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  "title": "यूपी विधानमंडल का मानसून सत्र 3 अगस्त से शुरू, सीएम योगी आदित्यनाथ ने बुलाई सर्वदलीय बैठक",
  "summary": "उत्तर प्रदेश विधानमंडल का मानसून सत्र 3 अगस्त से शुरू हो रहा है। सत्र से पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सर्वदलीय बैठक आयोजित कर जनप्रतिनिधियों से जनहित के मुद्दे उठाने की अपील की।",
  "content": "उत्तर प्रदेश विधानमंडल का मानसून सत्र 3 अगस्त से औपचारिक रूप से शुरू होने जा रहा है। सत्र के आयोजन को लेकर विधानसभा सचिवालय द्वारा पहले ही अधिसूचना जारी की जा चुकी है। कार्यवाही शुरू होने से ठीक एक दिन पहले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में एक पत्रकार वार्ता को संबोधित किया और उसके बाद सर्वदलीय बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य सदन के संचालन को सुचारू बनाना और विधायी कार्यों को गति देना था।\n\nसर्वदलीय बैठक और मुख्यमंत्री की अपील\nरविवार को आयोजित सर्वदलीय बैठक के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी राजनीतिक दलों के नेताओं और जनप्रतिनिधियों से खास अपील की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में संवाद और चर्चा का विशेष महत्व होता है। मुख्यमंत्री ने सभी सदस्यों से आग्रह किया कि वे जनहित और प्रदेश के विकास से जुड़े मुद्दों को सदन के पटल पर प्रमुखता से रखें। उन्होंने विश्वास दिलाया कि सरकार सदस्यों द्वारा उठाए गए हर सवाल का सकारात्मक और तथ्यात्मक उत्तर देने के लिए पूरी तरह तैयार है।\n\nसत्र के प्रमुख मुद्दे और अनुपूरक बजट\nइस बार का मानसून सत्र काफी हंगामेदार रहने के आसार हैं। राज्य सरकार 4 अगस्त को विधानमंडल में अपना अनुपूरक बजट पेश करने वाली है। दूसरी ओर विपक्षी दलों, विशेषकर समाजवादी पार्टी ने सरकार को विभिन्न मोर्चों पर घेरने की व्यापक रणनीति तैयार की है। विपक्ष द्वारा प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक, प्रदेश में बिजली संकट, शिक्षक भर्ती में देरी और धार्मिक स्थलों पर चढ़ावा चोरी के आरोपों जैसे मुद्दों को जोर-शोर से उठाने की तैयारी है। वहीं सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी ने भी विपक्षी हमलों का जवाब देने और पलटवार करने की रणनीति बनाई है।\n\nलखनऊ में प्रशासनिक व्यवस्था और ट्रैफिक डायवर्जन\nविधानमंडल सत्र के मद्देनजर राजधानी लखनऊ में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। विधान भवन के आसपास सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है। इसके साथ ही लखनऊ ट्रैफिक पुलिस ने सोमवार 3 अगस्त से कई प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू कर दिया है। ट्रैफिक में बदलाव के कारण शहर के कई प्रमुख चौराहों पर जाम की स्थिति देखी गई। प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे घर से निकलने से पहले बदले हुए रूट की जानकारी अवश्य ले लें ताकि असुविधा से बचा जा सके।\n\nउत्तर प्रदेश के बारे में\nउत्तर प्रदेश भारत का सबसे अधिक जनसंख्या वाला राज्य है और क्षेत्रफल के आधार पर देश में चौथे स्थान पर आता है। लखनऊ राज्य की प्रशासनिक व विधायी राजधानी है, जबकि प्रयागराज को न्यायिक राजधानी का दर्जा प्राप्त है। आगरा, कानपुर, वाराणसी और गोरखपुर प्रदेश के अन्य प्रमुख और ऐतिहासिक शहर हैं। भौगोलिक रूप से उत्तर प्रदेश के उत्तर में उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश, पश्चिम में हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान, दक्षिण में मध्य प्रदेश व छत्तीसगढ़ तथा पूर्व में बिहार व झारखंड स्थित हैं। इसके अलावा उत्तर दिशा में नेपाल देश के साथ इसकी अंतरराष्ट्रीय सीमा लगती है।\n\nजनता की प्रतिक्रिया\nमुख्यमंत्री के सोशल मीडिया संदेश और सत्र की घोषणा के बाद सोशल मीडिया पर नागरिकों की मिश्रित प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। बड़ी संख्या में युवाओं ने प्राथमिक शिक्षक भर्ती का नया विज्ञापन जारी करने और रिक्त पड़े पदों को भरने की मांग उठाई। वहीं कई लोगों ने स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक लापरवाही की शिकायतें दर्ज कराईं और जनहित के मुद्दों पर ठोस बहस की उम्मीद जताई।\n\nइसका आप पर असर\n• भारत में: देश के सबसे बड़े राज्य में विधायी निर्णयों और आर्थिक आवंटन का असर राष्ट्रीय नीतियों और विकास पर दिखाई देता है।\n• उत्तर प्रदेश में: सत्र में पेश होने वाला अनुपूरक बजट और नीतिगत फैसले राज्य के विकास कार्यों, नागरिक सुविधाओं और सरकारी भर्ती योजनाओं को प्रभावित करेंगे।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. यूपी विधानमंडल का मानसून सत्र कब से शुरू हो रहा है?\nउत्तर प्रदेश विधानमंडल का मानसून सत्र 3 अगस्त 2026 से शुरू हो रहा है।\n\n2. उत्तर प्रदेश का अनुपूरक बजट किस तारीख को पेश किया जाएगा?\nराज्य सरकार 4 अगस्त 2026 को विधानमंडल में अनुपूरक बजट पेश करेगी।\n\n3. सर्वदलीय बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने क्या अपील की?\nमुख्यमंत्री ने सभी दलों के नेताओं से जनहित के मुद्दों को सदन में उठाने और सकारात्मक चर्चा में भाग लेने की अपील की।\n\n4. मानसून सत्र के दौरान विपक्ष किन मुख्य मुद्दों पर चर्चा की मांग कर रहा है?\nविपक्ष मुख्य रूप से पेपर लीक, बिजली संकट, प्राथमिक शिक्षक भर्ती और चढ़ावा चोरी जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में है।\n\nनेता परिचय: योगी आदित्यनाथ\n• पद: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री\n• जन्म: 5 जून 1972, पंचूर, उत्तराखंड\n• पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा)\n• शिक्षा: गणित में बीएससी\n\n2017 से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और गोरखनाथ मठ के महंत। मूल नाम अजय मोहन सिंह बिष्ट; गोरखपुर से पाँच बार सांसद रहे।\n\nराजनीतिक सफ़र और उपलब्धियां\n• सांसद, गोरखपुर (1998–2017, पाँच बार)\n• गोरखनाथ मठ के महंत (2014 से)\n• उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री (2017 से)\n• लगातार दो कार्यकाल जीतने वाले पहले यूपी मुख्यमंत्री\n• हिंदू युवा वाहिनी संगठन की स्थापना की\n\nरोचक तथ्य\n• 1998 में 26 वर्ष की आयु में देश के सबसे युवा सांसदों में से एक बने।\n• राज्य की कमान संभालने से पहले संन्यास लेकर महंत बने।",
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  "category": "नेता जी",
  "publishedAt": "2026-08-03",
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