से बाहर निकलकर काम करने की सलाह प्रधानमंत्री ने युवा अधिकारियों से स्पष्ट रूप से कहा कि उन्हें अपनी कार्यशैली को पारंपरिक कूटनीतिक दायरे से बाहर ले जाना होगा। उन्होंने स्थानीय समुदायों और विदेशों में रहने वाले भारतीय प्रवासियों के साथ सार्थक और गहरे संबंध बनाने का आह्वान किया। जब राजनयिक ज़मीनी स्तर पर लोगों से जुड़ते हैं, तो देश की छवि और मजबूत होती है। प्रवासी भारतीय और स्थानीय समुदाय किसी भी देश के सांस्कृतिक और कूटनीतिक दूत के रूप में सबसे बड़ी ताकत साबित हो सकते हैं, इसलिए उनके साथ नियमित जुड़ाव बेहद जरूरी है। आर्थिक विकास के उत्प्रेरक बनें युवा अधिकारी चर्चा के दौरान इस बात पर भी विशेष जोर दिया गया कि कैसे ये युवा अधिकारी आने वाले समय में देश के आर्थिक विकास में अहम भूमिका निभा सकते हैं। प्रधानमंत्री ने उन्हें भारत की आर्थिक प्रगति का उत्प्रेरक बनने के लिए प्रेरित किया। वैश्विक स्तर पर भारत की बढ़ती साख और डिजिटल पहलों के साथ-साथ देश की सांस्कृतिक और सभ्यतागत ताकतों को दुनिया के सामने प्रभावी ढंग से रखने की जिम्मेदारी अब इन युवा कंधों पर है। जनता की प्रतिक्रिया इस उच्च स्तरीय संवाद पर सोशल मीडिया पर लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं, जहां कुछ नागरिकों ने इसे कूटनीतिक दृष्टिकोण से एक दूरदर्शी कदम बताया, वहीं अन्य लोगों ने सिविल सेवा व्यवस्था और चयन प्रक्रिया को लेकर विभिन्न सवाल और सुझाव भी साझा किए। इसका आप पर असर भारत में: यह बैठक देश की भावी प्रशासनिक और कूटनीतिक दिशा को प्रभावित करती है, जिससे विदेशों में भारत के आर्थिक और सांस्कृतिक हितों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। सवाल-जवाब 1. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में किससे मुलाकात की? प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय विदेश सेवा (IFS) के 2025 बैच के अधिकारी प्रशिक्षुओं से मुलाकात की। 2. युवा राजनयिकों को क्या मुख्य सलाह दी गई? उन्हें पारंपरिक कूटनीतिक दायरे से बाहर निकलकर स्थानीय समुदायों और भारतीय प्रवासियों से जुड़ने की सलाह दी गई। 3. प्रशिक्षुओं को किस क्षेत्र में उत्प्रेरक बनने के लिए कहा गया? प्रधानमंत्री ने युवा अधिकारियों को भारत के आर्थिक विकास का उत्प्रेरक बनने के लिए प्रेरित किया। 4. यह मुलाकात किस बैच के अधिकारियों के साथ हुई? यह मुलाकात IFS के 2025 बैच के अधिकारी प्रशिक्षुओं के साथ हुई। नेता परिचय: नरेंद्र मोदी • पद: भारत के प्रधानमंत्री • जन्म: 17 सितंबर 1950, वडनगर, गुजरात • पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) • शिक्षा: राजनीति विज्ञान में एमए 2014 से भारत के प्रधानमंत्री। वे 2001 से 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री रहे और भाजपा के सबसे प्रमुख नेताओं में से एक हैं। राजनीतिक सफ़र और उपलब्धियां • चुनावी राजनीति से पहले आरएसएस प्रचारक • गुजरात के मुख्यमंत्री (2001–2014) • भारत के प्रधानमंत्री (2014 से) • 2014 और 2019 में भाजपा को लोकसभा बहुमत दिलाया • स्वच्छ भारत मिशन शुरू किया और जीएसटी लागू किया रोचक तथ्य • चुनावी राजनीति से बहुत पहले 1971 में आरएसएस के पूर्णकालिक प्रचारक बने। • 2014 में 1984 के बाद पहली बार किसी दल को अकेले लोकसभा बहुमत दिलाया। https://trendkia.com/neta-ji/pradhanamntri-narendra-modi-ne-2025-baicha-ke-aiephaesa-treni-adhikariyon-se-ki-khasa-mulakata-die-ye-mntra-21446 TrendKia — Har trend, sabse pehle.