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  "title": "तृणमूल के बागी गुट को न्योता देने पर भड़का विपक्ष, मानसून सत्र से पहले सर्वदलीय बैठक से किया वॉकआउट",
  "summary": "मानसून सत्र से पहले हुई सर्वदलीय बैठक से विपक्षी दलों ने वॉकआउट किया, वजह बनी तृणमूल कांग्रेस के करीब 20 बागी सांसदों को दिया गया न्योता।",
  "content": "मानसून सत्र से पहले आयोजित सर्वदलीय बैठक से विपक्षी दलों ने वॉकआउट कर दिया। वजह बनी सरकार की तरफ से तृणमूल कांग्रेस के करीब 20 बागी सांसदों को भी बैठक में बुलाया जाना, वह भी पार्टी के आधिकारिक प्रतिनिधियों के साथ।\n\nबैठक से पहले किरण रिजिजू ने क्या कहा\nबैठक शुरू होने से पहले केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने कहा कि सरकार विपक्ष की बात सुनने के लिए तैयार है और उम्मीद करती है कि विपक्ष भी उतना ही सहयोग करेगा। दोनों पक्ष मानसून सत्र के एजेंडे पर चर्चा के लिए बैठे थे।\n\nतृणमूल के बागी सांसदों को न्योता बना विवाद की जड़\nअसली विवाद तब खड़ा हुआ जब पता चला कि सरकार ने सर्वदलीय बैठक के न्योते में तृणमूल कांग्रेस के आधिकारिक प्रतिनिधियों के अलावा पार्टी के करीब 20 बागी सांसदों के गुट को भी शामिल कर लिया। विपक्षी नेताओं ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई और कहा कि इससे सर्वदलीय बैठक महज बागी सांसदों को जगह देने का मंच बनकर रह गई है, जो लोकतांत्रिक परंपराओं का उल्लंघन है। इसी के विरोध में विपक्षी दलों ने प्रतीकात्मक वॉकआउट किया।\n\nपरिसीमन विधेयक पर भी विपक्ष हमलावर\nइसके अलावा समाजवादी पार्टी के नेता एसटी हसन ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार परिसीमन विधेयक के जरिए विपक्ष के वोट बांटकर सत्ता में बने रहना चाहती है। इस बयान ने सत्र से पहले माहौल को और तल्ख कर दिया।\n\nआगे क्या होगा\nहर संसद सत्र से पहले सर्वदलीय बैठक बुलाने की परंपरा रही है ताकि विधायी एजेंडे पर आम सहमति बन सके। लेकिन तृणमूल के बागी गुट को न्योते और परिसीमन विधेयक पर उठे सवालों के बाद अब मानसून सत्र की शुरुआत टकराव भरे माहौल में होने के आसार हैं।\n\nइसका आप पर असर\n• भारत में: इस टकराव से मानसून सत्र में परिसीमन विधेयक समेत अहम कानूनों पर चर्चा में देरी हो सकती है, जिसका असर संसद में विधायी कामकाज की रफ्तार पर पड़ेगा।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. विपक्षी दलों ने सर्वदलीय बैठक से वॉकआउट क्यों किया?\nसरकार द्वारा तृणमूल कांग्रेस के करीब 20 बागी सांसदों के गुट को भी बैठक में बुलाए जाने पर विपक्ष ने आपत्ति जताते हुए वॉकआउट किया।\n\n2. यह बैठक कब हुई?\nमानसून सत्र शुरू होने से पहले सर्वदलीय बैठक बुलाई गई थी।\n\n3. किरण रिजिजू ने बैठक से पहले क्या कहा था?\nउन्होंने कहा कि सरकार विपक्ष की बात सुनने को तैयार है और बदले में वैसा ही सहयोग चाहती है।\n\n4. समाजवादी पार्टी के एसटी हसन ने क्या आरोप लगाया?\nउन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र परिसीमन विधेयक के जरिए विपक्ष के वोट बांटकर सत्ता में बने रहना चाहता है।\n\n5. तृणमूल कांग्रेस के बागी गुट में कितने सांसद हैं?\nखबरों के मुताबिक इस बागी गुट में करीब 20 सांसद हैं।\n\n6. यह वॉकआउट कैसा था?\nयह एक प्रतीकात्मक वॉकआउट था, जिसके जरिए विपक्ष ने अपना विरोध दर्ज कराया।",
  "url": "https://trendkia.com/politics/trinamool-ke-bagi-guta-ko-nyota-dene-para-bharaka-vipaksha-manasuna-satra-se-pahale-sarvadaliya-baithaka-se-kiya-vokaauta-8731",
  "category": "राजनीति",
  "publishedAt": "2026-07-19",
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    "सर्वदलीय बैठक",
    "विपक्ष वॉकआउट",
    "तृणमूल कांग्रेस",
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    "परिसीमन विधेयक"
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  "site": "TrendKia"
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