उत्तर प्रदेश में मिशन शक्ति के छठे चरण की शुरुआत, गोरखपुर और लखनऊ में जागरूकता रैलियां उत्तर प्रदेश में महिलाओं को सशक्त और जागरूक बनाने के लिए मिशन शक्ति का छठा चरण शुरू हो गया है, जिसके तहत गोरखपुर और लखनऊ समेत कई जिलों में विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश में महिला सशक्तिकरण और सुरक्षा को गति देने के उद्देश्य से मिशन शक्ति का छठा चरण शुरू हो चुका है। इस नए चरण के तहत राज्य भर में महिलाओं और बेटियों को उनके अधिकारों, सुरक्षा उपायों और सरकारी योजनाओं के प्रति जागरूक करने के लिए व्यापक स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में गोरखपुर जिले में जागरूकता रैली 2026 का आयोजन किया गया, जबकि राजधानी लखनऊ में भी पुलिस बल ने सड़क पर उतरकर एक बड़ी जागरूकता रैली निकाली। गोरखपुर में जागरूकता रैली और आधिकारिक संदेश गोरखपुर जिले में आयोजित जागरूकता रैली 2026 के अवसर पर योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया मंच X पर लिखा कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर और सुरक्षित बनाना है। उन्होंने मिशन शक्ति के 6वें चरण के तहत गोरखपुर में आयोजित इस जागरूकता रैली की जानकारी साझा करते हुए नारी सुरक्षा और सम्मान के प्रति प्रशासन के संकल्प को रेखांकित किया। छात्राओं को प्रशासनिक अनुभव और जागरूकता की पहल इस चरण के तहत राज्य सरकार ने कई अनूठे कदम उठाए हैं। नवरात्रि के पावन पर्व के दौरान छात्राओं को एक दिन का जिलाधिकारी (डीएम) बनने का अवसर दिया जा रहा है, ताकि वे सीधे तौर पर प्रशासनिक कामकाज को करीब से समझ सकें और नेतृत्व क्षमता हासिल कर सकें। इसके साथ ही, राजधानी लखनऊ में भी पुलिस विभाग की ओर से विशेष जागरूकता रैली निकाली गई, जिसमें अधिकारियों और जवानों ने नागरिकों को महिला सुरक्षा तंत्र और हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी। गोरखपुर के बारे में गोरखपुर पूर्वी उत्तर प्रदेश का एक प्रमुख और ऐतिहासिक जिला है। भौगोलिक दृष्टि से यह जिला पूर्व में देवरिया और कुशीनगर से, पश्चिम में संत कबीर नगर से, उत्तर में महराजगंज और सिद्धार्थनगर से, तथा दक्षिण में मऊ, आज़मगढ़ और अम्बेडकर नगर जिलों की सीमाओं से घिरा हुआ है। क्षेत्रीय स्तर पर यह न केवल एक महत्वपूर्ण व्यापारिक और सांस्कृतिक केंद्र है, बल्कि प्रशासनिक दृष्टि से भी पूर्वी उत्तर प्रदेश में इसकी प्रमुख भूमिका रहती है। जनता की प्रतिक्रिया सोशल मीडिया पर इस अभियान को लेकर नागरिकों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। जहां कई लोगों ने नारी सुरक्षा की दिशा में उठाए गए कदमों की सराहना की, वहीं कुछ नागरिकों ने प्रशासनिक कामकाज में जमीनी स्तर पर और अधिक तत्परता बरतने तथा बिजली जैसी बुनियादी नागरिक समस्याओं के समाधान की मांग उठाई। इसका आप पर असर मिशन शक्ति के इस चरण से उत्तर प्रदेश में महिला सुरक्षा और प्रशासनिक जवाबदेही से जुड़े अभियानों को नई दिशा मिलेगी। • उत्तर प्रदेश में: पूरे राज्य में महिलाओं और छात्राओं को प्रशासनिक कामकाज और सरकारी हेल्पलाइन नंबरों से सीधे जुड़ने का अवसर मिलेगा। इससे आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित सुरक्षा सहायता प्राप्त करना आसान होगा। • गोरखपुर और लखनऊ में: इन दोनों जनपदों में पुलिस और प्रशासन की विशेष रैलियों से स्थानीय स्तर पर सुरक्षा व्यवस्था और सार्वजनिक संपर्क मजबूत होगा। स्थानीय नागरिक महिला सुरक्षा से जुड़ी सरकारी योजनाओं की सीधी जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। • छात्राओं के लिए: एक दिन के लिए प्रशासनिक पद संभालने का अवसर छात्राओं में नेतृत्व कौशल और आत्मविश्वास को बढ़ावा देगा। यह पहल युवाओं को भविष्य में लोक सेवा में करियर बनाने के लिए प्रेरित करेगी। • नागरिक सेवाओं पर प्रभाव: जमीनी स्तर पर जनसुनवाई और जागरूकता अभियानों से आम जनता की शिकायतों का संज्ञान तेजी से लिया जाएगा। स्थानीय लोग प्रशासन तक अपनी बिजली, सुरक्षा और बुनियादी समस्याएं बेहतर ढंग से पहुंचा सकते हैं। सवाल-जवाब 1. उत्तर प्रदेश में किस अभियान का छठा चरण शुरू किया गया है? उत्तर प्रदेश में महिला सशक्तिकरण और सुरक्षा के लिए मिशन शक्ति का छठा चरण शुरू किया गया है। 2. गोरखपुर में किस कार्यक्रम का आयोजन किया गया था? गोरखपुर में मिशन शक्ति के 6वें चरण के अंतर्गत जागरूकता रैली 2026 आयोजित की गई। 3. मिशन शक्ति के तहत छात्राओं के लिए क्या विशेष योजना बनाई गई है? नवरात्रि के दौरान छात्राओं को एक दिन का जिलाधिकारी (डीएम) बनाकर प्रशासनिक कामकाज सिखाने की पहल की गई है। 4. लखनऊ में पुलिस विभाग ने क्या कदम उठाया? लखनऊ पुलिस ने मिशन शक्ति के छठे चरण के तहत जन-जागरूकता रैली निकाली। 5. गोरखपुर जिला किन पड़ोसी जिलों से घिरा हुआ है? गोरखपुर देवरिया, कुशीनगर, संत कबीर नगर, महराजगंज, सिद्धार्थनगर, मऊ, आज़मगढ़ और अम्बेडकर नगर जिलों से घिरा है। नेता परिचय: योगी आदित्यनाथ • पद: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री • जन्म: 5 जून 1972, पंचूर, उत्तराखंड • पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) • शिक्षा: गणित में बीएससी 2017 से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और गोरखनाथ मठ के महंत। मूल नाम अजय मोहन सिंह बिष्ट; गोरखपुर से पाँच बार सांसद रहे। राजनीतिक सफ़र और उपलब्धियां • सांसद, गोरखपुर (1998–2017, पाँच बार) • गोरखनाथ मठ के महंत (2014 से) • उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री (2017 से) • लगातार दो कार्यकाल जीतने वाले पहले यूपी मुख्यमंत्री • हिंदू युवा वाहिनी संगठन की स्थापना की रोचक तथ्य • 1998 में 26 वर्ष की आयु में देश के सबसे युवा सांसदों में से एक बने। • राज्य की कमान संभालने से पहले संन्यास लेकर महंत बने। https://trendkia.com/neta-ji/uttar-pradesh-men-mishana-shakti-ke-chhathe-charana-ki-shuruata-gorakhapura-aura-lakhanau-men-jagarukata-railiyan-46732 TrendKia — Har trend, sabse pehle.