तेलंगाना में 21 प्रतिशत वोट कटने की आशंका पर भड़के रेवंत रेड्डी, कांग्रेस नेताओं को दी कड़ी चेतावनी तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने वोटर लिस्ट से नाम कटने की संभावना पर चिंता जताते हुए कांग्रेस मंत्रियों और विधायकों की क्लास लगाई। उन्होंने 17 अगस्त को जारी होने वाली ड्राफ्ट लिस्ट से पहले सभी खामियां दूर करने के सख्त निर्देश दिए हैं। तेलंगाना की राजनीति में वोटर लिस्ट के संशोधन को लेकर बड़ी हलचल शुरू हो गई है। राज्य के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर प्रक्रिया में भारी कमियों पर कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने अपनी ही पार्टी के मंत्रियों, विधायकों और संगठन के नेताओं को स्पष्ट शब्दों में आगाह किया है कि अगर मतदाता सूची से लोगों के नाम कटते हैं तो इसके गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। विभिन्न जिलों और विधानसभा क्षेत्रों से आई आंतरिक समीक्षा रिपोर्टों का हवाला देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में करीब 21 प्रतिशत वोटों के विलोपन यानी कटने का बड़ा खतरा मंडरा रहा है। इस स्थिति से निपटने के लिए उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों को तत्काल धरातल पर उतरकर सुधार कार्य में जुटने का आदेश जारी किया है। तनावपूर्ण बैठक में मंत्रियों और विधायकों की लगाई क्लास गुरुवार शाम आयोजित एक अहम और उच्चस्तरीय बैठक के दौरान मुख्यमंत्री का रुख काफी सख्त नजर आया। वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में हुई यह समीक्षा बैठक बेहद तनावपूर्ण माहौल में संपन्न हुई। रेवंत रेड्डी ने जमीनी स्तर पर विफलता के लिए जिलों के प्रभारी मंत्रियों, क्षेत्रीय विधायकों और बूथ स्तर के प्रभारियों को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने साफ कहा कि मतदाता सूची से नाम कटने से रोकने में जो ढिलाई बरती गई है, उसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने सख्त लहजे में चेतावनी दी कि यदि नेता अब भी सतर्कता नहीं बरतेंगे तो निकट भविष्य में पार्टी को भारी राजनीतिक नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। लापरवाही बरतने वाले नेताओं के खिलाफ कांग्रेस आलाकमान के निर्देशों के मुताबिक अनुशासनात्मक कार्रवाई भी की जा सकती है। चार दिन क्षेत्र में डटने और दो दिन में समीक्षा के सख्त आदेश मतदाता सूची के इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर रेवंत रेड्डी ने कार्ययोजना की समयसीमा तय कर दी है। उन्होंने जिला प्रभारी मंत्रियों को निर्देश दिया है कि वे अगले दो दिनों के भीतर अपने-अपने जिलों का दौरा करें। वहां संसदीय और विधानसभा प्रभारियों के साथ मिलकर प्रत्येक क्षेत्र के प्रभावित मतदाताओं के वास्तविक आंकड़े जुटाएं और विस्तृत रिपोर्ट तैयार करें। इसके अलावा, विधानसभा क्षेत्र के प्रभारियों के लिए यह अनिवार्य किया गया है कि वे लगातार चार दिनों तक अपने-अपने क्षेत्रों में रहकर जमीनी समस्याओं की पहचान करें। 10 अगस्त को समाप्त हुए एसआईआर अभियान के बाद अब 17 अगस्त को ड्राफ्ट वोटर लिस्ट प्रकाशित की जानी है। मुख्यमंत्री का स्पष्ट निर्देश है कि 17 अगस्त की समयसीमा से पहले सूची से जुड़ी तमाम गड़बड़ियों और आपत्तियों का स्थायी समाधान कर लिया जाए। फॉर्म 6 के जरिए छूटे हुए मतदाताओं को जोड़ने की मुहीम ड्राफ्ट सूची के प्रकाशन के साथ ही छूटे हुए पात्र नागरिकों के नाम दोबारा दर्ज कराने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। जिन नागरिकों के नाम मतदाता सूची में शामिल नहीं हो पाए हैं या कटने की कगार पर हैं, उनकी मदद के लिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं और प्रभारियों को नया पंजीकरण कराने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके लिए फॉर्म 6 का उपयोग किया जाएगा ताकि कोई भी पात्र मतदाता अपने लोकतांत्रिक अधिकार से वंचित न रहे। इस पूरी कवायद का अंतिम लक्ष्य 19 अक्टूबर को जारी होने वाली फाइनल वोटर लिस्ट में सभी वैध मतदाताओं के नाम सुरक्षित कराना है। मुख्यमंत्री ने साफ कर दिया है कि 19 अक्टूबर की अंतिम सूची जारी होने तक संगठन का हर प्रतिनिधि इस कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता देगा। इसका आप पर असर भारत में: राजनीतिक दलों द्वारा मतदाता सूची पुनरीक्षण पर बढ़ती सतर्कता से देश भर में चुनाव आयोग की प्रक्रियाओं के प्रति पारदर्शिता बढ़ेगी। तेलंगाना में: राज्य के जिन नागरिकों के नाम वोटर लिस्ट से कटने की आशंका है, वे 17 अगस्त को जारी ड्राफ्ट लिस्ट की जांच कर 19 अक्टूबर की फाइनल लिस्ट से पहले फॉर्म 6 भरकर अपना नाम दर्ज करा सकते हैं। सवाल-जवाब 1. तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी किस बात को लेकर नाराज हुए हैं? वे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान 21 प्रतिशत वोटरों के नाम कटने के खतरे और नेताओं की ढिलाई को लेकर नाराज हुए हैं। 2. ड्राफ्ट वोटर लिस्ट कब जारी की जाएगी? ड्राफ्ट वोटर लिस्ट 17 अगस्त को जारी की जाएगी। 3. वोटर लिस्ट में नाम दोबारा जुड़वाने के लिए किस फॉर्म का उपयोग किया जाएगा? नाम कटने या छूटने की स्थिति में नए पंजीकरण के लिए फॉर्म 6 का उपयोग किया जाएगा। 4. अंतिम (फाइनल) वोटर लिस्ट किस तारीख को प्रकाशित होगी? अंतिम वोटर लिस्ट 19 अक्टूबर को जारी की जाएगी। 5. मुख्यमंत्री ने प्रभारियों को कितने दिन अपने क्षेत्रों में रहने का निर्देश दिया है? विधानसभा क्षेत्र प्रभारियों को लगातार चार दिन अपने-अपने क्षेत्रों में रहकर समस्याओं का समाधान करने का निर्देश दिया गया है। https://trendkia.com/politics/telangana-men-21-pratishata-vota-katane-ki-ashnka-para-bharake-revanth-reddy-congress-netaon-ko-di-kari-chetavani-16595 TrendKia — Har trend, sabse pehle.