विश्व हाथी दिवस पर नरेंद्र मोदी ने भारत के संरक्षण प्रयासों की सराहना की, बताया दुनिया के 60 प्रतिशत से अधिक एशियाई हाथी देश में हैं विश्व हाथी दिवस के अवसर पर नरेंद्र मोदी ने भारत की पारिस्थितिक विरासत में हाथियों के योगदान को रेखांकित किया और देश भर में बने 33 एलिफेंट रिजर्व्स की सराहना की। विश्व हाथी दिवस के अवसर पर नरेंद्र मोदी ने भारत की समृद्ध पारिस्थितिक विरासत को रेखांकित करते हुए देश में हाथियों के संरक्षण के लिए किए जा रहे प्रयासों पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि भारत दुनिया के 60 प्रतिशत से अधिक जंगली एशियाई हाथियों का सुरक्षित प्राकृतिक आवास बना हुआ है। हाथियों के प्राकृतिक आवास को संरक्षित करने और उनके सुरक्षित आवागमन को सुनिश्चित करने के लिए देश भर में कुल 33 एलिफेंट रिजर्व्स बनाए गए हैं। भारत की पारिस्थितिक विरासत का अटूट हिस्सा हाथियों को भारतीय संस्कृति और पर्यावरण संतुलन का एक बेहद महत्वपूर्ण अंग माना जाता है। पारिस्थितिकी तंत्र को बनाए रखने में इनकी भूमिका को देखते हुए इनके संरक्षण पर लगातार ध्यान दिया जा रहा है। विश्व स्तर पर एशियाई हाथियों की आबादी में आ रही गिरावट के बीच भारत में इनकी बड़ी संख्या का मौजूद होना देश के वन्यजीव संरक्षण प्रयासों की सफलता को दर्शाता है। सरकार और स्थानीय समुदायों के सहयोग से जंगलों और हाथियों के गलियारों को सुरक्षित रखने के लिए विभिन्न योजनाएं लागू की गई हैं। 33 एलिफेंट रिजर्व्स और गलियारों की सुरक्षा भारत में घोषित 33 एलिफेंट रिजर्व्स विशाल वन क्षेत्रों को आच्छादित करते हैं, जहां हाथियों को स्वच्छ पानी, भोजन और बिना किसी बाधा के विचरण करने का अवसर मिलता है। वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार, मानव और हाथी के बीच होने वाले संघर्ष को कम करने के लिए इन संरक्षित क्षेत्रों की सीमा तय की गई है। इसके अलावा, हाथियों के पारंपरिक रास्तों और कॉरिडोर को अतिक्रमण से मुक्त रखने के लिए विशेष निगरानी और तकनीकी उपायों का इस्तेमाल किया जा रहा है। जंगलों की सुरक्षा और सतत विकास हाथियों के संरक्षण के साथ साथ देश के प्राकृतिक वनों को बचाने की दिशा में भी काम किया जा रहा है। वनों के कटान को रोकने, नए पेड़ लगाने और वन्यजीवों के प्राकृतिक वातावरण को नुकसान से बचाने के लिए सख्त नियम लागू किए गए हैं। इन संरक्षण अभियानों में स्थानीय निवासियों और वन कर्मचारियों की सहभागिता को भी प्रमुखता दी जा रही है ताकि जंगली जानवरों को शिकारियों और अन्य खतरों से सुरक्षित रखा जा सके। जनता की प्रतिक्रिया सोशल मीडिया पर इस संदेश के आने के बाद आम लोगों ने भारत के वन्यजीव संरक्षण प्रयासों की सराहना की। कई उपयोगकर्ताओं ने जानवरों के कल्याण, जंगलों को काटने से बचाने और हाथियों के आवागमन गलियारों की सुरक्षा को और मजबूत करने की मांग उठाई। इसका आप पर असर भारत में: वन्यजीव क्षेत्रों और एलिफेंट रिजर्व्स के संरक्षण से जंगलों का संतुलन बना रहता है और आसपास के ग्रामीण इलाकों में मानव-हाथी संघर्ष में कमी आती है। सवाल-जवाब 1. विश्व हाथी दिवस किस दिन मनाया जाता है? विश्व हाथी दिवस हर साल 12 अगस्त को मनाया जाता है। 2. दुनिया के कितने प्रतिशत जंगली एशियाई हाथी भारत में रहते हैं? दुनिया के 60 प्रतिशत से अधिक जंगली एशियाई हाथी भारत में रहते हैं। 3. भारत में कुल कितने एलिफेंट रिजर्व्स हैं? भारत में हाथियों के प्राकृतिक आवास की सुरक्षा के लिए कुल 33 एलिफेंट रिजर्व्स बनाए गए हैं। 4. एलिफेंट रिजर्व्स और कॉरिडोर का मुख्य उद्देश्य क्या है? इनका मुख्य उद्देश्य हाथियों को सुरक्षित आवास और पानी प्रदान करना है, साथ ही मानव और हाथी के बीच होने वाले संघर्ष को रोकना है। नेता परिचय: नरेंद्र मोदी • पद: भारत के प्रधानमंत्री • जन्म: 17 सितंबर 1950, वडनगर, गुजरात • पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) • शिक्षा: राजनीति विज्ञान में एमए 2014 से भारत के प्रधानमंत्री। वे 2001 से 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री रहे और भाजपा के सबसे प्रमुख नेताओं में से एक हैं। राजनीतिक सफ़र और उपलब्धियां • चुनावी राजनीति से पहले आरएसएस प्रचारक • गुजरात के मुख्यमंत्री (2001–2014) • भारत के प्रधानमंत्री (2014 से) • 2014 और 2019 में भाजपा को लोकसभा बहुमत दिलाया • स्वच्छ भारत मिशन शुरू किया और जीएसटी लागू किया रोचक तथ्य • चुनावी राजनीति से बहुत पहले 1971 में आरएसएस के पूर्णकालिक प्रचारक बने। • 2014 में 1984 के बाद पहली बार किसी दल को अकेले लोकसभा बहुमत दिलाया। https://trendkia.com/neta-ji/vishva-hathi-divasa-para-narendra-modi-ne-bharata-ke-snrakshana-prayason-ki-sarahana-ki-bataya-duniya-ke-60-pratishata-se-adhika-e-15868 TrendKia — Har trend, sabse pehle.