# पाकिस्तानी सेना की चौकियों और बिजली टावरों पर बलूच समूहों के हमले, कई सैनिक हताहत

> बलूचिस्तान और सिंध में अलग-अलग बलूच लड़ाका समूहों ने पाकिस्तानी सेना की चौकियों, सरकारी दफ्तरों और 220 केवी बिजली टावरों पर हमले का दावा किया है। इन हमलों में कई सैनिकों के मारे जाने और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचने की बात कही गई है।

**Type:** article · **Category:** पाकिस्तान · **Published:** 2026-08-13 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/pakistan/pakistani-sena-ki-chaukiyon-aura-bijali-tavaron-para-baloch-samuhon-ke-hamale-kai-sainika-hatahata-16330 · **Language:** Hindi
**Tags:** बलूचिस्तान, पाकिस्तान सेना, यूनाइटेड बलूच आर्मी, बलूच लिबरेशन आर्मी, नसीराबाद, सुरक्षा हमला

पाकिस्तानी सेना और सरकारी बुनियादी ढांचे को निशाना बनाते हुए बलूचिस्तान तथा सिंध प्रांतों में नए सिरे से हमले की घटनाएं सामने आई हैं। अलग-अलग बलूच लड़ाका समूहों ने सैन्य चौकियों, गश्ती दस्तों और ऊर्जा ग्रिड को ध्वस्त करने का दावा किया है। इन हमलों में चार सैन्यकर्मियों की मौत की बात कही गई है, जबकि एक जवान गंभीर रूप से घायल हुआ है।

## बोलान में सैन्य चेकपोस्ट पर विस्फोटक हमला
यूनाइटेड बलूच आर्मी (UBA) ने बलूचिस्तान के बोलान क्षेत्र में एक बड़ा हमला करने का दावा किया है। संगठन के अनुसार, सोमवार को दरज बीट इलाके में स्थित पाकिस्तानी सैन्य चेकपोस्ट को निशाना बनाकर रिमोट कंट्रोल से संचालित विस्फोटक में विस्फोट किया गया। इस धमाके की चपेट में आने से चार पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और एक अन्य जवान गंभीर रूप से घायल हो गया।

यूनाइटेड बलूच आर्मी के प्रवक्ता मजार बलूच ने जानकारी दी कि संगठन के लड़ाके काफी समय से दरज बीट और पंजरा ब्रिज चेकपोस्ट के बीच सेना की गतिविधियों पर बारीक नजर रख रहे थे। इस दौरान बलूच लड़ाकों ने सैन्य दस्तों की आवाजाही और उनके काफिलों के रूट से जुड़ी रणनीतिक जानकारी जुटाई, जिसके बाद सटीक समय पर इस हमले को अंजाम दिया गया।

## बिजली के टावरों और सरकारी कार्यालय को बनाया निशाना
सैन्य ठिकानों के अलावा बलूचिस्तान के बुनियादी ढांचे को भी नुकसान पहुंचाया गया है। बलूच रिपब्लिकन गार्ड्स (BRG) ने मंगलवार रात नसीराबाद जिले के चत्तर इलाके के पास उच्च क्षमता वाली बिजली लाइनों पर हमला किया। संगठन का दावा है कि उसने 220 केवी क्षमता वाले दो मुख्य बिजली टावरों में विस्फोटक लगाकर उन्हें उड़ा दिया, जिससे दोनों टावर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बाधित हुई।

इससे पहले 9 अगस्त को भी इसी समूह ने कच्छी जिले के धादर क्षेत्र में स्थित एक कृषि कार्यालय को विस्फोट से उड़ा दिया था। बलूच रिपब्लिकन गार्ड्स के प्रवक्ता दोस्तैन बलूच के अनुसार, इस कार्यालय के माध्यम से बलूचिस्तान के स्थानीय कृषि क्षेत्र और किसानों के हितों को नुकसान पहुंचाने की योजना बनाई जा रही थी, जिसके विरोध में यह कार्रवाई की गई।

## बलूच लिबरेशन आर्मी के 38 हमलों का दावा
चालू सप्ताह की शुरुआत में बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने भी बलूचिस्तान भर में 38 अलग-अलग हमले करने की बात स्वीकार की थी। बीएलए ने दावा किया कि पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को निशाना बनाकर किए गए इन हमलों में 32 सैन्यकर्मी और उनके सहयोगी मारे गए, जबकि कई अन्य घायल हुए हैं।

हालांकि इन सभी दावों के बीच, पाकिस्तानी सेना अथवा सरकारी अधिकारियों की ओर से हमलों, हताहतों की संख्या या बुनियादी ढांचे को हुए नुकसान के संबंध में अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया या स्वतंत्र पुष्टि जारी नहीं की गई है।

## इसका आप पर असर
**क्षेत्रीय सुरक्षा:** बलूचिस्तान और सिंध के सीमावर्ती इलाकों में बढ़ते हमलों से सुरक्षा व्यवस्था और बुनियादी ढांचे पर दबाव बढ़ा है।

**नागरिक सुविधाएं:** बिजली टावरों को पहुंचा नुकसान आसपास के इलाकों में विद्युत आपूर्ति और संचार सेवाओं को प्रभावित कर सकता है।

## सवाल-जवाब

### 1. बलूचिस्तान में हुए ताजा हमलों में किन इलाकों को निशाना बनाया गया?
हमलों में बोलान के दरज बीट स्थित सैन्य चेकपोस्ट, नसीराबाद के चत्तर में बिजली टावर और कच्छी जिले के धादर में कृषि कार्यालय को निशाना बनाया गया।

### 2. यूनाइटेड बलूच आर्मी ने हमले को लेकर क्या दावा किया है?
यूबीए ने बोलान में रिमोट कंट्रोल विस्फोट से सेना की चौकी उड़ाने का दावा किया, जिसमें चार सैनिक मारे गए और एक घायल हुआ।

### 3. बिजली के टावरों को कितना नुकसान पहुंचा है?
बलूच रिपब्लिकन गार्ड्स के अनुसार, चत्तर के पास 220 केवी क्षमता वाले दो बिजली टावरों को विस्फोट से भारी नुकसान पहुंचाया गया।

### 4. क्या इस पूरे मामले पर पाकिस्तानी सरकार या सेना की कोई प्रतिक्रिया आई है?
नहीं, बलूच लड़ाका समूहों द्वारा किए गए इन दावों पर पाकिस्तानी अधिकारियों या सेना की तरफ से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

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