पश्चिम बंगाल में जन्म और मृत्यु पंजीकरण व्यवस्था की समीक्षा, अमित शाह ने सिलिगुड़ी में की बैठक केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पश्चिम बंगाल में जन्म और मृत्यु पंजीकरण प्रणाली का जायजा लिया है। इस दौरान मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी भी उनके साथ मौजूद रहे। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पश्चिम बंगाल के सिलिगुड़ी में एक महत्वपूर्ण बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक का मुख्य एजेंडा राज्य में जन्म और मृत्यु के पंजीकरण की वर्तमान व्यवस्था की समीक्षा करना था। इस चर्चा में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी भी शामिल हुए। इस दौरान सरकारी रिकॉर्ड को अधिक पुख्ता बनाने और आंकड़ों की सटीकता सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। पंजीकरण प्रणाली की अहमियत आधिकारिक चर्चा के दौरान यह रेखांकित किया गया कि जन्म और मृत्यु का सटीक लेखा-जोखा रखना किसी भी राज्य के लिए अत्यंत आवश्यक है। व्यवस्थित तरीके से रिकॉर्ड बनाए रखने से जनसंख्या में हो रहे बदलावों की निगरानी करना आसान होता है। इसके अलावा, सरकार के पास यह डेटा भविष्य की जन कल्याणकारी योजनाओं और नीतियों को तैयार करने के लिए एक विश्वसनीय आधार के रूप में काम करता है। सुरक्षा और डेटा की शुद्धता पर जोर हाल के समय में फर्जी प्रमाण पत्रों और गलत आंकड़ों की समस्याओं को देखते हुए केंद्र सरकार ने डिजिटल रिकॉर्ड की बारीकी से जांच के निर्देश दिए हैं। पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों में जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र के नियमों को और अधिक कड़ा किया जा रहा है ताकि धोखाधड़ी पर लगाम लगाई जा सके। गौरतलब है कि भारत में वर्ष 2024 के दौरान ढाई करोड़ से अधिक जन्म पंजीकरण दर्ज किए गए हैं, जिसके चलते पूरी व्यवस्था को पारदर्शी बनाना सरकार की प्राथमिकता है। अमित शाह का दौरा अपने तीन दिवसीय पश्चिम बंगाल दौरे के दौरान अमित शाह ने राज्य की सुरक्षा स्थिति और विकास कार्यों का जायजा लिया। इस क्रम में उन्होंने जुमागाछ बॉर्डर आउटपोस्ट का दौरा किया और वहां तैनात सुरक्षा प्रणालियों का निरीक्षण किया। सीमावर्ती इलाकों की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना उनके इस दौरे का एक प्रमुख हिस्सा रहा है। इसका आप पर असर देशभर में: केंद्र सरकार के सख्त नियमों के चलते अब जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने की प्रक्रिया अधिक पारदर्शी होगी, जिससे आम नागरिकों को दस्तावेजों के सत्यापन में समय लग सकता है। पश्चिम बंगाल में: राज्य में पंजीकरण के नए और सख्त नियमों का पालन करने से फर्जी दस्तावेजों पर रोक लगेगी, जिसका लाभ सही लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं के तहत मिल सकेगा। सवाल-जवाब 1. अमित शाह ने सिलिगुड़ी में किसके साथ बैठक की? अमित शाह ने सिलिगुड़ी में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के साथ बैठक की। 2. इस बैठक का मुख्य उद्देश्य क्या था? इस बैठक का उद्देश्य राज्य में जन्म और मृत्यु पंजीकरण प्रणाली की समीक्षा करना और उसे अधिक सटीक बनाना था। 3. जन्म और मृत्यु पंजीकरण क्यों महत्वपूर्ण है? यह प्रणाली जनसंख्या परिवर्तन की निगरानी करने और सरकारी नीतियों के निर्माण के लिए एक विश्वसनीय आधार प्रदान करती है। 4. सीमा सुरक्षा को लेकर क्या कदम उठाए गए हैं? अमित शाह ने अपने दौरे के दौरान जुमागाछ बॉर्डर आउटपोस्ट पर सुरक्षा और निगरानी प्रणाली का निरीक्षण किया है। नेता परिचय: अमित शाह • पद: केंद्रीय गृह मंत्री • जन्म: 22 अक्टूबर 1964, मुंबई, महाराष्ट्र • पार्टी: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) • शिक्षा: बायोकेमिस्ट्री में बीएससी 2019 से भारत के गृह मंत्री और भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष (2014–20); पार्टी के प्रमुख रणनीतिकार माने जाते हैं। राजनीतिक सफ़र और उपलब्धियां • भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष (2014–2020) • केंद्रीय गृह मंत्री (2019 से) • केंद्रीय सहकारिता मंत्री (2021 से) • सांसद, गांधीनगर • 2019 में जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन का नेतृत्व रोचक तथ्य • भाजपा के सबसे सफल अध्यक्षों में गिने जाते हैं। • 1982 में गुजरात में आरएसएस के ज़रिए नरेंद्र मोदी से पहली मुलाक़ात हुई। https://trendkia.com/neta-ji/west-bengal-men-janma-aura-mrityu-pnjikarana-vyavastha-ki-samiksha-amita-shaha-ne-siliguri-men-ki-baithaka-8584 TrendKia — Har trend, sabse pehle.