वोटर लिस्ट विवाद पर चुनाव आयोग की सफाई, प्रकाश राज का नाम हटने का सच आया सामने बेंगलुरु मतदाता सूची से नाम हटने के प्रकाश राज के दावों पर चुनाव आयोग ने स्थिति साफ की है। अधिकारियों के मुताबिक पते पर न रहने के कारण नियमानुसार उनका स्टेटस अपडेट किया गया था। साउथ और बॉलीवुड सिनेमा के जाने-माने अभिनेता प्रकाश राज हाल ही में मतदाता सूची में अपने नाम को लेकर दिए गए बयान के कारण सुर्खियों में हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो में आरोप लगाया था कि कर्नाटक में चलाए जा रहे स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन अभियान के दौरान उनका नाम बेंगलुरु निर्वाचन क्षेत्र की वोटर लिस्ट से हटा दिया गया है। प्रकाश राज का कहना था कि वह बेंगलुरु के मूल निवासी हैं, फिर भी 65 लाख मतदाताओं के साथ उनका नाम सूची से गायब कर दिया गया। हालांकि, इस पूरे मामले पर बेंगलुरु के अतिरिक्त जिला चुनाव अधिकारी जगदीश जी ने आधिकारिक प्रेस नोट जारी कर वस्तुस्थिति स्पष्ट कर दी है। चुनाव आयोग की जांच में अभिनेता के दावे धरातल पर तथ्यहीन साबित हुए हैं। भौतिक सत्यापन में सामने आई सच्चाई चुनाव आयोग के अनुसार, 11 अगस्त 2026 को प्रकाश राज का वीडियो सामने आने के तुरंत बाद मामले की पड़ताल शुरू की गई। आधिकारिक रिकॉर्ड बताते हैं कि 16 जून 2026 को डेटा फ्रीज किए जाने की तारीख तक अभिनेता का नाम 163-शांतिनगर विधानसभा क्षेत्र के पार्ट नंबर 1 और क्रमांक 970 पर सक्रिय मतदाता के रूप में दर्ज था। जब बूथ लेवल ऑफिसर ने दर्ज पते यानी मकान नंबर 266, गार्डन अपार्टमेंट पर जाकर भौतिक सत्यापन किया, तो पता चला कि प्रकाश राज उस स्थान पर नहीं रह रहे हैं। अधिकारियों ने वहां मौजूद पड़ोसियों, बिल्डिंग मैनेजर और फ्लैट के मालिक से पूछताछ की, जिससे यह पुष्टि हुई कि वह पिछले चार सालों से उस पते पर निवास नहीं कर रहे हैं और वर्तमान में वहां किराएदार रह रहे हैं। नियमानुसार दर्ज हुआ 'शिफ्टेड' स्टेटस जांच के दौरान बूथ लेवल ऑफिसर द्वारा पते पर किए गए इस सत्यापन का वीडियो साक्ष्य भी तैयार किया गया। पड़ोसियों और प्रॉपर्टी मैनेजर के बयानों के आधार पर तय प्रक्रिया के तहत एक पंचनामा तैयार किया गया। इसके बाद ही प्रकाश राज के मतदाता स्टेटस को सूची में 'शिफ्टेड' यानी स्थान परिवर्तित के रूप में दर्ज किया गया। चुनाव आयोग ने जोर देकर कहा है कि यह संपूर्ण कार्रवाई भारतीय निर्वाचन आयोग के वैधानिक नियमों और कानूनी दिशा-निर्देशों का पूरी तरह पालन करते हुए निष्पक्ष रूप से की गई है। 11 अगस्त 2026 को शाम 5:30 बजे प्रॉपर्टी मैनेजर ने टेलीफोनिक बातचीत में फिर से इस बात की पुष्टि की थी। नया पता दर्ज कराने के लिए फॉर्म-6 की सलाह तथ्यों की समीक्षा के बाद चुनावी अधिकारियों ने प्रकाश राज से फोन पर सीधी बातचीत की। बातचीत के दौरान अभिनेता ने स्वयं इस बात को स्वीकार किया कि वह अब अपने पुराने पंजीकृत पते पर नहीं रहते हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी बताया कि वह वर्तमान में भी शांतिनगर विधानसभा क्षेत्र के ही एक अन्य पते पर निवास कर रहे हैं। इस पर निर्वाचन अधिकारियों ने उन्हें बूथ लेवल ऑफिसर के माध्यम से नया पता अपडेट कराने हेतु फॉर्म-6 भरने की सलाह दी है, ताकि उनकी मतदाता पंजीकरण प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जा सके। आयोग ने साफ किया है कि मतदाता सूची पुनरीक्षण का मुख्य उद्देश्य सूची को सटीक और अद्यतन बनाना है, न कि किसी वैध नागरिक का अधिकार छीनना। इसका आप पर असर भारत में: यदि आप अपना घर बदलते हैं, तो मतदाता सूची में नाम सक्रिय रखने के लिए नए पते का फॉर्म-6 भरना अनिवार्य है। बेंगलुरु में: शांतिनगर और आसपास के क्षेत्रों में चल रहे मतदाता सूची पुनरीक्षण के तहत बीएलओ सत्यापन के समय अपना सही पता दर्ज कराएं। सवाल-जवाब 1. प्रकाश राज ने चुनाव आयोग पर क्या आरोप लगाया था? प्रकाश राज ने 11 अगस्त 2026 को वीडियो जारी कर आरोप लगाया था कि बेंगलुरु में मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान उनका नाम वोटर लिस्ट से हटा दिया गया है। 2. चुनाव आयोग ने प्रकाश राज के दावे पर क्या स्पष्टीकरण दिया? चुनाव आयोग ने बताया कि भौतिक सत्यापन के दौरान पाया गया कि वह पिछले चार सालों से दर्ज पते पर नहीं रह रहे थे, इसलिए नियमानुसार उनका स्टेटस 'शिफ्टेड' दर्ज किया गया। 3. प्रकाश राज का नाम किस विधानसभा क्षेत्र में दर्ज था? उनका नाम 163-शांतिनगर विधानसभा क्षेत्र के पार्ट नंबर 1, क्रमांक 970 पर सक्रिय रूप से दर्ज था। 4. पता बदलने पर मतदाता को क्या प्रक्रिया अपनानी चाहिए? यदि कोई मतदाता अपना पुराना पता छोड़ देता है, तो उसे नए पते पर पंजीकरण के लिए बीएलओ के माध्यम से फॉर्म-6 भरकर जमा करना होता है। https://trendkia.com/politics/voter-list-vivad-par-chunav-aayog-ki-safai-prakash-raj-ka-naam-hatne-ka-sach-aaya-saamne-16130 TrendKia — Har trend, sabse pehle.