अमृत भारत योजना से संवर रहा रामदेवरा रेलवे स्टेशन, श्रद्धालुओं के लिए 18.84 करोड़ का प्रोजेक्ट तेज उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल में रामदेवरा स्टेशन का 18.84 करोड़ रुपये की लागत से कायाकल्प किया जा रहा है, जिसका 40 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। मेले को देखते हुए चार विशेष ट्रेनें भी चलाई जा रही हैं। बाबा रामदेवजी के दर्शन के लिए राजस्थान के विख्यात तीर्थ स्थल पहुंचने वाले यात्रियों और श्रद्धालुओं के लिए रेल यात्रा का अनुभव अब पहले से कहीं अधिक सुगम और व्यवस्थित होने जा रहा है। उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल के अंतर्गत आने वाले रामदेवरा रेलवे स्टेशन को आधुनिक रूप देने के लिए अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत व्यापक स्तर पर पुनर्विकास कार्य कराया जा रहा है। इस पूरी कायाकल्प परियोजना पर कुल 18.84 करोड़ रुपये की लागत तय की गई है, जिसमें से लगभग 40 प्रतिशत निर्माण कार्य सफलता पूर्वक पूरा कर लिया गया है। इस निर्माण कार्य का मुख्य उद्देश्य स्टेशन परिसर में यात्रियों के आने-जाने, ट्रेन की प्रतीक्षा करने और उनकी सुरक्षा से संबंधित बुनियादी ढांचे को नए दौर की जरूरतों के अनुरूप ढालना है। 12 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज और प्लेटफॉर्म का विस्तार जोधपुर के मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी ने जानकारी दी है कि स्टेशन पर आने वाले मुसाफिरों की बढ़ती संख्या और उनकी प्राथमिक जरूरतों को ध्यान में रखकर निर्माण की रूपरेखा बनाई गई है। स्टेशन पर एक छोर से दूसरे छोर तक सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए 12 मीटर की चौड़ाई वाला नया फुट ओवरब्रिज तैयार किया जा रहा है। इसके साथ ही दोनों प्लेटफॉर्मों पर प्लेटफॉर्म बैकवॉल का निर्माण, प्लेटफॉर्म की नई सरफेसिंग और यात्रियों के ठहरने के लिए पहले से कहीं अधिक विशाल और सुसज्जित प्रतीक्षालय विकसित किए जा रहे हैं। तेज धूप और मौसम से बचाव के लिए प्लेटफॉर्म शेल्टर का दायरा बढ़ाया जा रहा है तथा सभी यात्रियों तक शुद्ध व स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के इंतजाम पुख्ता किए जा रहे हैं। स्टेशन की चारदीवारी, नया सर्कुलेटिंग एरिया, अलग-अलग प्रवेश व निकास द्वार, रेलवे सुरक्षा बल के जवानों के लिए नए बैरक तथा आरपीएफ आउटपोस्ट का निर्माण कार्य भी तेजी से प्रगति पर है। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के लिए चार मेला स्पेशल ट्रेनें सालाना रामदेवरा मेले के पावन अवसर पर देश के विभिन्न हिस्सों से लाखों की संख्या में श्रद्धालु बाबा रामदेवजी की समाधि के दर्शन करने पहुंचते हैं। इस भारी आवक को नियंत्रित करने और मुसाफिरों को सहज यात्रा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से रेलवे प्रशासन ने ठोस कदम उठाए हैं। जोधपुर रेल मंडल की ओर से कुल चार रेल सेवाओं को विशेष रूप से रामदेवरा मेला स्पेशल ट्रेनों के रूप में पटरियों पर उतारा जा रहा है। इन अतिरिक्त विशेष रेलगाड़ियों के परिचालन से सामान्य समय की तुलना में मेले के दौरान बढ़ने वाले अतिरिक्त यात्री भार को संभालने में सीधे तौर पर मदद मिल रही है, जिससे यात्रियों को बिना किसी परेशानी के समय पर आवागमन का विकल्प मिल रहा है। सुरक्षा बल और स्काउट्स के हवाले स्टेशन प्रबंधन मेले के दौरान स्टेशन परिसर में उमड़ने वाली भीड़ को नियंत्रित रखने और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने के लिए रेलवे सुरक्षा बल के जवान लगातार मुस्तैद हैं। उनकी सहायता के लिए भारत स्काउट्स एवं गाइड्स के प्रशिक्षित स्वयंसेवकों को भी स्टेशन पर तैनात किया गया है, जो चौबीसों घंटे श्रद्धालुओं को जरूरी जानकारी देने और उनका मार्गदर्शन करने का काम संभाल रहे हैं। स्टेशन पर यात्रियों की कतारों को सुचारू रखने, परिसर की सुविधाओं पर नजर बनाए रखने और भीड़ नियंत्रण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। पूरा निर्माण कार्य संपन्न होते ही रामदेवरा रेलवे स्टेशन न केवल आधुनिक स्वरूप में दिखेगा, बल्कि यहां आने वाले श्रद्धालुओं को सुखद प्रतीक्षा कक्ष, सुव्यवस्थित आवागमन और पूरी तरह सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराएगा। इसका आप पर असर रामदेवरा स्टेशन पर 18.84 करोड़ रुपये की लागत से चल रहे इस कायाकल्प से लाखों तीर्थयात्रियों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं और सुगम यात्रा का लाभ मिलेगा। • भारत में: देश भर से बाबा रामदेवजी के दर्शन को आने वाले यात्रियों को स्टेशन पर पहले से कहीं अधिक आधुनिक और सुरक्षित सुविधाएं मिलेंगी। 12 मीटर चौड़ा नया फुट ओवरब्रिज और बड़े प्रतीक्षालय भीड़ के दिनों में भी यात्रियों को भारी असुविधा से बचाएंगे। • राजस्थान में: जोधपुर मंडल द्वारा चलाई जा रही चार मेला स्पेशल ट्रेनों से राज्य के भीतर श्रद्धालुओं को आने-जाने के लिए अतिरिक्त सीधी रेल कनेक्टिविटी मिल रही है। स्टेशन परिसर में अलग प्रवेश और निकास द्वार बनने से स्थानीय स्तर पर यातायात जाम और धक्का-मुक्की की समस्या खत्म होगी। • यात्रियों के लिए: प्लेटफॉर्म पर नए शेल्टर और स्वच्छ पेयजल की बेहतर व्यवस्था से लंबे सफर के बाद स्टेशन पर रुकना अधिक आरामदायक होगा। नई आरपीएफ पोस्ट और स्काउट्स की मौजूदगी से वरिष्ठ नागरिकों तथा महिला यात्रियों को 24 घंटे सुरक्षा और सहायता मिलेगी। • मेले के दौरान: विशेष मेला ट्रेनों के संचालन से नियमित ट्रेनों में होने वाली भारी भीड़ और वेटिंग लिस्ट से राहत मिलेगी। श्रद्धालु अपनी यात्रा की योजना इन अतिरिक्त रेलगाड़ियों के शेड्यूल के अनुसार पहले से बना सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ यह परियोजना रामदेवरा में वार्षिक मेले और साल भर आने वाले विशाल श्रद्धालु वर्ग की बढ़ती जरूरतों और अमृत भारत स्टेशन योजना के लक्ष्यों के तहत शुरू की गई है। • अमृत भारत योजना का चयन: केंद्र सरकार की देशव्यापी अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत छोटे और महत्वपूर्ण तीर्थ स्टेशनों के आधुनिकीकरण का लक्ष्य तय किया गया है। इसी नीति के तहत जोधपुर मंडल के रामदेवरा स्टेशन को समग्र कायाकल्प के लिए चिन्हित कर 18.84 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया। • तीर्थयात्रियों की भारी आवक: बाबा रामदेवजी के मेले के दौरान स्टेशन पर अचानक हजारों श्रद्धालुओं का जमावड़ा हो जाता है, जिससे पुराने बुनियादी ढांचे पर अत्यधिक दबाव पड़ रहा था। प्लेटफॉर्म की चौड़ाई, फुट ओवरब्रिज और प्रतीक्षालयों का विस्तार करना भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अनिवार्य हो गया था। • सुरक्षा और आवागमन में सुधार: पुराने ढांचे में अलग प्रवेश और निकास द्वार न होने से मेले के दौरान भीड़ नियंत्रण चुनौतीपूर्ण हो जाता था। इसे दुरुस्त करने के लिए आरपीएफ बैरक, आउटपोस्ट और व्यवस्थित सर्कुलेटिंग एरिया का निर्माण शुरू किया गया है। सवाल-जवाब 1. रामदेवरा रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास पर कुल कितना खर्च किया जा रहा है? इस स्टेशन के कायाकल्प प्रोजेक्ट पर करीब 18.84 करोड़ रुपये की लागत आ रही है, जिसका लगभग 40 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। 2. रामदेवरा स्टेशन पर किस योजना के तहत विकास कार्य हो रहा है? यह पूरा पुनर्विकास कार्य भारतीय रेलवे की अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल द्वारा कराया जा रहा है। 3. स्टेशन पर यात्रियों की सुविधा के लिए क्या नए निर्माण किए जा रहे हैं? स्टेशन पर 12 मीटर चौड़ा फुट ओवरब्रिज, बड़े प्रतीक्षालय, नए प्लेटफॉर्म शेल्टर, पेयजल व्यवस्था, प्लेटफॉर्म सरफेसिंग और नई बाउंड्री वॉल तैयार की जा रही है। 4. रामदेवरा मेले के लिए रेलवे ने कितनी विशेष ट्रेनें चलाई हैं? यात्रियों और श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को संभालने के लिए जोधपुर मंडल से चार रामदेवरा मेला स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया जा रहा है। 5. स्टेशन परिसर में सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन की जिम्मेदारी किनके पास है? स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) के जवानों के साथ स्काउट एवं गाइड के स्वयंसेवकों को यात्रियों की सहायता और भीड़ प्रबंधन के लिए तैनात किया गया है। https://trendkia.com/rajasthan/amrita-bharata-yojana-se-snvara-raha-ramdevra-relave-steshana-shraddhaluon-ke-lie-18-84-karora-ka-projekta-teja-34354 TrendKia — Har trend, sabse pehle.